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  • 5 hours ago
क्या महिला आरक्षण बिल लागू करने में परिसीमन पर सियासी विवाद जायज है? साहिल के साथ देखें दंगल

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00:02नमस्कार बैहुष साहिल जोशी पश्चे मंगाल के नदिया से हम आपके साथ में जुड़े हैं दंगल के लिए
00:07दरसल चर्चा होने वाली है देश की आधी आबादी को लोग सभा में एक तिहाई हिस्सा दिलाने को लेकर
00:14उनके राजनितिक अस्तित्त को लेकर और उन्हें राजनितिक दुरुष्टी से एक तिहाई भूमी का कैसे वो निभा सकती है उसको
00:20लेकर
00:21केंडर सरकार दरसल लोग सभा के बीतर, राजी सभा के बीतर एक बिल लालक साती है, इसे महिला आरक्षन बिल
00:26भी कहा जा रहा है, लेकिन विवाज शुरू हो चुका है परिसीमन को लेकर, दरसल ये बिल तीन साल पहले
00:32ही तयार हो चुका था, यानि 2023 में, लेकिन अब प्रधा
00:47आरक्षन विधेक जारी किया जाए, जिससे लोग सभा में सांसदों की संख्या 850 तक बढ़ सकती है, लेकिन बिल पारित
00:55करने के बीच में आरक्षन से जादा समस्या परिसीमन को लेकर आ रही है, दक्षिनी राज्य कह रहे हैं कि
01:01इसको लेकर पूरी तरीके से उनके अधिक
01:17कर पहले से ही प्रधान मंतरी अलग-अलग भूमी काई डिभा रहे हैं, अलग-अलग कारेकरम कर रहे हैं, सबसे
01:24बड़ी बात, 131 समविधान संखोधन विधेक को पारित करने के लिए संसद के दोनों सद्मों में विशेश बहुमत की जरूरत
01:31होगी, और विधेक को लोग स�
01:45वोटिंग करने वाले सदस्य जो है, उनमें दो अतिहाई बहुमत उन्हें मिल सके, चुकि है विधायक लोग-सभा सीटों की
01:53संख्या बढ़ाने याने अनुच्छेद 81 और राज्यों के प्रतिनिजित्व याने अनुच्छेद 82 से जुड़ा हुआ है, इसलिए कम से कम
02:0150 प्
02:15अमर्तन भी इस बिल को मिल सके, लेकिन त्रिणमूल कॉंग्रेस ने इस बिल का विरोध किया हुआ है, कहा है
02:21कि जिसके वज़े से लोकसभा की सूरत बदल जाएगी, दक्षिनी राज्यों के मुख्यमंत्री, इमके स्टालिन धंकी दे रहे हैं कि
02:28अगर ये बिल पारित होता
02:29है, लोकसभा की सूरत बदली जाएगी, और अगर दक्षिनी राज्यों पर अन्याय होगा, तो एक बार फिर एक बड़ा अंदोलन
02:35छेड़ा जा सकता है, तो सरकार की भूमी का क्या है, विपक्ष की भूमी का क्या है, इन सभी मुझों
02:40को लेकर सबसे पहले देखते हैं कि ख
03:28हुआ。
03:29तो बन गया था लेकिन आधी अबादी को तेहाई इलसाफ के दावे काघजों तकी सिम्टे रह गए थे
03:34ऐसे में मोधी सरकार ने महिलाओं को लोगसभा और विधान सभाओं में फॉरण आरक्षन लागू करने के लिए बगा फैस्ता
03:41किया
03:41फैस्ता हुआ कि सरकार 131 सविधान सचोथन विधेक लाएगी और इसमें ऐसे प्रावधान होंगे कि महिला अरक्षन दो हजार उन्तीस
03:50के चुनाओं में लागू हो जाए
03:51इसके लिए देश में लोगसभा और राजियों में विधान सभा सीटों को बहाया जाएगा
03:56लोगसभा में अब 815 और केंदर शासित प्रदेशों में 35 सीटे की जाएगी
04:01इसी हिसाब से राजियों की विधान सभाव में भी सीटों की संख्या 50 वीस्ती बढ़ाई जाएगी
04:15केंदर सरकार इसे लेकर बहुत उत्साहित और उमीदों से भरी है
04:19पियम मोदी खुद खरगे से बात कर चुके है पियम ने खुला पत्र लिखकर सबका समर्थन भी मांगा है
04:25विपक्ष के निताओं से भी किरें रिजिजू की खतो किताबत हो चुकी है वो भी पूर उमीद है
04:51नारी शक्ती बंदन कानून जल से जल जमीन पर उतर जाए
04:54महिलाओं को 33 पीस्ती आरक्षन मिनने लगे इसका किसी को विरोध नहीं है
04:59लिकिन विपक्ष है तो विरोध भी है और वो विरोध कुछ बिंदूओं को लेकर है
05:05जैसे पुरानी जंगरना पर परिसीबन क्यों हो रहा है
05:082011 की जंगरना में SCST के समाजिक आर्थि काप्डे जारी क्यों नहीं हुए है
05:13बिना ताजा आंक्रों के SCST के आरक्षन में नयाई हो पाएगा
