00:07सोचिए आप हजारों फीट की उचाई पर उड़ रहे हो चारों तरफ सैकड़ों लोगों की जिंदिगी आपके भरोसे हो और
00:14तभी कॉक्पीट में मौजुद आपका ही साथी आप पर जानलेवा हमला करते।
00:19सिर से खून बह रहा हो शरीर बुरी तरह घायल हो लेकिन फिर भी आप हार मानने को तयार ना
00:26हो ये किसी फिल्म की कहानी नहीं बलकि भारतिये पाइलट कैप्टर स्मित मच्छार की बहादूरी की कहानी है आज उनके
00:34सिर पर लगे टाके उस खौफनाग हमले की गवाही दे रह
00:49गया है राष्टपती शेख मुहमद बिंचायद अल नाहयां ने उन्हें फर्स क्लास ओर्डर अफ जायद से सम्मान दिया सम्मान समारों
00:59में जब स्मित मच्छार पहुचे तो यूए की राष्टपती में उन्हें कले लगा कर सम्मान दिया इस घटना के दौरान
01:06मौजूद
01:07इसरे क्लू ने बर्स को भी सम्मानिक किया गया लेकिन सवाल है आखिर उस दिन विमान के अंदर ऐसा क्या
01:14हुआ था जिसने स्मित मच्छार को मौद के सामने खड़ा कर दिया
01:1830 सितंबर को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाई दुबई की फ्लाइट में 174 लोग सवा थे विमान हवा
01:27में था तभी खबरों के मुताबिक ओमानी को पालट ने कैप्टन स्मित मच्छार पर इमर्जेंसी में इस्तमाल होने वाली पुलहारी
01:35से हमला कर दिया
01:37हमला इतना खतरनाक था कि उनके सिर्फ पर गंभीर चोटे आई लेकिन जखनी होने के बावजूद स्मित मच्छार ने हिम्मत
01:45नहीं हारे उन्होंने पूरी ताकत लगाई और पौफित का दर्वाजा खोलने में काम्याब रहे इसके बाद यात्रियों और क्रू ने
01:53मिलकर हम
02:06में आई हैं तो सिर्फ पर मौजूद गहरे जख्यू और टां के देखते लोग हैरान है श्रोशल मीडिया पर लोग
02:12उनकी बहादुरी की तारीख कर रहे हैं और उनके जल्द पूरी तरह स्वेस्थ होने की सामना कर रहे हैं जरा
02:19सोचिए उस वक्त अगर स्मित मच्छार हिम
02:36अपने जिम्मेदारी निभाना है इनके सिर्फ के ये निशान कमजोडी नहीं बल्कि इस होसले की परचान है जिसने उन्हें बार
02:45नहीं मानने के लिए
02:46कैप्टन स्मित मच्छार की बहादूरी को सलाम आप भी इस जाबाज पालट के लिए एक सलाम लिखे और इस कहानी
02:54को ज़्यादा से ज़्यादा लोगों तक पहुचाएए
03:16पहुचाएए