00:11आज काफी चुनावी सरگर में दिखिए और आज कॉंग्रिस के गर्ड राइबरेली से अखलेश यादव ने अपने रत यात्रा की
00:19शुरूआत कर दी यादिया दो हजार सताइस की चुनावी रत यात्रा का आगास कर दिया
00:24ना उसकार मैं हूँ आपके जात इमान से दिश्ट और रायवरेली में बड़ी संक्या में लोगों ने अकलेश यादव को
00:29सागत किया
00:30और आज इस बुलेटिन में आपको बताएंगे कि आखेर अकलेश यादव की जो शुरुआत होई है रायवरेली सही क्यों हुई
00:37है
00:38रायवरेली में बड़ी संक्या में अकलेश के समर्थन में पोस्टर लगाए गए इस दोराने अकलेश यादव कई नेताओं से भी
00:43मिलने वाले हैं
00:44सीधे आपको रायवरेली लिए चलते हैं वहां का पहले माहौल दिखाते हैं
00:56तो यह उस वक्त की तस्वीरे हैं जब अकलेश यादव रायवरेली पहुचे ही थे
01:01शुरुआत होने वाले थे उनकी रायवरेली से हुई आशीश हमारे साथ जुड़ चके हमारे सयोगी
01:07यह आशीश जरा तस्वीरों के जरीवरे बताईए कि कैसा माहौल इस वक्त दिखाई दे रहा है और अकलेश यादव की
01:14रायवरेली से हुई जस पर बीजेपी भी कह दिखाते हैं कि कहां से उनको शुरुआत कर दी थी
01:21तो यह रहाँ बताईए कैसा मिज़ाज है
01:27आप म्यूट है लगता है एक बार अदम्यूट कीज़ें आपको आशीश
01:35बोलिए
01:36यह आवाज आपको आ रही है
01:39देखे सबसे बड़ी बात है समाजबादी पार्टी इस समय रायवरेली से शुरुवात कर रहे हैं
01:44और रहे बारेली से सुरुवात करने का मकसद वही है कि जो एलाइन्स है यानि कि कॉंग्रेस और समाजबादी पार्टी
01:50का वो कहीं ना कहीं एक तरीके से रार की स्तिती में था
01:53और यही वज़े हैं कि समाजबादी पार्टी ने अपनी चुनाओ की तैयारी वहां से शुरू की जहां से उनको अब
02:01आगे लड़ने वाली सीटों पर कहीं ना कहीं जवाब दे आ सके
02:04तो इसलिए भी यह महतपूर हो जाता है कि रायबरेली की वो सीटे ही जहां पर पहले मनोश पांडे थे
02:11जो अपके बीजेपी में हैं एक तरीके से तो ऐसी इस्तिती में वहां से लड़ना पीडिये के शुरूआत करना पीजेपी
02:18तो वैसे भी हावी है बीजेपी कह रही है
02:20कि जो शुरूआत कर रहे हैं द्यासंकर सिंग जो उत्तफरी सरकार के मंत्री है वो तो कह रहे हैं पीडिये
02:26का पहले मतलब तो क्लियर करें क्या किर है क्या पाताल धरती आकास है पीडिये का मतलब क्योंकि हर बार
02:32बदल जाता है कभी ये पीशे पंडित हो जाता है कभी ये �
02:49यह राइबरेली से सुरू ओता है, तो कई ना कई यह, यह जो है, कॉंगरेस के साथ में, वन्टू वन
02:54की बात है, क्योंकि, जिस तरीके से कॉंगरेस अपनी सीटों को लेकर, पूरी तरीके से कह रही थी, कि हमें
03:00राइबरेली और अमेटी के सीटे लेनी है, गट बंदन में, �
03:03लेकिन समाजवादी पार्टी वो सीटे देना नहीं चाहती है, पिर चाहिए वो राइबरेली की सीट हो, अमेटी की सीट हो,
03:10फिर वहाँ एक लोधी करेक्टर लड़वाना चाहते हैं, वहाँ भी नहीं देना चाहती है, तो ऐसी स्तिति में समाजवादी पार्टी
03:16पीडिये का
03:17ये रत वहाँ से शुरू करके एक तो Congress को मैसेज देना चाहती है कि Congress के लिए वहाँ पर
