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  • 16 minutes ago
लाहौल स्पीति में सीबकथॉर्न के तुड़ान में जुट गई महिलाएं. सीबकथॉर्न की बाहरी राज्यों से आ रहे हैं ऑर्डर.

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00:24इस्थानी भाषा में चर्मा और मार्केट में सीबक थौन के नाम से मशूर है
00:29ओफ सीजन में यही काटेदार जाड़ी अब घाटी की महलाओं की आर्थी की मजबूत कर रही है
00:35आखिर इस छोटे से फल में ऐसा क्या है जिसकी उत्पात से ज्यादा डिमांड है
00:43यह जो सिबक थौन जो आप देख रहे हैं यह ना नैचुरल उगता था पहले से
00:47इसके बारे में लोगों को उतना आइडिया नहीं था पहले कि चीज क्या है
00:51लोग इसको अपना घरों में यूज करते थे जैसे अपने इसको एक मतलब जिसे एक पीने के लिए गरम पानी
00:59की तरह
00:59हैं लेकिन जैसे समय भीता गया लोगों गैसके जो मतलब जो इसके संकिक फिक जो इसका जो फाईदय है उसके
01:06आदे देरे देरे लोगों का पता लगना शुरू है
01:07This is a commercial and a G.I.T.A.G. also got a G.I.T.A.G.
01:12So, the farmers have started developing their business.
01:17This is a very big source of vitamin C.
01:19After drinking vitamin C is a small thing,
01:23but some of the diseases are a rare disease.
01:27Seabak Thon doesn't say superfood.
01:30It's full of flowers, honey, bees, etc.
01:34It's full of everything.
01:34This is full immunity.
01:36It's full of life and has a power to keep it.
01:42It's a thousand years old.
01:44In years of years, you have got a little bit to say.
01:49Then you have got a little bit of a little bit.
01:52Then you have got 60-70-90 meters.
01:57You have got a juicy.
01:59It's not good to say.
02:01Law Hall is about 1500 hectares.
02:03प्राक्रितिक रूप से सीबग थौन उपता है और 2000 से ज्यादा जन जाती महिलाएं इससे जुड़ी हैं लेकिन एक बड़ी
02:11कमी भी है घाटी में आज तक एक भी बड़ा प्रोसेसिंग प्लांट नहीं है सिर्फ जूस बना पा रहे हैं
02:17जबकि इसकी पत्तियों और बीजों से
02:19तेल, चाय, कैपसूल जैसे महंगे उत्पात बन सकते हैं लैंड स्लाइड रोकने में भी ये बेहत कारगर है
03:00ये काम काटों के बीच सोना चुनने से कम नहीं है सीबक थौन के पौधों में बेशुमार काटे होते हैं
03:07और फल बेहत छोटा
03:09इसे तोना आसान नहीं लेकिन इसके दाम सुनकर आप हैरान रह जाएंगे पिछले साल ये 700 रुपई किलो तक बिका
03:16और इसके जूस की कीमत 1000 रुपई प्रति लीटर तक पहुँच गई
03:20इसलिए अब महिला मंडल और अस्थानी किसान मिलकर इस फल का जूस बना रहे हैं और सीधे बाजार में बेच
03:27रहे हैं
03:30लोग काफी दिनों से छर्मा को तोडान कर रहे हैं मुझब कम से कम हर दस बौटर निकाल चुकी है
03:35तो एक दिन में एक दो या दो बौटर निकल पाती है बहुत ही मुश्किल इसका तोडान है
03:40क्यूंकि हम रोग इतनी मैनत करते हैं तब भी तो निकल पाती है न यह सब चीज़े
03:44तो यहां के लोकल औरते भी बहुत मैनत कर रही है
03:49तो मुझे रखता है काफी हद तक अच्छा हो रहा है
03:52जैसे मोदी जी ने टेक लगा के यहां सब को फाइदा कर दिया है
03:55जैसे इस पित्ती हो गया लॉल हो गया अगे जहां जहां भी यह पाया जाता है
04:00पहले ग्रामीर इसे अपने लिए ही इस्तमाल करते थे
04:03लेकिन जैसे जैसे मार्केट में इसकी डिमांड बढ़ी
04:06तो घाटी के प्रगितिशील किसानों ने इसे अफसर में बदल दिया
04:09लेकिन इस साल घाटी के किसानों के माथे पर चिंता की लकीरे भी है
04:14मौसम की बेरुखी से इस साल सीबक थौन के उत्पादन में कमी आई है
04:19बाजूद इसके बैंगलूरू, दिल्ली, मुंबई से लेकर
04:22इंटरनेशनल मार्केट तक इसकी भारी डिमांड है
04:31देरी देरे जैसे आप यहां कि महिला मंडल है
04:34जैसे सरकार ने उन्हें दोड़ा परुटसान दिया कि आप इससे अपना आजिविका भी कमा सकते
04:39तो लोगों के अंदर यह बहुत बड़ा इसके अंदर जुकाव आया इसके लिए
05:01सेहत के लिए सीबग थौन किसी संजीवनी से कम नहीं है
05:05इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि देश में सीबग थौन की डिमांड लगभग 2000 टन है
05:11लेकिन उत्पाद कम होने से कमपनियों को चीन से आयात करना पड़ता है
05:16ऐसे में लाहौल स्पीति के पास सुनहरा मौका है
05:20ग्रामेडों की मांग है कि सरकार हाइब्रिट पौधों को बढ़ावा दे और घाटी में ही प्रोसेसिंग प्लांट लगाएं
05:26अगर ऐसा हो गया तो कांटों से भरी ये जाड़ी लाहौल की तकदीर और तस्वीर बदल सकती है
05:36ETV भारत के लिए लाहौल स्पीति से बालकृष्ण शर्मा की रिपोर्ट
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