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  • 6 hours ago
विपक्षी दलों में खुद को 'दिमागों नक्सल' बताने की क्यों मची होड़? देखें दंगल

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00:00नमस्कार, मैं हुँ साहिल जोशी दंगल में आपका स्वागत है
00:02आज का दंगल पीएम मोदी के भाशन को लेकर चल रहे ही राजमीती पर है
00:0615 अगस्ट को पीएम मोदी ने देश की चनोतियों का जिक्र करते हुए दिमागी नकसल वर्क से सावथान रहने की
00:13नसीहत दी थी
00:14पीएम ने खासकर युवा पीडी को ऐसे वर्क से बचने की और बचाने की बात कही थी
00:19इसे लेकर पहले जो जेंजी आंदोलन का चेहरा बने सीजेपी ने एतराज जताया
00:26और फिर अचानक पुर्व ग्रेह मंतरी पीचे दंबरम ने खुद को दिमागी नकसली बताकर गर्फ जताया
00:32दरसल कौकरोज की कामियाबी ने राजनेतिक दलों को अलर्ट पर रख दिया है
00:36लियाजा महभूमा मुफ्ती से केजरिवाल तक सब ने खुद को दिमागी नकसल गोशित करना शुरू कर दिया है
00:41दिमागी नकसली का असली नाम के अलग-अलग तरह से सोशल मीडिया पर पेज भी बनाये जा रहे है
00:48सत्ता विरोधी दलों और विचारदाराओं के अंदर दिमागी नकसल बनने का एक ट्रेंड चल रहा है
00:53उदर बीजेपी आरोप लगा रही है कि कॉंग्रेस ने सत्ता में रहते हुए भी राश्टर के खिलाफ सशस्त्र विद्रोह कराने
01:00और भारत के सविधान में भरोसा नहीं रखने वाली विचारदारा का साथ दिया
01:04और अब फिर से उसी विचारदारा के समर्थन में खड़ी हो रही है
01:08कॉंग्रेस माइनस बाकी विपक्ष पियम मोदी के बयान का किसलिए विरोध कर रही है
01:14इसलिए विरोध कर रही है कि PM ने वाजिब हक की मांग कर रहे नवजवानों को नकसली और आतंकवादी क्यों
01:21कहा है
01:22हाला कि सरकार ने साफ कर दिया है कि जो भारत के समविदान में बरोसा नहीं रखता
01:26जो जम्मू कश्मीर में धारा 370 का समर्थन करता है
01:30जो चिकनने काट कर देश के टुकड़े करना चाहता है दिमागी नकसल वही है
01:35तो फिलाल सरकार की इस क्राइटरिया पर सिर्फ एक राज़नितिक दल खरा उतरा है क्योंकि वो है PDP
01:41मेभूबा मुफ्ती ने 370 का विरोध किया है
01:46लेकिन बाकी के विपक्षिदाल खुद को क्यों दिबागी नकसल साबित करने पर तो ले है
01:51इसी की परताल में आज के दंगल में हम चर्चा करेंगे
01:54खास मेमानों से ये चर्चा होगी लेकिन पहले ये रिपोर्ट देखते है
02:05हज्यारी नकसल को गए लेकिन दिमागी नकसल ये दिमागी नकसल मोके की तलास में है
02:23लाल किले से प्रधान मंत्री नरेद्र मोधी ने नए भारत की नई कामेश्या
02:27नए चुनौतिया और नए लक्ष पर तमाम बाते कहीं लेकिन मुल्क के सियासी हालात ऐसे कि सियासत दो लफ़ ले
02:35उड़ी
02:35दिमागी नकसल दिमागी नकसल दिमागी नकसल दिमागी नकसल दिमागी नकसल दिमागी नकसल दिमागी नकसल दिमागी नकसल दिमागी नकसल
03:01जंगलों में हमें हथ्यारी नक्षलों का खात्मा बुलाने में उस संकट से देश को मुक्त कराने में सफलता मिली है
03:12लेकिन हथ्यारी नक्षलों को गए लेकिन दिमागी नक्षल ये दिमागी नक्षल मुक्य की तलास में है
03:26हिंसा अरजगता के वो रास्ते खोज रहें समाज को गलत रहा पर गशितने के लिए भाति-भाति के दाउ कर
03:38रहे है
03:38इन दिमागी नक्षलियों को पहचानना होगा इन दिमागी नक्षलियों को आइसोलेट करना होगा
03:46और रास्त को विक्षित रास्त बनाने की मुक्ष्धारा की और देश की युवापीडी को जोड़ना होगा
03:55पिएम मोधी का इतना कहना था
03:58कॉंग्रेस और यूपीए के भागीदार राजनीतिक दलों के लिए कापी था और उनकी प्रतिक्रिया तीखी हैरतंगेज तरीके से मोर्चा उन्ही
04:06पी चिदंबरम ने खोला जिन्होंने भारत में नकसलवात के खिलाफ मुहिम की शुरुवात की
04:14चिदंबरम ने खोद को नकसली बताते हुए गर्व करने की बात कही तो कभी विपक्ष को अर्बन नकसल अंदूलन जीवी
04:20और टुकले टुकले गैंग बताने वाली बीजेपी की ओर से दिमागी नकसल वाले नए अपशब्दों वाले वैरियेंट का आरोप लगाया
04:27रही सही कसर पीम के बायान के अगले हिस्से में की गई टिपड़ी ने पूरी कर दी थी जिसमें भी
04:32पक्षी दलों ने दिमागी नकसल का कनेक्शन युवाओं से जोड़ दिया
04:37मेरे प्यारे देश स्वासियों जंगलों में जंगलों में हमें हत्यारी नकसलों का खात्मा बुलाने में उस संकर से देश को
04:49मुक्त कराने में सफलता मिली है
04:51लेकिन हत्यारी नकसल तो गए लेकिन दिमागी नकसल ये दिमागी नकसल मुक्य की तलास में है
05:05हिंसा अरजगता के वो रास्ते खोज रहे समाज को गलत रहा पर गशितने के लिए भाती भाती के दाव कर
05:17रहे है
05:17इन दिमागी नकसलिओं को पहचाना होगा, इन दिमागी नकसलिओं को आईसोलेट करना होगा
05:25और विक्षित रास्ते बनाने की मुक्ख धारा कि और देश की युवापिड़ी को जोड़ना होगा
05:34दरसल प्रधान मंत्री के बायान के बात