03:22उतनी स्पेस रही है जितना समाजवादी पार्टी के लिए है इसी बज़े से और बीजेपी को दूसर देना चाहती है
03:28कि हम उस सीटों पर लड़ेंगे जो हमारी विदायक जो छोड़क
03:32अगर बीजेपी चले गए है मनोज पांडे जैसे नेता और मंतरी बन गए हम उनकी सीट पर उनको हराएंगे और
03:39राइबरेली से शुरूआत करेंगे तो कहीं ना कहीं ये डबल पॉलिटिक्स है यानि कि समाजवादी की पार्टी की बीजेपी और
03:46Congress के साथ ये हमें इस पी�
04:18पॉलिटिक्स के माणे में एस अखलेष यादो का दो तरीके के टैक्टिस राहे हैं जिसमें वो एक तीर से कई
04:26निशाने कर रही है जी
04:28वो तो ठीक है लेकिन अब इसे आगे किस तरह से देखा जाए क्योंकि ये तो आप देख रहे हैं
04:34आपने ये वाली खबर भी बताई थे कि कॉंग्रेस और समाजवादी पाइटी के नेता एक दूसरे पर बयान बाजी कर
04:40रहे हैं और आपने बहुत अच्छे से समझाया भी कि �
04:42बीजेपी की तरफ से भी निशाना साधा जा रहा है लेकिन अब आगे 2027 के घमासान आप कैसे देख रहे
04:47हैं अगर अभी से इतनी सारी चीजे डीरेल होती हुई दिखाई देंगी क्योंकि अगर एक ट्रेक पर नहीं चलेंगे समाजवादी
04:54पाइटी और कॉंग्रेस तो बी
05:09कह सकते हैं पीडे की आतरा की जरिये दे देगे लेकिन अलाइंस वो कटबंदन में रहेगी और उसको मालूम है
05:14कि जो इंडिया अलाइंस है उसमें रहने से ही बीजेपी को हराय जा सकता और यही वज़े है कि कॉंग्रेस
05:20को पहला मैसेज चला जाएगा उसके बाद वो बी�
05:36बीजेपी को हराने के लिए उसको जाधा से जाधा सीटे समाजवादी पार्टी को चाहिए चाहिए वज़ेजा हो फिरमी अतरप्रदेश या
05:42पूर्भी उतरप्रदेश हो तो यह तो मालुम है कि पहले हम कांगरिस को कँट्रोल कर ले ऐसा क्यूकि अनुमान है
05:48अखले चा�
06:02जो कारिकरता है उन्होंने यहां तक कहा है कि यह तो सिर्फ अभी चाय पीने गए हैं कलेश यादो अभी
06:07तो यह हालात हैं अगर किसी और दूसरी रैली में जाएंगे तब कितना ज्यादा जोज होगा युवाओं में कितना ज्यादा
06:13लोगों में तो पीडिये की जो यात्रा ह
06:16और सबसे खास बात बताओ इस पीडिये में उन्होंने नीला रंग भी जोड़ दिया है आपने बस पर देखा होगा
06:21चुकि नीला कलर क्यों जोड़ा है अंबेटकर और दलित से जुड़ता हुआ यह है बहुजल समाज पार्टी बहुत मजबूत इस्चती
06:27में ना हो पाए �
06:28और अभी नहीं है ऐसा समाज़ादी पार्टी का मानना है अब ऐसे में अंबेटकर और दलितों को भी इपने साथ
06:34जोड़ना तो पीडिये का मतलब आप समझ लिजिए कि चारों तरफ से पिछड़ा हो पंडित हो इसके साथ दलित हो
06:43अल्फ संक्यक हो आधी आबादी हो सब क
06:59यहां से लगाना शुरू करेंगे तभी पाच्चिमी उत्रप्रदेश और पुरी उत्रप्रदेश में उनका मज़बूत किला है फिर चाहे हो आजम
07:07कर हो बस्ती हो अब बहुत से सीटे है जानते है जहां पर उनका किला भेत पाना मुश्किल है बीजेपी
07:14को इसलिए वह श�
07:27तो यह बड़ा मेसिज है समाजवादी पार्टी का और यह जवाब भी है चुकि बीजेपी जिस तरीके से आपने देखा
07:33होगा नितिन नभीन आप अस्टीम उत्तर प्रदेश में है उसके बाद विनो तावड़े पूर भी उत्तर प्रदेश में है गोरकपूर
07:40से लेकर अधर
