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Chandra Grahan 2026 : भारत में कब होगा चंद्र ग्रहण, क्या हैं नियम ? जानें सब कुछ |Lunar Eclipse


Chandra Grahan 2026:हिंदू धर्म में सूर्य ग्रहण और चंद्र ग्रहण को एक अशुभ घटना माना जाता है. जिसके दुष्प्रभाव से बचने के लिए कई प्रकार के नियम और उपाय ज्योतिष और धर्म शास्त्र में बताए गये हैं. साल 2026 का पहला चंद्र ग्रहण की जो कि आज फाल्गुन मास की पूर्णिमा को लगने जा रहा है, उसके देश-दुनिया और 12 राशियों पर पड़ने वाले प्रभावों को लेकर तमाम ज्योतिषविद् बड़ी भविष्यवाणी कर रहे हैं. ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर इस चंद्र ग्रहण से जुड़े दोष से बचने के लिए इसके खत्म होते ही आखिर क्या करना चाहिए? आइए चंद्र ग्रहण के बाद किए जाने स्नान-दान आदि से जुड़े उन कामों के बारे में जानते हैं, जिन्हें करने पर व्यक्ति को सुख-सौभाग्य की प्राप्ति होती है.

Chandra Grahan 2026: Solar eclipse and lunar eclipse are considered an inauspicious event in Hinduism. To avoid the side effects of which, many types of rules and remedies have been explained in astrology and religious scriptures. All astrologers are predicting the effects of the first lunar eclipse of the year 2026, which is going to be on the full moon of Falgun month today, on the country and the world and on the 12 zodiac signs. In this case, the question arises that what should be done after it ends to avoid the defects associated with this lunar eclipse? Let's know about those works related to bathing-donation etc. to be done after lunar eclipse, which will bring happiness and good luck to the person. Chandra Grahan 2026: 3 March Chandra Grahan Ke Bad Kya Kare, Nahana, Khana, Daan, Ghar Ki Safai, Puja Ke Niyam..


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00:04नमस्ते दर्शकमित्रों, वन इंडिया के सभी दर्शकमित्रों को मेरा हारदिक स्वागत है, मेरा नाम पंदित विनुत पांडे है, आज मैं
00:13आप सभी का हारदिक अभिनन्दन करता हूँ।
00:16आज जिसा कि आप सर्वी लोग जानते हैं कि आज चंदरगर्ण लगने वाला है। पहले के जमाने से लोग देख
00:23रहे हैं कि चंदरगर्ण एक कोई ऐसी नकारत्म कुर्जा व्याप्त करके लाता था। कई राशियों के लिए ये सकारत्मक भी
00:31होती है। लेकिन पृत्वी वा
00:45कारण यही था कि द्रश्यमान सूर्य एकदम से बिचलित हो गया है। रात में जब चंदरमा उदे हुआ पुर्णी मा
00:52का चंदरमा दिखता है और उस पर कुछ शय लग जाता है। कभी लाल कलरका, कभी प्रच्छाय ग्रण रहता है,
00:58कभी पुरुन ग्रण रहता है। तो उ
01:14फिर वही दिवस है, भोली के पावन दिवस पर फिर से चंदरमा का ग्रण का साय लग चुका है। तो
