00:00की कोई भी तरासदि ुसको भी सहन करने की शक्ति प्यार से लिए एक तरह से देखा जाए तो
00:08तरासदी में और जादा प्यार आता है दिल के अंदर फॉसकर फिरो प्यार जरूरी होता है हमें इसलिदगी को गुजारने
00:17के लिए
00:17तो मुझे लगता है कि जब मैंने उन लोगों से बात की जिन्हों ने विभाजन देखा है अपनी जिंदगी में
00:27तो अक्सर पाया कि आज 78 एर्स के बाद, पार्टिशन या विभाजन के 78 एर्स के बाद
00:36लोगों को जो चीजे याद हैं वो प्यार की चीजें हैं
00:40मेरी गुडिया, मेरे बचपन का घर, मेरा दोस्त, वो लड़की जो बैलकनी में आती थी
00:47तो प्यार की ही चीजें उनको याद थी
00:50मेरी पिक्चर जो है वो आज के जमाने की फिल्म है जो विभाजन को याद कर रही है
00:55तो उसमें इस तरह से प्यार जादा और तरासे दी कम बिन नजर आती है
01:02इसमें कोर इमोशन लाना कितना चैलेंजिंग था
01:06अच्छली इसमें कोर इमोशन लाना काफी सरल था
01:10क्योंकि यह जो कहानिया हैं जिस पर यह फिल्म आधारित है
01:13उन सब में वो कोर एमोशन, प्यार का और नफरत के वक्त प्यार का खास करके बहुत ज़ादा था
01:21तो एक्चली मैंने खुद से कम लिखा है लोगों की बातों को ज़ादा इस फिल्म में ला
01:28आपकी फिल्में देखके लगता है कि जो आपका खुदार होता है वो खोया हुआ होता है जब भी में से
01:34लिखे तमाशा तक यह आपका कोई परसनल एक्सपेरेंस है या क्या है ज़रूर इसका कारण यह होगा कि मैं खुद
01:42थोड़ा सब खोया हूँ और खोया हुआ हुआ हु�
01:51मुझे लगता है हर बंदा हर इंसान हर व्यक्ति लड़की लड़का कुछ ढूंड रहा जरूर होता है और इसी वजह
02:00से शायद मैं फिल्म बनाता हूँ क्योंकि मैं उन फिल्मों को बनाने के माधियम से कुछ ढूंड रहा हूँ और
02:06लोगों को शायद वो फिल्म भी इंट्
02:20और मैं खोज रहा हूँ कि प्यार है क्या उतना ही मुझे लगता है कि मैं इस उत्तर से दूर
02:27जाता जा रहा हूँ कि प्यार है क्या दरसल क्योंकि पहले जो मेरी अंडरस्टैंडिंग थी वो थोड़ी सी सरल थी
02:33कि ये होता है प्यार प्यार वो होता है जो राज को सिम्रन से थ
02:51राज को रश्मी से था, मगर फिर लगता है कि नहीं ऐसा नहीं है, ये भी तो प्यार है, अरे
02:58जो वीरा को महावीर के लिए था वो भी तो प्यार है, फिर सभी कुछ प्यार नजर आने रगता है,
03:05तो confusion बढ़ता जाता है, तो अगर मैं पहले लॉस्ट रहा करता था, अब दस �
03:10मैं बनाने के बार मैं और जादा लॉस्ट हो गिया, मैं वापस आओंगा, ये सोच कहां से आई है और
03:17ये आप कहां से वाला पस्पेक्टिव लिखे है, मैंने खूद ऐसा फील किया है, जब मैं अपने बच्पन के घर
03:25में गया था, उस वक्त वापस आना पॉसिबल नहीं थ
03:29चुकि वापस आप उस उमर में कभी नहीं जा सकते हो, जिसमर को आपने खूद दिया, वक्त एक ऐसी चीज़
03:36है जिसमें आप वापस नहीं जा सकते हो, मगर अपने दिल के अंदर उस वक्त को हमशा ताजा रखने के
