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00:53have 51,730 men
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01:20इसमें 2022-23 में 889 मामले, 2023 में 986 मामले और 2024-25 जनवरी तक 938 मामले दर्च हुए है।
01:31बात करें डॉक शल्टर होम की, तो रायपूर नगर निगम सोन डोंगरी में एक डॉक शल्टर का निर्मान कराया जा रहा है।
01:37इसकी लागर लगभग 1.5 करोड बताई जा रही है। इसका निर्मान कारी लगभग 3 साल पहले शुरू हुआ था, साल 2024 तक यह निर्मान पूरा किया जाना था।
01:48लेकिन आज तक यह निर्मान कारी पूरा नहीं हो सका है।
02:18लेकिन अभी सुप्रीम कोड के देशों भी आये हैं। उनको ध्यान में रखते हुए क्या विवस्ताम बना सकते हैं उसका रखता है।
02:27वही राइपुर नगरनिगम के महापाउर मीनल चौबे का कहना है कि स्ट्रीट डॉग राजधानी के लिए समस्या है।
02:33इसकी शिकायत भी लगातार मिल रही है। नगरनिगम आवारा कुत्तों का बधिय करने का काम कर रही है।
02:39हमारी प्रायर्टी है वह इंसानों के स्वास्त की चिंता करनी है।
02:43और मुझे लगता है कि कुत्तों को थोड़े दिनों में सब जगह की आदत हो जाए।
02:48सोंडोगरी में जो डॉग शेल्टर बनाया है वह वास्तविक में वह जो बीमार कुत्ते हैं।
02:53उनको इलाज की जवरत पड़ती है, उनका ऑपरेशन होता है, उनके लिए सोंडोगरी का वो जगह है, वो शेल्टर है, वो बनाया गया है।
03:00और उसी के पीछे जो जगह है उसमें हम देखते हैं कि अगर हम डॉग याड बना पाए।
03:05कुल मिलाकर राइपूर में स्ट्रीट डॉग्स की विवस्था रामभरो से है, क्योंकि जिस शेल्टर होम की विवस्था डॉग्स के लिए की जा रही है, वो सिर्फ बीमार कुत्तो के लिए है।
03:26ऐसे में आवारा कुत्तो के लिए प्रशासन क्या इंतिजाम करेगा, ये अभी तै होना बाकी है।