01:20इसलिए आज हम जानेंगे कि किस-किस राशियों को जो चंदरमा की राशियां हैं करकर राशिय से उन पर तो
01:27विशेश इसका असर दिखाई देगा, मगर जो अन्य राश
01:30हैं उन पर भी इस चंदरमा क्रण का बहुत सारा असर दिखाई देने वाला है, तो हम एक-एक करकर
01:36सारी डिटेल जानेंगे, सबसे पहले मैं आपको बताऊंगा कि जो 30 गंडा के अनुसार आज जो चंदरमा क्रण लगने वाला
01:44है, वो उज्जेन के अधनियम से 6 बचकर 35 मि
01:59जाबत रहेगा, प्रचाय से पहला सफर्ष इस ग्रहंड का दोबर में ही 2 बचकर 16 मिन्ट से हो जाएगा, और
02:07प्रचाय से इसका अंतिम सफर्ष तीन बचकर 21 मिट का रहेगा, खग्रास की समाप्ति 5 बचकर 33 मिट की रहेगी
02:15और जो परम्रास रहेगा वो पाँच बचकर 4 म
02:29बताय जा रहा है प्रच्छाय चंद्र ग्रण में परिमाण 2.18 का बताय जा रहा है आप सभी जानते हैं
02:37कि कोई भी ग्रण लगता है सूर्य ग्रण में 12 घंटे पूर्वा आप सूतक मानते हैं और चंद्र ग्रण में
02:449 घंटे पूर्वा सूतक माना जाता है
02:49मैं आपको सबसे पहले ये बता रहा था कि ग्रण के समय जो एमदावाद, मुंबई, सूरग, कंडला, राजकोट, जामनगर यह
02:58सबी जो गुजरात के पश्चीम के छेतर हैं और साथ में लक्षदीप भारत का जो एक राज्य है लक्षदीप और
03:05मुंबई इस एरिया में चं�
03:19विशेश प्रभाव रहेगा, तो वहाँ पर आज चंदरगरहन के कारण कोई भी उत्सव नहीं मनाया जा रहा, साम को 6
03:25बचकर 47 मिट से जब चंदरगरहन का प्रभाव खतम हो जाएगा, उसके बाद आप होली का धहन भी कर सकते
03:31हैं, कई लोगों ने एक दिन पूर्वा, अर
03:47उपच्छाय चंदरगरहन रहता है, जिसे हम लुनार एक्लिफ भी कहते हैं, जो तिश शास्त्र में जो प्रच्छाय गरंड रहता है,
03:54उसका सूतक काल्य मान नहीं रहता, मगर जो उपच्छाय गरंड रहता है, उसका आप सूतक मानने रखेंगे, जैसा कि मैंने
04:00पहले बता
04:17यानि बालक बुद्धी से हिसाब से आप देख सकते हैं कि उनको खाना पीरना चाहिए होता है तो उनको तीन
04:21घंटे पुरू आप रोख सकते हैं
04:23होली की परंपरा में होली खेलना है आपको कल खेल लेंगे आप जितने भी लोग जो मुंबई के हैं एमदावाद
04:30के हैं वो लोग आज खेल रहे हैं मगर जो लोग मुंबई से बाहर के हैं जो भारत के अन्य
04:35शित्र के दिल्ली के इंदोर के बरानसी के हैदराबाद के गुहा�
04:52आपको सबसे पहले बताऊंगा कि राशियों पर क्या क्या असर हो रहा है तो यह ग्रहण कन्या राशी और हस्तनक्षत्र
04:58में लगना चाहिए तो इसलिए क्या होगा कि कन्या राशी मीन राशी और ब्रिशिक राशी यह राशी वाले को सावधान
05:05रहना चाहिए इनके नौकरी �
05:07और व्यापार में विशेश रूप से जो साज़ेदारी का व्यापार कर रहे हैं,
05:11उनके लिए धन के लेन देन के लिए उनको विशेश सावधानी बरतनी चाहिए।
05:15मेश राशी के जातकों के लिए यह ग्राण एक अच्छा साधित हो रहा है,
05:19क्योंकि इस ग्राण में उनको उन्नती मिलेगी।
05:22साथ में जो कन्या राशी पे विशेश रूप से प्रभाव पड़ता है,
