भारत के परमाणु वैज्ञानिकों ने वो कमाल कर दिखाया है, जिसकी तारीफ दुनियाभर में हो रही है. भारत ने वो तकनीक विकसित कर ली है, जिसे पाने में अमेरिका और फ्रांस जैसे देश अरबों डॉलर खर्च करने के बाद भी नाकाम रहे. इंटरनेशनल एटॉमिक एनर्जी एजेंसी के डायरेक्टर जनरल राफेल ग्रोसी ने इस उपलब्धि पर भारत की तारीफ करते हुए X पर लिखा कि कलपक्कम के प्रोटोटाइप फास्ट ब्रिडर रिएक्टर की क्रिटकैलिटी हासिल करना भारत की बहुत बड़ी सफलता है. फ्यूल सस्टेनेबिलिटी और न्यूक्लियर एनर्जी के भविष्य के लिए बहुत बड़ा कदम है. वहीं, पेरिस स्थित इंटरनेशनल एनर्जी एजेंसी ने भारत, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और देश के वैज्ञानिकों को बधाई देते हुए लिखा कि यह रिएक्टर दूसरे रिएक्टरों से काफी कम फ्यूल का इस्तेमाल करेगा और क्लोज फ्यूल साइकिल का रास्ता साफ करेगा. आखिर क्या है ये तकनीक? भारत की एनर्जी सिक्योरिटी में क्यों है ये अहम? जानिए वीडियो में....
Comments