Skip to playerSkip to main content
🧔🏻‍♂️ आचार्य प्रशांत से समझे गीता और वेदांत का गहरा अर्थ, लाइव ऑनलाइन सत्रों से जुड़ें:
https://acharyaprashant.org/hi/enquiry-gita-course?cmId=m00021

📚 आचार्य प्रशांत की पुस्तकें पढ़ना चाहते हैं?
फ्री डिलीवरी पाएँ: https://acharyaprashant.org/hi/books?cmId=m00021
➖➖➖➖➖➖
#acharyaprashant #Heatwave #Drought #ElNino #ClimateChange #GlobalWarming #WaterCrisis #ClimateEmergency #ExtremeWeather #Monsoon #RainfallDeficit #ClimateAction #EnvironmentalCrisis #WaterScarcity #RisingTemperatures #Sustainability #SaveWater #ClimateAwareness #आचार्यप्रशांत #operation2030

Category

📚
Learning
Transcript
00:00इसका नाम है एल निन्यो और अगर ये और मजबूत हुआ
00:12तो इसका असर पसिफिक ओशन से निकल कर भारत के मानसून, गर्मी और करोडों लोगों की जिंदगी तक पहुंच सकता
00:20है
00:21ये जितने बड़े-बड़े एकनॉमिस्ट हैं, ये अभी-भी सोच रहे हैं कि मुझे जीडिपी बढ़ाना है, जैसे आपके घर
00:26में आग लगी है
00:27और आप भीतर बैठके नोट गिन रहे हो, और योजना बना रहे हो कि किस तरह से अगला नोट हासिल
00:32करूँगा
00:34कुछ बचना नहीं है, पागल
00:39आर्टिकल्स आते हैं, लेख आते हैं, दोहजार सत्तर में हम मुंबई में कैसा और इंफ्रास्ट्रॉक्चर खड़ा कर सकते हैं
00:45दोहजार सत्तर में मुंबई है
00:49किन खाबों में हो, किन खयालों में हो
00:52नीन सी लेवेल 20 सेंटिमीटर बढ़ चुका है
00:56दोहजार सत्तर में हो सकता है 100 सेंटिमीटर बढ़ चुका हो
00:59यूरोप के बहुत सारी राजधामियां जो तटी हैं, वो डूबने वाली है
01:03उनको है, वो समझ रहे हैं इस बात को
01:05वो अपनी बजेटिंग GDP के हिसाब से नहीं कर रहे हैं
01:09बर खासकर हिंदुस्तान में हम अभी पता नहीं किन खाब हो गए है
01:14बांगलादेश पूरा साफ हो जाएगा
01:17बैंककॉक पूरा साफ हो जाएगा
01:18भारत के बहुत सारे तकिये शहर पूरी तरह साफ हो चुके होंगे
01:23गलेशियर्स हिमालय के सब पिघल चुके होंगे
01:26नदियां हमारी जितनी है जो हिमालय के गलेशियर्स से आती है
01:29सब सूप शुकी होंगी
01:30हम कौन सी एकनॉमिक प्लानिंग कर रहे हैं
01:34हलो
Comments

Recommended