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  • 4 months ago
ठीक होने के बाद कई मरीज वापस आकर अपनी मनोकामना पूरी होने की बात भी रजिस्टर में लिखते हैं. आदित्य आत्रेय की स्पेशल रिपोर्ट.

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00:08जैपुर के राष्ट्रिय आयुरवेद संस्थान में इलाज का नया आयाम जुड़ गया है।
00:30देड़ दो साल पहले हमें इस चीज को देखा कि पेशेंट्स का मोटिवेशन बहुत जरूरी है और उनके कहीं न
00:35कहीं वो पूरी अपनी बावना को व्यक्त नी कर पाते और आयरवेद में जैसे चिकिस्दा के विविन विदिया हैं उसमें
00:40से जो प्रथम है वो है सत्वावज
00:47जी चिकिसा है और उसके नंतर के कई सारी चीजें थे थाकि हवन यग मंत्र होम यह सब काफी सारी
00:54उसी के सत्वावजे चिकिसा के नंतर करता तो उनका मेंटल बूस्ट अप करके जैसे हमारा नीचे मंदर भी है जो
01:00दन्वंतरी बहगवान का मंदर भी है और जोरावर जिं�
01:17तो काफी उन्हें अच्छा मैसूस होता है और इसके काफी पॉजिटिव फीडबेक भी हमें इसका मिला है
01:23पंचकर्म विभाग के होडी प्रोफेसर गोपेश मंगल बताते हैं कि आयुरवेद के वल शरीर नहीं मन को भी स्वस्थ रखता
01:30है
01:31सत्वावजे चिकत्सा के तहट मन को मजबूत बना कर रोग से लड़ने की शमता विक्सित की जाती है
01:37मरीज इस रजिस्टर में स्वास्थलाब, रोगमुक्ती और अपनी मनोकामनाई लिखते हैं
01:42कई मरीज पूरा इलाज होने के बाद वापस आकर अपनी मनोकामना पूरी होने का आभार व्यक्त करते हैं
02:13कुछ पर्सेंट बीमारी तो नाम का ध्यान करने से ही खतम हो जाती है
02:17रही बात यहां पर इस मंदर के बारे में तो जैसे ही हम यहां पर पंसकरम करवाने के लिए आये
02:22तो ऐसे निकल रहे थे
02:23तो अचानक एक दिन ध्यान में आया
02:26तो यहां मंदर लिखा हुआ था टेंपर फिर मैंने ध्यान किया तो दिखाई दिया कि यह मंदर है
02:32तो यहां पर इस तरह से यदि मन में विचार रख करके स्वस्थ होने की काम न करें तो भगवान
02:40ज़रूर साथ देता है
02:44इस अस्पताल में हर दिन करीब 200 मरीज पंचकर्म की 40 प्रकार की प्रक्रियाओं का लाब ले रहे हैं
02:51प्रोफेसर मंगल का कहना है कि आशावादी मानसित्ता से उपचार का असर कई गुना बढ़ जाता है
02:56यह अनोखी पहल साबित कर रही है कि दवाई के साथ आस्था और विश्वास मिल जाए तो विमारी पर विजय
03:03पाना और भी आसान हो जाता है
03:06जैपूर से ETV भारत के लिए आदित्यात्रे की रिपोर्ट

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