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NRI होने के बावजूद आपकी एक ही Income पर भारत और विदेश दोनों जगह Tax लग सकता है? इस वीडियो में समझिए Double Taxation, DTAA (Double Taxation Avoidance Agreement), Foreign Tax Credit (FTC), FEIE और NRI Tax Rules को बेहद आसान भाषा में। जानिए वो बड़ी गलती जो लाखों NRIs करते हैं और कैसे आप कानूनी तरीके से Tax बचा सकते हैं।

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00:07चाहें के तुम्ध मुंबाई का रहने वाला है और पिछले 12 साल से अमेरिका में सौफ्ट्वेर अरंजिनियर के तोर पर
00:13काम कर रहा है, उसके सालाना सैलरी करीब
00:161.5 crore rupay के बराबर है
00:18लेकिन सिर्फ salary ही नहीं
00:19भारत में उसकी properties भी है
00:22पुणे और Bangaloreo में उसके flats हैं
00:24जिनसे हर महीने
00:26लगभग 80,000 rupay का किराया आता है
00:29अब सुमित को ये लगता था
00:31कि सब कुछ ठीक ठाक है
00:32भारत में किराय की income पर tax कट रहा है
00:3530% standard deduction भी मिल रहा है
00:38इसलिए मामला सही चल रहा है
00:40अब मान लीजे उसकी पूरे वाली property से
00:43सालाना 7,20,000 rupay का किराया आया
00:4630% standard deduction के बार
00:495,4,000 rupay taxable बचे
00:51वो 30% tax bracket में था
00:54इसलिए करीब 1,51,000 rupay tax भारत में उसने दे दिया
00:58लेकिन इसलिए जटका उसे तब लगा जब उसने अमेरिका में अपना tax return फाइल किया
01:03क्योंकि अमेरिका worldwide income पर tax लगाता है
01:07यानि दुनिया में कहीं से भी आपके पास अंकमा रही है
01:09उसके उपर अमेरिका में tax लगता है
01:28और इस rental income की वजह से करीब 2,50,000 rupay के आप बराबर
01:33उसको extra tax अमेरिका में भी देना पड़ा
01:35अब ज़रा हिसाब लगाईएगा
01:37भारत में 1,51,000 rupay tax और अमेरिका में लगभग 2,50,000 rupay का tax
01:44यानि 7,20,000 rupay के किराई पर कुल tax करीब 4,00,000 rupay से ज्यादा
01:51एक ही income पर 2 देशों में अलग-अलग tax
01:54यहीं सशुरू होती है DTAA की कहानी
01:58अब अगर सुमित को DTAA यानि Double Taxation Avoidance Agreement की सही जानकारी होती
02:04तो वो हजारों नहीं लाखों rupay बचा सकता था
02:08और अगर आप भी एक NRI हैं
02:10अमेरिका, कानडा, औस्ट्रेलिया, यूके या किसी दूसर देश में काम कर रहे हैं
02:14लेकिन भारत में आपकी property, bank account, share, dividend या दूसरी कोई भी income है
02:20तो यह जानकारी आपके लिए बेहत जरूरी है
02:22इसलिए वीडियो को end तक हमारे साथ देखिए का जरूरी है
02:25क्योंकि देखिए बहुत से लोग कमाते तो लाकों में है
02:28लेकिन सिर्फ जानकारी की कमी की वज़ह से हर साथ unnecessary tax भग देते है
02:33तो सबसे पहले तो इस वीडियो में आप यह समझ लीजिए कि DTAA
02:37जिसका जिक्र अभी मैंने किया वो है क्या
02:39देखिए आसान भाषा में अगर समझें तो DTAA यानि Double Taxation Avoidance Agreement
02:44दो देशों के बीच हुआ एक ऐसा समझ होता है एक ऐसा agreement है
02:49जिसका जो मोटव है जो देश है वो एक ही है कि आपकी एक इंकम पर दो बार tax लगाने
02:55से वो बचा सके
