00:02इन महिलाओं के हाथ में पानी की बोतल तो है लेकिन ये पानी पीने लाइक नहीं है।
00:08इनके पास रहने के लिए घर तो है लेकिन इन घरों में रहना मुश्किल है।
00:18This story is found in a village in Karcher in Karcher.
00:26Here are now about 30,000 people ago in 40 years of living with 42 people.
00:31These people wild gimpers автом for their whole body.
00:41पिछली 15 सालों से हमारी बोर्विल का पानी पीने लायक नहीं है पानी का रंग मिट्टी जैसा मटमेला होता है
00:47और बारिश के मौसम में तो यह बिल्कुल काला हो जाता है हम इसका इस्तमाल सिर्फ नहाने और शौचालाई के
00:53लिए कर रहे है हमारे इलाके से गुजनने वाले �
00:55लोग अपनी नाक बंद कर लेते हैं अगर वे दो मिनिट के लिए ऐसा कर सकते हैं तो कोई हमारी
01:00किस्मत के बारे में क्यों नहीं सोचता जिने 40 साल से इस बदबूदार गंदगी में रहना पड़ रहा है हमें
01:06चैन कम मिलेगा
01:08कभी ये इलाका हरियाली और जीलों के लिए जाना जाता था करिब 60 साल पहले कंड़ बोलने वाले लोग यहां
01:15आकर बसे थे जिसकी वज़ा से इस इलाके का नाम कंड़ा पालयम पड़ गया
01:20लोग प्रकिर्ती जील और खेतों के बीच खुशी खुशी रहते थे लेकिन फिर यहां कचरा फेकना शुरू कर दिया गया
01:27और अब यहां 1000 टन कचरा जमा हो चुका है इस वज़ा से यहां की मिट्टी हबा और पानी अपनी
01:34शुदता खो चुके हैं
01:35जमीन के अंदर का पानी जहरीला हो गया है बच्चों और बुजुर्गों में डेंगू, तवचा रोग, सांस लेने में तकलीफ
01:43और दमा जैसी बिमारियां होने लगी हैं
01:47पिछले 40 सालों से हम इस डंपिंग याड की वज़े से कई समस्याओं का सामना कर रही हैं
01:53खास कर बच्चों में सांस फूलना, खांसी, तवचा रोग और बार-बार बुखार जैसी बिमारियां फैल रही हैं
01:58अकसर कच्रे के धेर में आग लगा दी जाती है जिससे निकलने वाली धुए की कारण लोगों का दम घुटने
02:04लगता है
02:04अलम यह है कि अगर हम घर के अंदर एसी भी चला लें तो भी कच्रे की बदवू हमारा पीछा
02:09नहीं छोड़ती
02:11कच्रे के धेर के पास ही एक आंगणवारी केंद्र, एक मिडले स्कूल और एक प्रात्मिक केंद्र है
02:17लेकिन बिमारी की दर से लोग यहां अपने बच्चों को नहीं भेजते
02:202018 में Green Tribunal ने यहां से कच्रा हटाने का आदेश दिया
02:26तब थोड़े समय के लिए यहां इस्तिती सुद्री थी लेकिन बाद में फिर से कच्रे का पहार जमा हो गया
02:32लोगों ने दफ्तरों के चक्कर काटे विरोध प्रदर्शन किया लेकिन नतीजा कुछ भी नहीं निकला
02:38Bureau Report ETV भारत
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