- 7 weeks ago
Milkiyat 2026 : Mohsin Abbas Haider - Saniya Shamshad - Haroon Shahid | मिल्कियत | starts 9th May 2026
Soha, a young woman raised by her grandfather after losing her parents, lives a simple yet strong life. She is happily married to Rafay, a loving and caring husband. However, her world falls apart when Rafay dies in a tragic accident.
Zaviyar is a wealthy and arrogant man who has everything in life except true love. He was once deeply in love but after being betrayed, he no longer believes in relationships and keeps his distance from emotions.
Fate brings Soha and Zaviyar together, but they are unaware of their true connection at first. Zaviyar is burdened by guilt from a mistake in his past, and in an attempt to ease it, he begins helping Soha and her family. Over time, this brings him closer to her, and he gradually falls in love.
Will Zaviyar get his love? Why is Soha not convinced by Zaviyar’s love? Can Zaviyar escape the guilt that follows him every step?
Soha, a young woman raised by her grandfather after losing her parents, lives a simple yet strong life. She is happily married to Rafay, a loving and caring husband. However, her world falls apart when Rafay dies in a tragic accident.
Zaviyar is a wealthy and arrogant man who has everything in life except true love. He was once deeply in love but after being betrayed, he no longer believes in relationships and keeps his distance from emotions.
Fate brings Soha and Zaviyar together, but they are unaware of their true connection at first. Zaviyar is burdened by guilt from a mistake in his past, and in an attempt to ease it, he begins helping Soha and her family. Over time, this brings him closer to her, and he gradually falls in love.
Will Zaviyar get his love? Why is Soha not convinced by Zaviyar’s love? Can Zaviyar escape the guilt that follows him every step?
Category
📺
TVTranscript
00:18जवान बेटी की वक्त पे शादी हो जाए, एक मा के लिए इससे बड़ी और क्या वात हो सुन गए?
00:24ममा, ममा, ममा, मुझे आपसे बाद करनी हैं.
00:36ममा, ममा, ममा, ममा, ममा, ममा, ममा, ममा, ममा, ममा, ममा, मुझे नहीं बताया था कि तुम्हारी पहले शोहर से
00:54कोई उलाद भी है?
00:59ममा, ममा, ममा, ममा, ममा बताया था आपको आ भूल गई?
01:18omu
01:25कि बोला था मैंने रण के लिए रखा रसके घुजरी आज रखा तुझे मेरा धुछ अन्दर ए दू कि एम
01:44आगा रहा हुआए
01:45बनी बत भी भाह भाह भे गार दी मीजी, मुझे नी क्यों आया था?
01:53आठा ये मुझे तू नी जए था ना भोल, बहुल, दू नी जए था था ना?
01:59तुरो ना गन कहिंकी, सारी झूशों को निकल गल गल उसके कहने पर भाह राया था ना?
02:12आपको अपना थे तरी अदे अबारे मेरे जो सोच नहीं आप सोचिए लेकिन अपने बच्छे पर हाथ मत उठाएं पूज़ादे
02:18अपकी तरसिया थाको
02:22अब्धानिक, तो पूंझा ना?
02:24लिए बाशु तो में इसको जिंदा रख कोुई या क्यों इसको जोट हुई अगर जोओंगी ना?
02:30तुझे हो और तुझे तकलीफ क्यो अँ और या जोगिस नही तुझेखे हुए तुझे तकलीफ क्यो हुगिए?
