00:00हम विक्सित भारत की जमीन मजबूत कर रहे हैं उसको एक ताकत दे रहे हैं एक तरफ देश की युवाओं के लिए मजबूत जमीन ताहर कर रहा हूं तो कॉंग्रेस मोदी की कब्र खोदने के कारकम के बादे
00:21और महबत की दुकान खोलने वाले मोदी तेरी कब्र खोदेगी के नारे लगा रहे हैं यह कौन से महबत की दुकान है
00:42जो देश के ही किसी नागरी के कब्र खोदने के सपने देखती हो यह कौन सा सम्विधान से उन्होंने सिखाए हैं जो देश के ही किसी नागरी के कब्र खोदने की बात करते हो
00:58क्या ये सम्विधान का अपमान नहीं है
01:01क्या इमानवता का अपमान नहीं है
01:04क्या इस सार्वजनिक के
01:07सार्वजनिक जीवन की
01:08मर्यादाओं का अपमान नहीं है
01:10और उनको इसका कोई खेद नहीं है
01:14अगर इसके बाद क्या वायान देंगे भया
01:18देखो प्रद्रान मंदिर राजसभा में भी रो रहा था
01:22किस प्रकार के समस्कार और जुत्तियों से पले बड़े लोग है ये
01:30हादरिय सभावती जी
01:33मेरे लिए कोई
01:37हनुभू मेरा बहुत बुराना है
01:402002 से जब विपक्ष में थे तब से
01:52और 2004 से जब वो सत्ता में आये तब से
01:56और 2014 से मैं जब यहां आया तब से
02:01पिछले 25 साल से
02:05सउसद का एक भी सत्र ऐसा नहीं गया
02:08मोदी समस्द का सद्र नहीं था
02:11एक भी सत्र ऐसा नहीं गया
02:13जिसमें इस सदन के अंदर मोदी को
02:16गाली देने का काम न किया हूँ इन लोगों ने
02:1925 साल
02:21और मैं ज़े किजी ने पूछा था
02:27मोदी जी आपके स्वास्त का क्या राज है
02:29मैंने का मैं डेली दो किलो गाली खाता हूँ
02:32आदे ये सवापती जी
02:38ये मोदी की कबर क्यों खोद्धा चाहते हैं
02:44ये सिर्फ नारा नहीं है
02:50ये इनके भीतर पड़ी हुई नफरत का प्रतिविंब है
02:55इसके अभिव्यक्ति है
02:58और वे इसलिए है
02:59हमने
03:02370 की दिवार गिरा दी
03:07इसलिए
03:08मोदी की कबर कोदना चाहते हैं
03:12हमने
03:16नौर्थ इसमें
03:19बंबंदूक और
03:21आतंका जो चाहा बना रहता था
03:25नौर्थ इसमें शांती और विकास का राह अपनाई
03:29इसलिए
03:31मोदी की कबर कोदने पर सोच रहे हैं
03:35पाकिस्तानी आतंकियों को घर में गुश करके जवाब देते हैं
03:42इसलिए
03:44मोदी की कबर खोदने की बात हैं
03:49आप्रेशन सिंदूर करते हैं
03:52इसकी उनको परेशानी होती हैं
03:56और इसलिए वो मोदी की कबर खोदते हैं
04:00माओवादी आतंक से देश को मुक्ति दलाने के लिए
04:07साहस्पूर कदम उठा रहे हैं
04:10इसलिए
04:11मोदी की कबर खोदती हैं आपको
04:14हमने
04:17नहरुजी ने देश के साथ
04:20बहुत बड़ा
04:22अन्याय किया था
04:24सिंदू जल समझोता करके
04:27उस संदू जल समझोते को
04:31हमने एबैंस में डाल दिया
04:33क्या इसलिए
04:34इसलिए आप मोदी की कबर खोदते के न रहे जाये हो
04:38आधरियस सभावती
04:43कॉंग्रेस की परेशानी कुछ और है
04:47ये पचानी पा रहे है
04:51कि मोदी यहां तक पहुचा कैसे
04:56अब उनकी परेशानी बढ़ती जा रही है
05:00कि पहुचा तो पहुचा
05:03लेकिन अब तक ठिका क्यो है
05:05और इसलिए
05:09फिर
05:10एक ही रास्ता उनके लिए बचा हुआ लग रहाएगे
05:15मोदी तेरी कबर खोदेगा
05:16अदरी सबाय परताजी यह तो मान करके बैठे थे
05:25उनका लोग तंत्र समीजान को कोई लिए न जाना दे
05:29उनको तो लगता है कि प्रदान मंत्री पद उनके परिवार की जागीर है
05:34उस पर कोई और बैट नहीं सटता
05:36यह जो उनके भीतर में रफ्रत पड़ी हुए ने मौबत की दुकान में जो आग बरी पड़ी हुए उसका परणाब है
05:43और इसलिए कोई को बैठा हमारा पैत्रों का दिकार था
