00:00इडोस काश्मीरी को सोफ्ट यानी नर्म सोना कहा जाता है लेकिन ये कीमती मैटीरियल कैसे त्यार होता है आईए एक काश्मीरी स्वेटर के सफर की दास्तान जानते हैं
00:30मैं वाकर ये पहन कर देखना चाहती हूँ ये इतना आरामदे है कि ऐसा महसूस होता है जैसे मैं काश्मीरी की आगोश में हूँ लगता है इसमें लेटते ही नींद आ जाएगी
01:00जैसा के आप देख सकते हैं इनके पास ये सब आला मायार का कपड़ा है ये कितना नर्म है बताएए क्या मैं ये पहन कर अच्छी लगती हूँ
01:10यहां मुख्तलिफ किस्म की उन नुमाईश के लिए रखी गई है ये मकामी वाइट गोल्ड यानि सफेद सोना उन है इसका लंप्स हैरत अंगेज तोर पर नर्म और हलका है बिलकुल हवा की तरह
01:34काशमीरी की क्वालिटी को बेहतर बनाने के लिए चीनी कमपनिया पूरे अमल के हर मरहले को नहायत बारीकी से बेहतर बना रही हैं
01:43इसमें काश्मीरी बक्रियों की जिनियाती जांस्त और अफजाशे नसल से लेकर रेवड की मैनेजमेंट, उनकी पैदावार और रेशे की लंबाई और फिटनस के अदादो शुमार की निगरानी, हत्ता के चराहगा और जानवरों की घजायत का इंतजाम सब कुछ शामिल है�
02:13हम सब जानते हैं कि सर्द्यों में स्टैटिक अलेक्ट्रिसिटी यानि कप्रों में बिजली भर जाना कितना परेशान करता है।
02:33फिकर ना करें, इर्डोस ने एक निया काश्मीरी लिबास तयार किया है, जिसमें बिजली भर जाने का जंजट नहीं होता। आईए एक छोटा सा टेस्ट करते हैं।
02:45आम कप्रों में रगड से पैदा होने वाली बिजली लाजमी आती है। अगर आपके बाल मेरी तरह लंबे हैं, तो सर्डियों में ये वाकई एक जंजट है।
02:58मगर ये वाला तो बिलकुल ठीक निकला।
03:15एंटी स्टैटिक काश्मीरी इसलिए खास है कि इसमें जदीर टेकनालोजी से तयार करदा ऐसे रेशे इस्तेमाल होते हैं जो डिरेक्ट कपड़े में बुने जाते हैं।
03:27ये मुसल रेशे बर्की जटके को महफूज तरीके से खारिश कर देते हैं और इसे जमा नहीं होने देते हैं।
03:38कम्माल है। यहां ये मसनुआत डिस्पले की गई हैं।
03:46काश्मीरी के लिए उन्होंने एक कुदरती और माइक्रोबियल रंगाई की टेक्नालोजी तयार की है।
03:52इनका मकसद 100% माहूल दोस्त कपड़ा तयार करना है।
03:56रंग बराहे रास कुदरत से लिया जाता है इसलिए कपड़ा और इसका रंग दोनों फित्री हैं।
04:02ये ना सिर्फ जिल्द के लिए अच्छा है बलके पहनने में भी खुशगवार एहसास देता है।
04:09लूलू ने जिस चीज़ का पता लगाया है उसे माइक्रोबियल डाइन कहा जाता है।
04:13इस अमल में खास किसम के माइक्रो और्गेजम्स इस्तिमाल किये जाते हैं जो खमीर के जरीए कुदरती रंग के मॉलिक्यूल तैयार करते हैं।
04:34रिए रिवायती कीमियाई रंगों की जगा लेती है आलूदगी को इसके माखिस पर ही कम कर देती है और मुकमल तोर पर
04:42माहूल दोस्त रंगाई के तरीकों की राह हमवाद करती है
04:46आज मैं इरिडॉस निटिंग फैक्टरी से वापस आया हूँ
04:52वहाँ कम्प्यूटराइज निटिंग मशीने हैं जो फैशन की दुनिया को बदल रही है
04:56इन मशीनों ने काम को बहुत तेज और असान बना दिया है
04:59बस मसला ये है कि हम नहीं चाहते कि ये सब फास्ट फैशन में बदल जाए
05:03इसलिए तबाजन काईम रखना ज़रूरी है
05:05कारकरदगी की बात की जाए तो 3D डिजिटल डिजाइन इस सबसे मौसर हथ्यार है
05:13डिजिटल मॉडलिंग को मसनुई जहानत के साथ मिला कर उन्होंने एक मैयारी डेटा बेस तयार किया है
05:19जिसमें 3000 से जाएद रंग, 200 अकसाम के यार, 600 डिजाइन और 200 मलबुसात के सांचे शामिल है
05:27अब इंतजार खत्म हुआ, डिजाइन जब चाहें मिल जाते हैं और कारकरदगी भी इंतहा पर है
05:49झाल