07:40तो वहाँ तक सब कुछ एक तरीके से बीजेपी फुल मोड में है चुनाओ में और अब ऐसे में अखले
07:46शादों के कंदों पर बड़ी जिम्मेदारी है क्योंकि कॉंग्रेस अभी बहुत बैक पूट पर है कॉंग्रेस अभी फुल फ्लेश में
07:52नहीं आई है कि कैसे चुना�
08:09निकले शुकरिया तो अकले शादब के पहुंचने के पहले ही बस राइबरोली पहुच चुकी थी अब राइबरोली में उस वक्त
08:15माहौल क्या था जब रत देखने को मिला आम लोगों को भीड़ बहुत थी हमारे समादाता उस वक्त मौके पर
08:22मौजूद थे संतोश उनकी �
08:23एक रिपोर्ट आपको दिखाते हैं समाजवादी पार्टी का पीडी रख तयार है और इस पीडियर रख की पहली तस्वीरें हम
08:31लेकर आए हैं यह बस पीडियर चुकि यह बस हमेशा से पहचान रही है लेकिन इस बार जो परिवर्तन क्या
08:40गया एक तो पीडियर उसमें लि
08:53पूरे एक साइट पर एक बड़े से बैनर के साथ लिखा गया है पीडिये जो पीडित है वो पीडिये है
09:00ये एक बड़ा परिवर्तन देखने को मिल रहा है नीले रंग के साथ जो पीडित है वो पीडिये है एक
09:07तरह से पीडित में वो व्यक्ति शामिल कर लिए गए जाति धा
09:25तो पीडिये के नाम को बढ़ा करते हुए जो पीडिये घूर है ये दूसरी तरफ से चुनकि रइबरेली से इसकी
09:35आत्रा शुरुआत हो रही है तो यहां से तमाम
09:38जो समाज़ादी पारटी के कार्रिकरता है
09:39वो भी इस बस को देखने के लिए आतुर है
09:42और ये बस का
09:45दूसरा साइड है
09:46बस के दूसरे साइड
09:48आपको यहां पे अख्लेश शादव की तस्वीर
09:50जो पीडिव पीडिए
09:51जो नीला रंग एक तरह से
09:57सबसे आगे जो गेट बनाया गया है जो एंटरंस गेट है उसमें पाइटी के संस्थापक पाइटी के मुख्या रहे नेताजी
10:08मुलाइम सिंग्यादों की तस्वीर इस पूरे रद पर सिर्फ दो तस्वीर है
10:17मिश्ची तोर पर विजय होगी 27 में समाजवादी सरकार बनेगी शिर्फ लिश्यादुजी मुख्यमंत्री होंगे
10:25लेकिन परतन की शुरुआत है यह आहाठ है और इस अंकेत है दोहजास ताइस का
10:32इससरुआत है जो बिदिये चरफर में इस जो कार बनेगी यिवकर्णीय में पहले में पिछना होता था जो पीडिये का
10:52भी बे empowered
10:56परसन्ड गौर्व के साथ संतूश कुमार आज ता
11:00समझवारी पाइटेश अकलेश यादावाज रायबरेली से पीडिये रत्यात्रा निकाल चुके हैं
11:05और चुनावी पीडिये यात्रा से पहले अकलेश ने आकर कॉंग्रिस के गड़ राय बरेली को रत यात्रा के लिए क्यों
11:10चुनाएं
11:11आपके उनमें जिग्या से होगी इस सवाल की जवाब की तो जवाब हम देते हैं
11:26उत्तर प्रदेश में समाजवादी पाइटी की पीडिये यात्रा तो अभी बाकी है
11:30लेकिन अकलेश का रत सुभा सुभा राय बरेली की रास्ते चल पड़ा था
11:35राय बरेली में अकलेश की स्वागत में जगा जगा बैनर पोस्टर होर्डेंग्स लगी होई थी
11:42अकलेश की रत पर बले पीडिये यात्रा का नारा लिखा हो
11:45लेकिन उनकी ये रत यात्रा चुनावी पीडिये यात्रा नहीं बलकी राय बरेली स्पेशल थी
11:52जो राय बरेली में हर्चनपुर के समाजवादी पाइटी विधायक और OBC निता राहूल लोदी के घर तक ही थी
12:03यूँ तो अकलेश की इस यात्रा का मकसद समाजवादी चात्रसभा के उन नौजवानों से मुलाकात थी