03:42कोशिश करते हो, अपने आप से, अपने बच्पन से connected र
03:58और मुझे लगता है कि खुदागावा का एक गाना है, कि मैं वापस आउगा, मैं अगर मर भी गया तो
04:03भी वापस आउगा।
04:05जब मैंने वो गाना सुना था तो मुझे लगा कि इसके राइटर ने पड़ी होगी।
04:13तो यह वापस आने की जो चीज है ना मेरे लिए बहुत पर्सनल चीज है
04:18तो मैं वापस आँगा टाइटल हमने डिसाइड नहीं किया था
04:21जब मैं शूट कर रहा था तो वे ट्रेन में एक शॉट है जहां पर किनू बोलता है
04:26आँगा है मैं वापस आँगा वह चीज कर कि उस लायंड को बोल रहा हृँ जो छोड के जा रहा
04:34हृँ
04:34उन लोगों को या उसको कह रहा होता है जिसे व Aww छोड के जा रहा हृँ
04:39तो प्र उस शूटिंग केदवारान मुझे लगा कि यह ही ना होना चाहिए
05:06तो मुझे लगता है कि गाने जो है ना उस बदलाव को
05:14दिल के बदलाव को अच्छे से रेप्रेजेंट कर सकते हैं
05:18क्योंकि मैं हिंदुस्तानी हूँ मैंने सारी पिक्चरों में गाने देखे हैं
05:22तो आटोमाटिकली मेरे ख्याल से मेरी पिक्चरों में भी गाने आ जाते हैं
05:26वो गाने वो करते हैं जो अक्सर scenes नहीं कर सकते हैं,
05:31मन की बात बताते हैं,
05:32क्योंकि scenes में हमेशा आदमी वो बोलता है जो वो बोल सकता है किसी character से,
05:37अगर वो अकेला है, उसमें बोटोब कोई कहानी आगे बढ़ सकती है,
05:41कुछ कर रहा है, तो उसके मन के अंदर क्या चल रहा है,
05:43इसको दर्शाने का सबसे अच्छा तरीका गाना है,
05:46उस तरह से मैं इसको use करता हूँ,
05:48और personally मुझे गाने फिल्म में बहुत अच्छे लगते हैं,
05:52और मुझे गानों को shoot करना बहुत अच्छा लगता है,
05:55तो ज़्यादा से ज़्यादा बहने आजाते हैं मेरी फिल्म में,
05:58अगर आपके पास actors अच्छे हैं और आपने अगर honesty से scene को लिखा है,
06:03तो फिर ज़्यादा मुश्किल नहीं होता है,
06:06फिर आप उस तडब के scene को shoot करना enjoy करते हैं,
06:11फिर आप उस जुदाई को भी shoot करना enjoy करते हैं,
06:17और ये सब basically प्रेम का ही पहलू है मुझे लगता है,
06:22किसी से प्रेम करना और उस इंसान का नहीं होना वो बिरह भाव पैदा करता है,
06:29किसी से प्यार करना और उसको खो देना ये एक grief पैदा करता है,
06:43इसमें हमको अधूरा प्यार पूरा होती दिखेगा, इंतजार खतम होगा कि नहीं इसके लिए तो आपको फिल्म देखनी पड़ेगी,
06:51आप जरूर थेटर में मैं वापस आउंगा दिखिएगा, बारा जून को आपको सारे जवाब मिल जाएंगे,
06:58जोड़ने के लिए अपका, और फिल्म के लिए सुप काम लाएं,
07:02मैं वापस आउंगा का हिस्सा बनना मेरे लिए बहुत बड़ी बात है,
07:07क्योंकि पहले तो यह फिल्म इम्तियासर डिरेक्ट कर रहें,
07:12मैं हमेशा ऐसे चाहती थी कि मैं इम्तियासर की फिल्म में काम कर सको,
