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Delhi-NCR में GRAP-2 लागू: Air Quality 'Very Poor', क्या बढ़ेंगे Parking Charges? दिवाली से पहले दिल्ली-एनसीआर में हवा की गुणवत्ता खतरनाक स्तर पर पहुंचते ही वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने कड़े नियम लागू कर दिए हैं!

दिवाली से ठीक पहले दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में प्रदूषण का स्तर भयावह रूप ले चुका है। दिल्ली का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 2 नवंबर को तेजी से बढ़कर 324 पर पहुंच गया, जिससे हवा 'Very Poor' (बेहद खराब) श्रेणी में दर्ज की गई। महज दो दिनों के भीतर हवा की गुणवत्ता में आई इस गिरावट को देखते हुए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने पूरे दिल्ली-एनसीआर में ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान का दूसरा चरण यानी GRAP-2 तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है।

GRAP-2 लागू होने के साथ ही सड़कों पर उड़ने वाली धूल पर अंकुश लगाने के लिए मैकेनाइज्ड स्वीपिंग और वैक्यूम क्लीनिंग की गति बढ़ा दी गई है। इसके अलावा, सड़कों और ट्रैफिक कॉरिडोर पर पानी के नियमित छिड़काव तथा डस्ट सप्रेसेंट के इस्तेमाल के निर्देश दिए गए हैं। मौसम विभाग (IMD) और आईआईटीएम (IITM) के अनुसार प्रतिकूल मौसमी परिस्थितियों के कारण आने वाले दिनों में हवा का स्तर और बिगड़ सकता है।

निजी वाहनों के इस्तेमाल को हतोत्साहित करने और सड़कों पर गाड़ियों का दबाव कम करने के उद्देश्य से पूरे दिल्ली-एनसीआर में पार्किंग फीस बढ़ाने का प्रावधान लागू किया गया है, ताकि लोग मेट्रो और बसों जैसे सार्वजनिक परिवहन का अधिक उपयोग करें। इसके अलावा डीजल जनरेटर के संचालन पर भी कड़ी पाबंदियां लागू की गई हैं।

About the Story:
With Delhi's Air Quality Index (AQI) deteriorating to 324 in the 'Very Poor' category, the Commission for Air Quality Management (CAQM) has enforced Stage-II of the Graded Response Action Plan (GRAP-2) across Delhi-NCR. Key measures include increasing road sweeping, water sprinkling, raising parking fees to curb private vehicle usage, and enhancing public transport.