12:08जिनकी 17 सितंबर के देन पुलिस अधिकारियों से जड़ पुई थी
12:39अकलेश पेडिये में पीफ और पेड़ित बताकर हर जिले में किसी न किसी पेड़ित से मुलाकात के नाम पर ये
12:44रत्यात्रा कर रहे हैं लेकिन दरसल कहानी उचाहार सीट की सियासत से जुड़ी है
12:50दो चीजे सामने आती हैं पहला इस वक्त इंडिया गट बंदन उस दौर में है जब सीट शेरिंग की चर्चाएं
12:56चरम पर हैं ऐसे में जैस समाजवादी पार्टी बड़े भाई की भूमिका में है इस रत्यात्रा से समाजवादी पार्टी ये
13:03मेसेस देना चाहती है दूसर
13:19ये भी है कि जो पुलिस से प्रशासन से प्रीडित लोग है उनसे मिलकर भी अखिले शादव एक सियासी संदेश
13:25देने की कोशिश कर रहे हैं और उसके लिए ये आत्रा आज राइबरेली में अखिले शादव निकाल रहे हैं
13:33दरसल पिछले चुनाव में कॉंग्रेस से गड़बंदन नहीं होने के बावजूद समाजवादी पाइटी ने राइबरेली जिले की छे मैसे चार
13:39सीटे जीत ली थी
13:40तब उचाहर सीट से तीम बार की समाजवादी विधायक मनोच पांडे ने चुनाव के बाद बाला बदल लिया और योगी
13:48सरकार पे मंत्री बन गए
13:50पिछले दिनों जिस तरह मनोच पांडे ने शिव महापुरान कथा कराई है और उसमें सीम योगी की मौजूदगी से लेकर
13:56मनोच पांडे के लिए स्पेशल सरकारी हेलिकॉप्टर वेज़ें तकी खबरें सुर्खिया बनी है तब से समाजवादी पार्टी ने सीट पर
14:03न�
14:19से रड़बेरी फूपी है तो इसके सियासी बाई ने दूर तक जा रहे हैं तो कि ये वही सीट है
14:24जहां कॉंग्रिस की नित्ता राहुल गंदी सांसद है
14:27खबर है कि इस बार की चिनाव के लिए कॉंग्रिस राय बरेली का मैदान समाजवादी पार्टी के लिए खुला नहीं
14:33छोड़ना चाहती
14:33ऐसे में अकलेश का राय बरेली में रत यात्रा कर देना कॉंग्रिस की दावे के खिलाब समाजवादी होड नजर आती
14:40है
15:06अब देखना होगा कि अकलेश की राय बरेली रत यात्रा को लेकर
15:09कॉंग्रिस के खित्रिय निताओं का या रुक रहता है
15:13क्योंकि पश्चमी यूपी की निता तो समाजवादी पार्टी पर लगातार जल्द गड़बंदर का सीन साफ करने का दबाव बना रहे
15:19है
15:19राय बरेली से संतोष शर्मा के साथ समर्थ श्रिवास्तव लटनव आजता
15:25तो एक तरफ अकलेश के पीडिये में पीफ और पीडित के लिए रधियात्रा वो निकाल रहे हैं
15:30तो दूसरी और एफ और अल्पसंख्यक मुसल्मानों को रिज़ाने के लिए भी सियासी फैसल ले रहे हैं
15:36अब चुनाओं में चन्द महीने बच्चे हैं तो अगलेशन मुसल्मान वोट को रिज़ाने के लिए विधान परिशत में नितावी पक्ष
15:41की कुरसी जास्मीर अंसारी को सौप दी है
15:44अब ऐसे में अल्पसंख्यकों की लड़ाई दो हजार सताइस में और कैसे गर्माने वाली है जाते आते सिपोर्ट के जरीए
15:51आपको बताते हैं
15:53तो अक्टोबर तक हम इंतजार करेंगे और इंशालला हताला उसके बाद जिस किसी से भी हमारा अलाइंस होगा
16:03हम उस दिन एलान कर देंगे कि हमारा अलाइंस इनके साथ है और इनहीं के साथ हम जाकर उद्धर परदेश
16:13में इंतिखाबात और इस्सा लेंगे
16:24हैदराबाद से निकल कर OEC UP में धाड रहे हैं
16:27अखिलेश यादव को चुनौती दे रहे हैं
16:29सीधे सीधे डेडलाइन देकर कह रहे हैं