05:36सीजेपी के सावरवदास ने युवाओं को नकसली बताने वाले बायान पढ़ी की
05:40तो पीछे से कॉंग्रेस के पी चिदंबरम से लेकर
05:42पीडिपी की महबुबा मुफ्ति और आमादली पार्टी के केजरिवाल तक ने खुद को दिमागी नकसली घोशित कर दिया
05:4824 घंटे के अंदर किसके दिमाग में नकसली दिमाग था वो खुद वखुद निकल कर सामने आ गया
05:57प्रधान मंतरी जी ने जिस कॉंटेस्ट में बात की के समवधान को ना मानने वाले
06:02समाज के अंदर हिंसा फेलाने वाले
06:08प्रधान मंतरी जरा सी निगानी ची कर ले अपने इर्दगINGरत सारे वो ही मिलेंगे
06:16जिये दमबरम साब को याद दिलाना चाहता हूं कि
06:21पूर्यों प्रधान मंतरी डॉक्टर मनमोहन सिंग ने 13 अपरेल 2006 को कहा था
06:25इसको कहने में अतिशयोक्ति नहीं होगी कि नकसलवाद का खत्रा भारत के इतिहास में आज तक आंतरिक सुरक्षा के लिए
06:34उत्पन सबसे बड़ा खत्रा है
06:37कॉंग्रेस से पूछना चाहता हूँ कि डॉक्टर मनमोहन सिंग सही है या आज के आपके
06:44लाल किले से दिवागी नकसली का जिक्र करने के पीछे सरकार एक तो नकसलवाद और वामपन्ती उग्रवाद से मुक्ति की
06:51काम्याभी का जिक्र करना चाहती थी
06:52तो दूसरी तरफ शेहरों कस्बों में पैट बना चुकी वामपन्ती विचारधारा के खत्रे को अंडरलाइन कर रही थी
06:58क्योंकि यूपिय सरकार के दौरान 2004 में वामपन्ती उग्रवाद के अर्बन परस्पेक्टिव
07:04अबर वर्क इन अर्बन एरियाज और 2013 की स्ट्रेजी एंड टैक्टिक्स ओफ दे इंडियन रिवलुशन नाम से
07:11दो खुफिया दस्तावेज में जो खुला से हुए थे वो समवाइधानिक हिंदुस्तान के खिलाफ सशस्त्र विद्रो का ब्लूप्रिंट थे
07:20इन दस्तावेज बे तीन प्लान था पहला था कामकाजी वर्ग विद्यार्थियों बुद्ध जीवियों महिलाओं दलितों अलपसंख्यकों को आंदोलन के लिए
07:28तयार करना दूसरा था सभी शोशित पीडितों को एक जुट करना और तीसरा था
07:32पील जीए और पीले के सशस्त्र विद्रोह में मदद के लिए गुप्त लोगों की घुसपैट कराना
07:39हाला कि पिछले 20 साल में भारत से सशस्त्र वामपंति उग्रवाद धीरे धीरे खत्म हो चुका है
07:44लेकिन इत्तफाक है कि वामपंति उग्रवादी संगटनों की ओर से उठाय जाने वाले सियासी मुद्दे वंचितों, शोशितों और विवाओं के
07:51समसामरिक मुद्दों से मेल खाते हैं
07:54और इनका समर्थन करने वालों पर सियासी हमले होते हैं
07:58हाला कि किरेन रिजुजु ने साफ कर दिया है कि दिमागी नकसली सिर्फ वही हैं जो मावादियों का समर्थन करते
08:04हैं और भारतिय समविधान को नहीं बानते
08:05अलगावादियों के साथ खड़े होते हैं और अनुच्छेद 370 का समर्थन करते हैं
08:10नौर्थ हीस्ट को भारक से अलग करने के लिए चिकेन ने को काटना चाहते हैं।
08:17दरसल दिल्ली में सीजेपी के अंदोलन की बुनियाद जिस तरह पड़ी और अब प्रत्याशित रूप से हुकूमत पर जंता का
08:23दबाव बना,
08:24उसमें सरकार के दिमाग की बत्ती ने खत्रे का एलाम बजाया है कि बिना किसी राजनितिक बुनियाद और समर्थन के
08:30अगर एक आंदोलन मंत्री के स्टीफे को मजबूर कर सकता है तो इसके पीछे की ताकत मामूली नहीं।
08:36और सरकार को आशंका है कि वर्षों से रोडमैप बना कर काम कर रही वामपंतिय उग्रवादी विचारधारा ऐसे अंदोलोनों के
08:43पीछे काम कर रही है। आज तक प्यूरो
09:06प्रधान मंत्री की परिभाषा में जो दिमागी नकसल है उसमें विपक्षिप पार्टिया भी शामिल है। तो आखिरकार कौन है ये
09:13दिमागी नकसल और क्यों विपक्षिप पार्टिया अपने आपको दिमागी नकसल कहने की कोशिश कर रही है।
09:18तमाम चर्चा होंगी, हमारे साथ प्रेम शुक्ला भारती जंता पार्टी के प्रवक्ता जुड़ रहे हैं, अतुल लोंडे पार्टील कॉंग्रिस के
09:23तरफ से इस पे अपनी भूमिका रखेंगे, सौरफदास, CJP के प्रवक्ता भी चर्चा में शामिल होंगे, CJP ने सबसे प
09:47प्रदानमंत्री खुद कह रहे हैं, विद्यार्थियों को इन दिमागी नकसलों से सावधान रहना चाहिए, दूसरा सवाल, क्या खुद को दिमागी
09:54नकसल बताने वाले नेता, समविधान और अखंडता में भरोसा नहीं रखते, क्योंकि BJP इस पूरे मामले को समविधान �
10:00पर भरोसा और अखंडता में भरोसा के नाम से जोडने की कोशिश कर रही है, तो ये सवाल BJP के
10:05तरफ से उठाय जा रहा है, तीसरा सवाल, क्या CJP के अंदोलन का सियासी मुनाफ़ा कमाने के लिए, नेता खुद
10:11को दिमागी नकसल कोशिद कर रहे हैं, तीन सवाल है, शुर�
10:28महाराष्ट में अर्बन नकसल नाम की इस जो टर्मिनलोजी है, उसका इजाद महाराष्ट के भीतर हुआ था, कॉंग्रेस, राष्टेवादी कॉंग्रेस
10:38की सरकार के समय ही अर्बन नकसल पर कारवाई शुरू कर दी गए थी, और आज की सिति में पीचे
10:43नमबर हमाकर आगे
10:43कहते हैं कि वो भी दिमागी नकसल है, और उसके बाद होड लग गई है, केजरिवाल कह रहे हैं और
10:49बाकी विपक्ष निता भी कहने लगे हैं, क्यों अपने आपको दिमागी नकसल कहा रहे हैं?