05:26क्योंकि वो चंदर की ही राशी होती है।
05:28चंदर दोस जिस जिस कुंगली पर है,
05:30उनके प्रभाव के लिए हम देखेंगे कि यह योग विशी योग और केमद्रुन योग बन रहा है।
05:36तो इस ग्राण में जो उनका मन थोड़ा विचलित रहेगा,
05:40क्योंकि जब भी ग्राण लगेगा जो चंदर की राशी वाले लोग हैं,
05:43तो उनके मन में थोड़ा थोड़ा विचलित रहेगा,
05:46क्योंकि इस समय अगर वो चंदरमा की उपासना करते हैं,
05:49तो यह उनके लिए बहुती सूब रहेगा,
05:51अगर इस समय चंदरमा की उपासना करते हैं,
05:54चंद्रमा के जो ओम्स ओमाय नमा इस मंत्र का जाप करते हैं
05:58विशेश रुप से आप संकर भगवन का जाप कर सकते हैं
06:01ओम नमस शीवाय का जाप कर सकते हैं
06:10जो शीव के परुपकारी एकदम चमतकारी जो उनका शीव टांडो सोत्र का भी पार्ट कर सकते हैं
06:17ठीक है तो ये सारे मंत्र अगर आप करते हैं
06:19तो चंद्रमा की विशेश रुप से आप पर कृपा देश्टी बनी रहेगी
06:23भोजन और सोना ये दोनों चीज बरजित रहता है
06:28इस समय आप शैन करना आप बरजित समझे
06:30जो चंद्रमा से विशेश रुप से पेड़ी थे उन लोगों के लिए इस समय
06:34शैन करना घर में सोना ये सब बरजित रहता है
06:38आप बजन किर्तन मंत्रुचारण जो आपका गुरु मंत्र दिया हुए
06:41उसको आप कर सकते हैं
06:44विशेश रुप से सास्त्रे मान देता है कि
06:47ग्रहन के समय पर आपको किसी भी प्रकार का कुछ भी तरल
06:53या फिर कठोर आहर ग्रास नहीं करना चाहिए
06:56आप उस पर तुलसी पत्र रख सकते हैं
06:59क्यूंकि आज मंगलवार है तो कई लोग आज भी तुलसी नहीं तोडेंगे
07:02तो उनको चाहिए कि वह गाय का जो गोबर रहता है वो उसको बरतन से लगा दे
07:07या फिर जो पका हुआ खाना है उसको तो पका आपको विसरजित कर देना चाहिए
07:12या फिर किसी आणी को खिला देना चाहिए
07:14दूसरा जो आपके घर में अन्यक खान पीन की चीज़े हैं
07:18उनको आप सुद्ध गंगाजल छीड़क कर पवितर कर सकते हैं
07:22गंगाजल छीड़क कर आप उसको पवितर कर कर उन्यक उपयोग में ले सकते हैं
07:26मगर जो बना हुआ खाना के विशेश रुप से उसकी सुद्धी का कोई उपाय नहीं
07:29तो बना हुआ खाना को आपको फिकना चाहिए
07:32जैसा की आपने जाना कि ग्रहन जब हो जाता है
07:35उसके पश्च्चात सुद्धी के उपाय बताए गये हैं
07:38शुद्धी के उपाय में आपको पूरे घर में गंगाजल छीड़कना चाहिए
07:43वस्तरों के सहित में सनान करना चाहिए
07:45स्नान के पश्याद आपको ग्रहन के दोरान भी और ग्रहन के पश्याद भी ओम साम सोमाय नमा और ओम नमस्शिवाय
07:53ये दो मंतर का उचारण निरंतर करते रहना चाहिए
07:56आप ग्रहण के पश्यात में सफेद वस्तर धारण कर सकते हैं, चंदन का टीका लगा सकते हैं
08:02और नविन वस्तर के साथ में भगवान स्री चंदर देव की उपासना कर सकते हैं, भगवान भूले नात की उपासना
08:09कर सकते हैं
08:10विशेश रूप से चंदरग्रण के समय पर आपको जितनी भी गर्ववती मैलाएं हैं उनको विशेश ध्यान देना चाहिए