05:16बिना OBC जनगर्ना के महिला आरक्षन क्यों लागू किया जा रहा है
05:20हलांकि सरकार ने कहा है कि SCST का आरक्षन महिलाओं की आरक्षित सीटों के अंदर भी रहेगा
05:26लेकिन सबसे ज़्यादा विरोध बढ़ी हुई सीटों के परिसीमन को लेकर है
05:31क्योंकि देश के मौझूदा 543 लोगसभा सीटों का परिसीमन 1971 की जनगर्ना के आधर पर है
05:37इसलिए सीटे बढ़ाने के लिए परिसीमन की जरूरत होगी
05:41उसके लिए परिसीमन आयोग बनेगा
05:43आयोग को जनगर्ना के आंक्रों की जरूरत होगी और वो पिछले 15 साल से हुई नहीं है
05:48इसलिए 2011 की आबादी के आंक्रे लिए जाएंगे
05:51फिर आयोग ही बताएगा कि कहां कितनी आबादी बढ़ी और कितनी सीटे बढ़ेंगी
05:55कौन सीटे महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी
06:02इसी परिसीमन को लेकर विवाद बढ़ गया
06:04संसत के सत्र से ठीक पहले विपक्षी दलों की ओर से कॉंग्रेस अध्यक्ष खरगे के आवास पर दिल्ली में बैठक
06:10भी बुलाई गई
06:11सबने फिक्र जताई कि आबादी के हिसाब से सीटे बढ़ें तो देश की सियासत में दक्षिनी और उत्तर पूर्वी राज्यों
06:17का अनुपातिक प्रतिन धित्र घट जाएगा
06:20क्योंकि सरकार के आश्वासंत के हिसाब से अगर सीटों में पचास पीसदी के बढ़ोत्री की जाती है
06:26तो मिसाल के तौर पर यूपी की 80 सीटे बढ़कर 120 हो जाएंगी
06:30लेकिन आबादी के हिसाब से बढ़ेंगी तो 138 हो जाएंगी
06:34इसी तरह तमिलाडू की 49 सीटे 50 पीसदी बढ़ी तो 50 हो जाएंगी
06:38लेकिन आबादी से बढ़ें तो 69 हो सकती है
06:41बिहार की 40 सीटे बढ़कर 60 हो जाएंगी और आबादी के हिसाब से बढ़ी तो 72 हो सकती है
06:46इसी तरह महराज़ की 48 सीटे 72 हो सकती है और आबादी के हिसाब से बढ़ी तो 78 हो सकती
06:52है
06:54इसी आशंका में तमलाडू में स्टैलिन से लेकर केरल के लेफ तक और बंगाल में टीमसी से लेकर करनाटक की
07:00कॉंग्रिस तक
07:002011 की अबादी को अधार बना कर कराये जा रहे डिलिमिटेशन का विरोत कर रहे हैं
07:05एक आशंका ये जताई जा रही है
07:09कि जैसे देश की संसद में यूपी का मौझूदा प्रतिरिधित्व 14.7 प्रतिशत है वो बढ़कर 16.7 हो जाएगा
07:17बहत होगी 1.7 की लेकिन तमिलनाडू का मौझूदा प्रतिरिधित्व 7.2 प्रतिशत है वो घट कर 6 प्रतिशत हो
07:26जाएगा
07:26घटेगा 1.2 प्रतिशत बिहार का मौझूदा प्रतिरिधित्व 7.4 प्रतिशत है वो बढ़कर 8.6 प्रतिशत हो जाएगा
07:35बहत होगी 1.2 प्रतिशत, केरल का मौझूदा प्रतिनिधित्व 3.7 प्रतिशत है, वो घट कर 2.7 प्रतिशत हो
07:43जाएगा, घटेगा 1 प्रतिशत, राजिस्थान का मौझूदा प्रतिनिधित्व 4.6 प्रतिशत है, वो बढ़ कर 5.6 प्रतिशत हो जाएगा,
07:52बहत होगी 1 प्रति
08:05का देश की संसत में मौझूदा प्रतिन इधित्व जो 24.3 प्रतिशत है वो घट कर 20.7 प्रतिशत ही
08:12रह जाएगा
08:15कॉंग्रेस कह रही है कि ये डिलिमिटेशन नहीं दक्षणी दाजियों की खीमत पर सियासी जिनरिंग की कोशिश है
08:32प्रधानमंत्री जी परिसिमन के साथ आग से नखिये यदि तमिलनाडू या किसी दक्षणी राज्य के हितों को चोट पहुँचाई गई
08:40तो आप एक ऐसा तमिलनाडू देखेंगे जो आपने पहले कभी नहीं देखा होगा
08:47उत्तर दक्षण पूरब पश्चिम में अबादी असंतुलन के इस गणित की बहस चूकी शाश्वत रहेगी
08:52इसलिए कॉंग्रिस के शशी थरूर जैसे नेता लोगसभा सीटों की बढ़ोतरी को आबादी से डिलिंग करने का सुझाव देते हैं
08:59और राज्यों को कोटे के हिसाब से सीटे बढ़ाने की वकालत करते हैं जिसमें तैस सीटे उस राज्य के अंदर
09:05की आबादी के हिसाब से बाठी जाएं लेकिन सवाल है कि उस सीट आवंटन का आधार भी क्या होगा
09:11चिनई से अपूर्वा जैचंदरन और दिल्ली से हिमाच्यों विष्टा के साथ आज सक्वियोरो
09:19स्तानिय स्वराजय संस्थाओं में महिलाओं को आरक्षन दिया जाते है और इसके बाद लगातारी अबांग उठी रही है