11:13वाली है, उसके बारे में बात नहीं करते हैं, चाबार क्यों गया, मुंडेल क्यों गया, मुंडेल अभी बंगलादेश ने जो
11:19हमें तो होजा पंद्रा में देने का वाइदा किया था, वो चाइना को दे दिया, चाइना चारों तरफ से घेर
11:23रहा है, तो विदेश नीति के �
11:24बारे में बात नहीं करते हैं, लेकिन उन्हें ने चीज तरह से वीवेत की राजनीटी पहले से की है, यह
11:28वेत की का नतिजा है, और देखे फिर, एक्स्प्रेश नेते ते हैं, जिनका सभीधान में वरोसा नहीं है, वो लोग
11:36जो है, वो दिमागी नकसल है, तो पहले दिमा�
11:54और बीजेपी की वो मातुर समस्था है तो यह एक्स्प्लेनिशन देनी की बात अलग है मुझे एक बात बताईए जब
12:00जन्गन्ना जाती कर जन्गन्ना मांगी थी अर्बन नक्सल उन लोगों को किस ने कहा था इस देश के प्रदान मंत्री
12:05ने कहा था
12:07सवाल खड़े किये गए जब किसान खड़े हो गए तो आंधोलेन जी भी कहा गया उनकी बात मान ली गई
12:12लेकिन फिर बात में दोका हुआ
12:13MSB का क्या हुआ पता नहीं अभी भी जाती जंगना की बात की फिर उन्होंने उन solved
12:20करता भी ज सीट कर पाए जूटता ये और लखी जात्रों ने अंदोलन किया था
12:30ओए उसका नाम है � Ngayyan metra की पर भी ऑखम या को में और ये उसने ये मैंग को
12:45पातुल लोंडे पार्टे लेगा लाल किले से उसका डेफिनेशन के रहे हैं
12:56और आज बीजेपी दे प्रेस कॉंफरंस लेकर उसका डेफिनेशन दिया हुआ है
12:59मैं आपको ज़रा एक बार वो डेफिनेशन बताता हूँ
13:01आप मुझे बताईएगा कि पीछे दंबर हम इसमें कहां बढ़ते हैं
13:04क्योंकि पीछे दंबर हम खुद ही कह रहे हैं कि वो खुद दिमागी नकसल है
13:21इसके लिए वो डेफिनेशन आपके सामदे रखते हैं
13:23अनुचे 370 का समर्थन करता है 370 हटाने का विरोत करता है
13:29वो अर्बन नकसल है या दिमागी नकसल हम कह सकते हैं
13:31नौर्थीस्ट को जो चिकननेख है नौर्थीस्ट के राज्यों को जोडने वाला
13:35एक चोटा सा हिस्सा, उसे अलग काटने के लिए ठिकन ने काटना चाहते हैं, वो दिमागी नकसल है, यह डेफिनेशन
13:45सरकार के तरफ से रखा गया है, अब बिरेदेज्जु कह रहे हैं इसके लिए मैं सरकार के तरफ से बोल
13:49रहा हूँ, क्योंकि वो मंतरी है, इसलिए मैं बो
14:05जो ग्यान देते हैं कि किस तरह से सोचना चाहिए उन्होंने कहा था कि गोली मार दूंगा और जो बच्चिया
14:10है वहां की जो आंदोलन कर रही है वो सामुहिक बलतकार में आनंद लेती है फिर बात में अपने आपको
14:15कीनारा कर देना फिर किसी मिनिस्टर का अपने हिसाब से सा
14:32बड़ा बलिदान तो कॉंग्रेस ने दिया है उसके किलब सबसे बड़ा अभियान भी कॉंग्रेस ने चला है 2012 से लेकर
14:36उसके पहले भी अभियान चलते रहे हैं सवाल उसका नहीं है एक बास समझ लो आप जो सवाल खड़े करेगा
14:42इस सरकार पर वो सरकार जो है उसे या तो
14:45टुक्रेट पुड़े गैंग पहेगी उसको या तो देजदो ही कहेगी अब मुझे एक बात बताओ यश्वन शिंदे हमारे महारास्ट के
14:51है उन्होंने एफिडियोट दिया नांदर के कोर्ट में और उन्होंने कहा है कि मैं 25 साल तक प्रचा रख था
14:56और बाम बनाना मालेग
15:15लेकिन मैंने आपको स्पेसिफिक सवाल पूछा था तीन पैरामिटरस दिये हुएं किरन रिजू जल्दी से उसका जवाब दीजए फिर प्रेम
15:21शुकला जी आपका जो भी उनको कहना है वो कहेंगे पूरे मामले को लेकर कहां बैठते है और दिमागी नकसल
15:27में कहां बैठत
16:06जो तीन पैरामिटर दिये हुए उसमें से आप किसी को भी समर्थर नहीं करते हैं आप 370
16:12करते हैं कॉंदर नहीं करते हैं कॉंदर समर्थर आटाने का अल्गाववाधियों के साथ कॉंदर नहीं खड़ी है नौर्थिस्ट को अलग
16:21करने वाला जो चिकन नेख है उसको का टना नहीं चाहती कॉंदर इंज सभी सिचराएं सुनूना सवाल क्या होना चाहिए
16:29नीजू �
16:30सवाल क्या होना चाहिए कि प्लाल किले के प्राचिर से जब अरनाचल में चाइनीज घुष चुके हैं वहां के असोशेशन
16:39ओफ विलेज़स ने कहा है ना ट्राइब ने कहा है तो इसके बारे में पुष्ण होना चाहिए कि लोग तीन
16:44परामिटर से तो आप तहीं है तो आप �
16:46आपको क्यों दिमागी नक्सल कह रहे है जो ये तीन परामिटर में है वो अपने आपको कहे दिमागी नक्सल आप
16:52क्यों आपको कह रहे है जब आप पर टीका होने लग गई टिपनी होने लग गई जब विद्यार्थियों का नाम
17:08उससे जोड़ा जाने लगया तब पश्चा
