00:00चल चत्र अभ्यान की और वीडियोस देखने के लिए सब्सक्राइब करें और बेल आइकॉन को दबाएं
00:52इस तरह के अभ्यान शुरू करना आपको क्यों ज़रूरी लगाएं
00:58अकबार और टीवी खबरों से जो पढ़ते थे कि आज फलास्पताल में अक्सिजन नहीं है फलाजांगा बैड नहीं है तो
01:06इतना एक तरह का एसास पैदा तो होता था लेकिन जो हो जूड़ नहीं पाता था हमसे तो अचानक से
01:13हमारे एक दोस्त था सोकिन तो उसको बुखार �
01:17लेकर हम लोग अपने बड़ोत में बागपत में और मेराट में चारो तरफ घुमते रहे तो उसको अधिमिट करने का
01:27भी नहीं कर पाए तो उन्हों क्या हो रहा जिनके पास मैं कोई ना उनको यह पता कि मेरेट में
01:39कौन सा स्पताल किसलिए है कौन डॉक्टर कहा मिलेगा त
01:44तो फिर हम लोग तभी से हमें लगा कि वो चुड़ी बीमारी के लिए लोग आपने आपको दिखाने ही रहे
01:50हैं तूसरा उपर से जो कोरोना का एक तरसे परचार लोगों के बीच था एक डर था तो हमें लगा
01:57कि इस डर से भी जो है लोगों को मुफ्ट करने की ज़रुवात ह
01:59हम नहीं लगे कोई हमारे बीच हैं और हमनों उसी देख देख करने वाले हैं
02:07अब आप आप जा रहे हैं किस तरह की स्तिती आप देख रहे हैं
02:29या किस तरह की वेवस्ता हैं गाउं में स्वास्ते को लेकर की गई है
02:36गाउं की जो स्वास्ते की अगर हम बात करें तो सबसे लचर अवस्ता अगर हम देखे तो गरामें चेतर की
02:43है
02:44अगर वहां किस तरह से कोई व्यवस्ता भी है या कोई सरकारी विल्डिंग भी है जिसमें डॉक्टर आने का या
02:49बैठने का व्यवस्ता है यह तो धाचुकी या फिर उन्हों में गास होगा हुआ है और जब कुरोना ने अपना
02:56असली रंग दिखाया तो उस समय डॉक्टर कहा
02:59बैठाए सरकारी स्कूल में बैठाना शुरू करते तो इस तरह से जो चिकित्सा व्यवस्ता है हमारे यांके वह तो चर्मरा
03:07गई है माली जिए खासी बुखार जो खाम जो मौसमी विमारी थी लोग उनका भी लाज नहीं करा पाई और
03:15जो यह तो एक माली जिए कि एक तरह स
03:27अलग गटाया दिया जाता तो यह मंजर बहुत बूरा हो सकता था उन लोगों ना जया बहुत मलब एक तरह
03:33से जए लोग की मदद करी
03:43करी
03:44मैंने जो सारे प्राइशे काने, जो सारे प्रमोर्ट होंगे सारे, जो देखे दिशुट से लागे देखे तू, इना सब्सक्राइब दाप्रसी
03:54नहीं हो
04:14पर्टे लेगा जो अजयरा है जो अजयरा है तो क्या परिशा नहीं है जो आप इस काम परिशा नहीं होई
04:40जी एक तो मेरी जो है कमर में दरदर है
04:45अधिया और दिल दोगरावे थोड़ा सा जोड़ो में दरद है आपने जरकार इसकताल में गए कभी और वहां से कुछ
04:56दावसम निए आपको अधिया वहां कहाँ टेम लगा है वहां तो जो है डाक्तरी वारी यांओना कुछ टेम लगता हूं
05:01लगाने का इतने वारत वर्टेम
05:03में बज़ने विर निए मझार आदमी हैं दोगेंटे पीछ रही इसकताल में दो तीन पर जा लिया है जिर्णा को
05:12आपको दो-थीन बार एक बार वी द्वाई या दवाई मिली जो उनसी दवाई मिल चाहते हैं मिली ने
05:36इसमें समस्ताव के दुआरे ही ये मेडिकल केम्प लगाया गया है
05:39और ये सहयोग हमारे ये है कि हम ऐसी जगह को चिनित कर रहे हैं
05:43कि जहां पर प्राइमरी लेवल की स्वास्ते जो सेवाई है वो नहीं है
05:48वहां पर जा रहे हैं लोगों से बात चीट कर रहे है तो वहां पर देखने को मिल रहा है
05:52कि बिमारिया लोगों के अंदर बहुत ज़्याद है
05:54लेकिन उनको छुपा रहे है तो सरकार के लिए क्या करें कि जो प्राइमरी लेवल की एक सुविदाई होती है
06:21सब्सक्राइब
06:25सब्सक्राइब
06:26बिल्कुल एकदम जीरो है क्या आपके साथ डॉक्टर भी चाहिता के लिए है या कुछ चार्ज नहीं डॉक्टर हमारे साथ
06:35लगे हुए है
06:36वह अपने सेवाई दे रही है वह टाइम दे रही है और क्योंकि हम से जितना हो पाता है जिस
06:45चीज का अरेंज हम कर सकते है वह हम कर रहे हैं बाकी डॉक्टर अपने इस तरह से किस तरीके
06:49से किस मरीज को कौन सी दवाई देनी है वह डॉक्टर खुद उनका चेक अप करने के ब
07:07कर दोचर की बेंड़ से टेक में के भी एक उलाओ आजाए ये शाया कि और उत जाजा हुआ हुआयार,
07:13हम एक पार जार्ग साली की आप एका हुआ है
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