00:00पर बर एक यह आदमी का नाम अता है क्यों नहीं इस आदमी का एक बार इलाज को प्रश्ण नहीं है
00:09प्रश्ण इस बात का है कि धर्म के आड़ लेकर जो लोग भी जो भी राजनीती करते हैं
00:18ऐसी एनेक लोग
00:19अगर वास्तम में शांती चाहिए हैं
00:25तो मेरा इस पश्ट कहना है कि इसकी गहनता से जाच हो
00:29और जाच किसी बड़ी एजिंसी से भले से केंद्र से कहकर कोई केंद्री एजिंसी के द्वरा हो
00:37नहीं तो वही होगा कि 2010 के दंगे में मन्ने हाई कोट में
00:43या बरली के अंदर सता संग्यान लेने वाले मानने जजम हो देने एड़ीजे है उनको यहां से हटा दिया जाता है बाहर भेज दिया जाता है तो जब तक आप उस के बारे में जो लोग इस पकार की वरती रखते हैं जो इस पकार के कारे को करने के लिए जो है परोख्ष रू
01:13बराबर पैदा होते रहेंगे और प्रदेश की समाज की शांती व्यवस्था जो है भंग होती रहेगी बच्चे पढ़ाई को तरसेंगे लोग नौकरियों को तरसेंगे व्यापारी अपने व्यापार को तरसेंगा इसलिए मेरा कहना है प्रदेश तरकार से अब जो कुछ क
01:43और इस सब कारे को किया है लेकिन पर्मनेंट शांती के लिए जरूरी है कि इस सब की जो है वो वरात इंक्वारी हो वरिश्ट लेवल पर इंक्वारी हो बारे से केंदर से आगरे करकर किसी भी बड़ी एजिंसी के दोरा इसमें हो जिस से जो है वो लोग चिन्नित हो और ऐसा �
02:13इसको दूर करने के लिए
02:14बार-बार कहूँगा
02:16कि एक बार पूरा इलाज होना चाहिए
02:19जिससे आगे आने वाले समय में
02:22कभी इस पकार को धर्म क्यार लेकर
02:24समाज को उद्दिलित ना किया जासे
02:27क्योंकि कर्फ्यू के दरान भी
02:30जब इतने लोग इखटे हो सकते थे
02:342010 में जगे 25-30,000 एक बार 10-12,000
02:37और बर्ली को फूकने का उनका मन था
02:40रोक दिया गया बर्ली की
02:43मेरे क्षित्र की जो काली बर्ली के
02:45राजपूत लोग ने महिलाएं आगे आई
02:47और उन्होंने अपनी शक्ति का
02:49प्रदर्शन करके इसको रोका
02:51तो यह बार बार नहीं होता है
02:53शासन और सप्ता का काम है
02:56मैं तो प्रश्ण कर रहा हूँ
02:59आपके माद्यम से कि 2010 के
03:01यह जितने मुकद्मे लिखे हुए थे
03:03साथ मुकद्मे बर्ली के
03:05कोतवाली में एक प्रेम नगर में
03:07एक संभल में
03:10उनका एक्जेकूशन क्यों नहीं हुआ
03:11कौन जुम्मेदार है
03:12जो लोग जुम्मेदार हैं उनके लिए सामने आना पड़ेगा
03:16यह प्रशासन का काम है
03:18इसलिए मैं बड़ी इंक्वारी की बात कर रहा हूँ
03:20कि कोई भी जो है वो इद्वारी होनी चाहिए
03:24तभी दूट का दूट और पानी का पानी को पाएगा
03:27तभी इस प्रकार के दंगों से
03:29इस बड़ी का नहीं
03:32तो प्रदेश का नहीं मैं तो समझता हूँ
03:34कि यह संपून
03:36भारत के लिए
03:40एक एकजेम्पल बन जाएगा
03:42धन्यवाद
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