07:17मैंने बहुत बार इंटर्व्यूस में भी कहा था जब मुझे लोग पूछते थे कि
07:20आपके टॉप डिरेक्टर्स कौन है,
07:22मैं हमेशा कहती थी कि मुझे इम्तियासर के साथ काम करना है,
07:25इस्पेशली क्योंकि जो फीमेल किर्दार वो लिखते हैं हमेशा अपनी फिल्मों में,
07:30वो बहुत कॉंपलेक्स होता है और वो बड़े प्यार से लिखते हैं वो किर्दार,
07:34तो जब भी मैंने उनकी फिल्में देखे इससे पहले,
07:37हमेशा मुझे लगता था कि ऐसा किर्दार मुझे भी मिले प्ले करने के लिए,
07:41तो मैं चाहती थी असन अक्टर की मैं उनसे सीखू,
07:46और उनका जो एक विजिन होता है,
07:49लव स्टोरी को देखने का, उनका जो तरीका होता है लव स्टोरी को देखने का,
07:54मुझे उस पे कही न कही अपने लिए एक जगा बनानी थी,
07:57तो मेरे लिए बहुती बहुती स्पेशल जोनी रही है,
08:00और उसके उपर आ थिंग,
08:02जो एक्स्पेरिंस मिला है,
08:04वोकिंग विट अल्दी अधर अक्टर्स,
08:07मतलब,
08:07नसीर सर हो,
08:08दिलजीत सर हो,
08:09वेदा हो,
08:10I think,
08:12सभी बहुत ही अच्छे लोग है,
08:14और उनके साथ,
08:16I think,
08:16सेट पे रहना या काम करना,
08:18इस बहुत अच्छा और बड़ा एक्स्पेरिंस रहना,
08:21त्यार सर,
08:21से बस एक मीटिंग के लिए,
08:23मैंने रीच आउट किया था कि,
08:25Sir, मैं आपसे मिल सकती हूँ,
08:26तो उन्होंने मुझे मीटिंग के लिए बुलाया था,
08:28तब भी इस फिल्म की कोई बात हुई नहीं थी,
08:31ऐसी एक मीटिंग डिसाइड हुई थी कि हम करेंगे,
08:35यहीं पे ओफिस में हम मिले थे,
08:36और हमने खूब बाते की,
08:38सबसे जादा है थे हमने खाने पर बात की थी,
08:41क्योंकि इद्यासर में हम दोनों बहुत बड़े फूड़ी है,
08:43जो मुझे उस मीटिंग में पता चला था,
08:47और I think हमने सबसे जादा खाने पर बात की,
08:50फिल्मों पर बात की,
08:52कहां पली बड़ी हूँ मैं,
08:54यह सब बाते की और वो मीटिंग बस उतनी थी,
08:58उसके बात जब मुझे पता चला की,
09:00Sir एक फिल्म बना रहे हैं,
09:02तो मैंने उनको मेसेज किया था,
09:03मैंने रीच आउट किया था की,
09:04Sir, I would love to audition,
09:07कोई भी अगर,
09:09if I wanna read the script, do a look test,
09:11I really want to be a part of your film,
09:13तो तब उनने मुझे कहा था कि
09:15मैं इस वक्तो कुछ सोच नहीं रहूं कास्टिं के बारे में,
09:17बट मैं दिमांग में जरूर रखूंगा,
09:20तो जब अगली बारे उनने मुझे
09:21फोन किया था मिलने के लिए,
09:23मतलब मेरी एक घंटे की जरनी थी,
09:26मैं फुल टाइम सोची थी कि प्लीज प्लीज प्लीज आ हो कि अभी फिल्म के लिए हो,
09:29और एक और मीटिंग ना हो जिसमें एक घंडा फूर पे बात करें,
09:33तो हम मिले और तब उनने मुझे एक कहानी सुनाई,
09:36और बस जब उनने कहानी सुनाई तो कोई सवाल ही नी था कि मैं हाँ बोल या ना है,
09:41इदान के साथ कैसा रहा तक आपका कानस्षी?
