Skip to playerSkip to main content
  • 1 year ago
Witch_s chicken _ چڑیل کی مرغی _ Stories in Urdu _ Story Time
Transcript
00:00एक दूर द्रास गाउं में गने जंगल के किनारे एक परानी ठुटी पूटी चोंपडी थी जिसमें एक चुडेल रहती थी लोग इसे काली चुडेल कहते थे वो अकसर गाउंवालों को डराती थी मगर असल में वो अकेली और तनहाई की शकार थी इसके पास एक अनुखी म�
00:30को जब पता चला कि चुडेल की मुर्गी सोने की अंडे देती है तो इनकी नीदे हराम हो गई एक दिन गाउं का लालची नंबरदार हाजी अकराम दीन अपने बेटे मिठू को लेकर चुडेल की जूंपडी की तरफ रवाना हुआ रात की अंदेरे में वो दोनों दबे प
01:00पागल हो गया इसने फैसला किया कि मुर्गी को हर रूस अंडा देने पर मजबूर करेगा इसने मुर्गी को बुखा रखा कभी गरम पानी पिलाता तो कभी ड्राता धमकाता मगर चंबा खमोश रही और अंडे देना बंद कर दिये इधर चुडेल ने एक जादूई आइन
01:30फकीरनी आई है किसमत चगाए मुर्गी के बंद मुझ को खलवाए ये सुनकर हाजी कराम चौंग गया वो फकीरनी के पास गया और कहा अगर तुम मेरी मुर्गी को फिर से सोने के अंडे देने पर मजबूर कर दो तुम जो मांगोगी मैं वो दूंगा हाजी मान गया रात क
02:00कुड की अवाज में बोलना पड़ेगा अगली सुबा हाजी जब वहशी खाने गया तो वहाँ ना मुर्गी थी ना मुर्गी का अंडा सिर्फ मिठू बैटा कुकुडू कुडू कर रहा था पूरा गाउं हसी से लोट पोट हो गया हाजी को अपनी हरकत पर शर्मिंदगी ह
02:30अब चुडेल भी कभी कबार मुर्गी के अंडों से आदा सोना देकर गरीबों की मदद करने लगी इदर मुर्गी जो खुशी खुशी अपनी मालकिन के साथ जंगल में गूमती ताना चुबती और हफ़ते में एक अंडा देती जब उसका दिल करता
Comments

Recommended