02:38अरे तेरा जिससे रिष्टा था वो मर गया चला गया अल्ला के पास क्यों बैठी है हमारे सब्सक्राइब चोड़ती यू
02:48नहीं हमारे घड को
02:50आप जैसा भी रह्म इनसान मैंने अज तक नहीं दिखा जिसे अपनी औलाद पर रह्म नहीं आता किसी और पर
02:58क्या रह्म करेगा
02:59तू मुझे बड़ा आई रह्म दिली के लेक्चर देने वाली टीचर तेरी वजा से मेरा भाई मरा है
03:10मेरा कितरा हूँ इदर ओए दर ओए मेरी बात सुन तू मेरा बेटा है याद रहा नहीं आज तरी मात
03:19वाध बता रही है इसके आचर में तू छुपा रहता इना हल वक्त
03:24इसने मारा है तेरे मामा को और ना ये बात मैं तुझे बूलने दूगी ना इसको भूलने दूगी
03:35क्या कहा आपने
03:40आप अपने, कि राफे को मैने नहीं हमार अपने आपने मार है
03:49आप जी मिदाने राफे की मौत की
03:55अपनी हुन से जूट बोला था
03:58के उमर बिमारा और उसे डौक्ट्टर पर ले जाने वाला कोई नहीं है
04:02अप उन से जूट बोलती है
04:06वो उस रात निकलते हैं और ना ये सब कुछ होता जह हुआ है या अलाग
04:16वो उस रात उमर को बचाने के लिए निकले थो जब
04:24जब एक से रह रहा था अपी
04:29मैंने कहुँ था हुँ ने कि बारिश उख जाती है तो
04:34भी दो चलते हैं लेकन उंर के इतने पैरशाने थी के वो रुके ने
04:46जेनी अजियत दी थी आपने उने लिए जो आपके बेटे की पैरिशाने में निकलो और जो हो उना फो सब
04:56आपकी से हुआ है
04:57आपके जूट की वज़ा से हुआ है, मेरी वज़ा से नहीं हुआ, समझी आप
05:02और राफे, जो आपकी बात पर ये खीम करकर आए
05:07उने अन्दाजा ही नहीं
05:09कि उनकी सगी बेहन, उनकी जान की दुश्मन है
05:14बात करती है
05:16मैंने नहीं मारा आपने बाई को
05:18जोट बोल रही है, मारा, जोट बोल रही है
05:25जोट बोल रही है
05:27अगवास कर रही है, ढोंगी
05:30आरे, आपकुछ
05:34कहे ना
05:35तो बड़ा हिजाम लडा गई मुछवर
05:40जोट बोल रही है
05:42जोट जोट बोल रही है
05:44ये
05:45तोर पुरिये दिन्हाजुदू?
06:15मुझे आपकी बहुत याद आ रही है, आप मुझे छोड़के क्यों चले गए?
06:19मुझे भी आपके बहुत आना है
06:35अकेले किस से बात हो रही है?
06:38मामू से, आप ही तो कहती है, तो जुनिया से चला जाता है को अमें दिखता नहीं है
06:42मगर हमें सुनता भी है और दिखता भी है
06:45मैं मामू से ना मामा की शिगायद कर रहा हूं
06:47करोने आपको डाटा और गुस्ता भी किया
06:51मैं ना मामू को छोड़के कहीं चला जाओंगा
06:54मैं उनसे नाराज हूं
06:56मैं मामू के बद चला जाओंगा
06:59इसे नहीं कहते हैं उमर
07:01इसे बरकुल ही सोचते बचे
07:04आप तो मेरी और नानों की जान है ना
07:06और मामा की डांट का कौन बुरा मनाता है
07:11अगर मामा डांट ती है तो प्यार भी तो करती है ना
07:14नहीं मुझे सिफ डांट दी है और परिश भी करती है
07:19अहाँ
07:20बढ़ों की डांट में प्यार पे छुपा होता है
07:24और आप मुझ से वादा करो
07:25आज के बार आप ऐसी कोई बात में सोचुए
07:28प्रॉमिस
07:33कुमीरी मैं भी लग जाए
07:49अम्मा बड़े
07:51सोस की बात है भाई
07:55बाहर से आई वी लड़की की जबान का तुम्हे अदबार है
07:59अपरे बीटी भी यकी ता है तुम्हे
08:17अचा بस
08:20अल्ण को बीच पे मत लग
08:23सब जानता है
08:27क्या सच है क्या जूट
08:31क्या सही क्या गलत
08:35मैं तो उस दिन महां नहीं थी
08:40लेकि मेरा राफ़ तो चला गया ना
08:43अब इसे क्या फरक परता है
08:46क्या सच है और क्या जूट
08:49कौन सच बोल रहे और कौन गलत
08:52आखर में सोह की बची कामियाब हो गई ना
08:55तुमाई दिल में मेरे लिए बाल आ गया ना
08:59बहर गळा दिया ना उसने तुम्हें मेरे खिलाफ
09:01अरे बैटी हुँ मैं तुम्हारी सगी मा क्या हो गया तुम्हें एक बाहर वाली की बात पर अंदे
09:05बतँ दोन पहले को बहुनी तक तो है? तो ने प्रादा किया यार?
09:12और दो ने छोड़ दियाए ना अल्ला पे छोड़ दिया यार तो अब देख आल्ला क्या करे?
09:19लाँ तेख ऐगा सच, बताएगा.
09:23उससे हासास के बातें करती हो?
