00:00आदित्य धर की फिल्म धुरंदर की रूलीज के बाद से अक्षा खन्ना इंजनेट सेंसेशन बने हुए हैं।
00:30दो बेटो अक्षा और राहुल खन्ना को छोड़ कर ओशो के आस्ट्रम में शरंडी थी। चलिए जानते हैं कि अक्षा की मा और विनोध खन्ना की एक्स वाइफ गितांजली कौन थी और दिवंगत दिगज अभिनेता की पत्नी से तलाक क्यूं हुआ था।
01:00विनोध खन्ना की गितांजली से पहली मुलाकात कौलिज के दुनों में हुई थी और विनोध पहली ही नजर में उनकी और अट्रैक्ट हो गए थे।
01:15दोनों ने उस समय डेटिंग शुरू की जब विनोध ने फिल्म इंडस्ट्री में पहचान नहीं बनाई थी।
01:20मीडिय रिपोर्ट्स की माने तो इसके कुछी समय बार अभिनेता निर्माता सुनील दत का ध्यान उन पर गया जिन्होंने उन्हें अपनी पहली फिल्म मन का मीत ओफर की जिस सुनके अभिने करियर की शुरुवात हुई।
01:32विनोद की पॉपुलारिटी और सफलता बढ़ने लगी उन्होंने शादी करने का फैसला किया।
01:37फिर 1971 में उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री की कई जानीमानी हस्तियों की मौझूदगी में अपनी लेडी लव गितांजली से ग्रैंड वेडिंग की।
01:45एक साल बाद कपल ने अपने पहले बेटे राहुल खन्ना को वेलकम किया और फिर 1975 में अक्षे खन्ना का जन्म हुआ।
01:53अपनी प्रोफेशनल और पोस्नल लाइप दोनों में ही विनोद परिवार को प्रायर्टी देते थे।
01:58यहां तक कि उन्होंने रविवार को काम न करने का नियम भी बना रखा था।
02:01फेम, सक्सेस और हैप्पी फैमिली लाइफ को वो इंजॉय करने के बावजूद विनोद खन्ना को आध्यात्मिकता की ओर जाने का मन करने लगा।
02:09अपने करियर के पीक पर उन्होंने सांसारी की जीवन का त्याग करने का फैसला लिया और 1982 में सन्यास ले लिया।
02:16बॉलिवुड छोड़कर ओशो के आश्रब में श्रामल हो गए। इस फैसले ने उनकी परसनल लाइफ को पूरी तरह से बदल दिया।
02:23शुरवात में अमेरिका में रहते वे विनोद फोन के जरिये गीतांजली और अपने बच्चों से कॉन्टैक्ट में रहे।
02:28हरा की दूरी उनके लिए मुश्किल साबित हुई खासकर जब उनके दोनों बेटे बड़े हो रहे थे।
02:58नहीं दिया तो उन्होंने तलाक के लिए अर्जी दी और 1985 में दोनोंने कानुरी रूप से अलग होने का फैसला किया।
03:05हलाकि विनोद 1987 में भारत लोटे लेकिन आश्रम में लंबे वक्त तक रहने के कारण उनके पहली शादी तो तूट चुकी थी।
03:12कुछ समय पहले एक इंटिव्यू में अक्षर ने बताया भी था कि उनके पिता कि ओशो के आश्रम जाने का उन पर क्या प्रभाव पड़ा।
03:18प्रभाव पड़ा। उनके परिवार को छोड़ना बलकि सन्यास लेना। सन्यास करते हैं अपने जीवन को पूरी तरह से त्याग देना। परिवार तो उसका सिर्फ एक हिस्सा है। यह जीवन बदलने वाला फैसला था जो ने उस समय लेना जरूरी लगा।
03:32वहीं पांच साल के बच्चे की रूप में मिरे लिए समझना नामुम्किन था, अब मैं ऐसे समझ सकता हूँ।
03:38वहीं फिल्म चगत ने उनका भरपूर स्वागत किया और 43 की उम्र में उन्हें फिर से प्यार हुआ।
03:44फिर उन्होंने 1990 में कविता दफ्तरी से शादी की, इस दमपत्ती के दो बच्चे हुए एक बेट और एक बेटी।
03:50हाला कि गितांजली ने कभी दूसरी शादी नहीं की। उन्होंने अपना जीवन सारवजनिक चकाचौन से दोर राहुल और अक्षा की परवरिश को डेडिकेट कर दिया।
03:58महीं 2017 में विनोध खन्ना का निधन हुआ जिसके एक साल बाद 2018 में गितांजली का भी देहांत हो गया।
04:06फिलहाल अस वीडियो में इतना ही। वीडियो को लाइक और शेयर करें। साथी चैनल को सब्सक्राइब करना ना भूलें।
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