सन 1911 में पेरिस के लूर्व संग्रहालय से इतिहास की सबसे बड़ी चोरी हुई थी। उस समय मोनालिसा पेंटिंग दुनिया भर में इतनी प्रसिद्ध नहीं थी जितनी कि आज है। विनसेन्ज़ो पेरुगिया नाम के एक इतालवी कारीगर ने इसे संग्रहालय के एक फ्रेम में बंद देखा और इसे चुराने की योजना बनाई।
पेरुगिया संग्रहालय में ही काम करता था। एक रविवार की रात वह संग्रहालय के एक कोठरी में छुप गया। अगले दिन सुबह जब संग्रहालय बंद था, वह पेंटिंग को अपने कोट के अंदर छिपाकर आसानी से बाहर निकल गया। पूरे दो साल तक पुलिस इस चोरी को सुलझा नहीं सकी और यह खबर दुनिया भर के अखबारों में छप गई।
1913 में जब पेरुगिया ने इस पेंटिंग को इटली के एक आर्ट डीलर को बेचने की कोशिश की, तब वह पकड़ा गया। उसने दावा किया कि वह इस पेंटिंग को अपने देश इटली वापस लाना चाहता था। इस हाई प्रोफाइल चोरी की वजह से मोनालिसा रातों-रात दुनिया की सबसे मशहूर पेंटिंग बन गई।
#MonaLisa #History #UnbelievableStories #Paris #MonaLisaTheft #HindiFacts #Louvre #TrueStory
अस्वीकरण: यह वीडियो केवल सूचना और मनोरंजन के उद्देश्य से बनाया गया है। यह कहानी सार्वजनिक स्रोतों पर आधारित है और इस्तेमाल की गई तस्वीरें केवल संदर्भ के लिए हैं।