00:00UK देवनाज सर जो दो भारतिया मारे गए हैं अभी हमारे पास क्या option बचे हैं भारत जल्द ही कोई
00:07ऐसा program शुरू करेगा जैसा कि हमने रश्या और युक्रेइन वार में देखा था और फिर उसके बाद लोग फूल
00:14लेके खड़े रहते थे एरपोर्ट पे हमारे सारे मंतरी अ
00:29जिसमें सारे भारतियों को कहा गया था कि वहा गल्फ स्टेट से निकल कर आसपास किसी सेफ एरिया में चले
00:37जाएं अब हो यह रहा है कि युद्द की विदिशिका इतनी पड़ गई है कि अभी फिलहाल जो भारतिये हैं
00:45वो जाएं तो जाएं कहां पर लेकिन हाँ एक्वा�
00:58में हो कुवेट में हो बहरीन में हो वो अपनी में साथ संपर्थ में रहें और अगर हो सके तो
01:05ओमान मस्कट में पहुंच जाए क्योंकि वहां पर हमले नहीं करेगा इरान
01:11सिरोई साब दो भारतिये मारे गए ओमान में जो भारत सरकार बोल दिती हो सकता है कि सबसे सेफ जगह
01:17थी वहीं से सबसे पहली कैज्वल्टी रिपोर्ट हुई है सर नागेल जी बड़े दुखी बात है कि जो भारतिये जो
01:25है मारे गए है लेकिन अब प्रॉब्लम यह है कि �
01:27जैसे देवना साब बता रहे है कि उनको का था कि बहुए किसी सेफ कंट्री पे चले जाओ मिडल इस्ट
01:33में तो आज के दिन कोई भी सेफ कंट्री नहीं है तो जो भारतिये वहां पे हैं उनको जो अपना
01:38जो भी प्रिकॉशन लेने चाहिए वो पूरे प्रिकॉशन लेने च
01:43कि इतने लोग जितने वहां पे लाखों लोग भारतिया हैं महां पे जो डाइस्पुरा है काम कर रहा है इतने
01:48लोगों को इवैकुएट करना इस सिच्वेशन पे तो भारत के लिए बहुत मुश्किल काम है तो इसमें यहीं है कि
01:54बड़े दुख की बात है और हमको जो है इस
02:13वो को बचाने के लिए स्टूडेंट्स को बचाने के लिए इस वार वो कितना मुश्किल है और अफकोर्स यह रीजनल
02:19वार बन चुका है बहुत सारे देशों में अटैक हो रहा है देवनात साहर अब कनेक्ट हो गए आई थिंक
02:24आपका नेटवर्क भी सही होगा देवनात सा
02:26क्या कर सकती है भारतिय सरकार कैसे हम बचा सकते है जाने उसके वाद मेजर चतुरवेदी जी के पास जाएगे
02:32माफी चाहूंगा जी
02:33भारत सरकार हमारा विदेश मंत्राले एंड सिविल एविशन मिनिस्ट्री नागरिक उडेन मंत्राले जो है लगातार इस्राइल और अमरीका के संपर्क
02:43में है और इराम के संपर्क में भी है उनके एमबेसी के संपर्क में है देखे दिक्कत ही हो रही
02:50है कि हम अगर कोई जहा
03:10करते हैं हम एक तीन से चार घंटे का विंडो ले ले ले लेते हैं कभी-कभी अमरीका भी कहता
03:19है इसराइल से भी हम मनवा लेते हैं इरान से भी कह लेते हैं कि हमारा हुआई
03:26अबुदाबी में लैंड करेगा उपएर दो से लेके पांच बजी तक तीन घंटे के विंडो में आप उस पे कोई
03:33फायर ना कीजिए तो कई बार युद में क्या होता है इसराइल मान जाता है अमरीका मान जाता है इरान
03:40भी मान जाता है कि कोई सर्फेस तू सर्फेस मिसाइल �
03:42नहीं फायर करेगा तो वैसे टाइम में हमारा जाहाज जाके उनको वापस ला सकता है इसके पहले जहां पे भी
03:49हुआ था युद्ध भारतिय कितने थे दसजार बीसजार तीसजार चालीसजार जार जाएं टोटल भारतिये जो वहाँ पर हैं उनके जादाद
04:0080 लाक है अस्ति
04:17तो आपको वहां पर चार सो जहाज बेजने पड़ेंगे तो परत सरकार ने प्रैक्टिकल एडवाइज है
04:39जहां पर युद्ध भूमी में जहां पर उनके एर बेसेज हैं या जहां पर भी उनके बड़े बड़े एमबेसी हैं
04:51अमरीका के एरोपियन देशों के या इसराइज के दूर हट जाएं
05:01जैसे दूसरे देश की जो एराक इरान क्या कर रहा है कि इन खारी देशों में जहां जहां अमरीका की
05:08एमबेसी है वहां पर हमला करें
05:11तो दूसरी है कि जो लोग इरान में फसे हुए हैं वो क्या करें प्रमभ शेहरों से जाएं और बड़े
05:19-बड़े शेहरों से निकलके 30-40 किलोमेटर इदर दो रहें चोटे कस्बें हैं चोटे-चोटे कस्बों में चले जाएं जो
05:26कि में शेहर से 30 किलोमेटर दूर हैं
05:30इसराइल एरफोस के बाँम गिरने का या उस एरफोस के बाँम गिरने के चांसे बहुत कम हैं
05:34जी मेजर चत्रवेधी हमने देखा कि जब वार हुआ रशिया-उक्रेन का वार जो अभी चली रहा है
05:41तो वहाँ पे काफी सारे हमने rescue ops देखे थे हमारी सरकार के अब भी तो ऐसे देवनाज साब ने
05:47पूरा clear ही कर दिया कि कितना मुश्किल हो सकता है इस जगा पे rescue करना अब लेकिन जो एक
05:54और बात निकल के आ रही है Russian oil की बहुत बड़ा मुद्दा बनता जा रहा है
05:57ट्रम्प एक भाषन देते हैं बोलते हैं हमने allow किया 30 दिन के लिए आप तेल ले सकते हैं रशिया
06:03से और आज जो सबसे बड़ा सवाल फिर से राहूल गांदी ने उठाया कि भाया ये भारत को चला कौन
06:09रहा है कौन डिसाइड करता है कि भारत तेल कहां से लेगा और बार बार
06:14ट्रम्प प्रूफ करते हैं कि बिना उनके पर्मिशन के तो कोई पत्ता हिल नहीं रहा अटलीस तेल लेने के लिए
06:19पूरे डिसिजन पर हम थोड़ा सो और जाएंगे थोड़ी सी और डीटेल बताएंगे कि उन्होंने क्या-क्या बोला लेकिन आपका
06:24पहला रियक्शन ले ल
06:50पर गंपा लाएंगे तो आप बिल्कुल सेफ रहेंगे इरान किसी भी रिहाईशी इलाके पे इन कंट्रीज में कहीं भी अटाइक
07:10नहीं कर रहा हैं
07:11वो केवल American embassies, American bases को attack कर रहा है, उसका purpose रियाईशी इलाकों में रह रहे हैं लोगों
07:18को मारना नहीं है, तो अगर आप वहां से दूर हैं तो आप बिल्कुल safe हैं, तो आप उन जगाओं
07:25से दूर रहे हैं, उन जगाओं के आज पास किसी भी वज़े से आप वहां मत जाएए।
07:31bulज़ आर्पके बेस्टाइशी बड़ा हैं, डासेन जगाओं से दोगन केमाओं से पासीगार के मने हैं?
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