#DelhiPollution #GRAP2 #DelhiAQI #AirPollutionNews

~HT.318~ED.104~PR.514~GR.506~VG.HM~

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Transcript
00:00दिवाली आने में अब कुछी दिन बाकी हैं लेकिन दिली अंसियार की हवा अभी से लोगों का दम घोटने लगी
00:05है
00:05राजधानी में प्रदूशन का स्तर तेजी से बढ़ रहा है और हवा की गुणवत्ता खराब होकर बेहत खराब यानि की
00:12वेरी पूर कैटेग्री में पहुँच गई है
00:15हालात ऐसे हो गए हैं कि लोगों को सांस लेने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है
00:19सुभे और शाम के वक्त आसमान में धून की मोटी परत दिखाई दे रही है
00:23इसी बिगरती स्तिती को देखते हुए वायूगुणवत्ता प्रबंधन आयोग यानि C-AQM ने पूरे दिली अंसियार में
00:31Graded Response Action Plan के दूसरे चरण यानि Grab 2 को ततकार प्रभाव से लागू कर दिया है
00:37दिली का Air Quality Index यानि की AQI 2 नवेंबर को 324 दर्ज किया गया था
00:43ये इस सीजन में पहली बार है जब राश्थानी की हवा वेरी पूर कैटेगरी में पहुँच चुकी है
00:48प्रदुशन के आकड़ों पर नज़र डाले तो 31 उक्टूबर को दिली का AQI 117 था जो मध्यम श्रेणी में आता
00:55है
00:55इसके वाद 1 नवेंबर को ये बढ़कर 261 हो गया और 2 नवेंबर को सीधे 324 पार पहुँच गया
01:02यानि महस दो दिनों में हवा की गुणवत्ता में तेजी से गिरावट आई है
01:07C AQM के मुताबक इसके पीछे प्रतिकूल मौसमी परस्तियां एक बड़ी वजह है
01:12मौसम विभाग IMD और Indian Institute of Topical Meteorology यानि की IITM ने भी आने वाले दिनों में
01:20हवा की गुणवत्ता बेहद खराब श्रेणी में बने रहने का अनुमान जताया है
01:24अब सवाल है कि ग्रेब टू लागू होने के बाद दिले अंसियार में क्या क्या बदलेगा
01:29क्या आपकी गाड़ी चलने पर रोक लग जाएगी
01:31क्या दफ्तर जाने का समय बदलेगा और क्या सार्वजनिक परिवहन के सुविधा बढ़ाई जाएगी
01:38आई एके करके पूरी खबर समझते हैं और इस खबर पर ये खास रिपोर्ट देखते हैं
01:49सबसे पहले बात करते हैं सडकों पर ओडने वाली धूल की
01:53जी आरेपी टू के तहट दिल्ली एंसियार की सडकों पर धूल को नियंतरित करने के लिए सफाई अभ्यान तेज किया
01:59जाएगा
01:59नगर निगम और संबंधित एजन्सियों को मकैनिकल स्वीपिंग यानि मशीनों से सडकों की सफाई और वैक्यूम स्वीपिंग की आवरित्ती बढ़ाने
02:07के निर्देश दिये गए हैं
02:09खास तोर पर उन सडकों और इलाकों पर ध्यान दिया जाएगा जहां ट्राफिक ज्यादा रहता है और धूल उड़ने की
02:14आशंका अधिक होती है
02:16इसके साथ ही सडकों पर नियमित रूप से पानी का छिड़काव किया जाएगा जरूरत की हिसाब से डस्ट सप्रेसंट का
02:22इस्तिमाल भी किया जाएगा ताकि हवा में उड़ने वाले धूल के कणों को कम किया जा सके
02:26भारी ट्राफिक वाले रास्तों और जाम वाले इलाकों को प्राथमिक्ता दी जाएगी
02:31दूस्या बड़ा कदम है निजी वाहनों के इस्तिमाल को कम करना
02:34दिली NCR में जी आरे पी टू के तहट पार्किंग शुल्क बढ़ाने का प्रावधान किया गया है
02:39इसका मकसद लोगों को अपनी निजी गाड़ियों के बजाए मेट्रो बस और दूसरे सारवजनिक परिवहन का इस्तिमाल करने के लिए
02:46प्रोच साहित करना है
02:47जब ज्यादा लोग एक ही गाड़ी में सफर करेंगे या सारवजनिक परिवहन का इस्तिमाल करेंगे तो सडकों पर वाहनों की
02:53संख्या कम हो सकती है
02:54इससे ट्राफिक और वाहनों से होने वाले प्रदूशन को नियंतरित करने में मदद मिल सकती है
02:59हलकी यहां एक बात समझना ज़रूरी है
03:01जी आरेपी टू लागू होने का मतलब ये नहीं है कि दिल्ली एंसियार में सभी नीजी गाड़ियों पर अचानक प्रतिबंध