09:44बहुत अच्छी रही अच्छी,
09:45मैंने उनके साथ पहले काम नहीं किया है,
09:47और मेरी जादा अच्छी इंटरेक्शन्स हुई नहीं थी उनके साथ इससे पहले,
09:52शाहर एक हाथ बार मुलाकात हुई होगी कहीं common किसी screening पे या वैसे,
09:57पर I think हमारे लिए बहुत अच्छा और interesting experience ये था कि,
10:05कि नए अक्टर्स के साथ जो काम करने मिलता है, नए पेरिंग के साथ काम करने मिलता है,
10:10उसमे एक freshness on its own आ जाती है, क्योंकि आप सब पहले बार काम कर रहे होते हुए,
10:14तो I think जो ये इंदियासर, वेदांग और मैं ये जो trio था,
10:38फिल्म में कि साथ कूश, ऑर जैसे जैसे फिल्म के भापना जै पता चलने लग जाता है,
10:54वे इक मिस्टरी है, फिल्म में जो नसीर सर् उनके साथ कर रह τरहा है,
11:05तो आप actually उनके memory के थुरू एक journey देखते हो जो बहुत ही खुबसूरत thought process है
11:12जो obviously इंपास से ही आ सकता है
11:15but I think वो जिया की journey है
11:19और फिल्म के बारे में ज्यादा नहीं बोलूगे
11:20क्योंकि जो बता दूगी फिर आपको सब पता चल जाएगा
11:25but मुझे बड़ा मज़ा है अचली किर्दार प्ले करते हुए
11:28especially क्योंकि ये उस दौर की कहानी है
11:31जहां एक अलग अदाइकी होती थी थोड़े नक्रे होते थे
11:36बाते करने का तरीका अलग होता था
11:38चलनी का तरीका अलग होता था
11:40सो ये जो सारी छोटी छोटी चीज़े जो अजन आक्टर आप चाहते हो कि आप कुछ नया सीखो
11:44हर किदार के सार कुछ नया करो
11:46तो वो करने का मौका मिला
11:48वो सीखनी का मौका मिला
11:49बहुत सारी पुरानी फिल्में देखी मैंने
11:53बहुत सारे पुरानी गाने देखें मैंने, क्योंकि उस समय के जो अदाकारा थे, वो किस तरीके से परफॉर्म करते थे,
12:02वो किस तरीके से उनकी आखे मतकती थी, बहुत सारी चीजे होती थी, जो बहुत स्पेसिफिक थी उस टाइम और
12:08पीरेड के लिए, तो उस पे मैंने रि
12:21कि वो तो अपने आप में एक acting school है, मतलब मैं बहुत नर्विस थी, अचली मैं उनके साथ काम
12:29कर रही थी, पर
12:31सब्सक्राइब कर दो कि अचली मैं वो, हम बैठे वह थे, बाते कर रहे थे, वो पूच रहे थे, मेरी
12:37जर्नी के बारे में और जब हम सीन कर ने गए, तो अचली मतलब हम के आखों में को चेंग
12:43होगी और मैं थी थी, मैं खुद भी देख थी, कि हम इसे पॉसब पॉसिबग
12:49जाते हो, बट रहे होगी वह होता है एक्स्पिरियंस, और आम शौर की जूभी उनसे सिखने मिला है, एकिए उपफुली
12:57मैं अगले फिल्म में अप्लाइ कर सको, सेट पर कैसा महुर रहता था, हमने बहुत मजए कि क्यूँकि हमने अचली
13:05पंजाब में शूट किया था और �
13:08बहां पे इन फैक्ट, जब आपे एक आउट्डूर फिल्म पे चले जाते हो, जहाँ पे एक दो महिने के लिए
13:13सारी क्रू के साथ है थे, हमने अचली सभी ने दिवाली साथ में सेलबरेट की, मिथाईयां खरी दी थी, हमने
13:20सेट पे दिवाली अचली सेलबरेट की,
13:23तो एक महौल जो फैमिली का हो जाता है वैसा सा महौल था, और इतिंक इम्तियासर खुद भी इतने शान्त
13:33और इतने लविंग और केरिंग है तो वर्ट्स एंटाय क्रू कि इतिंक, मतला वैसा लग रहा था कि हम घर
13:41में ही थें,
13:43किसा या सेन जो आपके दिल के करीब अभी तक है और हमेशा रहेगा एक जगह है जिसे हमारी फिल्म
13:54में हमसे कच्छी दलान कहते है और वह जगह जगह जो आप देखोगे इस ट्रेलर में है और कहीं गानों
14:01में है वहां पैसे एक थोड़े से ब्रोकन डाउन स्टेप्स है औ
14:09तो वहां पे हमने काफी सारी सेंस कि है तो वह जो जगह थी वह ब्रोकन डाउन रूंस जगह थी
14:17और हम जहा है रह थे वहां से काफी दूर थी तो थो येक लें लंबी जर्णी के Bíamos there
14:22पर वहां ऐसे लगता था कि time अलग है क्योंकि वो जो सारा structure था वो पुराने time का था
