00:00फ्रांस में फिर भड़का गुस्सा
00:03मैक्रों सरकार की खिलाफ सडकों पर उत्रे लाखों लोग
00:07फ्रांस की राजधानी पैरिस से लेकर देश के दूसरे शहरों तक विरोध प्रदर्शन तेज हो गए हैं
00:13महंगाई, बढ़ती जीवन यापन लागत, सरकारी नीतियों और सारवजनिक सेवाओं को लेकर लोगों का गुस्सा सडकों पर दिखाई दे रहा
00:22है
00:22राष्टपती मैनुवल मैक्रों की सरकार के सामने एक बार फिर बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है
00:2824 अक्टूबर को हुए ताजा प्रदर्शनों में फ्रांस के ग्रह मंत्राले के मुताबिक पूरे देश में करीब 4,10,000
00:36लोग शामिल हुए
00:37जबकि ट्रेड यूनियन CGT ने प्रदर्शन कारियों की संख्या लगभग 8 लाख बताई
00:43अकेले पैरिस में सरकारी आकड़े के मुताबिक 1,10,000 लोग सड़को पर उत्रे
00:48यानि प्रदर्शन का आकार कितना बड़ा था इसे लेकर सरकार और यूनियनों के आकड़ों में अंतर है
00:54इन प्रदर्शनों की सबसे बड़ी वजह सिर्फ महंगाई नहीं है
00:58लोगों की नाराजगी के पीछे वे आर्थिक और सामाजिक समस्याएं भी हैं
01:03जिनका असर आम परिवारों की रोज मर्रा की जिंदगी पर पड़ रहा है
01:07बढ़ते खर्च के बीच लोग बहतर वेतन, मजबूत सार्वजनिक सेवाओं और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग कर रहे हैं
01:15छात्रों का कहना है कि स्कूलों और कॉलेजों में शिक्षकों की कमी और बुन्यादी सुविधाओं की समस्याओं को गंभीरता से
01:22लिया जाना चाहिए
01:23वहीं करमचारी और ट्रेड यूनियन वेतन तथा सामाजिक सुरक्षा से जुड़े मुद्दे उठा रहे हैं
01:29लेकिन इस आंदोलन का दाइरा अब आर्थिक मांगों से आगे बढ़ता दिखाई दे रहा है
01:35प्रदर्शनकारियों के एक वर्ग ने लोकतंत्र, सरकार की जवाब देही और विरोध करने के अधिकार से जुड़े सवाल भी उठाई
01:42है
01:42कुछ प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि सरकार उनकी मांगों को परियाप्त महत्वन नहीं दे रही
01:47वहीं सरकार के सामने सारवजनिक व्यवस्था बनाए रखने और हिंसक घटनाओं को रोकने की चुनौती है
01:5417 अक्टूबर को हुए प्रदर्शनों के बाद भी फ्रांस के कही शहरों में तनाब देखा गया था
01:59इसके बाद 24 अक्टूबर को सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई
02:04अधिकारियों ने देश भर में लगभग 70,000 पुलिस कर्मियों और जेंडर मेरी के जवानों को तैनाद किया
02:10पैरिस में प्रदर्शन की शुरुवात शांती पूर्ण रही
02:13लेकिन मार्च खत्म होने के आसपास कुछ जगों पर प्रदर्शन कारियों और पुलिस की बीच जड़ पे हुई
02:19पुलिस ने आसू गैस और पानी की बोचारों का इस्तिमाल किया
02:23अधिकारियों ने देश भर में करीब 1000 गिरफतारियों की जानकारी भी दी
02:28हिंसा और तोड़ फोड की घटनाओं ने हालात को और जटिल बना दिया है
02:32अधिकारियों के मुताबिक कुछ प्रदर्शन कारियों ने पुलिस पर वस्तुए और पटाखे फेके
02:37वहीं कुछ प्रदर्शन कारियों के कुछ समूहों ने पुलिस की कारिवाई पर सवाल उठाए है
02:42इस बीच सुरक्षा चिंताओं के चलते पैरिस के कुछ प्रमुक संग्रहालेयों और सांस्कृतिक संस्थानों को भी बंद रखा गया
02:49हाला कि ये ध्यान रखना जरूरी है कि सभी प्रदर्शन कारी हिंसा में शामिल नहीं थे और बड़ी संख्या में
02:56लोग अपनी आर्थिक तथा सामाजिक मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे
03:00अब इस आंदोलन का अगला बड़ा पड़ाव 5 नवंबर हो सकता है फ्रांस के प्रमुक ट्रेड यूनियनों ने उस दिन
03:07देश व्यापी हरताल और विरोध प्रदर्शन का आहवान किया है यूनियने वेतन बढ़ाने सार्वजनिक सेवाओं को मजबूत करने रोजगार की
03:16सुरक्षा और उद्योगों में निवेश बढ़ाने जैसी मांगे उठा रही हैं सरकार के साथ हुई बैठक के बाद यूनियन नेताओं
03:23ने असंतोष जताया और कहा कि उनकी मांगों पर ठोस कदम नहीं उठाये गए राश्ट्रपती मैकरों के लिए ये स्थिती
03:30इसलिए भ
03:43प्रदर्शनों से सरकार की नीतियों में क्या बदलाव आएगा ये अभी सपष्ट नहीं है।
04:13अने वाले दिनों में भी देश की राजनीती और जन जीवन के केंद्र में रह सकते हैं।
04:43झाले वाले देश की राजनीती और जीवन के रह सकते हैं।
04:44झाले देश और झाले दोओंवागा ये ऑन जीवन के रह सकते हैं।