05:54इसलिए मोदी की कब्र खोद दे क्या नारग लेकर को चल रहे है
06:02आधरे सभापदी जी कॉंग्रेस के शाहित परिवार को देश ने दसकों तक अवसद दिया है
06:16ऐसा नहीं है देश ने आपके लिए भी अपना भविश्य दाओं पे लगाया था
06:26लेकिन आपने गरीबी हटाओं के नारे लगाये गुम्रा किया
06:35लाल किले पर से कॉंग्रेस के एक भी प्रधान मंत्री के भाषण में
06:43गरीबी हटाने की बात नाय हुआ था नहीं हुआ है
06:45लेकिन किसी भी प्रधान मंत्री ने गरीबी हटाने के लिए क्या किया
06:50वो एक बार भी नहीं आया
06:51उन नारे से अधिक कुछ नहीं था उनका
06:55और
06:57मोदी ने रास्ता अपनाया
07:00गरीब को एमपावर करने का
07:03गरीब को शुशक्त करने का
07:07और
07:08मेरे देश के गरीबों को मैं सलाम करता हूँ
07:12उन्होंने
07:14देश की योजनाओं को
07:17समझा, स्विकारा
07:20और अपने सामर्थ को बढ़ाने के लिए प्रयास किया
07:24मैं देश के गरीबों का गवरवगान करता हूँ
07:29कि हमारी नीत्यों पर भरोसा करके
07:33हमारी नीत पर भरोसा करके
07:36उन्होंने भी
07:38अपने आप को खपाने के लिए कोई कमी नहीं रखी
07:42और पटीस करोर मेरे गरीब परिवार के भाईयों ने
07:47गरीबी को परास किया
07:49और खुद गरीबी से बाहर आये हैं
07:55मैं उनको सलाम करता हूँ
07:57मेरे पटीस करोर देश वासी
08:00जो निराशा में पड़े हुए थे
08:02दूर एक आशा की करन दिखाई दी
08:06उठ खड़े हुए और आज हमारे साथ चल पड़े हैं
08:11हादनिय सभापती जी
08:122014 के पहले
08:17इंप्लिमेंटेशन की बाते करते थे
08:20हमारे पहाँ
08:23सेक्डो लोग
08:25रेलवे क्रोसिंग पर मरते थे
08:28स्कूल की बस
08:31रेलवे क्रोसिंग से जा रही है
08:3325 प्रची स्कूल की बच्चे मरने की खबरे हाँ
08:37अन्मेंट क्रोसिंग रेलवे क्रोसिंग
08:44वो इतना बड़ा काम नहीं था अगर नहीं कर सकते थे
08:47ये काम भी मुझे करना हुआ
08:50और हमने
08:52सारे अन्मेंट क्रोसिंग बंद कर दिये
08:56लाखों लोगों की जिंदगी बचाली
09:01इसलिए इसलिए ये मोदी की कबर खोदना चाहते
09:06आधनियस सभावती जी
09:082014 से पहले
09:14इस देश में 18,000 गाउं ऐसे थे
09:18जिनको बिजली का मतलब पता नहीं था
09:22बिजली का कोई तार होता है
09:26कोई बल्व होता है
09:27कोई लट्टू जलता हुआ उसमें उजावा निकल था
09:30पता नहीं था उनको
09:3118,000 गाउं 2014 के गाथ
09:37जब आपने हमें जाईत्व देश वाच्छों ने दिया
09:40उन 18,000 गाउं जिनकों कभी बिजली का मूं तक नहीं देखा था
09:46बिजली का शब्द भी कान पर नहीं सुना था
09:48उन गाउं में उजाला पहुंचाया
09:51इसलिए इसलिए को जोदी की कब्र खोदने के सिवाए
09:57अब कोई रास्ता नहीं दिख रहा है
09:59आदर्णिय सभावती जी वो भी एक वक्त था
10:08जब देश में बार बार खबर आती थी
10:12मिडिया में हेडलाइन हुआ करती थी
10:17सहत की स्थिची के समद में बयान आते थी
10:22गोला बारुद नहीं है
10:24बुलेट्रूप जैकेट नहीं है
10:28बर्फ के बीच खड़ा है
10:31बर्फ में ख़ड़े नहीं ज्यूते चाहिए हो
10:34जूते तक नहीं उसके पास
10:36ये खबर आती थी
10:39हमने देश के जमानों के लिए खजाने खोल दिये
10:48और इसलिए
10:52इसलिए वो चाहते गब तो कोई रास्ता बचा नहीं है
10:56बस कब रखुदेगी मोदी की
11:00यही यह रास्ता उनके लिए बचा है
11:02आदर्णिय सभापती जी
11:06एक बार उत्तर प्रदेश के वर्तमान मुख्यमेंत्री जी ने
11:11सदन में भाशन करते करते वो रो पड़े थे
11:22बच्चे अंगिनित बच्चे मर रहे थे
11:25इनको कभी सुझा नहीं किस दिमागी बुखार से
11:30मुक्ति दिलाई जा सकती है
11:32आदर्णिय सभापती जी