14:28और थोड़ा सा broken down था और वहां पर city नहीं थी बिलकुल भी
14:32तो ऐसे लगता था कि वो जो जगा है ना वो इस समय की है ही नहीं और जिया और
14:38कीनू के काफी सारी scenes वहीं पर हुआ है वो I think उनकी एक meeting place थी जो हमेशा फिल्म
14:45में उसे हम देखते हैं आप उनी दोनों को देखते हो वहां पर तो I think फिल्म में भी वो
14:49काफी special थी और जब हम वह
14:51पर लोकेशन पर गए और हमने first time वो लोकेशन देखी तब भी एक special feeling आई थी
14:56Cinema घर से जब लोग निकल के जाए तो वो भूले ना लिखे जाए साथ
15:03I think मुझे से लगता है कि जितनी भी scenes हमने किया है I hope कि एक smile लोगों के
15:12चहरे पर है
15:13सबसे important I think वही होता है जब आप कोई भी love story देखते हो या कोई एक couple की
15:22blooming love story देखते हो
15:23तो I think feeling वो आती है कि हाय कितने प्यार है या फिर आपके मन में वो feeling आती
15:29है जब आपने पहली बार प्यार किया होता है
15:30या वो feeling जो होती है पहले प्यार की जो feeling होती है I hope वो feeling लेकर लोग जाए
15:35या अपने पहले प्यार को याद करें
15:38Thank you
15:39मेरा पहली बार है जो मैंने ऐसा character play किया है
15:43एक Sikh character एक Punjab का character और एक character जो 40s से है 1940s से है
15:49तो बहुत महिनत लगी बहुत research लगी बहुत readings लगे इंतियासर के साथ
15:56और I think preparation wise ये शायद सबसे cut in or role होगा मेरे लिए
16:04in terms of जितना time लगा जितनी महिनत लगी
16:08and I hope कि ये लोगो को ये movie अची लगे और ये character अच्छा लगे
16:15actually क्या होता है जब preparation होती है तो ये सब चीज़े दिमांग में नहीं आते
16:21कि ये कितना मुश्किल होगा या कितनी नहीनत लगी होगा
16:26उस समय तो बस flow में चीज़े चलती रहती है
16:28लेकिन अब मैं सोचता हूँ कि हाँ definitely challenging है
16:32शायद मेरा सबसे challenging character ये ही है
16:35और preparation wise तो I think sir से बाते करकर के reading करकर के
16:43चीज़े discover होती रही और
16:47अफकोस मुश्किल था और ये मेरा पहली मेरी film है
16:50जिसमें मैंने एक lover का role निभाया है
16:53तो वो भी एक different चीज़ थी मेरे ले
16:58लेकिन I mean
16:59सब इतने एक beautiful flow में गया
17:03और Intia Sir का जो direct करने का तरीका है वो ये इतना special है
17:09तो hopefully बस land हो जाए
17:12उनका एक बहुत ही unique तरीका है direct करने का
17:19कि वो एक actor को fill कर देते हैं with emotions
17:26उनको लगता है कि वो उनकी जिम्मदारी है कि
17:29actor के मन में ऐसी चीज़े डाल दें
17:32जो उनके performance में help करें
17:33और उनका direction होता है वो ऐसे नहीं होता कि
17:37अच्छा आप रोहे या अभी मैं आपके आखों में आसों देखना चाहता हूं
17:43या अभी मैं चाहता हूं कि आप ऐसा expression लीजिए
17:46वो expression पर नहीं खेलते हैं वो खेलते हैं emotions पर
17:51तो वो मुझसे कोई-कोई shots के पहले बस 5-6 minutes सिर्फ बात करते थे
17:57कि आपके मन में कैसी चीज़े चल रही होंगी
18:00आपके जिंदगी किस दौर में हो भी
18:06आपके आसपास कौन सी क्या-क्या चीज़े आप देख रहे होंगे
18:09तो ऐसी चीज़े ना बहुत ही definitely actor को help तो करती है
18:14लेकिन यह बहुत ही unique तरीका है मुझे लगता है direction करने का
18:18और मुझे तो मैं कहता हूँ कि मैं spoil हो गया
18:22क्योंकि actor इससे दादर कुछ मांगी नहीं सकता
18:25क्योंकि कभी-कभी directors तो होते हैं