09:25सुख,
09:27काटो नहीं,
09:28काम नहीं करो, आराम करो,
09:32और अपनी बेटी तुम्हें दुष्मन नजर आती� Kultur?
09:35मेरी झाको, CB शार्य लिए नरम दिल्ह ना था है तूम्हारे दिल में
09:42पेटी के लिए तुम्हारे सौधेली हो गई
09:45सारी दोनीआ को जो बहर है न बस
09:48जरका सही है, जरका ही बुरी है, जरका मेहीं जहर है.
09:51तलाक हम फ़ता है, और जरका करद़ जचाच्छा, छासा रिष्टा हो रहा था मेरा!
09:59अच्छा फासा!
10:01सारी बनी बनाई, बहुत बिगाड़ दी तुम्हारी सुभाने.
10:05उससे कुछ नहीं किया?
10:09तुम ही अपनी शातराना चाले चलने की कोशिश कर रही थी
10:13उमर का जूट तुमने उनसे क्यों बोला था
10:16उमर के जीते जागते वजूद से
10:20किसे इंकार ही हो सकती है
10:22ऐसा कुछ चुट बोलते हैं
10:25अई दो यह जूट बोलते हैं
10:27बिसंते की बनाने के लिए बड़ बड़ जूट बोलते हैं
10:30अरे अई अई शादिया चुपाते हैं
10:32शादिया चुपाते हैं जैदाद चुपाते हैं पैसा चुपाते हैं
10:35पतनी क्या क्या बोलते हैं हमारे तो 7 लाक हमारी आमद दी है
10:39साथ रुपेनी होती हमारी तो गाड़िया है एक साइकल नहीं होती
10:46नहीं नहीं सा कौन से जुप बोले ता एक बार शादी हो जाती बता देती उसके बाद किया करता छोड़
10:51देता मुझे
10:51अरे कर लेता ना नहीं तुमारी सोहो को तो सच बोलने की देवी बनना था
11:01यही तो गलती है तुमारी शादी जैसे रिष्टे को खेल समझने वाले लोग बाद में वक्त के हातों खिलोना बन
11:08कि रह जाते हैं
11:08एक गलती तुम पहले भी कट चुकी थी एक तजर्बा और याद रख नजर का उस्ते वो ही पाएदार होती
11:17है
11:19कि ओना यह ऐख जाते हैं कि तुम्हारी हालत इस सच के वज़ा से हैजों
11:41तो हमारी बहु सजबूती है, इसकी आलत देख लो, और क्या, क्या गुना हो गया, तलाक ही है ना, तलाक
11:49ही तो ही है, शकल बुरी है, जबान बुरी है, खंदानी नहीं हूं, गरीब ही हूं, तलाक ही है, कोई
12:01खुदा नाखास ना, मैंने कोई, अरे बेटा है बस, उसी का तो �
12:06जूड बोला था, तो क्या तलाक वाली औरत को दुबारा जिंदगी शुरू करने का कोई हक नहीं है, खुश रहने
12:13का हक नहीं है, क्या, क्या तलाक वाली औरत अपनी दुबारा जिंदगी उजारने का खाब नहीं देख सकती, क्या, अई,
12:23बड़ी सच की देविया मेरे घर म
12:26अरे मुझे जाने देती सुकुन से, अपनी जिन्दगी का सच करती रहती, बनी रहती देनिया, आते मोहलने वाले, बेड़ी जवान
12:34बहु है, तुम्हें उतना ही सच चाहिये था
13:02उतना ही स्बुढ मोड़ा।
13:11अच थाने आपी, दूपना और नेन बまぁ करो मतुथा में ऑपे, बेली गट के उतना ही फॉरक्रा जाना
13:22नहीं आपी आज तो मेरे प्लान्स हैं फ्रेंड्स के साथ
13:25क्यों अस्वंद भाई भी जाब यार भाई की तरह वीकेंड घर पे नहीं गुजारते
13:29अस्वंद ऐसा करेंगे ना तो घर से वाक़ी बाहर हो जाएंगे
13:33जाब यार के पास फिर भी लेवरेश है कि वो उसकी वीवी नहीं है लेकर अस्वंद की है
13:41वैसे अस्वंद भाई बहुत अच्छ है पता है आप फजूर में उन पर रोब जमाती है
13:45रोब नहीं है यह यह मेरे उन से महपत है