08:18किसी भी प्रकार के जो नुखिली वस्तु हैं, चाकू हैं, नेल कटर है, हिल है या फिरेशी कोई भी चीज
08:25है उसका उप्योग ना करें
08:26बालक पर इसका दूस प्रभाव पढ़ सकता है, जैसा कि मैंने आपको पहले बताया था कि इस समय पूरे विश्व
08:32में जहां पर चंदरग्रण रहता है, पृत्वी पर एक डर का और एक नकारत्मक उर्जा का एक संचारन चलता रहता
08:39है, तो इस समय विशेश रुप से जो गर
08:56इस तरबर आराम से लेट कर सांती मंत से भगवान स्री कृष्ण जी का मंतर जाप करना चाहिए, भगवान स्री
09:03कृष्ण का जो संतान गोपल मंतर है, उसका आप जाप कर सकते हैं, निरंतर जाप करने से आपको स्री कृष्ण
09:09जैसी संतान प्राप्त होती है, और आपको इसम
09:25पढ़नी चाहिए कुछ नहीं आता तो ओम श्री कृष्णाय नमा या फिराधे कृष्णा राधे कृष्णा या जैसी राम जो भी
09:32मंत्र का आप उचारण कर सकते हैं वह सब चीजे आप कर सकते हैं अगर गलती से कभी कोई चंदरगरण
09:39भी देख लेता है तो उससे शिशू प
09:55भगवान स्री भोले नाच से समाय अचना कीजिए भगवान का जो महम रित्यूंजे मंत्र है उम त्रेमकमे जाम है सुगंदिम
10:02प्रिष्टी वर्धनम उल्वा रुकमी बंधनान प्रित्य और मुक्षिय महम रितात इस मंत्र का निरंतर उचारण कीजिए और अपनी शिश�
10:25जो वग्यानिक धारणा है उसके साथ में ही जो हमारी हिंदू सामजिक धारणा है हमारे सनातन धर्म की धारणा है
10:32दोनों एक बराबर है विज्ञान को आज भी जो ग्रण का एक्कुरेट कितना परिमान है उसका क्या समय है उसके
10:40लिए कई सारे सौप्टेर और कई सारी आप
10:54उसमें क्या-क्या इफेक्ट होता है, यह सारी चीजे पहले से बताई रही है, तो इसको आपको याद रखना चाहिए,
11:01और जो हिंदु धर्म में जितना भी दिया हुआ है समय, सूतक, सूतक का समय ओधी, सूतक के समय जो
11:08भोजन नहीं करना चाहिए, ठोस खाना हो, या फिर तर
11:23होती महिला है, यह सब लोग तीन घंटे पूर्वत अपना खाना ले सकते हैं, तीन घंटे का इनको भी जो
11:30ग्रहन के समय पर ब्रत या उपास करना चाहिए, यही सास्त्र में वरणित है, यहीं करना चाहिए, ठीक है, अभी
11:38मैं आपको बताऊंगा कि कई सारे जो भारत के छे
11:52हुआ है, उसका भी आप जाप कर सकते हैं, और आपके जो घर के भी मंत्रे हैं, उसका भी आप
11:57जाप कर सकते हैं, यह जो ग्रहन हो रहा है, यह अफरीका के एरिया में नहीं दिखेगा, यूरोप के कुछ
12:05प्रांट में और अफरीका के एरिया में नहीं दिखेगा, पैसिफि
12:20रूप से चावल, चीनी और सफेद कलर की जो मिठाईयां रहती है, उसका आपको विशेश रूप से दान देना चाहिए,
12:27यह दान आपके जीवन में चंदरमा से जुड़ी हुई, समस्त प्रकार की जो ग्रह पीडा है, जो ग्रह दोसे, चंदरमा
12:35की नकारात्म कुर्जा जो आ
12:48या फिर सफेद कलर का वस्तर, या फिर आप सफेद कलर के जितनी भी मिठाईयां रहती है, मलाई की मिठाई,
12:54या फिर दूद से बनी भी मिठाई, यह सब आप दान दक्षीना कर सकते हैं, यह दान दक्षीना करने से
