00:03किष्टवार एंकाउंटर का हीरो टाइसन जिसने गोली खाकर की सुरक्षा बालों की मदद जवानों को बताया जैश के आतंकियों का
00:11ठिकाना जमू कश्मीर का किष्टवार इलागा उचे पहाड और घनी जाडियां जहां एक एक कदम भूख भूख कर रखना पड़ता
00:20है
00:20सुरक्षा बालों को इन जंगलों में जैशे मुहम्मद के दो आतंकियों के छिपे होने की खुफिया जानकारी मिली लेकिन आतंकि
00:27कहां छिपे हैं ये पता लगाना भूसे के धेर में सुई खोजने जैसा था
00:32गोडियों की तर्तहार के बीच सेना ने अपने सब छिप भरोसे मन तैसन को मैदान मुतारा
00:38तैसन जो सेना का एक प्रसक्षिट डॉग है उसे गंध सुगने और आतंकियों के ठिकाने का पता लगाने में महारत
00:45हासिर है
00:45तैसन को कमांड मिलते ही वगणी जारियों की और बढ़ गया आतंकियों ने खुद को एक प्रकर्तिक गुफा जैसी जगा
00:51में छिपा कर रखा था
00:52तैसन ने अपनी अध्भुत सुगने की सक्ति का इस्तमाल किया और गोलियों की परवा किये विना उस ठिकाने तक पहुँच
00:59गया जहां आतंकी छिपे थे
01:01तैसन के स्तंकेत ने सुरक्षावलों को कंफर्म कर दिया कि आतंकी यहीं है तैसन की इस फुर्ती ने जवानों को
01:08सही दिसा में फाइरिंग करने और आतंकियों को घेरने में बड़ी मदद की
01:12टाइसन की मदद से जैसे ही लोकेशन कंफर्म हुई सुरक्षा वरो ने सटीक प्रहार किया जैसे मुहम्मद के वो दो
01:18आतंकी जो इलाके में बड़ी साजिश रच रहे थे सेना की जबावी कारवाई में धेर कर दिये गए
01:23टाइसन ने ना केवल आतंकीयों का पता लगाया बलकि एंकाउंटर के दौरान वह बिचलित नहीं हुआ
01:28सेना के अधिकारियों का कहना है कि अगर टाइसन नहोता तो इस आपरेशन में ज़्यादा वक्त लग सकता था और
01:34हमारे जवानों को भी खत्रा होता
01:36हलाकि सेना और पुलिस की संग हुई आतंकीयों की मुढभेड के दौरान डौक टाइसन के पैर में गोली लगने से
01:42वह बुरी तरह घायल हो गया
01:43लेकिन दर्द के बाजूद वह डटा रहा इलाज के लिए उसे एरलिट कर उधमपूर ले जाये गया जहां अब वो
01:49खत्रे से बाहर है और उसके स्वास्त में भी सुधार हो रहा है
01:53वज़े पहली बार नहीं है जब किसी आर्मी डौग ने अपनी बहादूरी का परचे दिया हूँ
01:57एकसल केंट और अब टाइसन ये वो नाम है जिन्होंने साबित कर दिया कि वफादारी और बीड़ता की कोई भाशा
02:03नहीं होती
02:03टाइसन की अब इस बहादूरी के बाद सोचल मीडिया से लेकर सेना के कैम तक उसकी चर्चा हो रही है
02:09इसके साथ ही टाइसन को इस सफर आउपरेशन के लिए बिशेज सम्मान देने की तैयारी भी की जा रही है
02:14टाइसन जैसे जावाज हमें याद दिलाते हैं कि सारहत की खिफाद सिर्फ इनसान नहीं बलकि ये बेजुबान साथ ही भी
02:20अपनी जान देकर करते हैं
02:22किष्टवार में टाइसन ने जो किया वा मिसाल है उन दो आतंकियों का अंत टाइसन की सूहने की शक्ती और
02:28सेना के शोरे का नतीज़ा है
02:30फिरहाल के बस इतना ही बाकी अब्रेट लिए बने रहे है वन इंडिया हिंदी के साथ
02:56अब्सक्राइब कर दो आता है
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