13:49महपत में थोड़ा बहुत पुझेशत होना विलता है नहीं अब आपी वो मुझे ना इक और कॉल आ रही है
14:01मैं आपको कॉल बैक करते हूं
14:03ओके दाखर
14:07हाँ फाहत बोलो हाँ मैं तयार निकल रहा हूं तुम रड़ी होगे हो नहीं मुझे टैन मिलस्ट रही है चेंज
14:13करने के लिए और तुम मुझे घर से पिक कर लो और तुम्हारा भाई सावयार भाई वीकेंड्स पे घर पे
14:20नहीं होते है वो पूरा दिन बाहर गुजारता है
14:22कहीं उनकी भी हमाही सरा सेटिंग तुनहीं चल दी नहीं उन्होंना कभी बताया नहीं के वो कहा है और हमें
14:31से किसी नहीं से पुछने की हिंम्मत भी नहीं की बस ये पता है के वो रात में काफी लेट
14:36पंचेंग है okay चलो मैं तुम्हें पिकडने आरो हूँ भी रड़ी बा�
14:4310 मिंटे
15:10कर दो
15:46एक मिंट सुनो तुमारे लिए एक सर्प्राइज है क्या मैंने मामा से बात कर लिये तुमने मामा को बता दिया
15:54हाँ मैंने बात कर लिये सब कुछ बता दिया हाँ हाँ बाबा मैंने सब सब कुछ बता दिया यह लो
16:03नहीं लेकिन मैं उनसे नहीं मिल सकती नहीं मिल सकती
16:10मतलब तुम्हें क्या प्रॉब्लम में उनसे मिलने ज़ा है?
16:13फाहद, मैं उनसे क्या बात करूँगी?
16:15यही के बिना अजाज़त तुमने उनके बेटे का दिल चुरा लिया है
16:21मजाख मत करो, मुझे बते ऐसा कुछ नहीं हुआ होगा
16:23अरे यार तुम पागल हो गई हो
16:26तुम्हारे भाई से डरता हूँ तुम्हारी वजासे
16:28लैसे मैं माबाप का बहुत लाडला बच्चा हूँ
16:31जिस खिलोने पर मैंने हाथ रखा है
16:33अग्जैक्ली वही खिलोना उनने मुझे दढ़ा के दिया है
16:35अब ठेरी उनके बेटे की शादी की बात सोच लो मामला कितना लेवल वाला है
16:41पता है फाहद
16:42आई विश भाई भी तुम्हारे पेरेंस की तरह मान जाए
16:47ज्यों नहीं मानेंगी तो तुम बताओ मानेंगी या नहीं
16:51हर साले को अपने बेहनों ही से थोड़ी बहुत जलिसी तो रहती रहती है
16:56और स्पेशली तब जब उसे मालूम हो जाए कि उसकी बेहन से ये महबबत करता है
17:01फिर वो ढूंता रहेगा उसकी कोई न कोई खामिया
17:03फाइनल जवाब क्या होगा
17:04नह
17:09तो फिर हम क्या करेंगे फाहद?
17:11सबर और शादी के इंतजार जो तुम तो
17:15नहीं
17:15मैं भाई के खिलाफ जाके शादी नहीं करूंगी
17:18मत्तब हम जिंदगी पर इंतजार कर से रहें
17:22क्यों यह जामिर तुम्हें
17:24मैं बुद्दा हो जाओं और तुम
17:25विल्कुल
17:27फाहद, तो मुझे टेंशन ना दो
17:29कुछ ना कोच सोचने
17:30अच्छा, यह रो राश्म का, यह अली मैं कालोगा
17:33थैंक्यू
17:36मैं जानता हूँ गलती मेरी थीव, मैं बहुत शेमिनना
17:38लेकिन आप लीज एक बार मेरी बात सुने
17:41तुम्हें किसी ने भी यह हक ने दिया कि तुम मुझ से इस तरह बात करा
17:45मैं ऐसे तो यहां से कभी भी नहीं जाओंगा
17:49मौसम खराब हो रहे, पारिश होने वाली, अब यहां से हिलना मत
17:52यहीं कड़े रहे ना, भीग तान बहुत चूँ
17:57तुम्हें क्या अकलवक्त नहीं हैं, हम कोई हाई स्कूल स्वीठार्ट से हैं, बच्चे ने चोटे तुम यहां पे घड़े बहे
18:01इस तरह?
18:02बात एक माफी कि थी, आप में बढ़ा दी
18:04अगर उसी बख कर देती ही, तो कब का चला जाता?
