Skip to playerSkip to main content
बिना समुद्र के Patna में कैसे होगी जहाजों की मरम्मत? क्या मोदी सरकार के इस ₹300 करोड़ के प्रोजेक्ट से बिहार में आएगी विकास की नई लहर? जानिए पटना के दीघा में बनने वाले हाईटेक शिप रिपेयरिंग सेंटर की पूरी इनसाइड स्टोरी।
बिहार की राजधानी पटना अब सिर्फ सड़क और रेल का केंद्र नहीं, बल्कि जल परिवहन (Inland Water Transport) का भी बड़ा हब बनने जा रही है। केंद्रीय बजट में मोदी सरकार ने पटना के लिए एक ऐसी घोषणा की है जिसने हर किसी को हैरान कर दिया है। पटना के दीघा-कुर्जी इलाके में करीब 300 करोड़ रुपये की लागत से एक आधुनिक 'शिप रिपेयरिंग सेंटर' यानी ड्राई डॉक (Dry Dock) बनाया जाएगा।
यह खबर बिहार के लिए इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे राज्य को इनलैंड वॉटर ट्रांसपोर्ट की मुख्यधारा में लाने की तैयारी शुरू हो गई है। हालांकि, इस ऐलान के साथ ही सोशल मीडिया पर एक सवाल तेजी से वायरल हो रहा है कि जब पटना में समुद्र ही नहीं है, तो यहां बड़े जहाजों की मरम्मत कैसे संभव है? क्या इसके लिए खारा पानी और समुद्री लहरें जरूरी नहीं हैं?
इस वीडियो में हम आपको विस्तार से समझाएंगे कि गंगा नदी के किनारे बनने वाला यह शिप रिपेयरिंग सेंटर कैसे काम करेगा। हम यह भी बताएंगे कि क्यों शिप रिपेयरिंग सिर्फ समुद्री शहरों तक सीमित नहीं है और पटना का एनवायरनमेंट इस बड़े प्रोजेक्ट के लिए कितना उपयुक्त है। यह प्रोजेक्ट न केवल रोजगार के नए अवसर लाएगा बल्कि बिहार के आर्थिक नक्शे को भी बदल कर रख देगा।
About the Story:
The central government has announced a ₹300 crore Ship Repairing Center (Dry Dock) in Patna's Digha-Kurji area in the Union Budget 2024. This video explains the feasibility of ship repairing in Patna, despite the absence of a sea, focusing on Ganga’s inland waterway potential and the technical aspects of Dry Docks.

+LBC

#Patna #BiharNews #ShipRepairing #Budget2026 #OneindiaHindi #GangaRiver #ModiGovernment

Category

🗞
News
Transcript
00:00पठना में अब सिर्फ सड़क रेल नहीं, नदी के रास्ते भी विकास रफ्तार पकड़ेगी। किंद्रिया बजट में पठना के लिए की गई एक घोश्टा ने बिहार की तस्वीर बदलने की उमीद जगा दी है।
00:10गंगा नदी के किनारे दिघा कुर्जी इलाके में 300 करोड रुपे की लागत से शिप प्रिपेरिंग सेंटर जिसे ड्राई डॉक कहा जाता है वो बनाया जाएगा। ये खबर बिहार को इन लेंड वॉर्टर ट्रांस्पोर्ट की मुख्यधारा में लाने की तयारी है।
00:25हाला कि इस एलान के साथ ही लोगों के मन में एक सवाल भी उच रहा है। जब पटना में समुद्र है ही नहीं तो यहाँ जहाज की मरमत कैसे होगी। क्या शिप प्रिपेर सिर्फ समुद्री शहरों में ही संभव है या फिर गंगा जैसी नदी भी इसके लिए पर्याप्त है
00:55कि शिप प्रिपेर के लिए क्या क्या बेसिक रिकॉर्मेंट्स होती है। तो आपको बता दे कि किसी भी शिप प्रिपेर सेंटर के लिए सिर्फ नदी होना काफी नहीं होता है। इसके लिए तीन शर्तें सबसे पहले होती हैं। पहली स्थिर जलस्तर और चौड़ी नदी �
01:25और इलेक्ट्रिकल सपोर्ट ये सब तो human resources है और सरकार के plan के हिसाब से गंगा नदी इन सभी मानकों पर खरी उतरती है और इसी वजह से पठना को इस पर योजना के लिए चुना गया है अब इसके बाद जो सब के जहन में सवाल आ रहा है कौन बनाएगा और ये center कैसे काम करे
01:55साथ 4 जहाजों की मरमत हो सकेगी आधुनिक lift system के मदद से जहाजों को नदी से बाहर निकाल कर repair किया जाएगा जिसमें समय और लागत दोनों की बचत हो आज तक ship preparing कहा होती है अभी आप सोच अभी जो की सवाल ही है कि समुद्र चाहिए ship repair के लिए ऐसे लोगों के comments आ रहे ह
02:25और इससे बिहार और पुर्वी भारत के जहाज मालिकों को अतरिक्त खर्च और समय दोनों जहिलना पड़ता है
02:30समुद्री स्तर पर देखें तो कोची, मुंबई, विशाखा पटनम और चन्नेई शहर ship repairing हब माने जाते हैं
02:38अपटना इस सूची में inland ship repairing city के रूप में जोडने जाता है
02:42सरकार का लक्षी सर्फ मरमत केंदर बनाना नहीं है बलकि पूरा shipping ecosystem खड़ा करना है
02:47इससे नीजी जहाज operator बिहार में निवेश करेंगे
02:51पर्याटन के लिए cruise और passenger boats बढ़ेंगी
02:54माल ढुलाई सस्ती होगी
02:56सड़क और rail पर दबाब कम होगा
02:59रोजगार और बिहार के युवाओं के लिए क्या मतलब
03:02इस project से सैकडो प्रत्यक्ष और हजारो अप्रत्यक्ष रोजगार पैदा होगी
03:06ITI, Polytechnic और Engineering College के छात्रों को स्थानियस तर पर काम मिलेगा
03:12सबसे बड़ा फायदा यह है कि बिहार की युवाओं को अब तक काम के लिए राजिसे बाहर जाना पड़ता था
03:18जो कि इसके बाद अब समभव है कि बहुत हद तक पलायन रोके गई है
03:22खुल मिला कर यह कह सकते हैं कि पटना का शुप रिपेर सेंटर सिर्फ तीन सो करोड की पर योजना नहीं बलकि बिहार को नदी आधारित अर्थ विवस्था से जोडने की बड़ी तयारी है
03:32गंगा अब सिर्फ आस्था की नहीं बलकि रोजगार व्यापार और विकास की धारा बनने जा रहे है
03:37अगर योजना सही तरीके से लागू हुई तो आने वाले वर्शों में पटना को पुर्भी भारत का इन लैंड शुपिंग हम पढ़ने से कोई नहीं रोपाईगा
03:45यही सरकार का प्लान है इस खबर में इतना ही लेकिन सरकार के इस प्लान पर आप क्या सोचते हैं कमेंट करके जरूर बताएं और देखते रहें वाने यह हैं
Comments

Recommended