09:40एक बार फिर प्रदान मंतरी मोदी की सरकार के तरफ से ये कोशिश की जा रही है लेकिन जलपाजी क्यों
09:44विपक्ष के तरफ से लगातार ये सवाल है और इसी को लेकर हम चर्चा करेंगे हमारे साथ में तबाम महमान
09:49जोड़ रहे हैं भारतिय जनता पार्टी के तरफ से पूर
10:08पूरे बिल को लेकर महिला आरक्षन के विदायक से ज़्यादा परिसीमन को लेकर और उसे एक पॉलिटिकल करार दे रही
10:16है कि राजदितिक कहीं न कहीं इसमें मोदी सरकार की मन्शा नजर आती है आशुतोष पॉलिटिकल अनलिस्ट हमारे साथ इस
10:21चर्चा में चुड़ें
10:37लेकिन डिलिमिटेशन के वज़े से जो दिक्कते होगी खास करके दक्षीनी राज्यों में उसे लेकर कई विपक्षिप पार्टिया सवाल उठा
10:44रही है।
11:07पर अन्याय होगा क्योंकि इससे पहले समाजवारी पार्टी और आरजेडी ने इस बात को लेकर सवाल खड़े किये थे कि
11:15कोटा विदिन कोटा क्या महिला अरख्षन में लागू होगा या नहीं होगा।
11:37कॉंग्रेस पार्टी और विपाख्ष इस बिल का विरोध करेंगे संविधान संशोधन बिल के पीछे सियासी मन्चा है और अब इंडिया
11:47अलाइस की बैठक में भी यही का गया है कि सियासी मन्चा से संविधान संशोधन बिल पारित किया जा रहा
11:53है उसके साथ साथ कॉंग्र
12:07अधे कर जुनखरके नि क्या का वो जरा आगारे सुन लेते हैं
12:13वी अपोज तीस दिल बट आइवान तो
12:19तेल यू यू आज़ आगे इस्ट वाज़ाशन
12:25।।।।।।।union।।。।।।
12:53have given so that they can change the limitation at any time तो नेकर बस किस बात को लेकर विरोध
13:01है कॉंग्रेस पार्टी एक बार फिर कह रहे है कि महिलाओं को लेकर विरोध नहीं है महिला आरक्षन को लेकर
13:06विरोध नहीं है लेकिन परीसीमन को लेकर डर और उसके साथ साथ सविधान संशोधन को लेकर भी विरोध य
13:22लेकिन हम ये कहए कि महिला आरक्षन बिल नहीं है ये कही ना कहीं छुपा छुपा चुपा कर ये कह
13:27रहे हैं कि हम तो
13:49और डी लिमिटेशन से इसको लिंक कर दिये जबकि जरूरत नहीं थी और सेंसस कौन सा जो 2011 में हुआ
13:54था 2021 में होना था 2026 आगे आज तक कोई अता पता नहीं और डी लिमिटेशन की बात करें तो
13:59आज तक इनोंने खाका भी कोई तयार नहीं करा है अब यह सिंपल गणित तो है
14:16करेंगे मुझे बताईए यह कहां तक सही है क्योंकि बहुत सीदी सीदी सी बात है सभी ने देखा है कि
14:222011 के सेंसस में भी वो चेंजे देखे थे कि किस प्रकार सदन स्टेट्स पॉप्यूलेशन कंट्रोल कर रही थी और
14:28यहां नॉर्डन की स्टेट्स और जो सेंटर स्टेट
14:46पॉप्यूलेशन कंट्रोल करा जिन्होंने वह इन्फूएंज बनाया कि वापीयूलेशन कंटरोल करना है उन्हीं तो आप कम सीट दे दोगी याणि
14:53आप आप दे दो के सजा और राज्योंने पॉप्यूलेशन बढ़ा घिय했습니다 मतलब �干स्ते नियुक्果 सभियार चल रहे है कि
15:15सरकार की नियत पर शंका है या कहीना कहीं डर है कि अगर 850 सीटे बनाई जाएगी तो उसका खामियाजा
15:23कॉंग्रेस पार्टी को भुगतना पड़ेगा क्या कॉंग्रेस पार्टी का राजनेतिक डर भी है इसको लेकर भी मैं सवाल पूछूँगा लेकिन
15:29जो पहला सवाल आप
15:34सुनीता जी से उसका जवाब लेना जरूरी है यह भात खींगे आप संसद में ती नए नहीं आता हूं आपके
15:40पास पहले मुझे पहले मुझे बीजेपी से जवाब लेने दीजह exclus ayud
15:44जब ये पहले बिल पारित हुआ था तब इस बारे में साफ शब्दों में कहा गया था कि परिसीमन का
15:49डिलिमिटेशन का या सेंसस का इससे कोई लेना दना नहीं है हम तो ये बिल पास करेंगे क्योंकि मैलाओं को
15:55उनका अधिकार देना है अब ऐसी क्या ज़रूरत आ पड़ी क
15:58उसको आपने तब तो आपने लिंक कर दिया था उसके साथ में कि भाई जब सेंसस होगा तो उसके साथ
16:04में हम इस बिल को लागू करेंगे अब क्या हो गया है कि आपने सेंसस से उसको डिलिंग कर दिया
16:09है और आपको जल से जल्द परिसीमन भी करना है और 2011 की सेंसस के आधार