18:06तुम्हें जो हरकत की है, उसके तुम्हें उसके तुम्हें चाहएद माफी मिल जाती है, यह किम्छ तुम्हें अभी है कर
18:11रहे हो ना, इसके लिए मैं हरकत माफ नहीं कर ढ़े हैं
18:23इसलामेंगे ठाइ हमाल वाल वीजार को अशार्ला गूंग अशार्ला जैसा सुना था वैसे ही पाया है बच्चे टी शौक और
18:28लगण से पढ़ ग़्णा अब अब मेरी बेटी को अशी शौक और तवज्जो से पढ़ा दो मैंसको अज थू शुष्ण
18:33लगानी लाई जी जी क
18:34क्यों नहीं, क्या नाम है आपका?
18:37अरेन
18:37कौन से क्रास में पढ़ती हैं?
18:39पढ़ती ही कहा है, दिन भर बाबा के मुपाइल में गेम कहलती है
18:43कोई बार ने को
18:44अरेन के तो यहां बौट सारे दोस्त हैं
18:46है ना अरेन?
18:48दोस के साथ साथ
18:49दुष्मन भी बहुत हैं इसके तो यहां पे
18:55यह जो बाकिशा देख रही हैं ना बच्चों से भरावा तुम हैं
18:59यह बच्चे जो हैं ना
19:02कभी भी
19:05तो कि यह जो खातून खड़ी हैं ना तुम्हारे सामने
19:08यह कोई मासूम
19:11फरिष्टा सिफ़त खातून नहीं है
19:13यह डाइन है डाइन
19:15यह रिष्टों के साथ-साथ
19:16इनसानों को भी खा जाती हैं
19:19किसी को नहीं बख्षती है
19:20और तुम कैसी खातून हो भई
19:24अपनी बच्ची को
19:25ऐसी औरत के पास लेकर आ गई
19:27जिसका साया है मनू से
19:30मेरे भाई को खा गई
19:33जादी हुई थी
19:34मेरा भाई मर गया
19:36फीज
19:39तमाशा मत करें
19:40जाए अंदर
19:42तुम जो इतनी शराफत से बात कर रही हो
19:44सब के सामने क्या दिखा रही हो
19:46महलेवालों के बच्चे के सामने के तुम बहुत प्यार से बात करती हो
19:48ए मूनी लगाती मिरी वह गर में
19:59पैसला कर लो पर
20:01नहीं भाई नहीं
20:03मुझे नहीं पढ़ा नहीं रहने दे
20:04अब एक सेकिन
20:07मेरी बात तो सुने
20:08अरे बच्चो
20:11चुडेल के कहानी सुनिये कभी
20:14कभी
20:14चुडेल को इंसानों का
20:17खुन बहुत पसंद होता है
20:18और छोटे बच्चों को तो
20:20वो बहुत ही जादा पसंद करती है
20:22उनका गोश्च बिका जाती है
20:25चुडेल बन जाएगी
20:26किसी भी वग भाग जाओ
20:27भागो!
20:29नहीं नहीं एक सब्सक्राइब
20:31अच्छो च्छो च्छो
20:34अमर नहीं अभी पढ़ना है
20:36अमर?
20:37क्या हो अमर??
20:38मेरा बच्छा इसका बच्चा है तुए
20:39वे स्घंदत
20:40अरे जा आया परापडने वाला
20:43चल
20:43क्यों करें झाद
20:46क्यों करें या
20:49क्या मिल रहाखो यह सब पचक्राद
20:51सक्ण़
20:53सब्सक्राइब
20:54तुन ए मुझह चान
20:56तुने मेरा सुकून तबा किया था था न, हाँ, ठीक, और तेरा सुकून तबा करके मुझे के पुशिंग हो रही
21:04है, यह दो पैसे एक कमाके न, तो मेरी माँ को तुकावू कर सकती है, मुझे नहीं, समझी जरकाओं में,
21:25क्या था एक जरकाओं में, तुके हो रही है, तुकी तुकाओं में तुकाओं, पूरुचाओं में, तुकाओं में और यह दिन
21:51मया, तुकी है, तुकी है, अच्छा भलागरे, दौरूर।
21:55तो वो इसी तरह होती, इतनी loving and caring.
21:58Zemrir, प्लीज, आज के बाद ही तुम हरकेस मग कहना कि तुमारी मामा नी हूं.
22:04अरे, mother-in-law भी तुमामा की तरह होती है, वो तुमारी मामा ही है.
