00:00क्या दिल्ली एक और अन्वरण के लिए तयार है? क्या दिल्ली की सडकों पर एक बार फिर कोक्रोजनता पार्टी के
00:06विरोध की आवाज सुनाई देगी? और क्या एक बार फिर राजधानी में तनाव और टकराव की तस्वीरें देखने को मिलेंगी?
00:13यह सवाल पूछना इसलिए ज़रूरी है क्योंकि एक बार फिर कोक्रोजनता पार्टी दिल्ली में मार्श निकालने जा रही है। सुप्रिम
00:20कोर्ट ने 5 सितंबर को दिल्ली में होने वाले कोक्रोजनता पार्टी के मार्श पर रोक लगाने से इनकार कर दिया
00:27है। यानी CJP के �
00:28दिली में प्रजशन की रहा में फिलहाल कोई कानूनी अर्चन नहीं है।
00:33Chief Justice Suryakant की अगवाई वाली बैंच ने कहा हम कम से कम यह मान कर चलेंगे कि सभी शांती
00:40पूरुन तरीके से वहवार करेंगे।
00:42इस समय ऐसा कोई बाद्यकारी कारण नहीं है कि कोई एप्रिय घटना होगी।
00:46कानून अवस्ता बनाए रखना पुलिस का विशे है और समन्धित एजन्सियों की जिमेदारी है कि वह तैक करें कि क्या
00:52गेर कानूनी है और क्या कानून के तहत इजाज़त है।
00:56रिटायर दिली पुलिस के अधिकारी राजिंदर सिंग ने मार्च पर रोग लगानी की मांग की थी।
01:01दलील थी कि दिली में ब्रिक सम्मिट को देखते हुए बड़े जूलूस और परदशनों की इजाज़त नहीं दी जानी चाहिए।
01:07सरवोस नैयल ने मार्च पर रोग लगाने से इंकार कर दिया।
01:10सुप्रीम कोर्ट की तरफ से हरी जंडी मिलने पर सीजेपी ने एक्स हैंडल पर परतिकिर्या दी और ओके लिखा।
01:16कोर्ट में साथ कहा है कि सभी शांती पुरण और कानून के दायरे में रहे कर वैभार करें।
01:21अब असली परिक्षा दिली पुलिस और प्रशाशन की है क्योंकि सीजेपी के पिछले आंदोलन की तस्विरें लोग अब भी भूले
01:28नहीं हैं।
01:28जब सीजेपी के संसद मार्श के दोरान परदर्शन कारियें और सुरक्षा बलों के भी जड़प हुई थी, पत्थर चले थे,
01:35पाने की बोचारें हुई थी और तनाव अपने चरम पर था।
01:3925 जुलाई को सरकार की तरफ से मिले आश्वासन के बाद सीजेपी ने अपना 36 दिनों तक चला आंदोलन खतम
01:45कर दिया था।
01:47लेकिन अब सीजेपी का दावा है कि सरकार के सामने रखी गई चार मांगों में से तीन अब भी अधूरी
01:52हैं।
01:53और इसी को लेकर एक बार फिर उन्होंने दिल्ली की सड़कों पर उतरने का एलान किया है।
02:23पुरून पहता है