00:00गुजरात के लोकप्रिय मुख्यमंत्री स्रीबुपेंद्र भाई पतेल उर्जावान युवा उपमुख्यमंत्री हर्थ संग्वीजी गुजरात सरकार में मंत्री
00:26जीतु भाई वागाणी अर्द्युन भाई मोडवाडिया डक्तर प्रद्युम्न वाजा कौशिक भाई वेकरिया सांसद राजेश भाई अन्य महानुभाव देवी और सज्जनो
00:51आज देश के कौने कौने से लाखों लोग जुड़े हैं हमारे साथ
01:03उन सब को भी मेरी तरफ से जाय सोमनाथ
01:13do
01:42ुपस्ति और समुद्र की विशाल लहरे, सूर्य की किरणे, मंत्रों की ये गुंज, आस्था का ये उफान
01:59और इस दिव्य वातावरण में, भगवान सोमना के आप सब भक्तों की उपस्तिती, ये इस अउसर को दिव्य बना रही है, भव्य बना रही है
02:27और मैं इसे अपना बहुत बड़ा सवभाग्य मानता हूँ
02:38कि सोमनात मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष के रूप में, मुझे सोमनात स्वाबिमान परव में, सक्रिय सेवा का आउसर मिला है
02:57ये पीशे से कुछ और आवाज चल दही है भवाई, इससे बन किया जाए
03:0872 गंटों तक अनवरत ओमकार का नाज
03:2872 गंटों का अनवरत मंत्रोचार
03:37और मैंने देखा कल शाम को एक हजार ड्रोन्स द्वारा
03:48वैदिक गुरुकोलों के एक हजार विद्यारत्यों के उपस्तिती
03:55सोमनाद के एक हजार वर्षों की गाथा का प्रदर्शन
04:04और आज
04:07108 अस्वों के साथ
04:12मंदिर तक शौर्य यात्रा
04:18मंत्रों और भजनों की अद्वुत प्रस्तुती
04:23सब कुछ
04:25मंत्र मुग्द कर देने वाला है
04:30इस अनुभुती को
04:34शद्य अभीवक्त नहीं कर सकते
04:38इसे केवल समय ही संकलित कर सकता है
04:48इस आयोजन में गर्व है गरिमा है गवरव है और इसमें गरिमा का ज्ञान भी है
05:05इसमें है वाइभव की विरासत इसमें है आध्यत्म की अनुभुती अनुभु है आनंद है आत्मियता है और सबसे बढ़कार
05:27देवाधी देव महादेव का आशिरवाद है
05:34आईए मेरे साथ बोलिये नमह पार्वती पतए हारा हारा बहादेव
05:50साथियों आज जब मैं आपसे बात कर रहा हूँ तो मन में बार बार ये प्रस्ण आ रहा है
06:06कि ठीक एक हजार साल पहले ठीक इसी जगह पर जहां आप बैटे हैं क्या माहूर रहा होगा
06:23आप जो यहाँ उपस्तित हैं उनके पुर्खों ने आपके पुर्खों ने हमारे पुर्खों ने जान की बाजी लगा दी थे
06:40अपनी आस्था के लिए अपने विश्वाव के लिए अपने महादेव के लिए उन्होंने अपना सब कुछ न्योचावर कर दिया
07:00हजार साल पहले तब वो आतताई सोत रहे थे यह हमें जीत लिया
07:15लेकिन आज एक हजार साल बाद भी
07:23सोमनात महदेव के मंदी पर फैरा रही द्वजाव पूरी सुस्ष्री का अवान कर रही है
07:34कि हिंदुस्तान की शक्ति क्या है उसका सामर्थ क्या है
07:42प्रभाज पाटन तिर्की इस मिट्टी का कण कण शारिय पराकरम और वीरता का साक्षी है
07:59सोमनात की स्वरूप के लिए कितने ही शीव भक्तों ने संस्कृति के उपासकों ने
08:12संस्कृति के ध्वज धारकों ने अपने प्राणों की आहूती दिये है आज
08:26सोमनात स्वामिमान परवपर सबसे पहले मैं हर उस वीर विरांगना को नमन करता हूं
08:42जिसने सोमनात की रक्षा को मंदिर के पुनर निर्मान को अपना जीवन धे बनाया
08:55अपना सब कुछ देवाधी देव महदेव को अरपन कर दिया