00:00यही समय है सही समय है प्रेम और संदर्य का अमर संदेश है विश्णु जी का संख शंख द्वनी सकारात्म गुरुजा का आवान है अभी तो वेवस में कई तरह की खुपसरत लहरे आनी बाकी है
00:25भविश में वेवस एवोर्ड भी लॉंच होने वाले हैं यह आर्ट और क्रियेटिविटी की दुनिया में सबसे प्रतिश्टित एवोर्ड होने वाले हैं
00:41हमें जुटे रहना है हमें जग के मन को जीतना है जन जन को जीतना है
00:56साथ क्यों आज भारत दुनिया की थर्ड लाज्जेस्ट एकॉनमी बनने की तरफ तेजी से आगे बढ़ रहा है
01:08आज भारत ग्लोबल फिंटेक एड़ोप्शन रेट में नंबर बन है दुनिया का सेकंड लाज्जेस्ट मोबाइल मेनुफेक्टर है
01:23दुनिया का तीसरे सबसे बड़ा स्टार्ट अब इको सिस्टिम भारत में है
01:29विक्सीद भारत के हमारी जर्नी तो अभी शुरू हुई है भारत के पास इससे भी कहीं अधिक आफर करने के लिए है
01:43भारत बिलियन प्लस आबादी के साथ साथ बिलियन प्लस टोरीज का भी देश है
01:54दोहजार साल पहले जब भरत मुनी ने नाट्य सासर लिखा तो उसका संदेश था
02:06नाट्यम भावयती लोकम इसका आर्थ है कला संसार को भावनाए देती है
02:19इमोशन देती हैं फिलिंग देती है
02:24सद्यों पहले जब कालिदास दे अभिज्ञान साकुंतम लिखी
02:32तब भारत ने क्लासिकल ड्रामा को एक नई दिशा दी
02:40भारत की हर गली में कहानी है हर परवत एक गीत है हर नदी कुछ न कुछ गुन गुनाती है
02:54आप भारत के छे लाग से जाना गाउं में जाएंगे
03:01तो हर गाउं का अपना एक फोक है
03:05स्टोरी टेलिंग का अपने ये खास अंदाज है
03:09यहां अलग अलग समाजों ने लोग कथाओं के माध्यम से अपने इतिहास को अगली पीडी तक पहुंचाया है
03:24हमारे यहां संगीत भी एक साधना है भजन हो गजलें हो क्लासिकल हो यह कंटबरेरी हर सूर में एक कहानी है
03:39हर ताल में एक आत्मा है साथियों हमारे यहां नाद ब्रह्म यानि साउंड अफ डिवाइन की कल्पना है
03:54हमारे इश्वर भी खुद को संगीत और नृत्य से अभिवेक्त करते हैं
04:03भगवान शीव का डमरू सुस्त्री की पहली ध्वनी है
04:09मा सरस्वती की विणा दिवेक और बिद्या की लाय है
04:16स्री कर्ष्णी की बांसूरी प्रेम और संदर्य का अमर संदेश है
04:22विष्णु जी का संख, संख द्वनी, सकारात्म गुर्जा का आवान है
04:30इतना कुछ है हमारे पास
04:34अभी यहां जो मन्म होने वाले सांसकुर्टिक प्रस्तित हुई उस मेरी
04:41उसकी जलत बिखी है और इसलिए ही मैं कहता हूं यही समय है, सही समय है
04:51झाल
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