16:14पर आपको यह बिलागू करना है 2326 में तीन साल में क्या इसा बदल हो गया
16:25कि अब बड़ा इंतजार इंतजार के बाद 2023 में जब यह वी आपनी सहमती इसमें जताई थी और उस
16:44आवाज आरी है जी आरी है आरी है जी जी जी मैं यह कहा रही हूं कि 2023 के अंदर
16:54सब ने सर्व सहमती के साथ जो है इस बिल को पास किया था और उस समय में भी यह
16:58बात साफ कही गई थी
17:00कि census और परिसीमिन होने के बाद ये लागू होगा उस समय कितना संशे जो है विपक्षी दलों को था
17:05सब ये कह रहे थे कि 2024 में इसको क्यों नहीं कर रहे हो आप पहले census और फिर परिसीमिन
17:10करने के बाद आप कह रहे हो कि ये होगा तो देखिए कि अगर इसलिए इसलिए इसलि�
17:1629 के अंदर कोई संशे ना रहे और सबको सभी महिलाओं को जो इतना इस बात को लेकर इतनी उत्सुख
17:22थी और जिनको बहुत ओवर्वेल्म थी कि हमारे लिए जो है ये 33% रेजर्वेशन जो है वो लोग सभा
17:28में भी और विदान सभा में भी लाया जा रहा है तो ऐसे उसमें
17:31जब इस चीज़ को सुनिश्चित किया जा रहा है कि 2029 में ये लागू होगा तो मुझे लगता है कि
17:36अब किसी को कोई किसी भी तरह के दिक्कत नहीं होने चाहिए बरकि सबको फिर से सरसमत्री के साथ है
17:41और उन्होंने इस पूरे मामले को लेकर कुछ आर्टिकल्स भी लिख
17:57चाहता है वो मुझे मिलना बहुत जरूरी है कि 2023 और 26 में ऐसा क्या बदला है क्योंकि 2023 में
18:03आपने महिला आरक्शन को जोड़ दिया था से कहा था कि 2021 का सेंसस होगा उसके आदर पर किया जाएगा
18:11आज आपने उस सेंसस को हटा दिया है वह वह बूमी का आपने बदल दिये य
18:16यह क्या बदला हो गया तीज साल के भीतर 2023 में आप जोड़ते हैं 2023 में आने के बाद आप
18:32उससे हटा देते हैं
18:35आप बिल्कुल इस चीजिस की चिंता ना करें 24 में क्योंकि उसमें भी लगा था कि 23 में जब यह
18:40बिल पास हो गया तो 24 से लागू होना चाहिए लेकिन उस समय क्योंकि जैसा मैंने आपको बता है कि
18:46सेंसस और परिसीमिन की जो है वो इसके अंदर प्रविजन रखा हुआ था
18:50तो इसलिए जो है 24 में नहीं हो पाया लेकिन आने वाले समय में यह 29 में 100 परसेंट लागू
18:56हो जाए इसके लिए जो है यह बिल्कुल लेकर आया जा रहा है और आप देखें ना कि 2011 का
19:01जो सेंसस है उसके अधार पर चल रहा है इसलिए मुझे योगिंद्र जी की पास में चल
19:20सरकार कह रही है कि 2021 के संसस की जरूत नहीं है 2011 का संसस हम काउंट करेंगे योगिंद्र रादव
19:25हमारे साथ जुड़े हुए आपका आर्टिकल योगिंद्र जी में पढ़ रहा था और यहां पर एक बात आपने लिखी हुई
19:29है कि राश्ट्री एक्ता पर हमला है मैं यही जा
19:46भाई देखे महिला आरक्षण से तो किसी को एतराज हो ही नहीं सकता है 2023 में देश में स्विकारोपती बन
19:54चुकी है आदर्निया सुनीता जी ने कहा लेकिन उसमें परिसीमन और सेंसस की बात थी सवाल यह है कि वो
20:00क्यों थी किसने डाली थी यह महिला आरक्षण में फचर ल�
20:16होती है जब आपको यह पता नहीं होता कि जिसके लिए हम आरक्षण कर रहे हैं उसकी जनसंख्या कितनी है
20:20कि आपको संदे है कि इस देश में बन थर्ड महिलाएं है के नहीं है पता नहीं है हमारे को
20:25जनकरना से क्या मतलब है महिला आरक्षण का और परिसीमन की क्या निवार
20:29लेता है आप क्यों नहीं कर सकते और दो हजार चौबिस ने विपक्ष ने बिल्कुल साफ ये बात कही थी
20:36कि आज पांचो चेटालीस सीट हैं आप लोटरी से इसमें हर तीसरी सीट को महिलाओं के लिए रिजर्व कर दीजिए
20:44विपक्ष ने कहा था हमें कोई अतराज नहीं आ
20:49दिया सच यह कड़वा सच है कि बीजेपी ने खुद महिला आरक्षण में फच्चर लगाया था और दूसरा सच यह
20:58है कि आज भी बीजेपी एक नए तरह का फच्चर लगा रही है यह सारा खेल साहिल भाई यह दोखे
21:05और चलावे का है डबल चलावा है इस वक्त पहला चल