03:07लगा दिया गया है
03:08वाहनों को लेकर जो अलग-अलग नियम लागू है उनका पालन करना जरूरी है
03:12मसलन दिल्ली में एक नवंबर से लागू शीत कालीन प्रदूशन नियंतरन व्यवस्था के तहत
03:17बाहर के राज्यों में पंजीकृत ऐसे पेट्रोल और डीजल वाहनों की एंट्री पर रोख है
03:21जो निर्धारित BS6 उत्सर्जन मानक पर खरे नहीं उतरते
03:25इलेक्ट्रिक, CNG और BS6 मानक वाले वाहनों को इस नियम में छूट दी गई है
03:29इसलिए जी आरेपी टू और वाहन प्रवीश से जुड़े अलग नियमों को एक जैसा नहीं समझना चाहिए
03:35अब बात करते हैं मेट्रो और बसों की
03:38प्रदूशन के बीच लोगों को निजी वाहनों से सार्वजनिक परिवहन की ओर लाने के लिए मेट्रो सेवाओं को मजबूत किया
03:44जाएगा
03:44दिल्ली मेट्रो की ट्रेनों के फेरे बढ़ाये जाएंगे ताकि यात्रियों को ज्यादा इंतिजार ना करना पड़े
03:49और भीड को बेहतर तरीके से संभाला जा सके
03:52दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ने जी आरेपी टू के तहट 3 नवंबर से 20 अतिरिक्थ ट्रेन ट्रिप चलाने की जानकारी
03:58दी है
03:59इसके अलावा CNG और इलेक्ट्रिक बसों की संख्या और उपलब्धता बढ़ाने पर भी जोर दिया जाएगा
04:04संबंदित एजेंसियों को ये सुनिष्टित करना होगा कि बसे और मेट्रो यात्रियों की जरूरत के मुताबिक उपलब्ध रहे
04:10इसका सीधा फाइदा उन लोगों को मिल सकता है जो रोजाना नौकरी, पढ़ाई या दूसरे कामों के लिए दिल्ली और
04:16आसपास के शहरों के बीच सफर करते हैं
04:18हलाकि लोगों की भागीदारी भी उतनी ही जरूरी है
04:21अगर छोटी दूरी के लिए भी हर व्यक्ती अपनी निजी गाड़ी लेकर निकलेगा तो प्रदूशन और ट्राफिक दोनों पर दबाव
04:27बना रहेगा
04:27जी आरेपी टू के तहत डीजल जनरेटर के इस्तिमाल पर भी सकती की जाएगी
04:32डीजल से चलने वाले जनरेटर हवा में प्रदूशन फैलाने वाले करण और गैसे छोड़ते हैं
04:36इसलिए इनके इस्तिमाल को नियंतरित करने के निर्देश दिये गए हैं
04:39आवशक सेवाओं को नियमों के तहट छूट मिल सकती है
04:42लेकिन सामाने परिस्तितियों में डीजल जनरेटर चलाने पर पाबंदिया लागू रहेंगी
04:47अस्पतालों, आपात कालीन सेवाओं और अन्य जरूरी संस्थानों की बिजली आपूर्ती को ध्यान में रखते हुए
04:52आवशक छूट का प्रावधान रखा गया है
04:54इसके इलावा प्रदूशन के होट स्पोर्ट यानि उन इलाकों पर भी निगरानी बढ़ाई जाएगी
04:59जहां हवा की गुणवक्ता लगातार खराब बनी रहती है
05:02निर्मान और तोड़फोड वाली जगहों पर धूल नियंतरन के नियमों का पालन कराया जाएगा
05:06खुले में कच्रा जलाने, निर्मान सामगरी को खुले में रखने
05:09और सडकों पर धूल फैलने जैसी गतिविधियों पर भी निगरानी रखी जाएगी
05:13ग्राब के पहले चरण के तहट लागो उपाय भी जारी रहेंगे
05:16यानि ग्राब 2 लागो होने के बाद पहले से चल रहे प्रदूशन नियंतरन के उपाय खत्म नहीं होंगे
05:22बलकि उनके साथ अतरिक्त कदम भी उठाए जाएंगे
05:24अब समझते हैं कि आखिर AQI 324 का मतलब क्या है और ये आम लोगों की सेहत के लिए कितना
05:30खतरनाक हो सकता है
05:31Air Quality Index हवा में मौझूद प्रदूशकों के स्तर को बताता है
05:35भारत में AQI को अलग-अलग श्रेनियों में बाटा गया है
05:380-50 तक हवा अच्छी, 51-100 तक संतोष जनक, 101-200 तक मध्यम, 201-300 तक खराब, 301-400
05:48तक बेहत खराब और 401-500 तक गंभीर श्रेनी मानी जाती है
05:52ऐसे में दिल्ली का 324 AQI बेहत खराब हवा का संकेत है
05:57इस तर पर लंबे समय तक प्रदूशित हवा में रहने से सांस लेने में परिशानी हो सकती है