11:35आँख की बिमारी ट्रकोमा
11:38लोग परिशान होते थे आँखे चली जाती थी
11:42और विज्ञान प्रगेदी कर चुका था
11:45खोज सकता था
11:46वो नहीं कर सकते थे
11:49हमने दुमागी बुखार से भी मुक्ति दिलाई
11:52और हमने ट्रकोमा से भी देश की आँखे
11:56यही सफलता है है यही संबेदन सिलता है समाज के लिए जीने मरने का यही संकल्प है
12:10पल पल तिल तिल समाज के लिए बिताना जिसना जलना वोन को परिशान कर रहा है
12:25तब जाकर के मोदी तेरी कब रखुदेगी
12:30यह मंत्र लेकर के चल रहे है यह सपने देख कर के चल रहे है
12:36और बाते लोग तंद्रकी करते है माबद के दुकान के साइन बार लगाते है
12:43क्या सारवजिन इक जीवन में ऐसे नपरत होती है
12:49आदनियस सभावपती जी इनकी सरकार रिमोट से चलती थी
12:58मेरी सरकार भी रिमोट से चलती है
13:02एक सो चालिस करोड देशवाचों से मेरा रिमोट है
13:06एक सो चालिस करोड देशवाचों के सपने
13:17एक सो चालिस करोड देशवाचों के आकांख्षाए
13:21देश के नवजवाणों के संकल्प
13:24इनके लिए हम जीते हैं
13:29इनके लिए सरकार चलाते हैं
13:33सत्ता हमारे लिए सुक का रास्ता नहीं है
13:36सत्ता हमारे सेवा का माध्यम है
13:39मुद्रा युजना लाखों करोरों के मदद देखे
13:52स्वरूजगार को बल दिया
13:54कॉंग्रेस ने कभी
13:57स्टार्ट अप कल्चर को प्रमूट ही नहीं किया
14:01कुछ सेकड़ों में स्टार्ट अप बिकर अपने उनको पता भी नहीं था
14:08और इनका पहाल ये है आदादेश वापती जी
14:11अपने घर के स्टार्ट अप को भी वो लिप्ट नहीं कर पारे
14:16और हमारी सरकार में आज
14:26दो लाख से ज़्यादा स्टार्ट अप है
14:30और जब सफलता एक के बाद एक जन सामान्य के दिलों को जित्ती है तब जा करके उनके पास एक ही रास्ता बचा है
14:46मोधी तेरी कब रख़ देगी
14:48लेकिन उस हमारा याद कीजिए
14:53BSNL को लेकर के चुटकू ले चलते थे
14:57कार्टून बनते थे
14:58आज स्वदेशी 4G स्टेक हमने खड़ा कर दिया
15:055G दुनिया में सबसे तेज गती से रोलाउट करने का काम हमने कर दिया
15:12कॉमुनिकेशन की नई जनरेशन नई टेक्लोलोजी नई सोच
15:19इसको हमें आगे बढ़ाया
15:21और इसलिए दर्द जुबां पे आ रहा है
15:29मोधी तेरी कब रख़ देगा
15:31अधर ये सवा पती जी
15:34गरीब की सेवा इमरा सवभाग्या है
15:40चार करोड गरीबों को पक के घर देना
15:45मैं जीवन में सुकुन मानता है
15:47पिजली, पानी, कैस का सिलंडर
15:52टॉलेट के सुविधा
15:54मुझे लगता है कि हाँ
15:58परमात्मा ने मुझे
16:00शही दिशा में काम करने की परिर्णा दिए
16:03पहली बार गाउं की महिला
16:09गर्व से कह रही है
16:11हाँ, मैं लगत पती दिदी बनी हूँ
16:13तो दूसरी कह रही है
16:15इस साल तक मैं लगत पती दिदी बन जाओगी
16:18जो बन गई है उनको जब पुझता हूँ
16:20नाई बोले साब अब तो करोरपती के लिए सोच रही है
16:23ये ये जो मिजाज बढ़ा है
16:26जो आत्में उसकास बढ़ा है
16:28और
16:30ऐसे देश के कोटी कोटी जनों के आशिरवाद जिस इंसान पर हो
16:37कोटी कोटी माताओं बहनों का जिस पर रक्षा कबच हो
16:42नारे कितने ही लगा लो
16:46कबर तुम नहीं खोद पाओगे
16:50ये देश की शक्ती
16:53आशिरवाद रुपी कबच
16:57माताओं बहनों का मेरे परती जो भाव रहा है
17:02जिस सद्धाँ भाव से मैंने
17:05माताओं बहनों की सेवा करने का काम किया है
17:08जिनको कोई पूस्ता नहीं था
17:12उसको मोदी पूजाता है
17:15ये आशिरवादी है
17:21जो इनको चूपते है
17:23और इसलिए
17:24कब रखो दुना थाप है
17:27जो जो इनको पूस्ता थाप है
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