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Bhopal News: Sparsh Bhavan में दिव्यांग बच्चों को Poisonous Food दिए जाने का हैरान करने वाला मामला सामने आया है। आखिर इन मासूमों की जान के साथ कौन खेल रहा है और प्रशासन मौन क्यों है?
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल (Bhopal) से एक दिल दहला देने वाली और सिस्टम की पोल खोलने वाली खबर सामने आई है। ईदगाह हिल्स स्थित सामाजिक न्याय विभाग (Social Justice Department) के मूक-बधिर और दृष्टिबाधित छात्रावास 'स्पर्श भवन' (Sparsh Bhavan) में दूषित भोजन (Food Poisoning) खाने से कई बच्चे गंभीर रूप से बीमार हो गए।
घटना 15 फरवरी की शाम की है, जब जहरीला खाना खाने के बाद बच्चों की तबीयत बिगड़ी और उन्हें आनन-फानन में हमीदिया अस्पताल (Hamidia Hospital) में भर्ती कराया गया। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि इस गंभीर घटना की सूचना बच्चों के परिजनों तक को नहीं दी गई। मंगलवार को बच्चों को अस्पताल से छुट्टी मिल गई, लेकिन सिस्टम की लापरवाही का आलम यह है कि कोई भी अधिकारी बच्चों का हाल जानने या मामले की जांच करने तक नहीं पहुंचा।
यह स्पर्श भवन की कोई पहली घटना नहीं है। इससे पहले 20 जनवरी को भी यहां एक बच्चे के साथ दूसरे बच्चे द्वारा अनैतिक कृत्य (Immoral Act) का सनसनीखेज मामला सामने आया था, जिसकी पीड़ित मां आज तक न्याय के लिए भटक रही है। आखिर सामाजिक न्याय विभाग के अधिकारी अपने एसी कमरों से बाहर निकलकर इन मासूम दिव्यांग बच्चों (Disabled Children) की सुध कब लेंगे? सवाल यह है कि अगर इस जहरीले खाने से किसी बच्चे की जान चली जाती, तो इसका जिम्मेदार कौन होता?
About the Story:
A shocking incident of gross negligence has emerged from Bhopal's Sparsh Bhavan, a hostel for deaf and blind children run by the Social Justice Department. Several disabled children were hospitalized at Hamidia Hospital due to severe food poisoning. With previous reports of immoral acts in the same hostel and zero accountability from officials, helpless parents are now questioning the safety of their vulnerable children.

#BhopalNews #Indore #MPNews #FoodPoisoning #OneindiaHindi

~HT.410~GR.510~PR.514~

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Transcript
00:25मत ब्रदिश में लगातार प्रशासनीक लापरवाई के मामले सामने आ रहे हैं
00:29ताजा मामला राधधानी भुपाल के ईदगा हिल्स से सामने आया जहां पर दूशित भोजन गिरन करने के बाद 10-15
00:35बच्चे बीमार पड़ गए जिने पास के सरकारी अस्पताल में भरती कराया गया लेकिन इस मामले में सबसे बड़ी बात
00:41यह है कि जब बच्चों को अस्प
00:59लेकिन सबसे बड़ी बात है कि यह घटना पहले भी हो चुकी है बदाया जा रहा है कि 20 जनवरी
01:06को भी दूशित भोजन गरन करने के बाद कुछ बच्चे बीमार पड़ गए थे लेकिन इसके बाद भी प्रिशासन ने
01:12इस और धिहान नहीं दिया 15 फरवरी की शाम को फिर द
01:29पूचना नहीं दी गई बच्चों की छुट्टी भी हो गई इसके बाद पैरेंट्स को जाकर पता चला कि उनके बच्चे
01:35बीमार पड़े थे अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर प्रशासन इन लापरवाईयों से कब सबक लेगा हम देख
01:41भी चुके हैं कि हाली में म�
01:45अब सीरब काण के कारण कई मासुम बच्चों ने अपनी जान गवादी थी इसके बाद दूसरी घटना हमने देखी इंदोर
01:51से सामने आई जहां पर गंदा पानी पीने के कारण कई लोगों ने अपनी जान गवादी लेकिन तब भी प्रशासन
01:58सबक नहीं ले रहा है
02:00कब प्रशासिनिक मद्ध प्रदेश के अधिकारी जो है इन घटनाओं से सबक लेंगे और समय रेते हुए जाज करेंगे जिससे
02:06आम लोग अपनी जान को जो है सेव कर पाएं
02:09One India Hindi के लिए मैलन मालवी भुपाल
02:31यह किससे संचालित होता है
02:34यह वार्डन से होता है सामाजिक नयावेवाक्स होता है यह सब बच्चे के साथ गलत हुआ है और मुझे तब
02:42कुछ नहीं आए नहीं मिला हुए
02:43तो बच्चे अभी मेरे पास ही एक महीने से तो अब गच्चे को रेगुलर पेपर के लिए ले जाते हुए
02:49ऑर जाते हुए मैरे बच्चे को दिया है यह अए लिए। हम लोग तो अपने बच्चों को यह पढ़ाई के
02:55लिए इन लोगों के भरोसे बच्चों को चोड़के रखें और यह एतना गलत हो रहा हुए और भी बच्चों के
03:00साथ ऐसा हो
03:18रोबी कि तारीक को आहिए ऎक्ति अबच्छे ने मुझे बताया कि मम्ने हमक्राइब नाई प्रॉसे पाद
03:34ने मेरे साथ बह भला पूंगा। से मेरे साथा एस इस ऐसथ हुआ। � runners
03:47मैं ठाने गई तो मेरी थाने से भी सुनपाई नहीं हुदी जैस हमाजिक ने आविवाद के हैं मुख्मंत्री जी आयज
03:53अपने मौहनी आदब जी रपे वहां पोची 24 जन्वरी को फिर मैं वहां पोची तो कुछ फुलिस वाले वहां पर
03:59खड़े थे उन लोगों ने पताया कि
04:13पर निन लोगों ने मेरी रिपोर्ट दर्जी करी है फिर बच्चे का क्या बोलते मेडिकल के लिए भेजा गाया बच्चे
04:18का मेडिकल हुआ बोवी पोजेटीव निकला है और अभी भी कुछ बच्चों को क्या बोलते 15 फरवरी की बात है
04:25अभी की दो-चार दिन पहले कि तो
04:4322 मार्च को भी घटना हुई थी जो एक जाडू पोच्छा लगाता है उसने एक बच्चे के जिस बच्चे को
04:49दिखाई नहीं देता उस बच्चे को बातरूम में ले जा को उसके साथ भी बहुत गलत दिया थी फिर उस
04:54बच्चे के पेरेंट्सों को पेसे देकर समझोता कर ल
05:20पर्षों खाना खाने से बच्चे बीमार हुए है उसके लिए कोई कारवाई नहीं बस पुलिस वाले आते जाते होश्टल में
05:28देखिया है मुझे यहां पे पुलिस में दिखा पड़ी हुई जो भी हुए है बांकि उनके पेरेंस्तों को भी नहीं
05:33बता है इसने क्या खिलाय
05:44और क्या हुए बच्चों को सी आते हैं अदिक बताया ना यहां के बाड़ने बताया वैसे तो यह सारी चीज
06:04गूरूप में डाल दी है
06:04बच्चे कि ऐसी चीजों को ये लोग गुरूप नहीं डालती है
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