22:43बाई ने तुम्हें मेरे साथ देख लिये
22:47फाहद फाहद तुम प्लीज यहां से निकलो
22:51कुछ नहीं होगा लेकिन तुमने तुम उसे कहा था कि तुम्हारे भाई आज लेट आएंगे
22:56मुझे नहीं पता कि उतना जल्दी कैसे आगए लेकिन तुम प्लीज यहां से जाओ और इससे पहले कि भाई के
23:01गार्ट आए तुम्हें तुम्हें जान से मार दे जबने मैं हमेशा तुम्हें से कहा करता हूं मैं एक दिन तुम्हारे
23:07लिए चान दे हैं खुद मसात मस करें त�
23:23कुछ नहीं होगा काम जाओ चलो कि अखुछ नहीं होगा मैं तुमसे कह रहा हूँ ना कुछ नहीं होगा लेट्सको
23:31तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें तुम्हें
23:52तब तुम से पूछा जाएगा तब जबाब देना और तुम
23:58कैसे जानते हो जुमन
24:00भाई हम एक ही यूनिवरस्टी में बढ़ते हैं
24:03दोस्तो
24:06मैं एक लड़के और लड़की की दोस्ती को दोस्ती की नजर से नहीं
24:10एक रिश्टे की नजर से देखता हूँ
24:13इससे देखता हूँ
24:15इन फैक्ट मैं खुद आप से मिल कर बाग करना चाबता हूँ
24:24क्या बाग करना चाबता है
24:32यही के
24:34मैं और जमल एक दूसरे को बसंद करते हैं
24:37मैं जमल से महभबत करते हूँ
24:38बास
24:42एक लवज बोला ना
24:44सवान निकाल के हाथ प्रग तूँगा
24:47यार महभबत एश्क
24:49सब छूट है थोका है परेव है यही
24:53जिंदगी पहरी है ना भॉइंता मेरी पहां से मिनने की कोशिश मत करना तो
24:56निकल जाए आँसे
25:00अगर मेरी भेंद के आसपास कही नजर आया तो दुनिया में कही नजर नहीं आएगा तो
25:04भाई अंदर जाओ
25:07जाओ
25:21बहुत जाओ मेरी बहन को
25:24भाई मैं आपका फैस्वा सुनके बिल्कल शौक नहीं हूँ
25:28उसे मिन बता चुकी थी मुशे
25:31जब आपको पता चलेगा तो आप ऐसे ही रियाक करेंगे
25:35लेकिन भाई मेरी दौाए
25:38आपको एक बार फिर मुखबत हो
25:42ताकि आपको मालूम हो
25:45जिन्दगी मुखबत को पाने में
25:49उसे खोकर चीने में नहीं
25:54तुम्हारी दौा कभी कुबूल नहीं होगी
25:56अरे ऐसी का लड़की है नहीं जो जावियार एक्शाम को मुखबत से
25:59बहुत बख करने पर मजबूल करें
26:01बहुत आपको मुखबत करें
26:41जिमल भी भी ने खाना कहा लिए
26:42नहीं साब
26:45जब मैं डीनर का पूछने के लिए किया
26:48तो साब उनके कमरे का दर्वाजा अंदर से बंग था
26:56उन्होंने खाने के लिए मना कर दिया साब
26:59टीको तुम्जाँ
27:01आपको तुम्जाश kे ने जिए खाना कहा झारा से विए खुम्जाश
27:47क्या मतलब तुम उससे बात करोगी?
27:50जब मैंने कह दिया कि जमल उससे कोई रापता नहीं रखेगी, मतलब नहीं रखेगी
27:54जगुसा तो नहीं करो जाविया
27:57तुम्हारे घुसे से जमल तो क्या मुझे भी डर लगता है?
28:00जमल के लिए जो फैसला मैं करूँगा वो ही अच्छा होगा
28:03और ये बात जमल को समझनी पड़ेगी
28:04जमल ने कब तुम्हारे किसी फैसले का इंकार किया?
