00:00UP के सहारनपूर कलेक्प्रेट परिसर में अवैद मस्जिद को गिराए जाने के बाद सामने आई कुए नुमा सनर्चना को लेकर
00:10विवाद गहराता जा रहा है।
00:12दवा है कि मस्जिद के मलबे के नीचे मिली ये सरचना एक कुए की है जो करीब 200 से 200
00:19साल पूराना है।
00:42मनोच कुमार यादाओ का कहना है कि सनर्चना की उम्र करीब 200 से 200 साल पूरानी हो सकती है जिसके
00:49उपर मिट्टी डाल कर मस्जिद बना दी गई।
01:12मारी एक काल खंडे तो इसको 200 से 200 वर्ष हम रख सकते हैं।
01:17क्योंकि इसके साथ और भी चीज़े अगर मिलती है तो अथेंटिक हो जाता है।
01:21इसके साथ सिर्फ एक सरशना है कुप के समान तो यह जो इंटो का प्रचलन था यह उत्तर मंदेकाल में
01:28प्रचलन में रहा।
01:30अब सवाल है कि क्या यह सिर्फ एक पूराना कुआ है या इसके नीचे कोई और एतिहासिक संरशना भी मौजूद
01:38है क्योंकि कुएं के अंदर अभी भी भारी मात्रा में मलवा मौजूद है और इसी वजह से इसकी पूरी बनावट
01:47को लेकर तस्वीर साफ नहीं हो पाई है�
01:53आमला प्रशासन के अधिकारिक शेत्र में है यानि फिलाल इस पूरानी संशना को लेकर अंतिम फैसला नहीं हुआ है जांच
02:02जारी है और निश्कर्ष का अंतिजार है लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं होती जैसे ही मनोज यादों का ये दावस
02:10सामने आया सियासी बयान बाज
02:15है कि एक तो सरकार ने पहले मस्जित को बिना किसी को बताए गिराया गया और अब उसके नीचे मिली
02:23संव्रशना को कुवा तिर्थ साबित करने में जुटी है
02:28देखिए ये सब बेवकूफी की बाते हैं एक दिन में आये एसाई के लोग और फिर संव्रशना को ध्वस्त कर
02:37रहे हैं
02:37ऐसी कौन सी तकनीक उनके पास आगई कि 24 घंटे के अंदर उन्होंने 300 साल पुराना कुवा बता दिया
02:45एसी कौन सी तकनीक आगई उनके पास कि वो आते ही अपने आपको बता रहे हैं वो कहीं से और
02:51से आए
02:52क्या उनके बाप दादा बैठे हुए थे उस मनोज यादव के वहाँ पर या एसाई के जो बात कर रहे
02:58हैं इस तरीके की
02:59यह सब लोग सम्मिधान के विरोध में भारती जन्ता पार्टी के दबाओ में बात कर रहे हैं इस मनोज यादव
03:06को भी कानून देखेगा
03:17वही सरकार तो कहना है कि मामले में जो भी सच्चाई होगी वो जाच के बात सामने आएगी
03:23यह वो उनका काम है AISI से हमारी बात नहीं हुई है लेकिन जो भी मामले हैं हमारे पास लाइन
03:29आडर मिंटेन करने के जुम्हेदारी है
03:31हन कानून बेवस्था को मिंटेन है
03:32इस मस्जिद को दिमॉलिस किया गया है वो कुवे पर बनी हुई इमारत थी
03:38और कोवा पर्मपरागत पौराणिक जनता को पानी उपलब तराने का सबसे बढ़ा माध्यम होता था
03:47बताईए ऐसे लोग जिन्होंने जनता के पीने के पानी को भी दबाते हुए मस्जिद बनाने का काम किया था
04:06ॐ ॐ ॐ ॐ ॐ
04:29ॐ ॐ ॐ ॐ ॐ
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