21:18पहले वो चाहती है किसी तरह से परिसीमन करवा के कुछ ना कुछ करवा ले लगता है सेंसस समय पे
21:24हो नहीं पायेगा इसलिए वो अब कोशिश कर रहे हैं कि उससे कोई ना कोई तरीके से सेंसस हो जाए
21:31किसी तरीके से डिलिमिटेशन हो जाए महिला आरक्षण को एक धाल की
21:45इस्तमाल किया जा रहा है अब सवाल यहां पर यह होता है क्योंकि आपका परिसीमन को विरोध है आप यह
21:50कहते हैं कि जिसके वज़े से दक्षिनी राज्यों पर कही ना कही अन्याए होगा जिस प्रतिशत से उत्तरी राज्यों में
21:55खास करके हिंदी बेल्ट में सीट्स बढ
22:01लेकिन आप किसी भी 2021 का भी जब सेंसस होगा तब भी आपको इसी तरीके के आखने दिखाई देंगे तो
22:08आखिरकार इस परिसीमन को विरोध क्यों है आपके पास क्या फॉर्मूला होगा कि अगर यह इस तरीके से अन्याए ना
22:13हो तो किस तरीके से फॉर्मूला होना चाहि�
22:29पुत्रप्रदेश की असी की बजाए 120 होती है तो चिंता मत कीजिए केरला की भी 20 की बजाए 30 होने
22:34वाली है और जम मैंने इस बिलको पढ़ा इसमें कहीं ऐसा नहीं लिखा हुआ है आज भी तमाम टीवी चैनल
22:40पे बातें चल रही है बहुत अच्छा है कि आप नहीं चला रहे
22:42इस जुप को आज भी चल रहा है कि नहीं सब का 50 की तीशत बढ़ जाएगा ऐसा दोनों संभिधान
22:48संशोधन में और डिलिमिटेशन बिल में मैंने एक-एक प्लॉस ध्यान से पढ़ लिया है बिलकुल साफ है ब्लैक एंड
22:55वाइट में कि अब राज्यों की सीटों का निरध
22:58कि अपार छारण 2011 की �носे लिया कि और अप में देखता हूं कि इस में देश की दीर्ग-कलिक
23:14एकता और अखंड़ता को
23:16बचाये रखने के लिए समझदारी की चीज क्या हो की ये बात सही है कि आज आबादे के हिसाब से
23:22अपकरदेश विहार उपाय की अपकर परिसमन हुआ है वो किसी ना किसी सेंसस के आधार पर हुआ है
23:38और जिसके चलते हमने देखा कि चार बार अब तक लोग समा में पार्लमेंट की सीटे बढ़ा दी गई है
23:44और जो सैंसस हुआ है उसी के आधार पर बढ़ा दी गई है तो उपाई क्या है आज की सिती
23:49में भी हम देखते हैं कि उत्तरी राज्यों में 30 लाख आबादी के पीछे �
23:53एक सांसद दिखाई देता है वही केरल जैसे राज्यों में 17 लाख आवादी के पीछे एक सांसद दिखाई देता है
23:58तो ये भी कही न कहीं फरक नजर आ रहा है तो ऐसे में उपाई क्या है पहली बात संसद
24:05की संख्या बढ़ जाए इस पे कोई अतराज नहीं साड़े साथ स
24:22खुद पिछले तीन हफते से कह रही है वही है बहुत अच्छा समाधान है ना कि बढ़ाते वक्त आप सब
24:28का उसी अनुपात में बढ़ाए जिस अनुपात में वो आज की संख्या में है आज लोक सभा में हर राज्य
24:36की संख्या हर राज्य की सीटों का जो अनुपात है उस �
24:40अनुपात में आप बढ़ाईए, कोई अतराज की बात नहीं है, ये सब बोजाए, इससे असंतुलन रहेगा, बिलकुल असंतुलन रहेगा, लेकिन
24:47याद रखिए, दुनिया के हर फेडरेशन में, हर संगिये राज्ये में, कोई ना कोई तरीका होता है, जिससे कुछ राज्य
25:10सरकार की क्या कह रही है, इसके निर्वर करने की अब कोई आवश्रक्ता नहीं है, हमारे हाथ में दोनों क्लॉज
25:16बिल रखे हैं ना, इसको पढ़ दीजिए, बिलकुल स्पष्ट कहता है, कि संविधान के अनुछेद पिछपन, अनुछेद एक्यासी, अनुछेद बैयासी,
25:25107, 334, सब में परिवर्तन किया जाएगा, परिवर्तन क्या है, कि 1971 के आधार पर जो फ्रीज किया गया था,
25:34उसके सारे रेफ्रेंस, 1971 के जितने भी रेफ्रेंसे इन सब क्लॉज में थे, सब को हटाया जा रहा है,
25:432026 की जो शर्त थी, कि 2026 के सेंसस से पहले आप परिसीमन नहीं कर सकेंगे, इसको भी हटाया जा
25:51रहा है, और इसके बदले में क्या प्रावधान डाला जा रहा है, बिल्कुस प्रावधान है, लेटेस एकी सरकार तै करेगी
25:58कि कि सेंसस के आधार पे करना है, तो सवाल है कि से
26:01आधार पर सरकार कर रही है, उसका जवाब भी डीलिमिटेशन बिल में दे दिया गया है, जिस वक्त बनेगा �रही