13:00आपको चंदर से जुड़ी हुई, जितनी भी परिशानि
13:03पुंड़ी में आपका चंद्रमा खराब है तो यह सब चीजों से आपको आसानी से मुक्ति प्राप्थ होगी आपके जीवन में
13:11चंद्र का दोस नहीं लगेगा अगर चंद्र का दोस है तो आप विशेश रूप से आज के समय पर यह
13:17उपाय कर सकते हैं
13:18सबसे पहले हम मेश रासी के विसम जानेंगे कि मेश रासी में इस वर्ष जो चंद्रकरण हो रहा है उसके
13:26क्या आपको फल मिलेंगे
13:28तो सबसे पहला यह चंद्रग्रण मेश राशी के जातकों के लिए वैवाहिक सुक्समपदि लाने वाला है
13:35किसी भी प्रकार से आपकी जीवन में कोई परिशान्या है
13:39कोई स्थिती ऐसी है जिसमें खर्च अधिक हो रहा है
13:42धन हानी हो रही है तो यह सीच आपको आपस मिल जाएगी
13:46तो इसलिए आपको घबरानी की जरुत नहीं है
13:48जो मेश राशी के जातक है विशेश रूप से चंद्रमा का गरण उनके लिए अच्छा है
13:53विशेश रूप से आप देखेंगे कि विशेश राशी वाले जितने भी जातक है
13:58उनको इस समय किसी भी प्रकार के करियर में लापरवाई करना
14:02किसी भी प्रकार का कोई जोखिम लेना
14:05कोई नुकसान वाला कार्य करना
14:07या फिर अपने स्वास्त से जुड़ी ही विशेश रूप से ध्यान देना चाहिए, इस चंदरग्रण में, उनके स्वास्त में, करियर
14:13में और थोड़ी सी बेवाहिक जिवन में बाधाय आ सकती है, ग्रण के समय पर उनको विशेश रूप से ध्यान
14:20देना चाहिए, कि उन्हें
14:36चंदरगरण अच्छे फल लाएगा क्योंकि उनके जीवन में जितने भी प्रकार की अगर कोई करियर में सफलता नहीं मिल रही
14:42है तो इस समय उन्हें सफलता मिलेगी उनको किसी भी प्रकार के स्थान परिवर्तन से लाब प्राप्त होगा रुके हुए
14:49काम पूरे होंगे इस �
14:52मिथुन राशी के जातकों के लिए विशेश रूप से करियर और रुके हुए काम और स्थान परिवर्तन में लाब ये
15:00सारी चीज़े उनके लिए बनी हुई है
15:02मिथुन राशी के जातकों के लिए इस चंदरगरण पर विशेश उपाय है कि उन्हें ओम नमस्शिवाय मंत्र का जाप करना
15:10चाहिए
15:10करकराशी के जातकों को यह चंदरगरण थोड़ा मिश्रित प्रभाव देगा
15:15खास करके जो महिलाएं हैं वो अपने स्वास्त पर ध्यान रखें और जितने भी करकराशी के जातक हैं उनको इस
15:23समय अधिक से अधिक मेनत करनी पड़ेगी
15:25ग्रण के बाद करकराशी के जातकों को चावल का दान करना चाहिए
15:31सिही रास्टी के जितने भी जातक है विशेश रुप से उनके स्वास्त और पारिवारिक जीवन में थोड़ा सा इसका मिश्रित
15:38प्रभाव मिलेगा
15:39निवेश करने में थोड़ा धनानी हो सकती है निवेश करने में थोड़ा ध्यान दीजिए
15:44विशेश आप देखेंगे कि सिही रासी में ये चंद्रगरण लग रहा है
15:48तो उन्हें अन्न तथा सफेद वस्तरों का दान देना चाहिए
15:52कन्या रासी के जितने भी जाता थे
15:54उनके जीवन में इस चंद्रगरण से थोड़ी जीवन में चुनोतियां आसकी है
15:58यात्रा के दोरान विजेश यात्रा भी संब्धों है
