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दिल्ली के मालवीय नगर स्थित होटल में लगी भीषण आग को लेकर बड़ा मेडिकल अपडेट सामने आया है। मैक्स हेल्थकेयर के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. संदीप बुधिराजा के अनुसार 8 मरीज वेंटिलेटर पर हैं और उनका इलाज जारी है। अधिकांश मरीज धुएं के कारण सांस संबंधी गंभीर समस्याओं से जूझ रहे हैं। कई लोगों को ऊंची मंजिलों से कूदने के कारण फ्रैक्चर और अन्य चोटें आई हैं। इस दर्दनाक हादसे में 18 लोगों की जान जा चुकी है, जबकि कई घायलों का इलाज जारी है।

A major update has emerged from the tragic Malviya Nagar hotel fire in Delhi. According to Dr. Sandeep Budhiraja, eight patients remain on ventilator support, primarily suffering from smoke inhalation injuries. Several victims also sustained fractures after reportedly jumping from upper floors to escape the blaze. While some patients with minor injuries have been discharged, critical cases continue to receive treatment. The incident has claimed 18 lives and raised serious concerns over fire safety standards.

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00:0039 patients लाए गए थे हमारे पास between दोनों hospitals, जिनमें से 18 brought dead थे, पूरा उनका जिसको हम
00:10asphyxiation कहते हैं because of smoke और कुछ burns जो brought dead patients थे,
00:17बाकी जो patients हैं, उनमें से presently 15 patients अभी ICU में हैं, जिनमें से 8 patients ventilator पे हैं,
00:26उनका इलाज चल रहा है,
00:28ventilator पे जो patients हैं, majority of them को वही asphyxiation वाली injury हुई है, जिसमें smoke की वज़ा से
00:34lungs में injury हो जाती है,
00:37इन में से minor burns हैं सबके, ज्यादा deep burns नहीं है, एक patient था जिसके 25% से उपर
00:43burns थे, वो ventilator पे था patient,
00:45तो उसको हमने सफते जंग के burns वाट भी shift कर दिया है, पांच patients stable थे, minor injuries के
00:50साथ है थे,
00:51तो उनको initial first day treatment देके, वो discharge हो गए हैं, जो patients, basically 2-3 तरह की injuries
00:59थी predominantly,
00:59एक जैसे मैंने का lungs की injury थी, एक जैसे मैंने का lungs की injury थी, second minor burns, और
01:05तीसरी bones injury,
01:06because काफी patients ने claim किया कि वो उपर building से उनने जंप किया था, तो जिसकी वज़ा से fractures
01:13थे, long bone fractures थे,
01:14pelvic bone fracture था, एक patient का spinal injury है, जिसकी surgery हो रही है, neurosurgery में,
01:20तो अब पूरी कोशिश चलरी की जो patients admitted है, ICU में, ventilator पे और without ventilator,
01:25कि उनकी पूरी महरत कर रहे हैं उस पे, और देखते हैं कैसे, कुछ patients उनमें अभी critical हैं,
01:30तो treatment चल रहा समना,
01:34वो मेरे पास details अभी नहीं हैं,
01:35बट उसमें foreign nationals भी थे और आपने local patients भी थे,
01:39और आपने local patients भी थे,
01:39तो इसमें कितने लोगें जो उबट पे गूड़े हैं,
01:42या वो number मेरे पास नहीं है,
01:43यह तो जो patients ने, जिन से हम बात कर सकें,
01:46जिनोंने history दी है,
01:47बट पेशेंट्स जो थे, जिनको हमने वेंटिलेटर बडाला,
01:49वो unconscious थे, कोई उनसे history नहीं मिली है,
01:52बट जो patients जिनको ज़्यादा severe injuries नहीं थी,
01:54जो वेंटिलेटर पर नहीं थे,
01:55और जो conscious थे, उन में से काफी नहीं यह history दी है,
01:58कि हम third floor से जम पा रहा है हमने,
01:59तो किसी का हाट टूटा गुए था,
