00:00देखिए उमेश जो हैं जेडियू के प्रदिश अध्यक्ष है बिहार के उन्हों ने ये पत्र जारी किया है कि अनन्सिंग
00:08और उनकी पत्नी 6 साल के लिए पार्टी से बाहर किये गए हैं इनकी विधाय की भी रद की जाए
00:13वहाँ पर फिर से उप्चुनाव कराया जाए उसकी
00:16अन्शंसा की गई है बिहार विधान सभा के स्पीकर से अब स्पीकर के उपर है कि वो क्या निर्णे लेते
00:22हैं क्यों बाहर किया गया है उसकी वज़ा साफ है अनन्सिंग पिछले कई दिनों से लगातार पार्टी लाइन से हटकर
00:29बयान दे रहे थे पार्टी के कई बड़े �
00:32को लेकर उन्होंने अमर्यादिस शब्दों का इस्तिमाल किया था कई जगहा उन्होंने गाली गलोज भी की है मेडिया के सामने
00:39अपने ही पार्टी के बड़े नेताओं को लेकर ये सब व्याद हो क्यों रहा है जेड़ियू से अनन सिंग इतने
00:46खफा क्यों है खासकर पार्�
01:10बहुत बार कह चुके हैं कि नीरज की वज़ा से ही उन्हें जेल जाना पड़ा था नीरज ने उनके घर
01:16पर रेट डलवाई थी नीरज ने जूटे
01:18मुकदमों हैं फस्वाया था और वो इस बार MLC का चुनाओ नीरज को जीतने नहीं देंगे इसी वज़ा से अनन
01:26सिंग ने इस बार MLC के चुनाओ में जनसुराज के प्रत्याशी का समर्थन किया और उनके लिए वोट मांगे और
01:33यही बात पार्टी को अखर गई कि अगर आप
01:35जेडियो के विधायक हैं तो दूसरी पार्टी के नेता के लिए कैसे वोट मांग सकते हैं अपनी ही पार्टी के
01:42उम्मिदवार के खिलाफ कैसे बयान दे सकते हैं इसी वज़ा से यह फैस्दा लिया गया है और एक बात और
01:48धिहान देने वाली है ललन सिंग से भी खफा दि�
02:04जानते वो कौन हैं तो यह बयान देना भी कहा जा रहा है कि भारी पड़ गया है अनन सिंग
02:11को और अब वो पार्टी से 6 साल के लिए बाहर है लेकिन एक बात और समझनी पड़ेगी कि हो
02:17सकता है इनकी विधान सभा सदस्ता रद ना हो यह दिखावे की कारवाई भी हो सकती ह
02:24है क्योंकि अनन सिंग की सीधिन नितिश कुमार तक पहुंच है हाला कि एक बात और कही जाती है नितिश
02:30कुमार के अभी पार्टी में कितनी चल रही है यह भी बात काफी जादा चर्चा का विशय है तो देखते
02:37हैं आगे क्या कुछ होता है लेकिन अनन सिंग के बागी ते�
03:18अनन सिंग को जो चूट दी जा रही थी उनके उपर कोई कारवाई नहीं हो रही थी उसको लेकर भी
03:22पार्टी के अंदर बहुत साड़ा चर्चा हो रहे थी, सवाल पूछे जा रहे थे कि इनको इतनी छूट मिली क्यों
03:27है, ये बार बार पार्टी के नेताओं के लिए अपमान जनक भाशा का इस्तिमाल कर रहे हैं, पार्टी लैन से
03:34हटकर बोल रहे हैं, फिर भी इन्हें पार्�
03:51आनि आपको 11 साल पहले पता चलेगी, साल था 2015, 24 जून की तारीक थी, पुटूस हत्याकांड में पतना के
04:00तकालिन SSP विकाश वैभो ने जेडियू विधायक अनन सिंग को गिरफतार किया था, ये पहली गिरफतारी थी, अनन सिंग की,
04:09नितीश शरकार में पहली बार उनको �
04:11जेल भेजा गया, उनके करीबी इस पूरे कालखंड को उनका सबसे मुश्किल दौर बताते हैं, इसके बाद फिर अनन सिंग
04:20जेल सही निर्दलिये चुनाव लड़ते हैं और नीरज कुमार को 18348 वोटों से हराते हैं, चुनाव परशार के दौरान नीरज
04:28ने कहा था कि अन
04:412015 में भी देखने कुमिली थी, नीरज कुमार के इस वाले बयान से आप समझ सकते हैं कि उनकी अनन
04:46सिंग से कितनी ज़़ादा दुश्मनी हैं, सियासी दुश्मनी हैं, और इसलिए अनन बार-बार कहते हैं कि नीरज ने उन्हें
04:54कुश्च की, उनकी सियासत को खत्म करने की क�
05:09से एके 47 कार्तूस और हैंड ग्रेनेट बरामद हुआ इसके बाद उनके उपर यूए पीए के तहट केस दर्ज किया
05:17गया इस केस में उन्होंने दिल्ली के साकेत कोट में सरेंडर किया था इस गटना के बाद नीरज कुमार ने
05:24अनन सिंग पर व्यक्तिकत हमला और तेज कर दिय
05:26और उनका नामकरण तक कर दिया इंटरव्यू में उनको पुदिना सिंग कहकर संबोधित किया जाने लगा नीरज के द्वारा फिर
05:35क्या होता है धीरे धीरे अरन सिंग की जेडियू में फिर से नजदीकिया बढ़नी शुरू होती है बीच में उन्होंने
05:43अपनी पतनी को लो
05:56में कह रहा हूं बाद में उनकी जेडियू से नजदीकी भी बढ़ी फिर से वो नितीश की सरण में आ
06:00गए और दो हजार जो पचीस वारा चुना हुआ है उसमें वो जेडियू के टिकट पर चुनाव लड़े और जीत
06:06हासल गी