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पिता का जूता | Emotional Heart Touching Story | Father Son Motivation | Hindi Kahani

📝 Description:
"पिता का जूता" एक दिल छू लेने वाली कहानी है जो हमें यह सिखाती है कि असली बड़ा बनना मतलब अपने अपनों के दर्द को समझना है।
रवि और उसके पिता की यह कहानी आपको रुला देगी और यह याद दिलाएगी कि माता-पिता के त्याग से बड़ा कोई उपहार नहीं।
यह वीडियो हर बच्चे और माता-पिता के लिए एक याद है कि परिवार का प्यार सबसे कीमती है। ❤️

देखिए पूरी कहानी और शेयर करें ताकि और लोग भी यह सीख पाएँ।
#FatherSon #EmotionalStory #Motivation #HindiStory
Transcript
00:00रवी एक छोटे से गाउं का लड़का था, उसके पिता खेत में काम करते थे और दिन रात मेहनत करके परिवार का पेट पालते थे
00:07रवी को अक्सर अपने दोस्तों के नए कपड़े और जूते देखकर जलन होती
00:12एक दिन उसने पिता से जूते मांगे, पिता ने मुस्कुरा कर कहा
00:16बेटा, अभी पैसे नहीं है, लेकिन अगले महीने ले देगे
00:21अगले ही हफ़ते पिता खेत में काम करते हुए बुरी तरह घायल हो गए
00:25पैर में चोट थी, फिर भी अगले दिन वे नंगे पाम खेत में गए
00:29ताकि परिवार भूखा न सोय, रभी ने पहनी बार देखा
00:33कि उसके पिता का जूता फटा हुआ था, और उनका पैर खून से भरा था
00:37उसकी आँखों में आँसु आ गए, अगले महीने जब पैसा आया, पिता ने रभी के लिए जूते खरीदे
00:43रभी ने पुराने जूते उठा कर कहा, पापा, पहले आपके लिए नए जूते लेंगे, मेरे पास तो अभी भी पुराने हैं
00:50उस दिन रभी ने सीखा कि बड़ा बनने का मतलब सिर्फ कमाना नहीं, अपनों का दर्द समझना है
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