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जुबिन गर्ग की मौत पर सिंगापुर कोर्ट का क्या फैसला आया? देखें वारदात
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00:00नमस्कार मैं हूँ शम्स तहर खान और आप देख रहे हैं वारदाद
00:03तो आखिरकार असम की आवाज जुबीन गर्ड की मौत को लेकर जो सस्पेंस पिछले छे महीने से बना हुआ था
00:10अब वो खत्म हो गया
00:12सिंगापुर की एक अदालत ने 25 मार्च को जुबीन की मौत पर आखरी फैसला सुनाते हुए कहा है
00:18कि जुबीन की मौत के पीछे कोई साधिश नहीं थी और ये एक हादसा था
00:23अब सवाल ये है कि सिंगापुर कोट के इस फैसले के बाद क्या गुहाटी की अदालत में जुबीन के गतल
00:30का मुकदमा ठहर पाएगा
00:349 अपरेल को असम चुनाओं में उतरने जा रहा है
00:37इस पार के विधान सभा चुनाओं में भी अलग-अलग कई मुद्दे है
00:41लेकिन असम विधान सभा चुनाओं के इतिहास में पहली बार है
00:46जब किसी असम या सिंगर की मुद्द का बाकि किसी भी मुद्दे से पीछे नहीं थी
00:51असम विधान सभा चुनाओं को लेकर किये गए एक सर्वे के मुताबिक
00:56इन 13 फीसदी लोगों ने जबीन गर्ग की मौत के मुद्दे को एक एहन चुनाओं भुद्दा बताया
01:03इन 13 फीसदी लोगों का मानना है कि जबीन की मौत की जाँच सही धंक से नहीं हुए
01:12अब असम में होनेवाले विधान सभा चुनाओं से दूर सिंगापुर चलती
01:27बुदवार 25 मार्च को सिंगापुर की एक अदालत ने जुबीनगर की मौत को लेकर अपना आखरी फैसला सुनाए
01:34फैसला ये कि जुबीनगर की मौत न तो किसी साज़िश का नतीजा थी और नहीं जुबीनगर का कतल हुआ है
01:44कोट का कहना था कि जुबीनगर की मौत एक दुर्भागे पून घटना थी
01:48उनकी मौत पानी में ढूबने से हुए और इसके लिए कोई भी जिम्मेदार नहीं गे
01:57अब सिंगापुर से वापस फिर से असम चलते है
01:59सिंगापुर की जिस सर्जमीन पर जुबीन की मौत हुई
02:03जहां मौत की तफ्तीश हुई जहां की अदालत ते अपना आखरी फैसला सुनाए
02:07उससे दूर गुहाटी में उसी जुबीनगर की मौत के इल्जाम ने
02:12पिछले करीब पांच बहीनों से साथ लोग जेल में बंदे है
02:15इन्वे से चार पर बाकाइदा जुबीन के गतल का इल्जाम लगाकर
02:19उनके खलाफ अदालत में चार्शीव तक डाखिल कर दी गई है
02:23मामले की सुनवाई के लिए फास्ट्रेक कोर्ट तक बना दी गई है
02:27टे टू डे सुनवाई का फैसला भी हो चुका है
02:30अब सवाल ये है कि सिंगापूर से दूर असम की कोर्ट में जुबीनगर की मौत का ये मुकदमा
02:36किस आधार पर आगे बढ़ेगा और कैसे असम पुलिस और सी आईडी ये सरकारी वकील आरोपियों को कातिल ठैरा पाएगी
02:45बैसे आपको बता दू कि असम के मुक्खे मंद्री हिमंता विस्वा सर्मा सिंगापूर पुलिस की जाच खत्म होने
02:52ये वहां की अदालत के आखरी फैसले के आने से बहुत पहले से ही अपनी तरफ से ये ऐलाम कर
02:58चुके है कि जुबीन गर की मौत खाथसा नहीं बल्कि ये कतल है हिमंता ने ये बात कई बार दोराई
03:04तो
03:04इसले मौत खत्रों। अधूर। अजी जुबीन से बात कर चुके है कि ये बात को ये इस टीए स्वेसे आफसा
03:17श्रीए पूमने कर नाने लुचान। के ये टोराई फुचत प्याफसा पूमने खत्या का रचर को है