28:09मैं ऐसा कोई हग उसे नहीं दूँगा
28:13जिस नजर से मैंने दुनिया को देखा है किसी नहीं देखा
28:17ना मैं समल के साथ खुलत होने दूँगा
28:20और ना किसी को करने दूँगा
28:21अच्छा प्लीज अब जमल से खुस्सा मत करना
28:24इसमें जमल का कोई खुसूर नहीं है
28:26तुमने कब जमल से कोई ऐसा रिष्टा रखा है कि तुमसे खुद आगे दिल की बात करे
28:31हर वक्त तुम अपनी रुटीन में बिजी होते हो
28:34कभी अपनी रुटीन से निकलता ही नहीं
28:37और लड़के लड़कियां यूनिवर्स्टी में दोस्त बन ही जाते हैं
28:42इस वो नाच्रल
28:44जारा ये बात दोस्ती से आगे की है
28:48जमल को कोई भी दोस्ती का जासा देगा और उसे मुहबबत समझ बैठेगी
28:54बेता हुआ कि तुम उसे बाग करू औरना कोई सख्त फैसला देना पड़ेगा मुझे उसके खिलाफ
29:01जमल को उस डड़के से हर तरह का तालुक हर तरह का राबता खत्म करना पड़ेगा बस
29:07सावियार तुम
29:10ठीक है
29:21ठीक है
29:47से बचाओ
29:48से बचाओ
29:53क्या सोच रही हो
29:55यही बचाता है बागी सब खा चुकी है
29:57अब खा ले ना यह ना हो कि अम्मा से के दो सुभा कि मुझे लिए खाना नहीं छोड़ा किसी
30:01ने
30:03अर सुनो
30:06दरक मिर्चु पर हलका हाथ अर्खा करो
30:08नहीं खाया थे तुमाई तेज मसाले तजाबियत होती है
30:13ठीक है
30:15कल से आप सालन बना लीजेगा
30:17मैं रूटी बना दूगी
30:21ऐसे भी
30:22जब से मैंने किचन संभालाया आपको
30:25मेरे हाथ के बनेवे खाने पसंद का आए
30:28तीन लोगों का खाना बनाने में इतने नखरे करने की जूरत थे
30:32इतना कोई मुश्किल काम नहीं
30:34नहीं
30:36कोई मुश्किल की बात नहीं तीन लोगों के लिए खाना बनाना
30:40लेकिन जो बनता है उसे सबर और शुकर के साथ खाना भी चाहिए
30:47ऐसे आपने कभी भी मेरे हाथों की बनेवे खाने की तारीफ नहीं की
30:51कम इसकम उसमें कीड़े तो ना निकाले
30:55दहीं बात मिर्चुं की तो अम्मी और उमर की वज़े से ऐसा खाना बनता है
31:00तो बारा आपको मेरे खाने में खामी निकालनी हो
31:04तो कोई और बहाना ढूंग लीचेगा
31:08मेरे लिए इतना ही काफी है
31:11हाई हाई हाई मेरी बिचारी
31:17सोहा मेरे लिए यही काफी
31:21बातें दो देखो कतर में जलती है
31:44अच्छी नहीं से यह तो
31:45जी सर, सर एक छोटी सी फॉर्मिलेटी आवारे सर्फिस नहीं
31:56सर एक सिग्मेचर यहां आपकर दे तो कंसाइनमेंट रश्य चलियागी सर
32:01सर दो
32:06कि अचले साल
32:15सेट सेट
32:29कानाजारी ती नसे ताच्छ चॉट कुम्ज़ रिकाद।
32:35वो तुम यूणिवरसिटी के लिए तैयार क्यों नहीं है?
32:39भाई मेरी तब्यट ठीक नहीं है
32:43क्या हुआ है तुम्हारी तब्यट को?
32:47अगर तुम्हारी तब्यट की खराबी की वज़ा वो लड़का है तो उसका बंदोबस किया जा सकते
32:55बलकि एक काम करते हैं
32:59तुम बाहर जाकर किसी भी अच्छी उनिवरसिटी से अपनी तादीम मुकम्मल कर सकते हैं
33:06अच्छी ऐसा ही करना चाहिए
33:10मगर
33:10क्या मगर?
33:13मगर क्या?
33:17मुझे फाहत से कोई प्रॉब्लम नहीं है भाई
33:23आप कहेंगे तो मैं उससे बात भी नहीं करूंगी
33:26कि प्लीज भाई
33:28मुझे इस घर से और आपी से दूर बद भीज़े
33:33अप
33:35अप जो कहेंगे मैं करूंगी
33:38गुड बरी गुड
33:43अच्छा हुआ तुम्हे मेरी बात असानी से समझा गए
33:47अब ज़ो
33:50इनिवर्सिटी के लिए तयार हो जाओ बेर हो रहे हैं
33:52मुझे अच्छा हुआ
34:01मुझे अच्छा हुआ
34:18इसका कॉल है
34:23हेलो
34:26असलाम अलेकूम
34:28मैं जग्या सहीब से बात कर रहा हूँ
34:29कौन बात कर रहा है
34:30जी मैं मैं रियास बात कर रहा हूँ
34:35मैं जरका कैसे फोन की आपने
34:38वह
34:39एक्छुली मैं आपको यह बताना चाहरा था कि
34:42अब आप ही ने फोन आठारी आया है
34:44तो आप से भात कर लेता हूँ
34:45मैं शादी के लिए तयार हूँ
34:48और इसी सलसले में
34:50आपकी वालता से मुलागात करना चाहता हूँ
34:53लेकिन
34:56लेकिन क्या?
