00:00चीनी के बढ़ते दाम पर मोधी सरकार का बढ़ा आक्शन
00:0470 रुपए के पार पहुँची चीनी
00:06सरकार ने बताया एथनॉल नहीं है वजह
00:09देश में इन दिनों चीनी की कीमतों ने आम आदमी की चिंता बगा दी है
00:13चीनी के दाम तेजी से बढ़े हैं
00:15और कुछ जगों पर खुद्रा कीमत करीब 70 रुपए किलो तक पहुँच गई है
00:19त्योहारी सीजन सिर पर है
00:20ऐसे में सरकार के सामने सबसे बड़ी चुनौती है
00:23चीनी की कीमतों को काबू में रखना और बाजार में पर्याप सप्लाई बनाए रखना
00:27इसी बीच केंज सरकार ने चीनी की बढ़ती कीमतों को लेकर बड़ा सपष्टी करन दिया है
00:32सरकार ने साफ कहा है कि मौजूदा महेंगाई के लिए एथनौल उत्पादन को जिम्मेदार ठहराना सही नहीं है
00:38दरसल पिछले कुछ समय से ये सवाल उठ रहा था कि पेट्रोल में एथनौल ब्लेंडिंग के लिए चीनी उद्योग से
00:44जुड़े संसाधनों की इस्तिमाल की वजह से बाजार में चीनी की उपलब्धता कम हुई है
00:49और इसी कारण कीमिते बढ़ी हैं लेकिन सरकार ने इस दावे को खारज कर दिया है
00:53सरकार की मताबिक एथनौल बनाने के लिए इस्तिमाल होने वाली चीनी का हिस्सा 2022-23 में करीब 12 फीस दी
01:00था
01:00जो 2025-26 में घटकर करीब 9 फीस दी रहे गया है
01:04इसके लावा देश में बनने वाले एथनौल का करीब 3-4 फाई हिस्सा अब अनाज खासकर मक्के से तयार होता
01:11है
01:11सरकार की मताबिक चीनी के दाम बढ़ने की सबसे बढ़ी वजहों में उम्मीद से कम घरीलू उतपादन शामिल है
01:17मौजूदा सीजन में चीनी उतपादन करीब 306 लाख टन रहने का अनुवान है
01:21जबकि गन्ना उतपादक राज्यों का शुरुवाती अनुमान करीब 343 लाख टन था
01:26यानि उतपादन का अनुमान पहले लगाए गए आंकड़े से काफी कम रह गया
01:30गन्ने की फसल पर मौसम की मार भी पड़ी है
01:33कई इलाकों में जादा बारिश, जल भराव और बीमारियों के कारण उतपादन प्रभावित हुआ है
01:38दूसरी तरफ त्योहारों का सीजन शुरू होने वाला है
01:40गड़ेश चतुर्थी से लेकर दशहरा और दीवाली तक मिठाईयों और मीठे उतपादों की मांग बढ़ती है
01:46ऐसे में चीनी की मांग भी बढ़ने की उम्मीद है
01:48यही नहीं अंतराश्ट्रे बाजार में भी चीनी की सप्लाई को लेकर दबाव है
01:52सरकार ने वैश्विक स्तर पर सप्लाई की कमी और कुछ जगों पर जमाखोरी तथा सक्टे बाजी को भी कीमत बढ़ने
01:59की वजहों में शामिल किया है
02:00लिहाज़ा अब सरकार कीमतों को नियंतरित करने के लिए लगातार कदम उठा रही है
02:04जहाँ पहले चीनी व्यापारियों के लिए स्टॉक लिमिट लागो की गई इसके बड़े थोक खरीदारों के लिए स्टॉक रखने की
02:10सीमा और कम कर दी गई
02:12अब बड़ी उपभूगता है एक निश्चित अविदी से जादा चीनी का स्टॉक अपने पास नहीं रख सकेंगे
02:17इसका मकसद जमाखोरी रोकना और बाजार में चीनी की उपलब्धता बनाए रखना है
02:21सरकार ने इसके साथ एक और बड़ा कदम उठाया है
02:24एक लाख टन कची चीनी के शुल्क मुक्त आयात की अनमती दी गई है
02:28सरकार को उमीद है कि इससे घरेलू बाजार में सपलाई बढ़ेगी और कीमतों पर दबाव कम होगा
02:33यानि सरकार की कोशिश अब दो मोर्चों पर है
02:35एक तरफ जमाखोरी पर सिकंजा और दूसरी तरफ बाजार में सपलाई बढ़ाने की कोशिश
02:40हलांकि आम उपभूगता के लिए सबसे बड़ा सवाल यही है कि चीनी कब सस्ती होगी
02:45तो सरकार का कहना है कि ऑक्टूबर में नया पेराई सीजन शुरू होने तक
02:49घरेलों मांग को पूरा करने के लिए परियाप्त स्टॉक मौजूद है
02:52लेकिन त्योहारी मांग के कारण आने वाले हफते काफी एहम रहने वाले हैं
02:56फिलहाल के लिए बस इतना ही बाकी अपडेट के लिए बने रहिए वन इंडिया हिंदी के साथ