26:10है, सेंसस का प्रावधास का अधार क्या है, तो इस आधार में टेबल बनाई यह कोई अपने मन से नहीं
26:19बनाई जिक साफ दिखाती है कि 12 बारे में तो बहह ह
26:33लेकिन कुल मिला कर अगर हम देखे बहुत-बहुत शुक्रिया योगेंदर जी लेकिन अगर देखे 2021 का सेंसेस हम बेस
26:39बनाए या उसके बाद वाला सेंसेस बेस बनाए जो लोक संख्या का अनुपात अलग-अलग राज्यों में बना हुआ है
26:44उसी के आधार पर कहीना कहीं सी�
26:50वहीं आकर अटकता है लेकिन फिर भी सुनिता जी आपने सुना योगन रायदो भी कह रहे है कि छलावा है
26:55महिला अरक्षन लागू करना होता तो 2023 पे बिल पास हो चुका था उसी आधार पर महिला अरक्षन लागू कर
27:01देते उसे परिसीमन से जोडने की क्या जरूरत थी और
27:04इसी के वज़े से आज विपक्ष आपके खिलाफ खड़ा होता नज़र आ रहा है सिर्फ महिला अरक्षन लागी है विपक्ष
27:09शायद आपको सपोर्ट कर देगा
27:21चल रहे हैं कि वहाँ पर कंपेरिटिवली जो है वहाँ पर कंपेरिटिवली कम है और जो हमारे नॉर्डन एरियास है
27:39यहां पर अगर जनसंख्या
27:40है तो उसमें सरकार की तो कोई गल्ती नहीं है अगर अगर अगर इसी तरीके से जखे और d Senin
27:46चीज
27:46है कि 2011 जो सेंसस है उसके अधार पर बहुत सी चीज़ें हो बी रही है और चीसरी चीज मैं
27:52ये कहना चाहती हूँ कि इसके बाद सरकार ने ये कब इंकार किया है
27:56जब हम बार बार कोई ना कोई amendment जो है वो अपने constitution में लेकर आ रहे हैं
28:01तो हम इस चीज़ से कब डिनाई कर रही है सरकार कि जो 2021 का census होगा
28:06उसके आधार पर आगे जो है उसके अंदर कोई changes नहीं लाए जा सकते हैं
28:10तो मेरे कहने का मतलब ये है कि जो ये सरकार जो है इतना 27 साल के इतने लंबे इंतजार
28:16के बाद
28:16महिलाओं के लिए अगर ये सोगात आई है तो मैं इसको बलकि सबको मानने है
28:30महिला आरक्षण आना ये सोगात होगी इसमें कोई दोराई नहीं है और सभी पार्टिया इस बात को लेकर कह रही
28:36है कि महिलाओं को इस तरीके से आरक्षण डेना जरूरी है
28:39आदियाबादी को एक तियाई आरक्षण इस बात को लेकर सभी पार्टिया एक ही मंच पर नजर आती है मुद्धा वहां
28:45शुरू होता है और बीजेपी पर सवाल उठाना वहां शुरू होता है जब बुद्धा परीसीमन का उठता है और इसमें
28:50टीमसी जैसी पार्टिया मनो�
29:04जी जी दो हाजर नौ और जो हाजर तईज में महिला आरक्षण बिलपास हुआ था दी लिमेटिशन का कोई मामला
29:13था क्या जोगेंजी ने बहुत अच्छे से साफ कर दियैं कोई मामला नहीं था तो बिल्कुल धोकादार ही होरी है
29:20इसका मतलब है इसको आप लागू नहीं क
29:34कोई मोहिला अरक्षन बील नहीं है उसके वावजुद बे आप सांसुद में देख लिजी है सबसे ज़्यादा प्रपर्पर्पर्शन आप महिला
29:41सांसुद पीम सी के है
29:43और टी त्री परसंट यह मंसा की बात करते बीजे पी जैसी पार्टी इस देश को पता है जो मनुबादी
29:51पार्टी है यह महिला के महिला के खिलाप है सक्सा अब देख रही है आप बिल्कुल बंगल में इलेक्शन हो
30:00रही है कि पता है बंगल की जनता बंगल के महिला कास करके �
30:08कहीं इस बात का तो डर नहीं कि ये बिल पारित हुया तो महिलाओं का समर्थन जो ममता बैनर जी
30:14को मिलता है उस पर बीजेपी क्लेम करेगी और इसी के वज़े से त्रिनबूल कॉंग्रेस राजनेतिक द्रिश्टी से इसका विरोध
30:20कर रही है कहीं ये तो डर नहीं है आपके �
30:22बनने है तीनों मुल्क कॉंग्रेस इसको बिरोध नहीं कर रही है महिला एलक्षन दिल पहले पहले पहली बात है 98
30:28में आप देख लिजिए खूल के संसुद की डेटा 98 में मंता दी ने पहले पहले ये बात बोली थी
30:3498 में आपको ओ स्पीच आपको सुना सकता हूं मैं आप द
30:51अजनेतिक डर नहीं है तो परिसीमन से क्या डर है बंगाल के बीतर तो सीटे बढ़ेगी मुद्दा बंगाल का है