02:56भारत और अमेरिका के बीच भी ऐसा agreement मौझूद है और इसका फाइदा अमेरिका में रहने वाले NRIs बिलकुल उठा
03:02सकते हैं
03:03अगर आपने किसी भी इंकम पर इंडिया में tax दे दिया है तो उसी इंकम पर अमेरिका में tax देते
03:10समय आपको बड़ी रहत मिल सकती है
03:12और अगर आपने अमेरिका में tax दिया है तो कुछ situations में इंडिया में भी tax credit का फाइदा मिल
03:18सकता है
03:18यही DTAA का सबसे बड़ा पाइदा है अब देखे सवाल यह आता है कि यह काम क्यासे करता है
03:24तो इसके दो सबसे popular तरीके हैं पहला है foreign tax credit यानी FTC और दूसरा है foreign earned income
03:33exclusion यानी FEIE
03:36सबसे पहले FTC को थोड़ा detail में समझ लेते हैं
03:39FTC का मतलब है कि आपने किसी दूसरे देश में जो tax दिया है उसका credit आपको अपने देश की
03:47tax payments में मिल सकता है
03:49अब मान लीजिए आपने भारत में एक लाग रुपे का tax दिया और अमेरिका में उसी इंकम पर tax बन
03:55रहा है
03:55ऐसे में उस एक लाग रुपे का credit आपकी अमेरिकी tax देनदारी को कम कर सकता है
04:00यही वज़ा है कि भारत जैसे high tax country में रहने या फिर investment करने वाले लोगों के लिए
04:06FTC अकसर काफी ज़्यादा फायदे मन बाना चाता है
04:09चलिए आप बात करते हैं FEIE की
04:12Foreign Earned Income Exclusion कुछ situations में आपकी Earned Income का एक हिस्सा tax से बाहर कर सकता है
04:19अब इसका फायदा खास कर उन लोगों को ज्यादा मिलता है जो कम tax वाले देशों में काम करते हैं
04:25लेकिन यहाँ एक बहुत important बात याद रखिएगा
04:27Rental Income पर FEIE लागू नहीं होता
04:32यानि अगर आपकी कमाई भारत की property से आने वाले किराई से हो रही है
04:35तो आमतोर पर FTC ज्यादा उपयोगी आपके लिए साबित हो सकता है
04:40अब DTA कुछ बड़े फायदे भी लेकर के आता है ये भी समझने की जरूरत है
04:44सबसे पहला फायदा है Double Tax से आप बच जाएंगे
04:49दूसरा फायदा है कि कई मामलों में TDS की जो दर है वो कम हो सकती है
04:54यानि आपको कम TDS पे करना पड़ सकता है
04:56और तीसरा फायदा है कि ब्याच यानि Interest, Dividend, Rental Income और कुछ Investments पर Tax Planning बेहदासान हो जाएगी
05:05लेकिन DTAA का फायदा लेने के लिए कुछ जरूरी documents भी चाहिए होते हैं
05:10जिनना सबसे जादा important है TRC यानि Tax Residency Certificate
05:15इसके अलावा Form 10F भी जरूरी हो सकता है
05:18बहुत से लोग यहीं गल्ती करते हैं
05:20उन्हें लगता है कि DTAA अपने आप लागो हो जाएगा
05:23लेकिन अगर जरूरी documents नहीं है
05:25तो कई बार ये profit ये पायदा आपको नहीं मिल पाता
05:30अब आते हैं उस हिस्से पर जिसमें सबसे ज्यादा लोग पंस जाते हैं
05:34उसको थोड़ा आसान भाशा में आपको बता रहे हैं
05:36भारत से property से मिलने वाला किराया
05:39मान लीजिए आप अमेरिका में रहते हैं
05:41लेकिन आपकी property इंडिया में
05:43तो किराय की income सबसे पहले भारत में
05:47tax के दाइरे में आ सकती है
05:49क्योंकि income का source इंडिया है
05:51इसे source based taxation कहते हैं
05:55यानि जहां से income पैदा हो रही है
05:57जहां से आपको वो income मिल रही है
05:58उस देश को पहले tax लगाने का अधिकार मिलता है
