00:04कभी कभी कोई कलागार बड़ी परदे पर कम नजर आता है लेकिन जब भी नजर आता है तो अपनी छाप
00:10छोड़ देता है जिसे भूलना असान नहीं होता आज मल्यालम सिनिमा से और ठीटर से एक ऐसी ही खबर सामने
00:17आई जिसने उनके चहाने वालों को मायूस कर दिया
00:20फीमस एक्ट्रेस सावित्री शीधरन अब हमारे बीच नहीं है उनके निधन के साथ ठीटर और सिनिमा के एक लंबी और
00:28शांदार सफर के चेप्टर का अंत हो गया है दरसल सावित्री ने महिज 16 साल के उम्र में ठीटर की
00:34दुनिया में कदम रखा और उनके बाद उन्होंने कर
00:38चार से पाँच दशक तक मंच पर काम किया और मल्यालं प्रोफेशनल थेटर को एक अलग पहचान दिलाई उन्होंने कई
00:46प्रमुक थेटर ग्रुप के साथ काम किया और स्टेज पर अलग-अलग किरदार निभाई उनके अभिने को किरिला स्टेट आवोर्ड
00:54और इसके साथ
00:55कई अवोर्ड मिले। सिनेमा में उनकी शुरुवात M.T. वासुदेवन नायर की फिल्म से हुई थी। लेकिन फिल्मों में उनका
01:03सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट आया साल 2018 में। जब एक फिल्म में उन्होंने जमिला यानिकी उमा का केरदार निभाया। इस
01:11रोल ने उन
01:26अवोर्ड और इसके साथी बेस्ट करेक्टर एक्टर्स का भी आवोर्ड मिला। यानि कि जिस एक्टर ने अपनी करियर का एक
01:33बड़ा हिस्सा थेटर को दिया। उन्हें सिनेमा में भी परतीबा दिखाने का मौका मिला। और उन्होंने इसमें चार चांद लगाए।
01:39इसके
01:54मानी तो सावित्री का निधन ना उनके घर पर हुआ। वो लंबे वक्त से बिमार चल रही थी उनके जाने
01:59से मलियालम थेटर और सिनेमा को एक बड़ा नुकसान हुआ है। लेकिन स्टेज से लेकर स्क्रीन तक उनका सफर हमीशा
02:05यादगार रहेगा। जो कि फैंस के लिए ह
02:07हमीशा उनकी यादों में बसा है। हम भी अपनी टीम की तरफ से उन्हें शद्धांचली अरपित करते हैं।