17:15देखिए कांग्रेस पार्टी ने नकसलवाद को संडुक्षन देने का कारे किया
17:1913 अप्रेल 2006 को ततकाली इन प्रधानमंत्री डॉक्टर मनमोर सिंग कह रहे थे
17:26कि नकसलवाद इस देश की आंतरिक सुरक्षा के लिए सबसे बड़ा कत्रा है
17:30लेकिन उनके कारेकाल में 2004 से लेकर 2014 के बीच 5000 निर्दोशों का रक्त बहाने का काम जिस नकसलवाद ने
17:40किया
17:40उस नकसलवाद का समर्थन करने वाले सबसे अधिक कांग्रेसियों की हत्या नकसलवाद में हुई
17:48और उस हत्याकांड के बाद एक विश्विद्याले में उस हत्याकांड पर उस्तो मनाये गया
17:54तो ऐसे उस्तो मनाने को अगर हम दिमागी नकसल कह दें तो कांग्रेस को पीड़ा क्यों होती बाई
18:18यह सवाल तो आएगा ना इस सवाल पूछा जाए तो किसी को क्या आपती है किसंजी जो नक्सलवादियों का नेता
18:25हुआ करता था उसने कहा था कि 2030 तक हम जो हैं भारत में दिल्ली को भी नक्सलियों का कब्जा
18:33हम करा कर मानेंगे और उसके बाद भी नेशनल एडवाइजरी का
18:37हम नक्सलवाद को समर्तन करने वालों को भरा गया था इसके बाद अगर म Isla की
18:44होने लगती भाई यह बढ़तों क्या कारण ऐस्वादियों करे 180 जुलों पने दोहजार चौड़ा तक 180 जुले नक्सलवाद की चपट
18:57में थे उन 180
18:59असी जिलों से नकसलवाद को साफ कर दिया गया उसके बाद अगर कोई पीडा प्रकट करे तो अगर हम उसको
19:05दिवागी नकसल कहे दे तो क्यों भाई आपको चिड़ने की क्या वशकता है
19:09प्रेम शुकला जी ज़रा दो इंसिडंस बता दीजेगा आपकी बात सही है और इस बारे में सरकार की तारीफ जितनी
19:17करे उतनी कम होगी
19:18कि मुझे सवाल पूछ ले दीजेए अशुतोष हमारे साथ जुड़ गए मैं उसी में काउंटर सवाल पूछ लेता हूं आपको
19:27मैं सरकार की तारीफ भी नहीं करने तें करने वाला था प्रेम शुक्ला जी ने आप भूल लिजेए अभी चलिए
19:44मैं छोड़ देता हूँ
19:55लगातार जो लोग जो है नकसलवाद के हिंसक तांडो पर जो प्रसंदता वेक्ट करते हैं ऐसे लोगों को अगर विद
20:03गन्स
20:15गांधीयन गांधी वाद की कलपना बंदूक धारी गांधी वाद की संकलपना जो करे अगर उसको नक्सलवाद का दिमागी नक्सल कहे
20:23दें तो पीडा होने की आवशक्ता क्या है यह मेरा छोटा सा प्रुस्ट ने है
20:28ठीक है फिरा सवाल आपसे ये था मैं एक बार आपने रोक दिया फिर भी मैं तारीफ करी देता हूँ
20:33नक्षलवाद जो सशस्त्र नक्षलवाद है जो रक्तर रंजित रक्षलवाद है उसको खतम किया इसके लिए सरकार की तारीफ जितनी की
20:39जा है उतनी कम है क्योंकि उसके व
20:55इस बात का जिक्र किया था कि नक्सलवाद रेड टेरर ये सबसे बड़ी चुनोती है आज की स्थिति में देश
21:01के भीतर जो आतंकवात पनफ रहा है उसके लिए सबसे बड़ी चुनोती रेड टेरर ये इस बात का जिक्र पहले
21:07भी हो चुका है लेकिन मुझे आपसे इस बात क
21:09को समझना है कि इस नकसलवादियों को खतम करने के लिए जिन्होंने शस्त्र उठाए थे जिन्होंने वहाँ पर रक्तर रंजित
21:16इतियास रचा था उनको खतम करने के लिए किस विपक्षी दल के निता ने आपके खिलाफ यहाँ पर बात करने
21:24की कोशिश किया अगर कुछ इंस
21:38चैनल पर इस बात का खिर करेंगे कि किसी भी तरीके से विपक्षी ओपर टिपड़ी नहीं है यह टिपड़ी उन
21:44लोगों के खिलाफ है जो देश के खिलाफ काम करते हैं यह बात साफ कर दीजएगा जो किरन डिजू जू
21:48करना चाहरे हैं हम तो साफ हम साफ तोर पर हम साफ �
21:53पर देश के खिलाफ बात करने वालों के बात ही बात कर रहे हैं लेकिन जिन जो अफ़्जल से लिजाती
22:00है उसके बाद जो कहतें ऑफजा लोग हम शर्मिन्दा है को की फांसी देती है उस-स फांसी करते हैं
22:11और और इस km को प्षाईग कई ने गलत था तब कार्या मंतर ही यह
22:22को क्या कहा जाए नियाय-पालिका और काय-पालिका, जिसको साफ तौरप रधाया, जिसकी rugbykār होती है, उसके लिए अफजल
22:30हम सर्मिंदा है, तेरे कातिल जिन्दा है, ये नारा लगने वालों को क्या कहा जाए, उनकी प्रसंसा की जाए, जो
22:37कहते हैं कि हम जो है चिकन तोड�
22:50जैराम रमेश कहते हैं, समाजवादी पार्टी के नेता कहते हैं, सीजेपी के नेता कहते हैं, कौन कहता है, नाम दाम
22:56दीजिए और उन पर कारवाई करिया ना
23:00अफजल मैं तो पीच दमरम ने अफजल गुरू को फासी कब हुई थी?
23:06कब हुई थी अफजल गुरू को फासी?
23:08किस समय पे अफजल गुरू को फासी हुई थी?