06:02लेकिन कहानी यहां खत्म होटी नहीं है
06:04अगर आप अमेरिकी tax resident है
06:06तो अमेरिका worldwide income पर tax लगाता है
06:10यानि वही किराया अमेरिका में भी report करना पड़ सकता है
06:14यहीं पर FTC आपकी मदद करता है
06:17पहले भारत में tax दीजिए
06:18फिर अमेरिका में form 1116 यानि 1116 के जरिये
06:23foreign tax credit क्लेव कर लीजिए
06:25इससे दोहरे tax का बोच काफी हद तक कम हो सकता है
06:29अब एक और दल्चस्पाद
06:30भारत और अमेरिका में rental income के tax लियम पूरी तरह एक जैसे नहीं
06:35भारत में आपको 30% standard deduction मिलता है
06:38यानि खर्च दिखाने की जरूरत नहीं है
06:40सीधे 30% की राहत मिल जाती है
06:42लेकिन अमेरिका में ऐसा है नहीं
06:44वहाँ आपको actual expenses दिखाने होंगे
06:48जैसे mortgage, interest, insurance, property tax, depreciation और दूसरे आपके जो भी खर्च हैं
06:54जो भी expense है
06:55इसलिए कई बार दोनों देशों में taxable income क्या calculation अलग-अलग निकाला जाता है
07:00एक और बड़ा सवाल जो आपके मन में आएगा
07:03FTC बेटर है या FEIE
07:05अब इसका जवाब आपकी situation पर depend करता है
07:09FTC tax देंदारी कम करता है
07:11FEIE taxable income कम कर देता है
07:14FTC earned और passive दोनों तरीके की income पर available है
07:19और उपयोगी हो सकता है आपके लिए
07:21जबकि FEIE मुख्यरूप से majorly earned income के लिए ही है
07:26अगर आपके बड़ी कमाई salary से आ रही है
07:29और आप किसी low tax country में है
07:31तो FEIE फायदे मन्थ हो सकता है
07:36तो आमतोर पर FTC ज्यादा important हो में काने भाता है
07:39कई लोग दोनों का combination भी इस्तमाल करते है
07:42example के लिए salary पर FEIE और rental income पर FTC
07:47लेकिन एक ही income पर दोनों का फायदा नहीं लिया जा सकता
07:51अब बात करते हैं F1 वीजा पर पढ़ाई कर रहे है छात्रों की
07:56जी याँ students के लिए भी income और पैसे बचाना बेहाद important है
08:00तो देखे भारत और अमेरिका की tax treaty में कुछ special फायदे चात्रों के लिए भी मौचूद है
08:07students के लिए भी
08:08कई मामलों में F1 students को standard deduction से जड़ा फायदा मिल सकता है
08:12इसके लिए आपको कुछ शर्ते जरूर पूरी करनी होती है
08:15जैसे अमेरिका आने से पहले भारत में resident होना और सही tax form भढ़ना
08:19कई students इन फायदों के बारे में जानते ही नहीं और जरूरत से ज़ादा tax भढ़ देते हैं
08:25अब आते हैं H1B visa holders पर सबसे पहले
08:28यह हिस्सा बेहद important है क्योंकि H1B holders के लिए
08:32substantial presence test बहुत बड़ी भूमे का निभारा है
08:36IRS इसी test के जरियत एक करता है कि कोई भी शक्स
08:40अमेरिकी tax resident माना जाएगा या नहीं
08:43इस test में मौझूदा साल और पिछले सालों में
08:47अमेरिका में बिताये गए दिनों का calculation किया जाता है
08:49अगर कुल वेटेट दिन 183 या फिर उससे ज्यादा हो जाते हैं
08:55तो वो शक्स tax resident माना जा सकता है
08:58और जैसे ही आप tax resident बनते हैं
09:00आपकी worldwide income की reporting का मुद्दा सामने आ जाता है
