Skip to playerSkip to main content
Rishi Panchami Puja Muhurat 2025: हिंदू धर्म में ऋषि पंचमी व्रत का विशेष महत्व माना गया है। यह पर्व हर साल भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाया जाता है। गणेश चतुर्थी के अगले दिन आने वाला यह व्रत पापों से मुक्ति और सप्त ऋषियों की कृपा पाने का अवसर माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन पूजा और व्रत करने से जीवन में जाने-अनजाने हुए पापों का प्रायश्चित हो जाता है। खासकर महिलाओं के लिए यह दिन अत्यंत महत्वपूर्ण माना गया है, क्योंकि यह व्रत रजस्वला काल में हुए धार्मिक दोषों को दूर करने वाला होता है।Rishi Panchami Puja Muhurat 2025: Rishi Panchami Snan Daan Puja Time,Snan Vidhi,Nahana Kaise Hai ?

Rishi Panchami fast is considered to be of special importance in Hinduism. This festival is celebrated every year on the fifth day of Shukla Paksha of Bhadrapad month. This fast, which falls on the next day of Ganesh Chaturthi, is considered to be an opportunity to get freedom from sins and to get the blessings of the Sapta Rishis. It is believed that by worshipping and fasting on this day, one gets atonement for the sins committed knowingly or unknowingly in life. This day is considered to be very important especially for women, because this fast removes the religious sins committed during menstruation.

#rishipanchamipujamuhurat2025 #rishipanchamisnanmuhurat2025 #rishipanchamipujatime2025 #rishipanchamisnanvidhi #rishipanchaminahanakaisehai #rishipanchamidaanmuhurat2025

#rishipanchami #rishipanchami28august2025 #rishipanchamiupdate

~PR.111~HT.408~

Category

🗞
News
Transcript
00:00प्रशी पंचमी का वरत और पूजा इस साल 28 अगस्त दिन गुरवार को किया जा रहा है ऐसे में इस दिन स्नान दान का भी बड़ा ही महत्व है
00:13आईए से विडियो में आपको बताते हैं प्रशी पंचमी का पूजा मुहुर्त साथी स्नान विधी क्या होगी
00:20सबसे पहले बात करते हैं स्नान मुहुर्त की जो की 28 अगस्त की सुबह 4 बचकर 52 मिनट से लेकर 5 बचकर 69 मिनट तक रहेगा
00:29इसके बाद आप दान भी कर सकते हैं दान वरत पूर्ण करने के बाद भी किया जा सकता है यानि की शाम के समय भी दान कर सकते हैं
00:38वही पूजा का शुब मुहूरत है सुब ग्यारह बचकर पांच मिनट से दो पहर एक बचकर 49 मिनट तक
00:45यानि कि कुल अवधी पूजा की दो घंटे 34 मिनट की है
00:49ये समय सब्तुरिशियों की पूजा और देवी अरुंधती की भी पूजा करने में व्यतीत करें
00:56वही रिशी पंचमी की तिथी की समापती 28 अगस्त की शाम 5 बचकर 56 मिनट पर हो रही है
01:03इसके बाद आवरत का पारण भी कर सकती है
01:05अब बात करते हैं सनान विधी की
01:08प्रातर काल ब्रह्मो मुहूरत में उठ जाएं
01:10सनान मुहूरत से पहले घर की साफसफाई करने के बाद गंगा जल, गौमूत्र, तुलसी पत्र, आवला जैसे पवित्र द्रव्यों को अपने सनान की जल में मिलाकर नहाले
01:21यदि संभव वो तो किसी नदी, सरोवर या गंगा में भी सनान करना श्रेष्ट रहेगा
01:26सनान करते समय ओम रिशिव्यों नमः मंत्र का जब करें
01:30सनान के बाद स्वच्च वस्त्र पहन ले
01:32फिलहाल इस वीडियो में इतना ही वीडियो को लाइक और शेर करें
01:35साथी चानल को सब्सक्राइब करना ना भूले
Comments

Recommended