34:59देखें, मेरी एक शर्त है
35:02मुझे आप कबूल है
35:04लेकिन
35:05आपके पहले शोहर से जो अलाद है
35:08वो मुझे कबूल नहीं
35:10मैं साफ सा बाग करता हूँ
35:13आपको बुरा लगे तो हम सारी
35:15यह आप क्या कहे रहे हैं?
35:17अम्मा नहीं मानेगी बिलकुल
35:19देखें, मैंने भी आपसे यह कहा कि
35:20मुझे सीधी सीधी बाग करटे की आदत है
35:24अपकी अम्मी को कैसा लगेगा
35:26इसका मैं कुछ नहीं कह सकता
35:27लेकिन यह मेरा फैसला है
35:44देखें, अगर आपको
36:12बड़े अफसोस की बात है जरका
36:15क्यों बगाया तुमने उन बच्चों को क्यों किया ऐसा
36:18एp नॉन से निकाल के क्या मिला तुम्हे ज़ा तुम्हे उड़ा और वो
36:24सोह को मनूँस कह के क्या साभित करना चाती हो तु
36:27मनूसको मनूस ना काउं द्माई गाओं तुपर अपने माबाब को खा गई
36:33तो मेरे भाई को खा गए
36:34तो मारा बेटा ही था ना
36:37बच्चा कोछा दादा था उसको भी खा गई
36:40काल को किसी बच्चे के साथ
36:41उल्टा सीदा हो जाता अम्मा तो फिर कौन जवाब दे होता
36:46तोबा है भई
36:47खुद तो तुम कुछ करती नहीं हो निकमी एक नंबर की
36:50कोई और कुछ करता है तो वो भी तुमें खलता है
36:55अच्छा खासा बच्चों के दम से यहां रौनक थी
36:58वो बिचारी रो रही थी
37:00मगर तुमें जरा एसास नहीं हुआ जरा दुख नहीं हुआ
37:03अफसोस तो इस घर में पैदा होने का हुआ है मा मुझे
37:08जब से मेरी पैदाइश हुई है तुमने ताने दे दे दे दे के मेरे कौन पका दिये
37:16मेरे पास
37:18असो गई मेरी कर ले मैंने फैसला
37:20अच्छा क्या फैसला कर लिया हमें भी तो पता चले है जरा
37:27रियास का फून आया तो शाम में आ रहा है तुम ते शादी की तारी चाहिने के लिए
37:31और हाँ मैंना कर दिया रिया रियास ने मैं उमर को नहीं रखूँगा मैंने खर्च बच उठा रहा भई उसके
37:36मगर तुम फिकर मत करना मैं जाकर ना इसके खर्चे देती रोंगी टेंशन मत दिलना तुम
37:43बड़ी शर्म की बात है बिया किस खिसम की औरत हो तुम
37:46खुद ही खुद तुमने बाला ही बाला सारे मामलाथ उससे मिलके तैकर लिये
37:53मिनदी अना चाली माई ओब्या बैठ गईं ब्या कर दुबऑी चली गई खर्चे आने शुरूँ हो गया और उस पे
37:59खुद घरजी की इंताा ये है कि सिर्फ अपने बारे में सोच रही हो सिर्फ अपने बारे में बच्चे के
38:05बारे में नहीं सोच रही
38:06अउलाद है तुम्हारी, मा के बगार कैसे रहेगा?
38:10जैसे अपने बाप के बगार है तराएला से रिए, इसको भी पता चलना चाहिए, कि इसकी मा बहुत मजबूर थी,
38:18नहीं रहना चाहती थी इसे दूर,
38:22क्या करूँ? अना कर दिया ना इसने? नहीं रखेगा. कह रहा है, मैं नहीं पाल सकता बच्चा, और जब इसके
38:30बाप नहीं रखा, तो मा क्यों रखे?
Comments