16:31गठ बंधन करना है तो आगे बढ़ो
16:33लेकिन OEC से गठ बंधन की चाहत समाजवादी पार्टी में नहीं दिख रही
16:38अखिलेश ने दो टूक कह दिया है
16:39गठ बंधन तो पुराने साथियों से ही होगा
16:43समाजवादी पार्टी का जो पूर में गठ बंधन था वही रहेगा
16:50और मैं इधर देख रहा हूँ
16:52किसी को रत का रंग नहीं दिखाई दे रहा है
16:56लाल रंग उन्हें कोई दूसा रंग दिखाई दे रहा है
17:00किसी को किसी की तस्वीर नहीं दिखाई दे रही है
17:06अभी तो रत केवल डीजल भरवाने किया था
17:10अभी इसे खबर आ गया
17:13अखिलेश ओवैसी से दूरी बनाते दिख रहे हैं
17:15कट बंधन से इंकार करते दिख रहे हैं
17:17लेकिन ओवैसी की सक्रियता उनकी चिंता बढ़ा रही है
17:20मुसलिम वोटों के बटवारे का खत्रा उन्हें परेशान कर रहा है
17:24इसलिए विधान सभा चुनाव से पहले
17:26अखिलेश ने मुसल्मानों को संदेश देने वाला एक बड़ा दाम चला है
17:31अखिलेश यादव ने विधान परिशत के नेता प्रतिपक्ष पद से यादव चेहरे लाल बिहारी यादव को हटा दिया है
17:38उनकी जगह मुसलिम चेहरे मुहमद जासमीर अंसारी को नेता प्रतिपक्ष बनाने का निर्णे लिया
17:43चुनाव नस्दिक आ गया तो मुसल्मानों के प्रतिप्रेम फिर देखने लगा
17:47चुनाव नस्दिक देख करके अब नेता प्रतिपक्ष विधान परिशद में जास्मीर अंसारी को बना रहे हैं
17:53M को सटिस्पाई करने की कोसिस कर रहे हैं
17:55यही हमेशा समाजवादी पार्टी करती है
17:57चुनाव से पहले मुसलमानों को लुभाती है, वोट पाती है
18:00और फिर कैसे अखिले स्यादो जी अपने सजाती ये बंधों को कैसे पूरी सत्ता में हिस्सेदारी रेते हैं, दर्दवा बनाते
18:06हैं
18:07आखिर कौन है यह जास्मीर अंसारी? इनका परिचय भी चान लीजिए
18:12जास्मीर अंसारी अभी विधान परिशद में उपनेता प्रतिपक्ष हैं, उनकी पतनी कैसर जहां सीतापूर से सांसद रह चुकी है
18:19मुहमद जास्मीर अंसारी सीतापूर के ही रहने वाले हैं
18:22जास्मीर 2007 और 2012 के विधान सभा चुनाव में सीतापूर की लहरपूर विधान सभा सीट से चुनाव में जीत दर्ज
18:29कर विधान सभा पहुँचने में काम्याब रहे थे
18:31उनकी पतनी कैसर जहां 2009 के लोग सभाचुनाव में वीएसपी के टिकट पर सीतापूर सीट से सांसत चुनी गई थी
18:38बाद में उन्होंने 2018 में वीएसपी छोड़कर कॉंग्रेस पार्टी का दामन थाम लिया
18:43जास्मीर अन्सारी भी बहुजन समाज पार्टी से कॉंग्रेस होते हुए समाजवादी पार्टी में पहुंचे है
19:14कहीं मुस्लिम समुदाय के वोट को तो पीछे नहीं छोड रही है
19:19आपको मालूम ही है कि समाजवादी पार्टी की जीत का पूरा दारोमदार यादव और मुस्लिम वोटरों पर निर्भर करता है
19:25आपको ये भी बता दें कि यूपी में करीब 19.5 पांच फीसदी मुस्लिम वोटर है
19:302022 में समाजवादी पार्टी ने 64 मुसलिम उम्मीदवार उतारे थे
19:3464 में से 31 मुसलिम उम्मीदवारों को जीत मिली थी
19:38यूपी में समाजवादी पार्टी के साथ साथ कांग्रेस, बीएसपी और चंदर शेखर आजाद के आजाद समाज पार्टी कांशी राम की
19:46भी नजर लगी है
19:47और इसलिए अखिलेश की चुनौती काफी भढ़ जाती है
19:50समर्थ श्रिवास्तव लखनव आज तक