09:04यानि भारत की property, किराया, investment और दूसरे income भी tax planning का हिस्सा बन चाते हैं
09:11आप कुछ situations में closer connection exception या फिर treaty tie breaker rules भी मदद कर सकते हैं
09:18लेकिन इनका इस्तमाल सही तरीके से और नियमों को समझ कर ही करना चाहिए
09:21देगे आपको कुछ real life examples बता देते हैं
09:24पहला example है राहुल नाम के एक शक्स का
09:27राहुल अमेरिका में रहता है लेकिन मुंबई में उसकी property है
09:30किराया भारत से आता है भारत tax लेता है क्योंकि income का source इंडिया है
09:35अमेरिका भी उसी income को देखता है क्योंकि राहुल वहां का tax resident है
09:38अब इसका solution क्या है भारत में tax payment और अमेरिका में FTC claim
09:44एक और example बताते हैं आपको अनन्या का
09:47अमेरिका से भारत वो वापस आ चुकी है
09:50अब भारत में resident, ordinarily resident यानी ROR बन चुकी है
09:56लेकिन उसकी कुछ income अभी भी अमेरिका से आ रही है
10:00ऐसे में उसे भारत में उस विदेशी income की reporting करनी पड़ सकती है
10:04अलगी अमेरिका में दिये गए tax का credit भारत में claim करके दोहरे tax से राहत मिल सकती है
10:10अब आते हैं तीसरे example पर जो property sale का example है
10:13मालेजे भारत में कोई property 75 लाख रुपे में बेची गई और long term capital gain 55 लाख रुपे बना
10:20भारत में LTCG tax लागो हो सकता है
10:23अगर व्यक्ति अमेरिकी tax resident भी है तो अमेरिका में इस income को report करना पड़ सकता है
10:29लेकिन भारत में दिये गई tax का FTC लेकर double tax से राहत पाने की कुशिश की जा सकती है
10:36अब आखर में कुछ important action steps हैं जो आप जान लीजे
10:39अगर आप DTA का फायदा लेना चाहते हैं तो सबसे पहले अपनी tax residency को सही तरीके से समझेगा
10:45TRC यानी tax residency certificate आप प्राप्ट कर लीजे
10:49form 10F की जरूरत हो तो उसे पूरा कीजे
10:53भारत में foreign tax credit से जुड़े मामलों में form 67 का ध्यान रखिए
10:57अमेरिका में form 1116 को सही तरीके से भरी है
11:01दोनों दिशों में अपनी income की reporting match रखिएगा
11:05क्योंकि income mismatch कई बार tax notice की वज़ा बन सकता है
11:09और सबसे जरूरी बात अगर आपके पास भारत और विदेश तोनों जगा income है
11:13RSU है, stocks है, property sale हुई है
11:16या tax notice आया है तो किसी भी योग ये tax professional की सलाज जरूर लीजेगा
11:21क्योंकि DTA सिर्फ एक कानूनी शब नहीं है
11:24ये एक ऐसा नियम है जो सही तरीके से इस्तेमाल किया जाए
11:27तो हर साथ लाखों रूपे बचा सकता है
11:30Unfortunately, ज्यादा तर NRI इसके बारे में पूरी जानकारी नहीं रखते
11:34लेकिन याद रखिए, DRC, Form 10F और Form 67 जैसे documents कई मामलों में बेहद important साबित होते है
11:41अगर आपकी भारत और विदेश दोनों जगा कमाई है तो DTA को समझना कोई option नहीं बलकि जरूरत है
11:47क्योंकि सही जानकारी आपको double tax से बचा सकती है और आपकी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रख सकती है
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