03:46देश के साथ साथ खासतार पर पूरा असर शोक में डूब गया था
03:54जुबीन की मौत पर असर में जस तरह लोग सडकों पर उतर आए
03:58या जस तरह जुबीन को अंदिम विदाई देने के लिए लोगों का सैलाब उबडा
04:02ऐसा मनज़र असर में इस से पहले कभी देखा ही नहीं गया था
04:07जुबीन को लेकर असम के लोगों की इसी भावना को देखकर तभी अंदाज़ा हो गया था
04:12कि आने वाले विधान सभा चुनाओं में जुबीन की मौत या जुबीन को इंसाफ दिलाने की बाद एक एहम चुनावी
04:19मुद्धा बने गागा
04:20अगर राज्य के तेरा फीसदी लोग जुबीन की मौत या जुबीन को इंसाफ दिलाने की बात को एक एहम चुनावी
04:27मुद्धा मानते हैं तो जाहिर राज्य की हर राजनीतिक पार्टी इसका मतलब बहु भी समझती है
04:33तो गुबीन की फिए सिंग्य केस्थच का मुद्धा एक पार्स जबाग, विसको प 1968 टो एक एंग
04:42यज। पे इसने को यहित्क, जुबीन की बात की आख सभा वान जुबीन की मौत
05:27परायन चुनाओं के वक्त सिंगपूर की अदालत का ये फैसला हिमनता सरकार के लिए
05:32किसी जटके से कम नहीं है
05:34विरोधी अभी सवाल उठा रहे है
05:36कि बिना किसी ठोस सबूत या गवाह के
05:38राज्य सरकार ने जुबीन की मौत को मडर कैसे करार दे दिया
05:42क्या इसके पीछे की वज़ा जुबीन के फैंस की नाराज़गी को दूर करना
05:47और उनके वोट हासिल करना है
05:50सिंगापुर से लेकर असम तक जब दोदो पोस मौटम रिपोर्ट में कुछ नहीं निकला
05:54किसी साधिश का कोई एंगल कभी सामने नहीं आ रहे
05:57कतल के मोटिप को लेकर कुछ के लियर ही नहीं हुआ
06:00तो फिर किस बिना पर असम पुलिस ने साथ लोगों को गिरफतार कर
06:04उन में से चार पर सीधे कतल का मुकदमा धर्च कर दिया
06:08असम पुलिस की तफ्तीश को बात में टटो लेंगी
06:11पहले आपको बताता हूँ कि 25 मार्च को सिंगापुर की कोट में
06:15जुबीन गर्च की मौत को एक हादसा बताते हूँ क्या कुछ कहा
06:21सिंगापुर की करोनर्स कोट ने अपने फैसले में कहा है
06:24कि 17 सितंबर को जुबीन गर्च जब तैराकी के लिए समंदर में उतरे
06:28तब वो बहुत ज्यादा ठके हुए थे
06:30पानी में कूदने से पहले उन्होंने लाइफ जैकट पहनी हुई थी
06:34लेकिन पानी में उतरते ही उन्होंने अपनी लाइफ जैकट उतार दी
06:38क्योंकि वो साइज में काफी बड़ी थी
06:40पहली बार कुछ तेर की तैराकी के बाद जब वो नाव पर वापस आए
06:44तब भी बुदी तरह थके हुए थे
06:46इतना ज़्यादा थके थे
06:47कि वो खुद से नाव के उपर भी नहीं आपा रहे थे
06:51इसके बाद वो अपने एक दूसरे साथी के साथ
06:54दूसरी बार पानी में उतरे
06:55वो भी बिना लाइफ जैकट के
06:57हाला कि उस दूसरे शक्स ने उन्हें लाइफ जैकट देने
07:00और पहनने के लिए फोर्स भी किया
07:02पर जूबीन नहीं माने
07:03कोट के मताबिक जाँच से ये भी पता चला
07:06कि जूबीन के अंदर खुदकुशी करने के कोई लक्षन नहीं थे
07:09यूट के कैप्टन की गवाही के मद्दे नजर
07:12कोट ने अपने फैसले में ये भी कहा
07:14कि यूट पर या फिर पानी में उतरने से पहले
07:17किसी ने भी जूबीन गर को जबरन शराब पिलाने की कोशिश नहीं की थी
07:21कोट ने पूरी घटना की जाँच
07:23और चश्मदीदों के बियान के बार ये पाया
07:26कि जूबीन गर की मौत का मामला सीधे सीधे एक हाथसा था
