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  • 2 days ago
Yogi Adityanath के हालिया बयान और धार्मिक मर्यादा, भीड़ प्रबंधन व कानून व्यवस्था पर दिए गए संदेश ने उत्तर प्रदेश की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। इसी पर पलटवार करते हुए Akhilesh Yadav ने “योगी” की परिभाषा और नैतिक आचरण को लेकर तीखी टिप्पणी की, जिससे सियासी माहौल और गरम हो गया।

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Transcript
00:00मेर वेक्ति संक्राचारे नहीद लिख सकता अर्वेक्ति हर पीठ के आचारे के रूर्प में
00:05जाकर के जहां तहां वातावरन खराब नहीं कर सकता अरे वह संक्राचारे थे ल्वक्रम्त
00:11परिखλी ने पाहिन हें
00:14कि आप नेतिक ताखी बात करते हैं वो जानती नहीं वो देखो कुछ नहीं जानते हैं वो दो उर्दू से
00:25चिड़ते हैं उर्दू क्यों बुलने हैं वो संक्राचार अच्छा या दिलाया
00:32यह योगी हो सकते हैं क्या यहां गिर्व वस्तर है न हम उसको बाबा और सम्माल से देखने लगते हैं
00:40पूरे गाउं की परमपरा है यह जिला वो है जहां पर सोना खोदा जा रहा था जब से धर्टी बनी
00:46होगी जब से धर्म रहा होगा
00:47किसी नेवी हमारे संतों को साध्यों को गंगा इसनान करने के लिए नहीं रोका होगा यह पहले हैं जिनों ने
00:59गंगा इसनान रोका है
01:04अगर वेक्ति हर पीट के आचारे की रूप में जाकर के जहां तहां वातावरन खराब नहीं कर सकता
01:10उन वर्यादों का पालन सबको करना होगा
01:17और अगर वे संक्राचारे थे तो क्यों आप लोगों ने लाठी चार्ज किया था वारा नसी में?
01:21क्यों आफ आई आर लोच किया था? आप नेतिकता की बात करते हैं
01:30साड़े चार करोड सरधालों जहां पर आये हों
01:36वहां पर जो एक्जिट गेट है चहां से सरधालों बाहर निकल ला है अस्नान करके
01:51उस द्वार उस पेंटून से उस मार्ग से किसी को बाहर निकलने का कोई हो नहीं
01:57क्योंकि उससे अंदर जाने का कोई प्रयास करता है तो एक नए स्टेंपेड को जन्म देता है
02:02वहां पर नए भगदर को जन्म देता है सरधालों के जीवन के साथ खिलवार करता है
02:10एक जम्मिदार और मर्यादी प्वेक्ति कभी इस प्रकार का चड़ नहीं कर सकता
02:38बताओ, यह योगी हो सकते हैं क्या, यहां किसे सट्विट दिया योगी होने का, कहां योगी बंकर बंते हैं बताओ,
02:44ठीक हमारे हिंदू परंपरा में बहुत चीजे साफ है, जहां गिर्व अवस्तर है न हम उसको बाबा और सम्माल से
02:52देखने लगते हैं, पूरे गाउं की प
02:57सोना खोदा जा रहा था, याद कीजी ना, क्योंकि हम इतना भरोसा करते हैं अपने लोगों पर, किसी ने कह
03:03दिया, कि सोना है तो हमने सोना है, सोच लिया सोना है, तो कितने दिन हम सोना खोदते रहें सोचवा,
03:09तो हम, हमारे जो समाज है, इन वस्तरों का सम्मान करता है, ले
03:27और अगर आपके अंदर डिजायर हैं, तो आप योगी नहीं हो सकते हैं, तो जो गीता के उल्टा चलता हो,
03:33उसको आप सनातनी मान होगे क्या, जो गीता से उल्टा चलता हो, उस सनातनी नहीं हो सकता, और हमारे पूजने
03:41संकराचार, जिनका सम्मान, सभी सनातन और हिंदु धर
03:56और यहां किसी ही नेवी हमारे संतों को सौध्यों को गंगा इसनान करने के लिए रोका होगा यह पहले हैं
04:07जिनों ने गंगा इसनान रोका हैं हमारे ध्रम भी इंसाइडा है पाप पड़ेगा इन पर अब जब पर अब कून
04:15बचा लेगा इने
04:32झाल झाल
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