23:11और उसके बाद वही हुई तो मैं कह रहा हूँ
23:14कांग्रेस के कारेकाल में फांसी हुई और उसको ही कहा कि गलत हुई उसी को पीचिदमरम ने कहा गलत हुई
23:29पीची दम्रम का बयान है बाकाइदा कि अवजल गूरू को फासी देना गलत था
23:39पीडीपी सबसे पहले जो तीन परामिटर से उसमें एक परामिटर तो पीडीपी पूरा कर रही है
23:44उनके साथ तो सरकार आपने बना लिए इसको जेल भी हमने बेजा
23:47किसने फैस्ता लिया था ये सरकार बनाने का वो तो अलगाववादियों का समर्थन कर रहा था फिर
23:52जिसको जेल बनाने का फैस्ता लिया पीडीपी के साथ में वो तो समर्थन कर रहा था इस पूरे मामले का
23:59वो भी दिमागी नकसल गुसा हुआ है आपके पार्टी के बीतर जो पीडीपी के साथ सरकार बनाता है
24:03ये अगर किसी ने सवाल पूछा तो क्या गलत होगा
24:07बढ़ी रैंडम व्याक्या कर देते हैं पूरा जैनरी का व्याक्या कर देते हैं तो उसमें सभी लोग आ जाएंगे पर
24:12उत्तर दे देता हूं ना आप फैसला सुना रहे मैं उत्तर देता हूं
24:17सरकार सरकार भी हमने बनाया और सरकार हटाया भी उसको द्रवाई करके अनुच्छे 370 क erre बनाया किए ओस संसद
24:40की偈 रहते नृडदी
24:44यह तातका लिक है, टेंपररी है, तो टेंपररी थी 1950 के दश्ट में, और 2014 तक आप उसमें संशोधन नहीं
24:52कर सके, किसने रोका था आपको, यह भी बताईए, आप पहना रहे हैं अपने आपको, कॉंग्रेस पार्टी, वो तो कह
25:02रहे हैं आपके लिए तो बोला ही नहीं है, आ�
25:14पाइदल दिमागी जो है, वो यह बाती भूल गए, कि जब शबत पिरहन हो रहा था, तब मुप्ति महमद ने
25:18कहा था, कि पाकिस्तन को दन्यवाद कहा था, उसके बाद भी इमकी सब्कार चल रही थी, तो यह हमें नहीं
25:22सिखा है, यह पुलगा मामेंट है, तो मैंने बीच म
25:38अतुलोंडे पाटि, लेखिए, क्या है, ज़रा एक दायरा बनाया के रखते हैं हम लोगे, एक दूसरे के बारे में व्यक्ति
25:43कर टिपनी करेंगे, तो प्रेम शुकला जी कम नहीं है, और जो शुरू हो जाएगा, वो सिर्फ वायरालिटी के लिए
25:47होता रहेगा, यह बत करे
26:01पुलुआ मा में धाइसो किलो अर्डियक्स आया, सत्यापाल जीने जो है, उपजेशन उठाए, उसका इन्होंने कभी जवाब नि दिया, अभी
26:09तक पता नहीं किसने लाए और किसने मारटाला, पहल गाम में मेरी बत्तिस बहने जो है, विद्वा हो गई, अभी
26:15तक पता नह
26:15किसने वो हमला किया, याकूब मेमन को इन्हें नि छोड़ दिया, हमने जबजल गुरु को वहीं गाड़ा, कसाप को वहीं
26:22गाड़ा, यारवड़ा में वहाँ फासी देके, फासी हमने दिया और इन्होंने याकूब मेमन को फासी देके, दे दिया बाहर, बाहर
26:28धफना और उ
26:45किसने बुलाया था कुन बिना बुलाया आज तक कोई प्रदान मंत्री मनमोन सिंग दस साल में अभी गए नहीं नेशनल
26:56काउंटर टेरोरिज्म सेंटर बनाना बनाया था 2012 में पीजी दम्रम सामने उसको सबसे पहले विरोद करने वाले कौन थे तकालीन
27:03मुख्यमंत्री
27:06नरेंद्र मुदी जी गुजरात के ये नेशनल काउंटर टेरिज्म सेंटर को इन्होंने इतना विरोद किया इतना विरोद किया कि वो
27:13नेशनल काम नहीं कर पाया सुनो 94,000 का मौंटेन कॉप्स बनाया था पूरे पहाड़ों की रक्षा करने के लिए
27:21ये सत्ता में आये उसके �
27:32मासका तुपड़ा गायका जो है वो डालने वाली है अरे सेस्की बोसले निकली लड़की उसको पोलिस ने पकड़ा है तो
27:38ये हिंदू-मुसलमा करना श्रेय तो आमिच्छा ले रहे है ना आज की स्तिती में 10 साल में नक्सली इलाके
27:44तो खतम कर दिये जीरो होगे नक्सली इ
28:01और वह है वह हम उठाएंगे तो हम अन्दोलंग जीवी हो जाएंगे हम अर्बन नक्षल हो जाएंगे मैंने उधारन के
28:06साथ या किसानों को नहीं कहा क्या जिनोंने जननगन्ना की मांग की उनको नहीं का इस देश के प्रदान मंत्री
28:14है ना खेल जाते हैं बाइनरी में खेल
28:32और विरोद करने वालों के तरफ सरकार के रवएये की,
28:36वो सीमा रेका लांजने के बाद कोई नक्सलवादी बन जाता है,
28:39तक कभी इस बात का भी जिक्र होने लगता है,
28:42कि सरकार कहीं ओवर स्टेप तो नहीं कर रही है,
28:44परस Pakistan Liberty पर, और जो विरोद करना चाहते,
28:46उनको एक अलग नजरी से तो नहीं देख रही है
28:48इसलिए आशितोष यहाँ पर एक चर्चा होना बहुत ज़रूरी है
28:51क्योंकि हम पढ़ रहे थे कि जो अर्बन पर्सपेक्टिव है नक्सिलिजम को लेका
29:00उसमें तीन चीज़े लिखी गई थी कि किस तरीके से हम तयार करेंगे
29:03पहला था कामकाजी वर्क विद्धियार थी बुद्धी जी विया आप महिलाएं दलितो अलपसंख्यांकों को अंदोलन के लिए तयार करना
29:11नमबर एक दूसरा था शभी शोशित और पीडितों को एकजूट करना और इन सभी को मिला कर फिर सशस्त्र विद्रोह
29:20के लिए तयार करना
29:21इस पे तीसरा हिस्सा नकसलवादी बना देते हैं लेकिन पहले दो जो हिस्से हैं वो सरकार के खिलाफ अंदोलन करने
29:29वालों को भी कहा जा सकता है
29:31कि तो यह कहां से यह डिबेट एक बार फिर शुरूओ हो चुकिए है आज किस्तिति पहले यह थिन लाइन
29:36बड़ी क्लियर थी Lेकिन आज एक बार फिर मिक्स कैसे हो गया एक दूसरे में जुर्टा कैसे है
29:41आज की स्थिती में? सत्ता का विरोध नकसली कैसे हो गया?