07:3214 फरवरी को पहली बार सिंगापुर की करोनर्स कोट में
07:36करोनर्स यानी जूबीन की मौत की जाँच कर रहे नया एक अफसर ने
07:40तफ्टीश के बाद कोट के सामने पूरी रिपोर्ट रखी
07:43इस रिपोर्ट के मताबख जूबीन गर्ख सितंबर 2025 में
07:47फेस्टिवल में शामिल होने के लिए सिंगापुराय थे
07:5211 सितंबर 2025 को जूबीन गर्ख अपने होटेल से निकल कर
07:56कैपल बे में मरीना बीच पर एक नौ पर सवार हुए
08:00नौ पर करीब 20 लोग थे जिनमें जुबीन के दोस्त और बैंड मिम्बर भी शामिल थे
08:07चीफ इंविस्टिगेटिंग अफसर ने कोड को बताया कि नौ पर पहुंचते ही सभी ने पाटी पाटी में स्नेक्स के लावा
08:14उन लोगोंने शराब रे
08:15नौ पर सवार कई गवाहोंने बताया कि जुबीन ने भी शराब पी थी
08:19एक गवाह का कहना था कि जुबीन ने कुछ पैक शराव जिन में चिन, विस्की और गनीज स्टाउट के कुछ
08:27सिप शामिल थे
08:28नाउ लाजरस आइलेंड और सेंट जॉन्स आइलेंड के बीच पानी में रुखे
08:33इनी दोनों आइलेंड के बीच जुबीन पहली बार समंदर में उतरे
08:37समंदर में उतरने से पहले जुबीन ने बाकाईदा लाइफ जैकट पहनी हुई थी
08:42लेकिन लाइफ जैकट का साइज बड़ा था जुबीन ने पानी में उतरते ही लाइफ जैकट उतार दी
08:49زبین दोवारा जब पानी में उतरने जा रहे थी तब उन्हें फिर से एक लाइफ जैकट दी गए जो पहले
08:54के मुकाबले साइज में छोटी थी
08:57लेकिन इस बार खुद जुबीन ने लाइफ जैकट पहनने से मना कर दिया और बिना लाइफ जैकट के वो पानी
09:03में उतर गए
09:04जुबीन तेरते हुए लाजरस आईलेंड की तरफ बढ़ रहे थी बिना लाइफ जैकट के उन्हें इस तरह आगे बढ़ते देख
09:11नाओ पर मौजूद लोगों ने चीखते हुए उन्हें पानी से वापस नाओ पर आने को कहा
09:16दोस्तों को चीखते सुन जुबीन करग वापस अब नाओ की तरफ आने लगते हैं लेकिन जब वो नाओ की तरफ
09:23बढ़ी रहे थे तब ही अचानक उनकी रफ़तार सुस्त पढ़ गए और चेहरा पानी के अगदर जाने लाए
09:30जुबीन को पानी में इस तरह बिना किसी हरकत के देख नौ पर सवार लो पानी में पूद पड़े जुबीन
09:37को नौ पर लाए उन्हें फॉरन सी पियार दी जाती है
09:40तब तक पुलिस कोस्ट गार्ट को भी फोन कर दिया गया था
09:45फोनाते ही पुलिस कोस्ट गार्ड एक पिट्रॉल क्राफ्ट यानि स्पीड बोट रवाना कर देती है
09:509 मिनिट में ये पिट्रॉल क्राफ्ट 9 के गरीब पहुँच चुका था
09:55पिट्रॉल क्राफ्ट पो मौझूद पुलिस वाले भी जुबीन गर को सी पियार देते हैं
09:59लेकिन जुबीन को न तब सांसे चल रही थी और नहीं नबस
10:04इसके बाद जुबीन को वहाँ से करीब 6 किलो मिटर दूर मेडिना साउथ पेर तक लाए जाता है
10:10वहाँ एमबुलेंस पहले से ही खड़ी थी
10:12उसी एमबुलेंस से जुबीन को सिंगापूर जनरल हॉस्पिटल लाए जाता है
10:16लेकिन डॉक्टर जुबीन को देखते हूँ उन्हें मुर्दा करार देते हैं
10:20तब शाम के सवा पांच बचे थी
10:24उसी सिंगापूर जनरल हॉस्पिटल में जुबीन गर का पोस्ट मॉटम होता है
10:28जिसमें मौत की वज़ा डूबना बताया
10:30जुबीन के शरीर पर जखमों के भी कुछ निशान मिले थी
10:34लेकिन डॉक्टरों के मताबिक शरीर पर चोट के ये निशान
10:37जुबीन को पानी से बचाकर नौफर लाने और सी पियार देने के दौरान लगे थी