02:01किसी के पाट टूटे गुए थे,
02:02किसी के pelvic injuries थी,
02:03तो वो boni injuries थी,
02:04पट वो mostly stabilize कर लिये जाएंगे,
02:10जिनकी death हुई है,
02:1118 patients की,
02:12वो बराबर 9-9 थे,
02:139 males से,
02:149 females थे,
02:26तो वो आदमी जब स्मोक इनहेल करता है,
02:28उसकी वज़ा से,
02:30एक तो कहा होता है,
02:30बॉडी में एकदम oxygen की कमी हो जाती है,
02:32जैसे oxygen कमी हो जाती है,
02:33वो आदमी unconscious हो जाता है,
02:35दूसरा,
02:35बिकॉज जब बर्न होता है,
02:36तो PVC, toxic materials,
02:38बहुत होते हैं plastic,
02:39तो उसकी वज़ा से,
02:40carbon monoxide,
02:41hybroncynid,
02:42ये सब gases आदमी इनहेल करता है,
02:44इससे भी इनहेल हो,
02:45तीसरा, जो ये जो fumes होते हैं,
02:46बड़े high temperature पे होते हैं,
02:48इसकी वज़ा से,
02:48thermal temperature इंहेल हो जाती हैं,
02:51तो ये तीन मेकानिसम्स होते हैं,
02:52जिससे lungs में immediate injury हो जाती है,
02:54और oxygen कमी से आदमी unconscious हो जाता है,
02:57और इसमें वोई time critical होता है,
02:59कि जितनी जल्दी evacuate कर सके हैं,
03:00वो patients को timely manage कर सकते हैं,
03:05मैं बतारूं,
03:06जो ventilator पे हैं,
03:07वो ventilator पे हैं,
03:08मतलब वो life saving treatment पे चल रहे हैं,
03:11तो वो critical हैं,
03:147-8 patients जो हैं,
03:15पट उस पे भी पूरी मेहनच चल रही है,
03:17यह बाकी जो ventilator पे नहीं है,
03:18ICU में हैं,
03:19वो stabilize हो रहे हैं,
03:23वो नमबर मुझे अभी नहीं मालूम है,
03:25बट मैं बतारूं कि फॉर्नर्स भी हैं,
03:26क्योंकि वो तो अब कही patients अभी
03:28identified नहीं हुए हैं,
03:29तो अब वो एग्जेक्ट उनकी मैंनी कह पा हूंगा,
03:33अब वो तो पॉलीस जो है,
03:36वो तो सारा मैनेज करी रही है,
03:37सारे medical legal cases है,
03:38तो अभी सुदिंट्स को नहीं हैं,
03:42अज कितनी होगी सर कुछ रही है,
03:44जिकरोज स्पेक्ट्रम है,
03:45मतलब जितने मैंने देखे हैं वो आप लेकर चलें 20 साल से लेकर 50 साथ साल इस पर चालिस से
03:57लेकर 30 से पचास की बेश में रेंज में हैं सारे,
04:02हमारे यहां कोई नहीं लाएगा,
04:09जिसमें हमारी इनिशल ऐसा होता है कि इनिशल ऐसेस्में कई बार आप आप अकुरेटी असेस्टिंग कर पाते हैं वो थोड़ा
04:15जब स्किन स्काल्डिंग होती है,
04:16तो एक पेशन था जो वेंटी लेटर पे था जिसका मैं का इनिशल ऐसेस्मेंट में 25% के करीब बर्न
04:21इंजरी थी और हम अपने होस्टिंग में 10% से उपर फिर स्टेबलाइज करके रेफर करते हैं तो फिर वो
04:26आमने सफ़ते जग पेशन जब इस पेशन को जब रेफर किया
04:42बर्न्स थे काफी सिवियर पट मज़ोरिटी में एस्विस लंग्स वाली प्रॉब्लम जाएं तो उनमें सब की ड्रेसिंग और जो इशु
05:02था वो यहां पर आया थे तो बर्न इंजरी की वज़ा से मुझे नहीं लगता कि अभी कोई जो पेशन
05:08है वो सकंब करेगा लंग्स क
05:11प्रॉब्लम है में लिए तो देखिए मैं इसका अंसर नहीं कर सकता क्योंकि यह लंग की इंजरी पर डिपेंड करता
05:20है और यह खाली लंग की इंजरी नहीं उसके साथ इनको और भी इशुस है ना कई लोग लंग इंजरी
05:24में वह उनने इन्हेल किया उसके बाद वो कूद �
05:27है तो उनको बोनी इंजरीज भी है तो मल्टीपल इशूज है अब और एफेक्ट जो है टॉक्सिक गैसिस का और
05:34टेंपरेचर का थर्मोर बनका यह टाइम लेता है तो ऐसा मैं नहीं कर पाहूं कि जिनको अमने वेंटिलेटर बडाला वो
05:39कली हम उसको कुछ देख पाएं उस
05:57अभी स्नोपची सुन मैं को सिस्ट्टर आप्यूच वाप्चिन में वोगे जा प्यूच सुनता है तो एफ कि मेले प्यूच वोगे
06:02नग का चैनल तो ऑननोड खाँ इन यह जानडने नहीं में अप्टे आपके अबग्या अभावें वूच एभिधाल ऊड़ प्यूद्द �
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