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Transcript
00:00मैं लास्ट सिक्स एर से आम इन ए रिलेशंटिप इंटरकास्ट है
00:04पेरेंट से शादी की बात भी तो उन्होंने मना कर दिया
00:08अब पेरेंट से शादी के लिए फोर्स कर रहे हैं
00:11इस इंसान के शाथ में रिलेशनिशिप बहुत डिक्पिकल्ट एंड टॉक्सिक भी होता जा रहा है
00:16आपके प्रेम में यदि बोध की गहराई हो
00:19तो आपका प्रेम किसी के रोके रुके गई ने
00:22वो रुक ही इसलिए जाता है क्योंकि वो प्रेम आम तोर पर बेहोशी का संबन्द होता है
00:26हमारा एश्ट होता है एक्पिवा जैसा
00:29कोई भी रोक होता है एक उत्रे दूसरा पीछे बैठ जाए और रास्ता ज़रा सा खराब हो
00:34वही थम जाती है
00:36तो आप कह रही है कि शादी नहीं हो पा रही है तो रिलेशनशिप टॉक्सिक हो गई है
00:40कुछ तो मुझे इसी से अंदाजा लग रहा है कि प्रेम कैसा होगा प्रेम अगर वाकई होता तो आप ये
00:45ख्याल भी जहन में कैसे लिया लेती हैं कहीं और करो प्रेम कहीं है और जीवन कहीं और है यूँ
00:56भी लुड़कते पुड़कते किसी की गोद में जाके गिर गए इसको
00:59इसको इश्क नहीं कहते हैं आप चली आ रही है चली आ रही है उपर से अम रूद गए पड़े
01:03आपके उपर ये प्यार क्यालता है पहले परकिए कि आपके रिष्टे में वाकई दम कितना है मुह को अलग करिए
01:13भावनाओं को अलग करिए यथार्थ को परकिए और रिष्�
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