30:12लेकिन सिर्फ इतनी सी बात नहीं है. नकसलीजम से जो लड़ाई है वो आज से नहीं भलकि 45-50 साल
30:18से लगातार चल रही है. एक जमाने में इसको ग्लॉरिफाई करने की कोशिश की जाती थी, चारू मजिनदार्स जोड़ने की
30:23कोशिश की जाती थी, और उसको लेकर एक तरीके
30:26से करांती की बात की जाती थी. अब कम से कम वो महौल पुरी तरीके से खतम है. लेकिन अगर
30:31कोई ये कहे कि इसमें कुछ सरकारे कॉंग्रस पार्टी
30:34पुरी तरीके से नाकाम नहीं, बीजेपी भी नाकाम नहीं, ऐसा ऐसा है नहीं, अगर आप देखेंगे कि आतंकवाद पी जो
30:39सबसे पहला नक्सलिजम पे सबसे बड़ा क्रैकडाउन जो किया गया था, वो दरसल वायसार रेड़ी के आंदरप्रदेश पे क्रैकडाउन हुआ
30:48जब उन्होंने ग्रेहांट बनाया और उन्होंने इस कदर वहां पर अटैक किया, कि वहां से नक्सली भाके 36 गल की
30:55इलाके में चले गए, भारती जनता पार्टी की सरकार पिछ, वहां लंबे समय तक थे, करी 15 साल तक थी,
31:01और उस वक्त ता उनको जिस तरीके से टैकल करना च
31:16सरकार थी, लेकिन जो दबाओ था, वो दबाओ धीरे धीरे नक्सलीजम के उपर पड़ रहा था, और भारती जनता पार्टी
31:22में आके, खास्तोर पर अमिर्शा ने आने के बाद जिस तरीके से प्रेशर बनाया, जिस तरीके से सिंगल माइंड़ परसूट
31:28के साथ परसूट क
31:43अगये हैं, और ये दिमागी नक्सल हो गये हैं, तब फिर आप अपनी उपलब्धी को नकारने का काम कर रहे
31:48हैं, वह अगर जंगल से निकल का कर नक्सल अगर शहरों में चले आएं, तो फिर आपका वो दावा बेकार
31:53हो गया, जो आप जो नक्सल बातों खतम करने की बात कर
32:09ताकि जो कंफूजन परदा हो रहा था, एक नक्सल बातों खतम हो गया लेकिन शहरों में नक्सल बातों नख्रिष्य ने
32:18से पंब गया है, और अब शहरों के अंदर नक्सल ही दिखाई पढ़ने लगे, ये मतलब धा दिमागी नक्सल बाता
32:22अच्छा वारी जीजु साब में
32:23आके कम से कम clarification दिया है
32:27नहीं लेकिन ये clarification पूरी तरीक से
32:29पहुँच पाया ये हम नहीं कह सकते
32:31क्योंकि ये term बड़ा generic term है
32:33और हर कोई अपने अपने तरीके से
32:36इस पूरे term को देखने की कोशिश कर रहा है
32:38क्योंकि उसमें बुद्धी जीवी भी आते हैं
32:40लेखक भी आते हैं
32:41यूआ वर्क के वो लोग भी आते हैं
32:43जो सड़क पर उतर कर आंदोलन करने की कोशिश कर रहे है
32:45सरकारी policy को कही ना कही
32:47challenge करने की कोशिश कर रहे है
32:49और उनके दबाव में कई जगे पर
32:51सिर्फ केंडर सरकार नहीं
32:52तो राज्य सरकारों को भी अपने फैसले बदलने पड़ रहे है
32:55ये एक बड़ा सुविधा जनक हो गया है किसी भी सरकार के लिए
32:58अगर किसी आंदोलन को बदनाम करना है तो
33:00इसलिए भी इस पर सवाल उठना
33:02वाजिब कहीं न कहीं लगता है
33:17उसका डेफिनेशन क्या है कानून के बीतर
33:19अर्बन नकसल की टर्मिनलोजी का डेफिनेशन क्या किया गया है
33:23महराश के बीतर एक जन सुरक्षा कानून पारित किया गया है
33:26महराश नवीदान सबा में
33:27उसमें भी अल्टरा लेफ्ट ये कहकर उसका जिक्र किया गया लेकिन अर्बन नकसल का कोई भी डेफिनेशन कानून के बीतर
33:34यहां पर नहीं देखा जा सकता तो ऐसे में इस टर्म का जेनरिक इस्तमाल करना किसी भी तरीके से और
33:41कास करके लाल के लिए से उसका क्या असर लोग
33:56आपको कांटर करना और जब कांटर करने की बात आती है तो सिमाई लांग कर अपने आपको नकसली दिमागी नकसली
34:03या इस तरीकी की बाते करना शुरू कर देता है जो मुझे लगता है कि अगर नकसल वाद के टर्मिलोजी
34:08पर जाते हैं तो उससे ही साफ हो जाता है कि आप �
34:11नकसल बात की बात करते हैं अपने आपको नकसली कहने की कोशिश करते हैं दिमागी नकसल की बात करते हैं
34:16तो वो आप किस terminology को refer कर रहे हैं मुझे लगता है कि अगर विपक्ष अपने आपको इस terminology
34:22के साथ आगे रख रहा है तो मुझे लगता है वो गलत है आप urban नकसल की बात कर
34:40है किस तरीके से लोग काम कर रहे हैं बंदूग से चलता हुआ आगमें आपको दिखता है लेकिन वह व्यक्ति
34:47जो अपने दिमाग में किस तरीकी की सोच रखता है वह आपको नहीं दिखता जल्दी से जब तक वह एक्ट
34:53अपॉन नहीं करता अपनी सोच के साथ तो मुझे लग
35:16तो मुझे लेकिन उनके पास जाने से पहले विनिजिद्दल जी एक बात पर समझना बहुत जरूरी है आज किस्तिती में
35:22नकसल वाज जो पनपा था उन्नी सो साथ में बंगाल के बीतर नकसल बारी में वो शोशितों की आवाज को
35:28बंदू के जरीए सॉल्फ करने की कोशिश
35:30की जा रही थी दो अलग अलग रास्ते लोग चुनते हैं एक वो रास्ता होता है जो सड़क पर उतर
35:34कर अंदूलन करते हैं और सरकार को डिमोकरिटिक मीन से सवाल पूछने की कोशिश करते हैं कि हमारे मुद्दो को
35:40आप सुलजाईए वरना हम आपके खिलाफ आंदूलन करे
35:57सरकार ने इस पूरे मामले में किसी भी सरकार ने सिर्फ केंडर सरकार की बात नहीं कर रहा हूं किसी
36:02भी पार्टी के सरकार में इसके कानूनन बाहिने कोई बनाए नहीं है और इसलिए वो लोग जो कामकाजी वर्ख है