06:02अस्थमा और फेपणों से जुड़ी बिमारियों से जूज रहे लोगों की मुश्किलें बढ़ सकती है
06:06बच्चों, बुजर्गों और पहले से सांस या दिल की बिमारी से परिशान लोगों को विशेश सावधानी बरतने की जरूरत है
06:13प्रदूशन में मौझूद PM 2.5 जैसे बेहत महीन कन फेपणों के भीतर तक पहुँच सकते हैं
06:19और कुछ परिस्थितियों में रक्त प्रवाह तक में प्रवेश कर सकते हैं
06:22यही वज़े है कि प्रदूशन केवल आखों में जलन या खांसी तक सीमित समस्य नहीं है
06:26बलकि लंबे समय में सेहत पर गंभी रसर डाल सकता है
06:29ऐसे में डॉक्टरों की सला है कि जब हवा की गुणवत्ता बेहत खराब हो
06:33तो सुभा और देर शाम के वक्त खुले में ज्यादा देर तक व्यायाम न करें
06:37बाहर निकलते समय जरूरत के मुताबिक अच्छी फिटिंग वाला N95 मास्क इस्तमाल किया जा सकता है
06:43घर में धूल जमा ना होने दे और अगर सांस लेने में परिशानी, सीने में जकडन या लगातार खांसी जैसी
06:49शिकायत हो
06:49तो डॉक्टर से संपर्क करें
06:51बच्चों और बुजर्गों को प्रदूशन के अधिक संपर्क से बचाना भी जरूरी है
06:55अब सबसे बड़ा सवाल ये है कि क्या दिवाली तक दिल्ली एंसियार की हवा में सुधार होगा
07:00फिलहाल मौसम और पर्यावरण से जुड़ी एजेंसियों का अनुमान राहत देने वाला नहीं है
07:04IMD और IITM के पूर्वानुमान के मुताबिक आने वाले दिनों में दिल्ली की हवा बेहत खराब श्रेडी में बनी रह
07:11सकती है
07:11इसकी एक बड़ी वजय मौसम की ऐसी परिस्थितियां हैं जिनमें हवा की रफ्तार कम रहने पर प्रदूशक तेजी से बिखर
07:17नहीं पाते
07:18हवा में मौजूद धूल, सुवा और दूसरे प्रदूशक जमीन के आसपास जमा होने लगते हैं
07:23तापमान में बदलाव और वातावरण की स्थिर्ता भी प्रदूशन को बढ़ाने में भूमिका निभा सकती है
07:28दीवाली से पहले प्रदूशन बढ़ने की चिंता इसलिए भी ज्यादा है क्यूंकि इस मौसम में कई सरोत एक साथ हवा
07:34की गुणवत्ता को प्रभावित करते हैं
07:36वाहनों से निकलने वाला धुआ, निर्मान कारियों की धूल और द्योगिक उठसर्जन, कच्रा जलाना और आसपास के राज्यों में पराली
07:43जलाने की घटना है प्रदूशन में योगदान कर सकती है
07:46त्योहार के दौरान पटाखों से निकलने वाला धुआ भी हवा की स्थिती को और खराब कर सकता है
07:51हालाकि किसी एक वजह को दिल्ली के प्रदूशन के लिए जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता
07:55मौसम, स्थानिय उत्सरजन और क्षेत्रिय प्रदूशन का मिला जुलासर राजधानी की हवा पर पढ़ता है
08:01ग्रैब 2 लागू करना फिलहाल प्रशासन की ओर से उठाया गया एक जरूरी कदम है
08:06लेकिन केवल सरकारी आदेशों से प्रदूशन पर काबू पाना आसान नहीं होगा
08:10इसके लिए लोगों को भी अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी
08:13छोटी दूरी के लिए पैदल चलना, साइकल या सारवजनिक परिवहन का इस्तिमाल करना, कच्रा और पत्तिया न जलाना, वहन की
08:20नियमित सर्विसिंग कराना और निर्मान स्थलों पर धूल नियंतरन के नियमों का पालन करना जरूरी है
08:25फिलहाल दिल्ली NCR के लोगों को दिवाली से पहले प्रदूशन से राहत मिलने का इंतजार है
08:30AQI का 324 तक पहुँचना एक चेतावनी है कि अगर समय रहते प्रदूशन के स्रोतों पर नियंतरन नहीं किया गया
08:37तो आने वाले दिनों में हालात और चुनोती पूर्ण हो सकते हैं
08:40अब नजर इस बात पर रहेगी कि ग्रैप 2 के तहट उठाए गए कदम कितने प्रभावी साबित होते हैं
08:46और क्या मौसम में बदलाव राजधानी को जहरीली हवा से कुछ राहत दिला पाता है
09:10झाले पाता है
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