31:02ही नहीं अगर 2011 का भी सेंस लगा है आपकी आप तो सीटे बढ़ रही है और ठीक ठाक बढ़
31:07रही है आप ये बताईए तील लिमिटिशन मैं फंडमेंटल स�
31:21हम ये चलना चाते हैं 2009 में जाब ये पास हुई थी परिठी तब ये नहीं था 23 में यह
31:28नहीं था क्यों आए और कैसे आई यह निकत आप कुछ आड़ करना चारी थी आप आड़ करिये उसके बाद
31:36संगीत रागी के पास जलेंगे विपक्ष का डर जरा समझना है मुझे संग
31:51राजीव गांधी जी का जो अब हमारे साथ नहीं है उनका बहुत बड़ा सपना था और हम शुरू से इसके
31:56सपोर्ट में कभी विरोध नहीं करा लेकिन आप याद करिए वो ऐसी हासित 73rd और 74th amendments यूर्स of consultation
32:03लगा राजीव गांधी जी की सरकार में यूर्स of consultation लगा यूर्स
32:08सब डिसकर्शन लगा लेकिन यहां भारती चनता पाटी अपने आपको ऐसी बुल्डोजर सरकार समझ बैठी कि गरीबों के घर को
32:14यह बुल्डोज करते हैं पर साथी साथ समविधान को लगतार बुल्डोज कर देना चाहते हैं मतलब मैं समझ नहीं पा
32:19रही हूं कि 2011 का सेंस
32:38करेंगे 2021 के सेंस के बाद भी करेंगे तब ही आपको तकलीफ होगी आज 150 सीटे तो हो जाएगी सीटे
32:46बढ़ने को लेकर दिक्रत कर दिक्रत कर दिक्रत कर दिया लेकिन जैसे इनको लगा कि कुछ चुनावों में इनने फाइदा
33:03मिल सकता है इन्होंने पुलिटिकल रिपके�
33:05कि कास्ट दिया तो देखा जा रहे कि किस प्रकार ये लोग लगातार एक डिक्टेटर्शिप के तरफ जारे हैं कोई
33:12डिसकशन नहीं चाहते हैं सर्व दली बैटक से भागते रहते हैं कोई बें चर्चा नहीं चाहते हैं मैंबर और फार्लिमेंट्स
33:18को आज तक कोई प्रो�
33:33और सबाजवादी पार्टी की भूमिका रही है कोटा विदिन कोटा जिसका जिक्र आप नहीं कर रही है क्या कॉंग्रेस पार्टी
33:39की मंशा कोटा विदिन कोटा की थी और इसी के वज़े से आपका विरोध है या आपको लगता है कि
33:44डिलिमिटेशन के बाद आपकी सीटे तो �
33:46और गड़ जाएंगी और सत्ता से आप और दूर चली जाएगी इसके विरोध कर रही है आपका विरोध साफ कर
33:53रही है ना किस बात को लेकर रहे हैं कि भारत के देश्वासियों का जो फ्यूचर है वो 72 घंटों
34:03के स्पेशल सेशन में तैना हो यह बहुत बड़ी चीज है
34:29साहिल साहिल दरसल कॉंग्रेस पार्टी चाहती ही नहीं है कि महिला अरक्चन लागू हो
34:35और आपको ध्यान में होगा जब यूपिय काल था तो हमेशा महिला अरक्चन बिल जो है वो सदस सेशन जाल
34:43लैप्स करने के लिए होता था तब लाया जाता था
34:45हर बार कहा जाता था देवगोडा सरकार ने लाई थी फचर कौन लगाया था अभी अभी कॉंग्रेस के एक प्रवक्ता
34:51अगोसित प्रवक्ता योगिंदर जादो बोल करके गए ये
34:55चलावा है क्योंकि को Congress के प्रवक्ता के तॉर पर हमेशा काम करते
34:59हैं तो उनको बोलने में सरम आ रही थी क्यों Congress
35:02ने कितना महिला आरखचन विल के साथ चल किया दरसल डर क्या
35:06है धर मैं बताता हूं क्या है डर ये हैं कि कल जा करके यदी
35:12संसत सदस्यों की संक्या बढ़ती है डिलिमिटेशन के अजार पर बढ़ती है तो चुकी भारती है जनता पार्टी पश्चिमी भारत
35:21उत्तर भारत और पुर्वी भारत के एक बहुत हिस्से में उसका बर्चस्व है तो उसको सिंपल मैजरिटी यहीं से आ
35:29जाएगी दक्षिन �
35:29भारत में उसका पेनिट्रेशन कम भी होता है तो कोई बात नहीं सरकार बना लें दरसल डर कॉंग्रेस पार्टी का
35:35यहां बैठा हुआ है दूसरी बात भारत क्या जिसे हम कहते हैं देश तोड़ने वाला बयान कॉंग्रेस पार्टी का और
35:43सिवसेना के रहो राध्यान मैं इ
35:59उसका cage हो ए यह देश का चुनाव होता है यह उत्तर भारत का चुनाव होता है अस strengthened था
36:05रचा अचनलों होता है
36:33प्लियों को च्छान से लिए प्लिए जरा सुनिए इस तरह से चर्चा नहीं होगा जरा निखर जी को शान करिए
36:47प्लीज जरा शान करिए फिकिप जरा शान करिये गा