18:28इफेक्ट पे work करते हैं कि इस shot का effect ऐसे हो ना चीए
18:33लेकिन इम्तियासर actor की तरह सोचते हैं
18:36तो इसलिए मैं कहता हूँ कि मैं spoil हो गया
18:39आपका कृदार आगे चलके नश्रुदिन शाह बनता
18:42तो इस बात को आपको proud हुआ या थोड़ा nervousness कोई डर था
18:58एक responsibility हो जाती है एक actor की कि अभी उनका छोटा version प्ले करना
19:04तो एक level होता है जो मैंने अपने दिमाग में रखा था
19:08कि उस level तक तो deliver करना ही पड़ेगा
19:11और दूसरी बात थी कि इम्तियासर की film है
19:14तो उसका भी अलग pressure
19:15तो जो मैं पहरी बार नसीर से मिला था
19:17मुझे लगा था कि
19:19मेरी तो बोलती बन लोगी थी actually
19:23वो बहुती casual सी meeting थी
19:25मैं की घर गया था
19:26इम्तियासर ने मुझे invite कि एक बार आप मिलो
19:28नसीर सर से लेकिन मैं अपनी एक notebook
19:31और pen लेके गया था
19:33क्योंकि मेरे ले वो
19:35legend तो है ही लेकिन
19:37मेरे ले वो एक teacher है
19:47जो अभी भी सीख रहा हूं
19:49लेकिन उस समय मैं YouTube पे
19:51काफी videos देखा था नसीर सर के
19:52और उनकी काफी master classes होती थी
19:55जो नहीं I think NSD पे दी थी
19:57तो एक देख दो दो गंडे के videos है
19:59and they are gems
20:00तो मैं उनको बहुत बार देखता था
20:03तो मैं नसीर सर के पास जब गया
20:05तो मैं नोटबुक और पैन लेगी गया
20:06और मैंने उनसे चीजें पूछी
20:09as a student और चीजें पूछी
20:11कि आप कैसे इस character को देख रहे हो
20:13क्योंकि उनका नजरिया
20:15भी काफी interesting होता
20:17क्योंकि 78
20:18years later वो same character play
20:21और weirdly
20:23है तो नसीर सर
20:25लेकिन वो मुझसे भी चीजे पूछ रहे थे
20:26क्योंकि वो जानना चाहते है कि
20:29मैं कैसले character को देख रहा हूँ
20:30ताकि 78 years later उनके भी
20:33दिमाग में वो सब चीजे रहे
20:34तो काफी interesting collaboration था
20:36लेकिन obviously हम
20:37कोई scenes shoot नहीं कर पाए
20:40लेकिन मैं set भी गया
20:42उनने बस बेखने जब मैं shoot नहीं कर रहा था
20:44तो यह सब चीजे
20:46I think they really helped me
20:48दोनों में एक similarity है
20:50जो खास है
20:51और वो similarity है कि दोनों ही
20:55बहुत ही bubbly characters है
20:57शरवरी भी
20:58काफी bubbly है चीजिए
21:01कि अगर हम दोनों
21:02बैठे हैं और अगर भी
21:03यह interview में होती
21:05तो मैं कम बात कर रहा हुता
21:08माइक उनके हाथ में होता
21:10तो वो ऐसी एक है
21:12personality and I think that's lovely about her
21:15कीनु और जिया के love story
21:17किस तरह
21:18क्या खास है उसमें
21:20मुझे जो खास लगता है
21:22मैं audience के रह नहीं कहूंगा
21:23वो देखें और खुदी decide करें
21:26लेकिन मुझे जो खास लगता है
21:27कि एक innocence है
21:30वो उस जमाने की एक innocence है
21:32जो मैं नहीं कहूंगा
21:33अभी missing है लेकिन
21:36प्यार और मौबबद और रिष्की
21:37भार्षा change हो गई है
21:39language change हो गई है
21:41तो इसलिए मुझे लगता है कि अभी का
21:43इस समय का प्यार है
21:45उस जैसा innocent नहीं है
21:49वो जो उस समय की वो बात होती थी
21:51कि एक जलक भी मिल जाए
21:52किसी की
21:53किसी को balcony से देखना दूर से
21:56और खुश हो जाना अभी तो
21:58texting और Snapchat और Instagram का जमाना है
22:00तो वो सब चीज़े मुझे तोड़ी special लगती है
22:03और बहुत ही pure
22:05innocent सी love story है
22:07तो आइधिंक किनो जीया में ये special थी
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