Skip to playerSkip to main content
  • 13 minutes ago
سینئر بی جے پی لیڈر، راج وردھن سنگھ، نے خواتین ریزرویشن ترمیمی بل کی مخالفت کرنے پر حزب اختلاف کو تنقید کا نشانہ بنایا۔

Category

🗞
News
Transcript
00:0016 April 2026 में 3 विदेक लाए गए Constitution 131 Amendment Delimitation Bill 2026 और Union Territories Law Amendment Bill
00:122026
00:14कारण इसका स्पष्ट था कि अगर वो दो चीजें जनगणना और Delimitation अगर जुड़ी रहती तो 2029 का जो चुनाव
00:27है उसके अंदर महिला आरक्षन लागू होना मुश्किल था
00:33मोधी सरकार जो कहती है वो करती है ट्रैक रिकॉर्ड साफ है देशवासियों के सामने और दूसरे देशों के सामने
00:42भी
00:43इसलिए जब महिला आरक्षन बिल को हम लेकर आए तो ये स्पष्ट था कि हम इंप्लिमेंट भी करना चाहते हैं
00:52प्रदान मंत्री नरिंदर मोधी जी ने स्पष्ट कहा था एप्रिल 2026 में सारवजनी ग्रूप से एक आथा कि 2029 लोकसभा
01:03चुनाव के अंदर
01:05आरक्षन महिलाओं का आरक्षन लागू होना चाहिए और उसी को सफल करने के लिए
01:15ये 2026 के अंदर जो बिल लाए गया वो उसी से संबन दिता ये तीन विदेग जो लाए गये वो
01:21उसी से संबन दिता
01:24लेकिन आप जानते हैं वो बिल पास नहीं हो पाया
01:27अब ये जानना भी बहुत महत्वपूर्ण है कि इसका जो विरोध करा गया वो विरोध किन कारणों से करा गया
01:36और वो कारण क्यूं सही नहीं है
01:43कॉंग्रेस सबसे पहले कहा कि बिल तो पहले ही पास हो चुका है
01:49तो फिर ये तीन विदेग लानी की क्या जरूरत है जैसे मैंने अभी आपको कहा कि पहले पास निश्चित रूप
01:57से हुआ है
01:59लेकिन फ्यूचर में सेंसस और फ्यूचर में डी लिमिटेशन होने से जुड़ावा था 2023 का कानून
02:09अब ये कहना कि ये तो पास हो चुका है ये अपने आप में ब्रामक है क्योंकि ये स्पश्ट है
02:21कि अगर सेंसस का इंतजार करेंगे तो उसमें समय लगेगा
02:27सेंसस खतम होने के बाद डी लिमिटेशन एक्सेसाइस होती है उसमें और समय लगेगा आपकी जानकारी के लिए आज की
02:34टेकनोलोजी को शामिल करते हुए
02:37सेंसस में तकरीबन डेड़ से दो ढ़ाई साल लग सकते हैं और उसके बाद डी लिमिटेशन में भी एक से
02:44तीन साल लग सकते हैं यानि दो हजार उननतिस चुनाव का तो पार चला गया अगर मोधी सरकार ने कहा
02:51है कि हम महिला आरक्षन लेकर आ रहे हैं तो महिलाएं तो चा
03:07ही इंप्लिमेंटेशन के अंदर ये एक लिमिटेशन एक बादा देखी तो हम उसको डी लिंक करके अभी आरक्षन लेकर आना
03:16चाहा रहे थे ताकि महिलाएं दो जार नतिस चुनाव में भाग ले सकें ये भी एक भ्रहम है कि दक्षणी
03:25जो राज्य हैं उनको नुक्सान हो �
03:29स्पष्ट लूप से परसेंटेज इंक्रीज हो रहा है हर राज्य को 50% जो उनकी सीट से वह बढ़ाई जा
03:36रही हैं तो जो आज जितनी सीट हैं उसका उसी अनुपात में देश के जितने भी राज्य हैं उसी अनुपात
03:46में बढ़ेंगे तो कम कैसे हो सकते हैं बलकि अगर ब
03:50foreign
04:20क्योंकि 2023 के अंदर जो अधिनयम पास करा गया उसके अंदर जो आरक्षित सीट्स है उसमें SC-ST महिलाओं के
04:29लिए भी थी, तो वो भी इस पाश्ट है,
04:32OBC's की अगर बात करते हैं तो OBC's की तो पहले भी आरक्षण नहीं था,
04:39लेकिन
04:41Parliament
04:41खुली है, चर्चा करने की जगे है
04:43विधान सबाइं खुली है
04:45चर्चा करने की जगे है, उसके उपर चर्चा हो सकती है
04:48लेकिन उस कारण से अटकाना
04:50ये केवल
04:52अटकाने वाला ही कारण है
04:56एक और महत्वपूर्ण मैं बात
04:58आपको बताना चाहूंगा
04:59कि ये जो महिलाओं के लिए
05:02आरक्षन है विधान सबा
05:03या लोक सबा के अंदर
05:05ये ऐसा नहीं है कि ये पहली बार
05:07महिलाओं को
05:09जन प्रतिनिदित्व करने का मौका मिल रहा है
05:13पंचाईती
05:14राज को अगर देखा जाए
05:15देश भर के पंचाईती राजों को
05:17तो उसके अंदर
05:19साड़े चौदा लाक
05:21महिलाओं हैं
05:23जो जन प्रतिनिदित्व कर रही है
05:25and that is 46%
05:29of the entire representation
Comments

Recommended