10:43पोस्ट मॉटम रिपोर्ट में जुबीन के खून के नमौनों में बीपी और मिद्गी की दवाएं भी बिले
10:48इसके लावा किसी और मेडिसन के नमौन खून में नहीं बिले
10:55पोस्टमॉटम रिपोर्ट के अलावा विसरा जांच में भी जुबीन गर्ग के खून के नमूनों में काफी मात्रा में शराप पाई
11:01गए
11:02रिपोर्ट के मताबिक जुबीन के 100 अमिल खून में 333 मिली ग्राम अलकोहल मिले
11:08ये मात्रा काफी ज्यादा थी सिंगापूर के खानून की बात करें तो सिंगापूर में 100 अमिल ब्लड में 80 मिली
11:15ग्राम तक अलकोहल होना मानने हैं
11:17लेकिन जुबीन के खून में अलकोहल की मात्रा टाय लिमिट से 4 गुना ज्यादा थी
11:22पुलिस ने जुबीन के होटेल से 750 एमिल की विस्की की एक बोतल भी बरामत की जिसमें 43 वी सदी
11:30अलकोहल की मात्रा थी
11:31विस्की के इस बोटल में सिर्फ 25 वी सदी शराब बची थी
11:35सिंगापुर जनरल हावस्पिटल के डॉक्टर जनोंने जुबीन के विसरा की जाच की
11:40उनका कहना था कि ये पक्के तौर पर नहीं कहा जा सकता
11:43कि पानी में रहने के दोरान जुबीन मिलडी का दोरा पड़ा या नहीं
11:48अन्होंने कहा कि इसके कोई सबूत नहीं मिले
11:50यहां तक कि उनकी दातों के बीच जुबान आ जाने के सबूत भी नहीं मिले जो अक्सर दौरा पढ़ने के
11:57दौरान होता है
12:01जिस नौ पर जुबीन और उनके दो सवार थे उस नौ के कैप्टन ने खोट के सामने अपने बयान में
12:07कहा
12:07कि उसने अपनी आँखों से देखा था जब जब जुबीन पहली बार उनके नौ पर आए तब भी दो लोग
12:13उन्हें सहारा दे कर ला रहे थे
12:15क्योंकि जुबीन ठीक से चल भी नहीं पा रहे थे नौ पर आने से पहले से ही बनशे में थे
12:21कैप्टन के बयान के मताबिक जुबीन के साथ आए लोगों में से
12:25कई लोग तो नौ पर चड़ने से पहले से ही शराब की रहे थे
12:29कैप्टन ने बताया कि उसने नौ पर सवार सभी लोगों को जिन में जुबीन भी थे
12:33दो बार सेफटी ब्रीफिंग दी थी
12:36एक नौ के चलने से पहले और दूसरा समंदर में पहुचने के बार
12:40दोनों ही बार कैप्टन ने साफ-साफ कहा था
12:43कि लाइफ जैकेट पूरे सफर के दौरां पहने रहना जरूरी
12:47कैप्टन ने बयान दिया कि उसने खुद देखा
12:50कि जब पहली बार जुबीन पानी में उत्रे तो अपने हाथों से अपना जैकेट उतार दिया था
12:55इस पर कैप्टन ने फौरण जुबीन के दोस्तों से कहा कि उसे पानी से बाहर बुलाओ
13:00कैप्टन ने बिया कि मैंने जुबीन के दोस्तों से साफ साफ कहा था
13:04कि वो नश्यम है और अगर उसे पानी में उतरना है तो उसे लाइफ जैकेट पहनी होगा
13:09कैप्टन ने ये भी बताया कि नौ पर सवार ज्यादा तर मुसाफिर जिनमें जुबीन गर्ब में शामिल थे शराब की
13:16रहे थे
13:18नौ पर मौजूद गवाह, कैप्टन के बयाद, डॉक्टरों की राए और पोस्पॉटम और विस्ला रिपोर्ट की जाच के बाद सिंगापूर
13:26पुलिस ने
13:2714 जनवरी को क्रोनर्स कोट को ये बताया, कि मामले की पूरी जाच करने के बाद वो इस नतीजे पर
13:33पहुँचे हैं, कि जुबीन गर्ब की मौत कहीं से भी कोई साज़िश नहीं
13:44अब सवाल ये है कि सिंगापूर में जुबीन की मौत हुई, जिस नौ पर वो आखरी बार सवार थे, जिस
