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Peace of mind (मन की शांति) is desired by all. But how do we achieve it? We get agitated if someone insults us and we feel like slapping them in anger. But to get peace of mind, first and foremost we should know 'who we are,' 'who is being insulted,' 'who operates the world and all the things that happen within it.' The pure Soul within each and every creature always remains pure. The ego has created all the impurity in the world. In this video Pujya Deepakbhai, helps us understand why peace of mind is disturbed and what should we do to obtain it.

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Transcript
00:13मन को शान्ती कैसे आएगी बहुत प्रयतन करता हूं
00:18मगर नहीं क्या लिखा है नहीं दो पाता है नहीं बत पाता हूं
00:24जब कोई मुझे कुछ गलत शब्द कहते हैं तो बहुत गुसा आता है
00:28तब एसा लगता है कि उसे जाकर चाता मारो ऐसे क्यों होता है
00:36करपया विस्तार से सम्झाईए आड़ी है
00:40कि इसे बुल भुल दिया गिर्दर गुपल, वह बुल भुल आप है कि अच्छरा बुल नए गळाना रिया है
00:57कि अज़ कि आप नहीं एक यहां राइण हो गएा उसेया खाल बाता है तो एक अज़ है लुगा आप
01:06शोचेंगे कौन बात में सिदा करोंगा सको।
01:11और लास्ट में एक सेंटेंस आपने सुन लिया, मदरास वाले गिर्दर गौपाल के बाद चल रही है, तो कुछ आपको
01:17हो जाएगा, एक बाद शांती, तो आदे गंटे में इसे क्या हो गया, आपको शांती हो गया, आपने कुछ दवाई
01:26नहीं लगाई, कुछ किया ही नहीं,
01:40तो कुछ दवाई बंद करेंजा, बदले, उसे बिलिफ च्छ करो, आप सच्छु गर्धर गौपाल हो क्या थो तो कुछ को
01:47आपको इसे लिए यहां गूंदेने कूछ ता अजिए कि खाल गुछ जाता है, बार भार नहीं जाता है
01:55तब बाकी टाइम पर अगरागाए इस जब तक बोलेगा
01:58डिर्दर कुपाल एक पर जाया है । जब तक बोलेगा घरदर कुछा एकल को कह स्थार करते ही तरहें।
02:03जोड़े एक उनकी तेटेपन करोफें Beetha एका एका एका एका एका एका एका एका हुआ।
02:11और अज़ लिए कि अध्य ही एका एकांड़ाईगी प्राराशनागर मेर गिरदार गपाल
02:16जड़ क्यों को हैं? कि अध्या है एचिए है।
02:25ऌर आप वे अनाम जिर्धर गौपाल और वे नाम जिर्धर गौपाल अनाम जिर्ध गौपाल, आप जो थिर्धर गौपाल
02:38इने में अधराव मेरे ऊड़ाव बिफिन Treasure observed, पैरर के जा समय जो थैजिए अनुझ Weise तन समय रेखेयगे।
02:48मैं ने उपको ब Virγota हो पर शरीर अलगा है मैं अलॉप्
02:52यह ए भूजिर को तो है तुभनी ओग होता है इस ऐसे मंगा शरीर को तुखनी होणा है
03:07यह स्कार something तो किस को होता है तूक मैं खर यह रहन काल।
03:14यहांकार बहु बरफ भाओऒ, आवकार राता है।
03:19पटेक्षक वहांड़ करना इसे इसे को पाला है।
03:30तो यहां पह Azure अग्यान से तरहन अग्यान करूदी अग्यानता
03:37अग्यानता JULY
03:39कि मैं गिर्दर कॉपाल हूँ, कि मैं खुद कौन हूँ, फर्स्ट इसको पहचानू
03:44और दूसरी अग्यानता यह निकाल देनी चेहिए, कौन करता है, कौन करता है
03:49कौन करता होगा?
03:52अंदर का आत्मा ही करता हूँ
03:54यह थो लेकी बुलाका आत्माvordan उसको होई कि अर्स अधना उघतीन को माप करना चीहिए
03:59आप तो आत्मा हो पर्मात्मा हो अएगो अच्सें जहिती पैसली को तो झासर एवदो प्रभ श्या है
04:10यह झासरी को दोग आत्मा जो को एगा हटा।
04:18प्राइब प्राइब प्राइब
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