36:09विद्द्द्द्द्द्द्द्द्द्द्द्द्द्
36:23है और उसके बाद सोरब दास के पास भी चलेंगें साहिल भाई मुझे आप एक बात बताइए कि अगर को
36:31और प्रदर्शन हो रहा तो उसकी अग्या प्रदान की गयी या नहीं की गई
36:34क्या उसको रोका गया लेकिन अगर आप संसद की अंदर बिना
36:37permission के गुושने की कोशिश करेंगे तो आपको कौन गुसने
36:40देगा भाई यह गल्लत है और अगर रोका गया आपको तो आप
36:43यह कहें के हमें इस तरीके से रोका गया अत्याचार हो
36:46गया हमें जाने नहीं दे गया संसद है आप कैसे अंदर गुज जाएंगे तो इस तरीके की चीजों को मुझे
36:51लगता है कि रोकने के बाद अगर आप यह कहें कि अरे प्रधान मंतरी ने लाल के लिए से बोला
36:56कि कुछ लोग हैं जो नकसलवादी सोच रखते हैं और यह तो हमे
37:00दे दिया देश के पूर ग्रह मंतरी अगर इस तरीके की बात आके शोशल मीडिया पर कहते हैं अपने आपको
37:06प्राउड फिल करते हैं यह कहते हैं कि मैं तो नकसलवादी सोच का आदमी हूं तो मुझे लगता है बहुत
37:10गलत मैसिज है मुझे लगता है कि समलना चाहिए और �
37:13लाजनीती करने की बद्दि बिलकुल करने की बात है लेकिन आपको कहीं न कहीं जिम्म्दारी के सार्राउडिती करने चाहिए और
37:21जब इतना
37:22क्यों आपको लगा कि आपके लिए इसका इसका इस्तमाल किया जा रहा है कहीं भी सीजे पी का इस्तमाल के
37:27नाम का इस्तमाल नहीं किया गया था ये कहा गया था कि आप लोग जरा इस सोच से सम्मल के
37:31रहिएगा तमाम युवा वर्क को प्रधान मंतरी चेताबनी दे रहे थे इ
37:48दिमागी लोगों को पता है कि इशारा किस तरफ था जंतर मंतर में इतना बड़ा अंदोलन हुआ क्या वो सारे
37:55बच्चे जो वहाँ आयते स्टूडेंस जो आयते क्या वो नक्सल्स है अगर नक्सल्स है तो फिर हमारी सारी मांगे क्यों
38:02पूरी की गई
38:03क्यों उसको एक्सेप्ट किया गया क्यों रेजिगनेशन हुआ बड़ बीजपी तो शेरी आपको कहा ही नहीं आपको कहा ही नहीं
38:11इसको टॉग विसलिंग बोलते हैं प्राइम मिनिस्टर ऑफ इंडिया रेट फोर्ट में कोई पॉलिटिकल इवेंट नहीं था ये तो इंडि�
38:32भागयपून कॉमेंट किया देश के युवाओं के खिलाफ क्यूंकि देश के युवाँ अभी रोड पे उत्रे हुए, पूरे देश भर
38:39में प्रोटेस्ट हो रहे हैं, ऐसे विफल सिस्टम के खिलाफ, तो उनका आप concerns ना सुनके, उनको एक आप टर्म
38:46दे रहे हो, उनको आप
38:47तो दिमागी नकसल बोल रहे हो, आप उनके बात अगर मान रहे हो, �ältिमेंटली मानना पड़ रहे और तो सारब
38:53आपने डॉख विसलिंग शब्ट का इस्तमाल क्या हुआ है, बड़ा दिल्चस्प शब्द है यह डॉग विसलिंग, यह शब्ट का इस्तमाल
38:58का इस्तमाल का ह�
39:04और प्रदान मंतरी का जो स्टेटमेंट जो भाशन उनका लाल के लिए से हुआ है उसे आप इस माइने में
39:10क्यों देखने की कोशिश कर रहे हैं ज़रा डिकोर करिये उसके बाद विरी जिंदल हमारे साथ में वो उस पर
39:16कुछ कहना चाह रहे हैं
39:17देखे इस चीज़ पर तो हमें जादा डिबेट करना ही नहीं चाहिए कोई भी लॉजिकल इंसान रैशनल इंसान जो है
39:23पड़ा लिखा युवा है उसको समझ में आ रहा है कि यह कहां से बोला जा रहा है क्यों बोला
39:29जा रहा है इतना बड़ा अंदोलन हो रहा है पूरे देश
39:43तो रहा है उसके तरफ हो रहा है देखे मैं आपको बस यह बता रहा हूँ कि आप अगर यह
39:49प्रोटेस्ट के वज़े से आप बात मान रहा है अगर आप रेजिगनेशन करवा रहे हो अपने मिनिस्टर की तो तो
39:54आप विफल हो ना आप प्राइम मिनिस्टर फिर नकसल हो के �
39:57बातों में आ रही है उनको फिर रेजिगनेशन दे देना चाहिए हो मिनिस्टर को रेजिगनेशन दे देना चाहिए यह सब
40:03टर्म्स यूज़ करके आप लोगों को डरा दमका नहीं सकते हो मुझे लगता है थोड़ा हमारा स्टैंडर्ड हाई होना चाहिए
40:09साहिए आप रे�
40:33सकते हैं उरनी प्रदार मंतिरी चीने किसी चात्रान को कहीं से भी नहीं कहा है दिमागी नक्सल नहीं कहा है
40:44दिमागी नंहीं कहा है लेकिन अगर को ओभता ओभ तीर लेना चाहे तो वो सचन्द है उड़ता हुआ
40:55लेकिन प्रधानमंत्री जी ने किसी चात्रांदोलन को लेकिन जब कहीं नकसलवादियों के द्वारा संगार हो और उसके बाद अगर किसी
41:07विस्तिविद्यले मुझतो मनाये जाए तो ऐसे लोग को दिमागी नकसल कहा जाएगा
41:11अब उसको CJP के लोग कोई और टर्मिनलोजी देना चाहें उसको डॉग विसल कहना चाहें तो कह सकते हैं उनका
41:18अधिकार है क्योंकि हम जो हैं अभिव्यक्त की सुतंतरता का सम्मान करते हैं तो अभिव्यक्त की सुतंतरता के सम्मान में
41:25हम जो हैं कोई जिसके लिए नहीं कहा �
41:28जै रहा है वो अभी अपने लिए मान ले तो सको मानने का प्याम ने तक नहीं कह सकता और
41:45तो जो किसी नहीं कि लेकिन अगर उम्र खालिद के लिए नारे लगे तो जो नारे लगा रहे थे उनको
42:00आप देंगे वीडियो भेजने को तयार हूं अभी ततकाल मेरे पास नहीं है लेकिन आप लोग आप आप डिवेट रखेंगे
42:18अभी दिखाए निर्दारित कर दीजिए मैं अभी दिखाऊंगा वीडियो दिखाऊंगा
42:24समय निर्दारित करें साहिल दिखाईए आप निर्दारित करें लोग पेज़ा है और वहां से नारे लगे पत्सर सौशे अधिक जो