13:50समंदर में वो डूबे, जिस अस्पताल में उनका पोस्पॉटम हुआ, जिस लैब में उनके विसरा की जाच हुई, उन सारी
13:57चीजों के आधार पर सिंगापूर ज�
14:06जुबीन की मौत को मडर बताते हूं, साथ लोगों के खलाफ अदालत, चार सीध भी दाखिल कर दी है, और
14:14तो और, इन साथ में से चार को सीधे सीधे, जुबीन का गातिल ठहरा है, क्या असम पुलिस ने ये
14:20काम किसी दबाओं में किया है, क्या सम सरकार, असम में जुबीन �
14:36और असम सरकार को जुबीन गर की पोस्ट मौटम और विसरा रिपोर्ट बहुत पहले मिल चुकी थी, गौहाती में जुबीन
14:43का दोबारा पोस्ट मौटम मौट, विसरा जाच भी दोबारा हुई, लेकिन इन दोनों ही रिपोर्ट को असम पुलिस या असम
14:49सरकार ने कभी सार
14:59बजनिक हो जाएगी पर अब जब जिस सिंगापुर में जुबीन की मौत हुई थी उसी सिंगापुर पुलिस ने लगभग ये
15:07साफ कर दिया है कि जुबीन की मौत में कोई साज़िश नहीं तो फिर जुबीन की हत्या को लेकर असम
15:13पुलिस की चाशीट और उसी चाशीट के आ
15:29पर जाहिर जिस जगह जगा जबीन की मौत हुई पाइदे से पूरी क्राइम सीट उसी सिंगापुर में हुई तो फिर
15:38असम पुलिस उसी सिंगापुर पुलिस की फाइनल रिपोर्ट और अब सिंगापुर कोट के आखरी फैसले के खलाफ जाकर अपनी ही
15:45चार्शीट को कैसे स
15:51आपसे कमजोर कड़ी यह है कि उसने जुबीन की मौत के लिए जिन साथ लोगों को चाशीत में जिम्मेदा ठहराया
15:56उनमें ही वो मौत की बजहे को लेकर आपसी कड़ियों को नहीं जोड़ बारे लिए
16:01सबसे बड़ा सवाल तो यह है कि अगर वाकई जुबीन का कतल हुआ है और चाशीत में नामजद वही साथ
16:08लोग जुबीन के खातिल है तो सवाल यह है कि वो कौन सा एक मकसब था जिसके लिए साथ अलग
16:14अलग लोग जुबीन को मारने के लिए एक साथ है चाशीत में खायदे
16:31देश में मौत हुई, वहां की अदालत उसे हाथसा बता चुकी है, पर जिस राज्य की पुलिस कभी जाच के
16:37लिए सिंगापुर तक नहीं गई, उस राज्य में उन्हीं जुबीन के कतले का मुकदमा जारी है, जाहिर है, अब इस
16:43मुकदमे का फैसला असम विधानसवा चुना
16:58महनता का है, दूसरा नाम जुबीन गर्ग के अपने मैनेजर सिधार्द शर्मा का है, तीसरा और चौथा नाम जुबीन गर्ग
17:08के बैंड में ही शामिल, को मिजरिशियन, शेखर जोती गोस्वान और अमरिप पर महनता का है, यानि यही वो चार
17:19चेहरे हैं, जिन पर चार शी
17:24में जो पांचवा नाम है, वो जुबीन गर्ग के कज़र और असम पुलिस के अफसर संदीपन करता है, लेकिन संदीपन
17:32पर चार शीट में गतल का इल्जाम नहीं लगाया गया है, बलकि गयर इरादतन हत्या में शामिल होने का इल्जाम
17:39है, नौर्टीस्ट इंडिया फेस्�
17:52अब श्याम कानू महनता मौजूद नहीं था, बलकि उस दिन उस याड़ पर जुबीन गर्ग के साथ चार शीट में
17:59नामज़र बाकी चारों यानि सिधार शर्मा, शेकर जियोती, अमरित पर्व और संदीपन कर्ग बहुदी थे, चार शीट में पाजो आरोपियों
18:08की जु�
18:22जुबीन को जानबूद कर ज्यादा शराब बिलाए, इतना ही नहीं, वो सिधार शर्मा ही था, जिसकी वज़ा से जुबीन गर्ग
18:29बगार लाइफ जैकेट के समंदर में उतर गए थे, जबकि दस साल से भी ज्यादा वक्त से, जुबीन के साथ
18:36रहने वाले सिधार शर्मा को
