00:02तेज बुखार खासी गले में दर्द और पूरे शरीर में तूटने जैसा महसूस होना ये सिर्फ वाइरल फीवर है या
00:09स्वाइन फ्लू खासकर बच्चों में स्वाइन फ्लू के लक्षण कई बार बड़ों से अलग नज़र आते हैं
00:14आखेर स्वाइन फ्लू क्यों होता है इसके शुरुवाती लक्षण क्या है और बच्चों और बड़ों में फर्क कैसे समझें आईए
00:20आपको बताते हैं
00:21स्वाइन फ्लू आमतार पर इंफ्लूएंजा एके H1N1 वाइरस से होने वाली फ्लू बीमारी के लिए इस्तमाल किया जाने वाला नाम
00:29है
00:29इंसानों में H1N1 संक्रमण व्यक्ती से व्यक्ती फैलता है ठीक दूसरे इंफ्लूएंजा वाइरसस की तरह
00:35ये मुख के तरह से संक्रमण व्यक्ती के खासने छीटने और रस्परेटरी ड्रॉपलेट्स के संपर्क से फैल जाता है
00:42स्वाइन फ्लू के लक्षणों की बात करें तो बुखार या ठंड लगना, खासी, गले में दर्द, नाग बहना या बंध
00:48होना, सिर दर्द, पूरे शरीर में दर्द बहुत जादा थकान, कुछ लोगों में उल्टी और दस्त भी होती है
00:53हर व्यक्ति को बुखार हो, ये भी जरूरी नहीं
00:56अब बात करें बच्चों और बड़ों में फर्क की तो बच्चों में सामानी फ्लू सिम्टम्स के साथ उल्टी और दस्त
01:02जादा देखने को मिलती है
01:03चोटे बच्चे ये बता भी नहीं पाते कि उन्हें सिर्दर्द या शरीर में दर्द हो रहा है
01:07इसलिए उनका चिर्चड़ापन, जादा सुस्ति या खाना पीना कम करना भी इन लक्ष्णों में शामिल है
01:12बड़ों में बुखार या ठंड लगना, खासी, गले में दर्द, शरीर में दर्द, सिर्दर्द और थकान महसूस होना
01:18जैसे रेस्परेटरी और सिस्टमेटिक सिम्टम्स जादा सपष्ट होते हैं, कुछ बड़ों में उल्टी दस्त भी हो सकती है
01:24अब सवाल है कि स्वाइन फ्लू से बचे कैसे
01:27सीजनल फ्लू वैक्सीन इंफ्लूएंजा से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका है
01:31और इससे बीमारी होने पर गंभीरता भी कम रहती है
01:34बार-बार हाथ धोएं और बिना हाथ साव की आख, नाक और मू को छूने से बचे
01:39अगर किसे व्यक्ति को फ्लू के सिंटम्स है तो फ्लोस कॉन्टाट कम करें
01:43टिशू या कोहनी में खासे, चीके और इस्तमाल किये गए टिशू को तुरंत फेक दें
01:48फ्लू होने पर दूसरों से दूरी बना कर रखें ताकि संक्रमन फैलने का खत्रा कम हो जाए
01:53अधिकांश लोगों में फ्लू हलका हो सकता है, लेकिन कुछ लोगों में गंभीर बीमारी और कॉम्प्लिकेशन्स का खत्रा बढ़ाता है
01:59एंटी वाइरल मेडिसिन्स प्रस्क्रिप्शन्स पर ही दी जाती हो लक्षन शुरू होने के पहले 48 घंटों के भीतर शुरू करने
02:07पर सबसे जादा इफेक्टिव होता है
02:09खासकर गंभीर बीमारी वाले या हाई रिस्क वाले लोगों में डॉक्टर से जल्दी संपर्क करना बहतर रहेगा
02:16खुद से एंटी वाइरल या एंटी बायाटिक दवाय ना शुरू करें
02:20वहीं आपको बता दें कि बच्चों में ये वर्निंग साइंस है अगर ये दिखें तो डॉक्टरी जाँच तुरंत कराएं
02:26सास लेने में बीमारी या बहुत तेज सास लेना होट या चेहरा नीला पढ़ना पानी ना पीना या डिहाइडरेशन होना
02:32बहुत जादा सुस्ती या बच्चा रस्पॉंड ना करें लगाता रोल्टी हो फ्लू सिंटम्स ठीक होकर फिर बुखार और जादा खासी
02:39के साथ लोटना
02:40फिलहाल इस वीडियो में इतना ही वीडियो को लाइक और शेयर करें साथी चैनल को सब्सक्राइब करना ना भूलें