00:00वंदे मातरम सुझलां सुभलां
00:30वरकिंग कमिटी में सुभाष चंदर बोष, सरदार वनलब बाई पटेल, पंडित नहरू, आचारिक रिपलानी, मौलाना अजाद, महत्मा गांधी जैसे लोग
00:39शामिल थे
00:39तो अमिच्छा की हिम्मत कैसे हो रही है इन लोगों को देश विरोधी बताने की
00:43वहीं भारती जैनता पार्टी ने इसको लेकर कॉंग्रेस पर पलटवार किया है और उस पर तुष्टी करण का आरूप लगाया
00:49है
01:02वंदे मातरम पर ताजा विवाद उस वक्त शुरू हुआ जब बीजेपी ने कॉंग्रेस देत्युत पर पार्टी मुख्याले में
01:08सोतंतता दिवस समारोह के दोरान पूरा राश्टगीत बजाने से रोकने की कोशिस करने का आरूप लगाया
01:14जिसका कं़्रेस ने भी मजूरी दी थि
01:23सम्विधान सबहा ने ही 1947 में आज़ादी के बाद सम्विधान का मसौदत तयार किया था
01:30और तब से ना केवल कं़्रेस बल्की सभी पूरा प्रधान मंत्रियों और मुख्यमंत्रियों ने भी इसी परंपरा का पालन किया
01:37है
01:37खाला कि संसत में राष्टगीत को पूरा गाने को लेकर कारून पास हो चुका है, फिर भी कॉंग्रेस का कहना
01:44है कि वो पहले की तरह राष्टगीत के पहले दो पद ही गाती रहेगी, भले ही उसे किसी तरह की
01:51कारवाई कर सामना क्यों न करना पड़े?
01:54Bureau Report, ETV भारत