00:02४ में विदानसवा चुनाव से पहले आरक्षर पर नई सियासी बहस शुरू हो गई है
00:08BSP सुप्रीमो मायावती ने एक्सपर पोस्ट कर आरक्षर का समर्थन किया है
00:13मायावती का कहना है कि देश में जातिवाद अभी भी मौजूद है
00:17और यह जमीनी स्तर पर आज भी फैला हुआ है
00:21दरसल हाल ही में आरक्षर को लेकर RSSS परमुक मोहन भागवत ने कहा था कि आरक्षर पर राजनीती नहीं होनी
00:29चाहिए
00:29आरक्षर समाजिक कारणों से है जब तक समाजिक भेभाव रहेगा तब तक आरक्षर जारी रहेगा
00:36लेकिन जिल लोगों को आरक्षर का लाब मिला है उन्हें आगे आकर उदारता दिखानी चाहिए आरक्षर का लाब लेने वाले
00:44लोगों को अपनी इच्छा से इसका लाब छोड़ने पर विचार करना चाहिए
00:48अब BST सुप्रीमों ने मोहन भागवत के बयान की आलुषना की है मायवदी ने एक्स पर लिखा देश में बहुजन
00:56समाज में से खास कर SC, ST और OBC वर्गों के लिए आरक्षर समाजिक परिवर्तन और आर्थिक मुप्ति अर्थात हमेशा
01:04से इनके आत्म सम्मान की जिंदकी स
01:06जुड़ा अति महतपून और अत्यंत संवेदन शील मामला है और जाती के अधार पर सदियों से यहां तोड़े सताय और
01:15पछाड़े गए SC और ST समाज के लिए तो यह अत्यंत जरूरी मामला भी विशिशकर तब बन जाता है जब
01:23जातिवाद दोश, शोशन, प्रतार्णा, �
01:26अन्याय, अत्याचार, कम होने का नाम ना ले और इसलिए इसमें क्रीमी लेयर की बात करना अनुचित ही नहीं बलकि
01:34बाबा साहिब के मानपतावादी समिधान के पवित्र उद्देश्यों के भी विरुध है
01:38आरेसेस प्रमुक का अभी हाल ही में फिर से यह कहना है कि आरक्षर का जान बूच कर राजनिती करन
01:45किया गया है जिससे समाज में कड़वाट भरी है और आरक्षर के लाभार्तियों को स्वेच्छा से इसका लाभ छोड़ देना
01:53चाहिए
01:53वास्तव में यह इनकी ऐसी जातिवादी सोच है जिससे संक्रिन राजनिती स्वार्ट की पूर्ती तो हो सकती है किन्तु इससे
02:01सम्वेधानिक उद्देश्यों की अभेलना होती है क्यूंकि आरक्षर मूलता सदियों से जातिवाद व्यवस्ता के शिकार करोणों सोशिप, �
02:09पीडित, अपेक्षित और त्रिस्कृत लोगों को मानने अधार पर समता और समानता का सव्वेधानिक और कानूनिक अधिकार देना है जिससे
02:19आर्थिक उन्नती से कते भी नहीं आका जा सकता क्यूंकि जातिवाद का दंश जीवन के हर पहलू में उन्हें डस्ता
02:28ही रहता है
02:28और जो क्रम अभी भी हर स्थर पर लगातार जारी है यह आरसिस से ज़्यादा भला कौन जानता है बीएस्पी
02:35सुप्रीमों का कहना है कि कई बात सरकारों की कमजोर कानूनी पैरवी की वजह से अधालतों में समाजिक बदलाव से
02:42जुड़े मामलों में सही फैसला नहीं हो प
02:58और राजनीती करना छोड़ दे और साथ ही आरक्षण में किसी भी परकार की छेड़चार की वगालत बंद करके देश
03:06में समता मूलक समाज व्यवस्ता की स्थापना के सम्विधानिक दाइत्व उद्देशों की पूरती में पूरी तरह से सयोग करे तो
03:15यह बहतर होगा यही
03:16वक्त की जरूरत और समय की मांग भी है जहां मायवती आरसस पर गरज रही है वही कॉंग्रेस का कहना
03:23है कि मायवती वही करती है जो बीजेपी कहती है
03:39वैसे तो यूपी में अगले साल जुनाव है लेकिन आरक्षर पर अभी से सियासी तनाव दिखने लगा है
03:45जहां मायवती खुल कर आरक्षर का समर्थन कर रही है वहीं आरसस आरक्षर पर रार्मिती नहीं करने की सला दे
03:52रही है
03:53अब देखना होगा कि मायवती का खुल कर आरक्षर का सपोर्ट करना अगले जुनाव में कितना सियासी फायदा पहुचाता है
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