Skip to playerSkip to main content
Khamenei के निधन से Kashmir में मातम, Shias ने क्यों किया Eid के जश्न का बहिष्कार? जानिए क्यों इस बार कश्मीर की गलियों में ईद की रौनक की जगह गहरा सन्नाटा और गम पसरा हुआ है।
कश्मीर घाटी में इस बार ईद-उल-फितर का त्योहार पहले जैसा नहीं होगा। ईरान के सर्वोच्च नेता सैयद अली खामेनेई (Sayyid Ali Khamenei) के निधन की खबर के बाद से कश्मीरी शिया समुदाय गहरे शोक में डूबा हुआ है। इस दुखद घड़ी में, समुदाय ने निर्णय लिया है कि वे इस वर्ष ईद के मौके पर किसी भी प्रकार के उत्सव, दावत या सार्वजनिक खुशी के कार्यक्रमों में शामिल नहीं होंगे।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, कश्मीर के शिया बहुल इलाकों में खामेनेई के प्रति गहरा सम्मान और आध्यात्मिक जुड़ाव है। उनके निधन को एक अपूरणीय क्षति मानते हुए, लोगों ने सादगी से नमाज अदा करने और बाकी समय शोक व्यक्त करने का फैसला किया है। बाज़ारों में भी वह चहल-पहल गायब है जो आमतौर पर ईद से पहले देखी जाती थी।
इस वीडियो में हम आपको दिखाएंगे कि कैसे कश्मीर के अलग-अलग हिस्सों में लोग अपने नेता को श्रद्धांजलि दे रहे हैं और इस बार की ईद पिछले सालों से कितनी अलग होने वाली है। क्या है इसके पीछे की पूरी वजह और शिया समुदाय के नेताओं का इस पर क्या कहना है, जानने के लिए वीडियो को अंत तक देखें।


The Shia community in Kashmir has decided to observe Eid-ul-Fitr without any traditional feasts or celebrations following the demise of Iran's Supreme Leader, Sayyid Ali Khamenei. The region is witnessing a wave of mourning as followers pay their respects through simplicity and prayers instead of festivities.

#Khamenei #KashmirNews #ShiaMourning #OneindiaHindi #Eid2026 #IranNews

~HT.178~PR.466~ED.104~GR.538~

Category

🗞
News
Transcript
00:00वो किस जारिहान ना तरीके से कतल कर रहें एरान में, फलस्तीन में, लिबनान में, रोज लोग वहां पे मर
00:08रहें
00:09आईतुल्लाः खामनाई साहब रहमतुल्लाई आले जो थे वो शहीद किये गए
00:18माहे रमजान का पावन महीना बस खटम होने को ही है और एदल फितर का त्योहार कल पूरे बारत देश
00:25के साथ साथ जमू कश्मीर में भी मनाया जाएगा
00:44इसके कारण यहां भी जुमु कश्मीर में भी जो उल्मा हैं उन्होंने ईद को साधगी के साथ मनाने की गुजारिश
00:52की है
00:53श्री नगर से वान इंडिया के लिए मैं इजहार अली
00:56रमजान का महीना खतम हो रहा है और कल पूरे भारत है या बड़ो से मुट है वहां इद मना
01:04जाएगी लेकिन आज आपने देखा कि जो भी शिया समधाई के लीडर्स है उन्हें एलान किया है कि एद साधगी
01:11से मना जाएगी क्योंकि जो इरान के सुप्रीम लीडर है उनको कतल
01:16कि हिए उनके हत्या की गही है जाएगाई विवाइद देख रहे कि एद साधगी से एद मनाना क्या है आप
01:23दिल्वे अधिशलिय मनेशवयत आटरवुम ल्ही है व्रहमाई और रहीम इस्वेश सप्रशेश अब जो हमारे जो मुलानाज है और जो हमारे
01:43लिडर से जो नहु�
01:46हमें और अपने लोगों को अपनी अवाम से यह दरखास दिकी है कि जो भी है कल हमारी यहां एद
01:52मनाई जागी लेकिन यह बहुत ही सादगी से मनाई जागी
01:55हमारे जो लीडर रहबर थे आयतुल्ला खामनाई सहब रहमतुल्ला आलहे जो थे वो शहीद किये गए बार्बारिक आउकिपायर्स लाइक इसराइल
02:07और युएसे तो एवरिबडी नोस लाइकि वो किस जारिहान तरीके से कतल कर रहें एरान में फलस्तीन में लेबनान में
02:16रो
02:33सब्सक्राइब लेड़ना अर्फ़ वो खाएब आलों तो वीमारे जो लाइक आपर दो जैसे आवी जिमा की नमाज के बाद मुच्टभास
02:46साथ हाएं कि साध्गी से एद मनाई जाए तो क्या लगत आपको इसकी वज्या किया है साध्गी से एद कर
02:52इस बार्दाओ
02:55कि आपको बता है कि रहबर इमाजब हाली में शहीद हो गया और तो इरान में आज़ हो रहा है
03:01सारी ताकते हुन पर मेता शहुन के खुलाब जुलूम कर रहे हैं तो हमारी यहीं अपील है कि हर कोई
03:09हर कोई मुस्लिम उम्मा एद साथगी से मनाना चाहिए बस
03:16Subscribe to One India and never miss an update.
03:21Download the One India app now.
Comments

Recommended