18:38ये पता था, कि डॉक्टरों ने खास हिरायत दे रखी, कि वो हमेशा आग और पानी से दूर रहे, जुबीन
18:44गर्ग को कई बार दोरे पड़ चुके थे, इसी वज़ा से डॉक्टरों ने उन्हें पानी और आग से दूर रहने
18:50को कहा था, लेकिन जुबीन गर्ग की हेल्थ ह
19:08कि वो जुबीन गर्ग को म्यूजिक से दूर करने की साज़श्च रहा था, इसके जरीए खुद सिधाद शर्मा पैसे कमाना
19:14चाहता था, सिधाद पर ये भी लजाम है कि उसने जुबीन गर्ग के पैसों को जान बूच कर अपनी मनचाही
19:21जगों पर, जिन में महावीर एक्क
19:23और होटल हेरिटेज एंड ट्रांस्पोटेशन में इन्वेस्ट करवाना शामिल है, जुबीन गर्ग नौर्थ इस इंडिया फैस्टिवल के इस कारिकरम में
19:33हिस्सा लेने के लिए, सिंगापुर फैस्टिवल के और्गनाईजर, श्याम कानू महंता के कहने पर सिंगापुर
19:39गयते हैं, चाशीट में महंता पर ये इलजाम लगाया गया है, कि वो महंता ही था, जिसने बोर्ट पर पार्टी
19:46करने के लिए जुबीन करपो विस्की की एक बोटल दी थे, जबकि महंता को मालूम था, कि डॉक्टरों ने जुबीन
19:52को शराब पीने से मना कर रखा है, इतना
20:06चाशीट में महंता पर जो सबसे गंभीर इलजाम है, वो ये, कि जिस वक्त जुबीन पानी में डूब रहे थे
20:12और उन्हें बाहर निकाला गया, तब उन्हें फौरी मेडिकल मदद मौहिया नहीं कराई गई, बलकि पानी से बाहर निकालने के
20:19पूरे 75 मिनट बाद जुबीन
20:35उन्हें के बैंड के म्यूजिशन और सिंगर अम्रित पर महंता पर ये इलजाम है कि उसने ही जुबीन को जान
20:41बूच कर ज्यादा शराब पिलाए, जुबीन की नीद पूरी नहीं हुई थी, सुबा से उन्होंने कुछ खाया भी नहीं था,
20:47ये सब जानते हुए भी महंता न
20:53जुबीन के मैनेजर, और्गनाइजर और यहां तक के जुबीन की पपनी तक को इस बात की कोई जानकारी नहीं था,
21:04जिसने जुबीन को बिना लाइफ जैकेट के पानी में उतरने के लिए उकसाया था, जुबीन की बैंड के ड्रमर और
21:12म्यूजिशन शेकर जोती गोस्वाम
21:16जिस वक्त जुबीन कर पानी में डूब रहे थे, तब उनके सबसे करीब और सबसे सही पोजिशन पर गोस्वामी ही
21:24खड़ा था, वो चाहता तो वक्त रहते बड़ी आसानी से जुबीन को पानी से निकाल कर उनकी जान बचा सकता
21:31था, लेकिन गोस्वामी ने ऐसा नहीं किय
21:33अपनी आँखों से सब कुछ देख कर भी उसने जुबीन को बचाने की कोई कोशिश नहीं था, चाशीक में ये
21:41भी कहा गया है कि गोस्वामी भी उन लोगों में से एक था, जिसने जुबीन को नशे की हालत में
21:47होने के बावजूर पानी में उतरने के लिए उकसाने का काम कि
21:53सिंगापूर कोट के इस फैसले के साथ ही सिंगापूर में अब जुबीन कर की मौत का मुकदमा खत्ब हो गया,
21:58लेकिन सवाल ये है कि क्या गोहाटी में उन्हीं जुबीन कर की मौत को कतल बताकर फास्ट ट्रेक कोट में
22:05जिस मुकदमे की शुरुआत हुई है, अब उसका क्
22:21तो फिर गोहाटी कोट में असमपूलिस या सियाईडी कौन से नए सबूत या गवाह की बिना पर हाथसे को कतल
22:28ठहराएगी, वैसे भी जुबीन गर की मौत के मामले की जाच के लिए असमपूलिस कभी सिंगापूर कही ही दिए, आज
22:37तक भी हो, तो वारदात में फिला लित
22:41रही, मगर देश और दुनिया की बाकी खबरों के लिए आप देखते रही आज तक.
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