36:52संगीत रागी जो कह रहे हैं उनकी कई बातों से उनके बातों पर हम उनके उनके साथ में नहीं होंगे
36:59लेकिन एक बात जो उन्होंने छेडी है निकत यह बात तो बिल्कुल सही है कि कही न कहीं technically के
37:05मन में डर है
37:06कि उत्तर भारत में, हिंदी बेल्ट में, पश्चिम बेल्ट में, अगर सांसदों की संख्या बढ़ेगी, तो भारते जंता पार्टी को
37:15सिंपल मैजॉर्टी मिल जाएगी, ये डर कहीं न कहीं आपको सता रहा है, संगीत रागी आपकी बात खतम करें, उसके
37:20बाद आशे तो उ
37:35नहीं बोला, 1902 में डिलिमिटेशन हुआ था, नहीं बोलें आपकी आवाज आ दे, चलिए और अभी जोगेंद्रेजादों बोल करके गहे,
37:551931 के संसस पर आधार पर मंडल कमिशन लागू हो गया था, वो उनको परशान नहीं कर रहा था, लेकिन
38:03अब
38:03तो 2011 के census पर उनको परिशानी होने लगती है एक बात और देखे इस देश का बार बार कहा
38:11जाता है अनकॉंस्टिचूशनल है अरे अनकॉंस्टिचूशनल तो यह है कि डिलिमिटेशन को आप काम करने नहीं दे रहे हैं आप
38:18होने नहीं दे रहे हैं आखिर इस रिप्रेजेंट
38:32दिया है उसका जवाब तो देना होगा यह पॉलिटिकल डर है कि नहीं है इस बात का तो जवाब देना
38:37होगा क्या यह पॉलिटिकल एक पिड़ाता हूँ संगीत रागी जी ज़रा आज आशुतोश जी को भी पूछ लेते हैं दो
38:42बार आता हूँ आपके पास यह बात तो सही
38:44कि नहीं है मैं मैं यह उम्मीद करता हूँ कि मैंने किसी के बीच में नहीं बोला इसलिए कोई कोई
38:50मुझे डिस्टब ना करें
38:51साहल उसल्मानों की जन्संख्या 9.4 प्रतीस थी अज 18 प्रतीसथ हो गई है उनको डिसेंगर वोग्ह लाद दिया जाये
39:21है
39:21बच्चे पैदा करके उनकी जनसंख्या बढ़ गई है तलगा करके वी सवाल उट कर रहा है आपको इसमें भी मुसलमान
39:27देखने लगए है कहां से आपको कहीं से घूम कर आपको उसमें भी कही न कई घर्म देखने लग जाता
39:35है चलिए आशुतोष जवाब दीजेगा चलिए स
39:49अच्छा रहेगा यह जो यह जो कोशिश सरकार की दरसल यह कोशिश देश की एकता और अखंडता को धक्का पहुचाने
39:58की कोशिश है मैं अभी एमके स्टालिन का बयान इंटर्वू बहुत लंबा चोड़ा इंटर्वू उन्होंने इंडियन एक्स्प्रेस को दिया है
40:05वह स
40:17कोड़ी देर पहले जो संगीत रागी ने कहा कि डर यह कि उत्तर भारत और पश्चिम भारत मैं मैं मैं
40:26मैं साहिल में डिवेट छोड़के उड़ जाओंगा
40:30रागी जी प्लीज बीच में नहीं प्लीज बीच में आपकी बात करिए चलिए
40:37मैं सब भी तरीके से लोगों की बातों को सुन रहा था कि मेरे डिवेट बॉलिंग मैं डिवेट छोड़के उड़
40:41जाओंगा मैं सीधी बात कहता हूं अगर इसमें तमिलनाडू केरल करनाटक तिलंगाना इन चार राजियों ने इस पस्च तौर पे
40:51कहा है कि हमारे साथ कही
41:05भारती हैं दक्षल से आते हैं और इसलिए उनके साथ डिस्क्रिमिनेशन किया जा रहा है उनकी राजमित्रिक आवाज को दबाने
41:13की कोशिश की जा रही है लेकिन आज की स्किति में भी उन छे राज्जों से 139 सांसद आते हैं
41:18छे हिंदी भाशी राज्जों से 191 सांसद आत
41:33स्टालिन ने अपने सारे डिस्टिक्ट प्रेसिनेंट्स की मीटिंग बुला रखी है
41:39और वो कहने उन्निस सो पचास साट में जिस तरीके से तमिलाडू के अंदर आंदोलन हुआ था
41:43उससे भेंकर आंदोलन हो सकता है
41:54अगर ये आवाज भारती जन्ता पार्टी को नहीं सुनाई पड़ती है
42:02इसका मतलब वो देश प्रेमी नहीं है
42:04वो पेट्रियोट्स नहीं है
42:05वो तमिलियों के आवाज को दबाना चाहते है
42:08द्रविल के आवाज को दबाना चाहते है
42:38और ये बात देश को तोटे
42:40थोड़ी देर पहले विपक्ष की मीटिंग भी ये उसको लेकर भी हमने आपके पास सामने खबर रखी आज तक पर
42:44खबरे जारी रहेंगे आप बने रहें आज तक के साथ
42:47आज तक तेश का सद्वश्रेश न्यूस चानल
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