42:33पुलिस कर पिकायल हुए उन्पे पत्सर किसने चलाया है आप पत्सर चलाया क्या हाँ दिखाऊंगा मैं वीडियो भेज़ दूगा जड़ा
43:02प्रदान मंतरी लाल किले से भाषन करते हैं तब उस वक्त जो घटनाए इस देश में हो रही होगी उसका
43:09जिक्र किसी ना किसी तरीके से उनकी उनके भाषन में आती है जैसे पिछले साल उन्होंने भाषन किया था तो
43:15जाहर से बात है कि ऑपरेशन सिंदूर का उसमें जिक्
43:20इस साल जब वो लाल किले से भाषन कर रहे थे तब युवाओं के लिए AI ट्रेनिंग की उन्होंने बात
43:27किया और उसके साथ साथ युवाओं को चेताने की कोशिश की की दिमागी नकसलों से दूर रही है तो प्रेम
43:33शुकला जी इसलिए सवाल उटता है कि आज अचानक अग
43:50इंगेज किया उस आंदोलन से भी कही ना कहीं जोडा जाएगा उसका संदर्ब वहाँ पर देखा जाएगा और इसलिए यह
43:55सवाल उटता है प्रेम शुकला जंतर मंतर के आंदोलन पर पुलिस कर्मियों पर हमला करने वाले कौन थे वो कौन
44:06सीजेपी के कारिकरता थे वो यह
44:08में नके कहनारे से सारफदास वहां पत्रकारों पर जो हमला किया कॉसीजेपी के करेकरता थी किता जिंदर हो अरब
44:22लिंचे को
44:23इल्स ऑप करमचार्यों की बिलकुल अ बिलकुल कि आरमन नक्सल रखा एंकी पास
44:35क्या प्रमार दीजिए अभी तीजी अभी प्रमार दीजिये आप हर सच्चे आजुत अभी प्रमार दीजिए अब
44:45यहि तो भूलना यह अजोट भोलना यही इption फिरेंजी यह呀ot
44:53iki प्रमार और्या मैं अर्स ने सोभी का आप एक्सपोज़ने आरवसा विज्यपी का
45:04कि बियाए हमारे हाथ कर दीजे सब दे देंगे आपको अबर खालिद वाला प्रमार देने को तयार हूं आपको अब
45:26पुरी जाज कर रही है
45:32और जो आसमाजिक तत्व उस दिन जंतर मंतर के भीतर घुसे हुए थे जिन्होंने पत्थर बाजी की उन सब क्या
45:37होता है कितने लोगों को पकड़ा जाता है क्योंकि एफाई आर तो दर्ज है
45:40सुप्रिम कोड भी कह चुका है कि जो समाजिक तत्वते उन पर कारवाई की जाएगी सोरों बाता हों आपके पस
45:45लेकिन अशुतोष एक बार फिर अब आज की स्थिती में जब छात्रा आंदोलन को लेकर कहीना कहीं युवाओं को यह
45:56बताने की कोशिश प्रधान मंतरी करने
45:58कि ऐसे तत्वों से साफदान रही है तो बैसे में जब पीची दमबरम उसमें घुज जाते हैं और कहते हैं
46:02कि मैं दिमाग इनक्सल हो तो यह आंदोलन से जो फाइदा हो रहा है वो कहीना कहीं कॉंग्रेस पार्टी अपने
46:08पास तो नहीं किछना चाती जो उड़ता तीर की �
46:10बात कहीं नहीं कि प्रेम शुक्ला जी कर रहे थे सीजे पी कहते हैं तो बात अलग है क्योंकि उनका
46:14तो अंदोलन हुआ था अब देखे उड़ता तीर पे तो खेर बहुत सारे एक्स्पिनेशन हो जाएंगे कि मैं तो पहली
46:20बार यह देख रहा हूं कि लाल के लिए की प्रा
46:36प्रधानमंतिरी जी ने क्या उसका उसका कुछ अलग तरीके से अर्थ निकल रहा है और मैं एक्जैक्टली प्रधानमंतिरी का वो
46:43कोटेशन आपके सामने रख रहा हूं एक्जैक्ट टेक्स्ट उसका अर्थ क्या है आप देखिए ये दिमागी नकसल हिंसा और अराजक्ता
46:49के रास्ते खोज रहे हैं गलत रहा पर घसीटने के लिए भाती-भाती के दाओं कर रहे हैं इन दिमागी
46:54नकसलियों को पहचानना होगा इन दिमागी नकसलियों को अलग करना होगा और विक्सित रास्ट बनाने की दिशा में युवाओं को
47:01मुक्धारा में जोड़ना होगा
47:03इसका मुला प्रधानमंती जी मान रहती कि युवा इस वक्त देश की मुख्धारा में नहीं है
47:08अरे अगर युवा देश की मुख्धारा में नहीं तो इस समाज का कोई भी हिस्सा देश की मुख्धारा में नहीं
47:13है
47:13तो जब आप इस पूरे वाकिकों पढ़ते हैं तब आपको स्पस्ट हो जाता कहीं न कहीं वो आंदोलन कारियों को
47:19और काक्रोचों को वो दरसल नकसल ये दिमागी नकसल बताने की कोशिश कर रहे हैं तो सबसे बड़ी बात क्या
47:24है अगर वहां पे नारे लग रहे थे टुकड
47:41मुझे लगता है कि चिदंबरम ने पूरी तरीके से सरकार को चुनावती दी और मजबूर किया कि सरकार की तरफ
47:47से सपस्टी करण आए आप इस तरीके से किसी को भी किसी इंटेलिजेंट आदमी को किसी भी पढ़े लिखे आदमी
47:53को आप नकसल नहीं गोशित कर सकते ये सरक
48:02भी किसी पढ़े लिखे को नहीं का जा रहा है किसी पढ़े लिंटे को नहीं चा रहा हु swift लोगों
48:07और बहुता लिखे निरनेvo मैंका पूछ लोगों ने ये ये तंश कर लिया है कि सिर्व हमीग पढ़े लिखे बाई
48:16इस देश में
48:18पढ़े लिखे थे जो लोग आज जो है आज मुझे दो लगता है मैं उनकी डिगरी मैं नहीं नहीं देखी
48:31है इसलिए पढ़े लिखे नहीं लिखे इस पर मैं कोई टिपणी करना जो है आवश्यक नहीं समझता ठीक है
48:38चलिए सरकार के तरफ से क्लारिफिकेशन आया और उमीद हम इस बात की ही रखेंगे आज की स्थिति में क्योंकि
48:43ये डिबेट लंबा चलेगा अब कई और लोग आगे आएंगे और कहेंगे हम दिमागी नकसल है
48:48तो दंगल में मेरे साथ पस इतना ही लेकिन दिमागी नकसल को लेकर इस टिप्टी को लेकर चर्चा इसके बाद
48:54भी शायद चारी रहेगी
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