16:02और विशेश रूप से किसी भी प्रकार की कोई भी डिवेश कर रहे है
16:05तो उसमें थोड़ा सा साउधानी देनी चाहिए
16:08गरहन के बाद उन्हें सफेद कलर की मिठाई का दान करने की सुझाओ दिया जा रहा है
16:13विशेश रूप से ने-ने करियर की अनती प्रगती नौकरी को बदलने के साथ में उनको प्रमोशन के लिए योग
16:25बन रहे है
16:26इस समय पर उनको ओम नमस्युय मंत्र का जाब करना चाहिए
16:31धनूराशी वाले विशेश रूप से इस समय किसी भी प्रकार के वाहनों से दूर रहे है जो भी घर के
16:37बुजूर है वो अपने स्वास्त पर विशेश रूप से ध्यान रखे है
16:40दुरगट ना होने की संभावना हो सकती है उनकी इसलिए धनू राशी वाले इस समय दूद का दान करेंगे तो
16:46यह ग्रण उनके लिए शुब रहेगा
16:48मकर राशी वाले विशेश रुप से थोड़ा यह समय उनके लिए चुनोती पुर्णा है
16:53मानसिक तनाव रह सकता है स्वास्त पर परिस्तानिया रह सकती है बड़े बड़े फैसले अभी ना ले तो सही रहेगा
17:00उनको इस समय पर कपड़े का विशेश रुप से ध्यान देना चाहिए क्योंकि इस समय उनको कई प्रकार की चोड़
17:08लग सकती है और जीवन में कश्ट आ सकता है
17:10तो उनको सफेच चावल का इस समय दान करना चाहिए ग्रण के समय पर
17:16कुमबरासी वालों के लिए बैवाहिक जीवन पर इसकी थोड़ी विप्रित असर हो सकती है
17:20बड़े-बड़े निर्णे अगर ले रहे हैं इस समय तो सोच समझ के लिए विशेश रुप से उन्हें मिठाई का
17:26दान करना चाहिए
17:26जो मीन रासी वाले हैं उनकी आर्थिक और सामजिक स्थिती इस समय सुधार मिलेगी
17:32और साथ में नए काम की सुरुवात करने पर उनको लाब होगा और इस समय पर जो भी ग्रहन हो
17:38रहा है उनको शुप चिंतक ग्रहन है
17:40तो इसलिए उन्हें किसी भी प्रकार के नवे उसरों से वालाब ले सकते हैं तो आप सभी लोगों को जितने
17:48भी राश्या है उन सभी के लिए मेरी शुप कामनाय है
17:51आप सभी इस ग्रण को जितना हो सके एक पर्व के रूप से अपने बच्चों को भी मार्दर्शन कीजिए
17:58कि ग्रण होता है ग्रण में सूतक होता है ये सारी चीजे हमारे संस्कृति में सभी को पता होनी चाहिए
18:04तो आशा करता हूँ कि यह ग्रण आप सभी के जीवन में एक नई उर्जा का संचार करेगा
18:10बन इंडिया टीवी के दर्शकों को मेरा हार्दिक नमस्कार है
18:14और सभी मेरे मित्रों को मैं सुझाओ देना चाहता हूँ
18:17कि यह चंद्र ग्रण आँखों से ना देखें और जितना भी हो सके सूतक का ध्यान रखें
18:23और घर में रहें सतर्क रहें और हमेशा नए नए जीवन में कार्य करते रहें
18:29ग्रण के पस्ष्यात में सनान करें धान करें विशेश रुप से मंत्र जाप करें
18:34जितने भी महिलाएं हैं गर्भवती वो इस समय संताल गुपान मंत्र का जाप करें और हमेशा भगवान जी के शरण
18:43में रहें आप सभी का इश्वर से मैं प्राथना करता हूं कल्याण हो हर हर महादेव ओम नमस्षिवाय जै स्री
18:50रांग
18:52शब्सक्षाइब टुब एं नविसा है नवेश
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