Skip to playerSkip to main content
Baisakhi 2026 Date: भारत विविधताओं का देश है। हमारे देश में अलग-अलग राज्य, समुदाय और मान्यता के लोग रहते हैं और अपने पर्व और त्योहार मनाते हैं। ऐसा ही एक पर्व है बैसाखी। फसलों की कटाई का मौसम पूरा होने की खुशी में मनाए जाने वाले इस पर्व के साथ ज्योतिष, क्षेत्रीय और धार्मिक मान्यताएं जुड़ी हुई हैं। यह पर्व जहां एक ओर कृषि समुदाय के लिए रबी की फसल के कटने और नई फसल के मौसम की खुशी में मनाया जाता है। वहीं, ज्योतिष गणना के अनुसार इस दिन से नए सौर कैलेंडर की शुरुआत होती है। आइए जानें ये पर्व किस दिन मनाया जाएगा, इसका महत्व क्या है और मेष संक्रांति से इसका क्या संबंध है?Baisakhi 2026 Date: Baisakhi Kab Hai,Kyu Manayi Jaati Hai | Kyon Manate Hai ?

#baisakhi #baisakhisong #baisakhiwithjaat #baisakh26 #punjabi #punjabinews #punjabimusic #punjabivideo #punjabimovie #punjabicelebration

~HT.504~PR.111~ED.120~

Category

🗞
News
Transcript
00:03फसलों की कटाई का मौसम पूरा होने की खुशी में मनाय जाने वाला पर्व बैसाखी जोतिश रेत्री और धार्मिक मानिताओं
00:12से जुड़ा हुआ है।
00:30कब मनाय जाएगी, इसका महत्व क्या है और मेश संक्रांती से इसका संबंद क्या है।
00:35बैसाखी और मेश संक्रांती इस साल 14 एप्रिल 2026 दिन मंगलवार को पड़ रहा है।
00:41सूर्य गोचर मेश राशी में 14 एप्रिल की सुबह 9 बचकर 31 मिनट पर करेंगे।
00:47वहीं पुन निकालती थी सुबह 5 बचकर 56 मिनट से लेकर शाम 3 बचकर 55 मिनट तक रहेगा।
00:54बैसाखी का दन सिख समुदाय के लोगों के लिए काफी महतोपून है।
00:58इसके पिहास की बात करीं तो इस दिन साल 1699 में गुरु गोबिंद सिंग जी ने खालसा 25 की स्थापना
01:05की थी।
01:05उन्होंने एक ऐसा समुदाय बनाय था जो समानता, साहज और भक्ती के मूल्यों पर चले।
01:11इसी दिन पंज प्यारे की शुरुवात भी हुई थी जिनसे सिक समाज में आध्यात्मिक अनुसाशन और एक्टा को मजबूत किया
01:19जाए।
01:19वहीं बैसाकी का पर्व जहां पंजाब और हर्याना राज्य के प्रमुक पर्व के तौर पर जाना जाता है।
01:25वहीं इस दिन सूर्य के मेश राशी में प्रवेश करने पर मेश संक्रांती भी मनाई जाती है।
01:31सूर्य एक राशी में 30 दिन तक रहते हैं इस तरह वो हर महिने राशी परिवर्तन करते हुए सभी 12
01:37राशियों में गोचर करते हैं
01:39मेश राशी के दिन वो मीन राशी से निकल कर मेश राशी में प्रवेश करते हैं और इस दिन नया
01:45सौरे वर्ष आरंब होता है
01:47इस दन से बंगाल, असम और ओरिसा में ने साल के शुरु� food भी होती है
01:52धारमियत मानिता अनुसार मीन राशी में सूर्य के गोचर के दौरान खरमास रहता है
01:57मेशे संक्रांती पर खरमास खत्म होता है
02:00खरमास में मांगलिक कारियों पर रोक रहती है
02:03मेश संक्रांती के बाद से मांगलिक कारे और शुबकारियों की शुरुआत दोबारा हो जाती है
02:08फिलहाल इस वीडियो में इतना ही वीडियो को लाइक और शेयर करें
02:12साथी चैनल को सब्सक्राइब करना ना भूले
Comments

Recommended