Skip to playerSkip to main content
ऐसे वीर थे सावरकर कि उनके पड़पोते राहुल गांधी को घेरते घेरते अपने पड़दादा सावरकर को ही एक बार फिर कठघरे में खड़ा कर गए। सावरकर के प्रपौत्र सत्यकी सावरकर ने अदालत में स्वीकार किया है कि सावरकर ने ब्रिटिश सरकार के नाम कुल 10 बार Mercy Petitions यानी दया याचिकाएं लिखीं।
#news #latestnews #newsanalysis #bebaakbhashashorts #shortsvideo #shortvideo #shorts #veersavarkar #savarkar #rahulgandhi #mercypetition

Category

🗞
News
Transcript
00:00ऐसे वीर थे सावरकर की उनके पढ़पोते राहूल गांदी को भेरते खेरते अपने पढ़दादा सावरकर को एक बार फिर कड़
00:08घरे में खhta कर गए
00:09उनके मान का दावा करते करते खुद ही उनकी मानहानी कर गए
00:13जो बात आज लोग दवी जबान में कहते हैं या जो बात सरकारी रिकार्ड में दफन थी
00:18वो एक बार फिर सरे आम हो गई अदालत के रिकार्ड में आ गई
00:22रिकार्ड में आ गया कि हाँ वीर सावर कर दरसल माफी वीर थे
00:26ये हम नहीं कह रहे है ये बाद विनायत दामुदर सावरकर के प्रपोत्र सत्यकी सावरकर ने अदालत में स्विकार की
00:33है
00:33कि सावरकर ने ब्रिटी सरकार के नाम कुल दस बार मर्सी पिटिशन यानि दया या चिकाएं लिखी
00:40सत्यकी ने ये भी माना कि ये सच है कि उसी दोर में अन्य अकरांतिकारियों जिसे राजगुरू, बटुकेश्वरदत और अश्वाक
00:47उल्लाख खान ने कोई दया या चिकाद आयार नहीं की थी
00:50सत्यकी कहते हैं कि मुझे जानकारी नहीं थी कि भगत सिंग और बटुकेश्वरदत ने बिटे सरकार को पत लिकर खुद
00:57को युद्ध बंदी मानने की मांग की थी
01:00और किसी भी तरह की रियायत ये नर्मी से इंकार कर दिया था
01:03लेकिन मैं यह जानता हूँ कि भगत सिंग और बटुकेश्वरदत अंत तक अपनी विचारधारा और सिधानतों पर अडिग रहे और
01:09उन्होंने अंग्रेजों के साथ कोई समझोता नहीं किया
01:13लाइव लॉक की खबर के मुताबिक सत्तकी सावरकर ने एक खुला से पुने की विशेश MP MLA अदालत में अपनी
01:19जीर है यानि क्रॉस एग्जामिनेशन के दरान किये
01:22ये सुनवाई कॉंग्रेजनेता राहुल गांदी के खिलाफ आपरादिक मानहानी के मुकदमे में उन्हे की विशेश अडालत में चल रही है
01:29सत्तकी सावरकर ने राहुल गांदी पर आरोप लगाया था कि उन्होंने लंदन में दिये गए एक भाशन में उनके परदादा
01:36विनायक दामोदर सावरकर के बारे में मानहानी कारत टिप्डियां की थी
01:40इस मामले में सिन्वाई विशेश नियाए देश अमोल शिंदे कर रहे हैं
01:45सावरकर दौरा दया या चिकाएं दाखिल किये जाने का सवाल लंबे समय से राइनेतिक और एकियासिक बहस का विशे रहा
01:52है
01:52आरेसेस बीजेपी वाले ये तर्क देते हैं कि ये अचिकाएं ये कर रहने तेक कदम थी
01:57सत्तकी ने भी अपने परदादा का बचाओ करते हैं कि दया या चिकादायर करना उस समय की एक सामान में
02:03आधिकार एक प्रक्रिया थी
02:05लेकिन ये लोग आज सक एक ऐसा दस्तावेज नहीं दिखा पाए जिससे साबित हो कि जील से रिया होने के
02:10बाद सावतर ने सुतंतरता आंदूलन में भाग लिया हो
02:13या अंग्रेज सरकार के खिलाब कभी एक शब्द भी बोला या लिखा हो बलके सच्चा ये है कि रियाही के
02:19बाद तुवें अंग्रेज सरकार से बाकाइदा पेंशन लेते रहे
02:23खैर अभी तो और राज खुलने हैं धागे खुलने हैं यह सुनवाई एक जुलाई को भी जारी रहेगी
Comments

Recommended