00:00एक ही जटके में बंद हो गए
00:02एक करोड से ज्यादा आधार नंबर
00:06पिहार चुनाव से पहले आधार नंबर बंद क्यों?
00:12जल्दी चेक करें, आपका नंबर तो नहीं
00:14अगर आपको ये कहा जाए, आपका आधार कार्ड काम नहीं कर रहा
00:19यानि कि आपका आधार नंबर बंद हो गया है, तो आपको कैसा लगेगा?
00:23है न चोकाने वाली बात, साथ ही बेचैनी में जाल देने वाली बात भी
00:27क्योंकि आज की तारीक में आधार के बिना हर कोई बेआधार ही है
00:31ऐसे में आप क्या करेंगे?
00:33लेकिन जड़ा ठहरिये, आप उस लिष्ट में हैं या नहीं ये तो नहीं मालूम
00:37लेकिन देश के एक करोड से ज्यादा लोगों के साथ ऐसा हो चुका है
00:42देश के एक करोड सत्रा लाख लोगों का आधार नंबर बंद कर दिया गया है
00:47है न चोकाने वाली बात?
00:48तो इस वीडियो को देखते देखते जल्ली से अपना आधार कार निकालिए और उसे चेक कर लीजिए
00:54कि कहीं उस एक करोड सत्रा लाख लोगों में आप भी तो नहीं है शामिल।
00:59फिर हम आगे आपको बताएंगे कि आखिर ऐसा क्यों हुआ है
01:02दरसल Electronics and IT Ministry ने 16 जुलाई को जानकारी दी कि आधार डेटाबेस की सटीकता को बरकरार रखने के लिए
01:10भारतिय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण यानी UIDAI ने जिरूरी कदम उठाएं
01:16इसी के तहत एक करोड 17 लाह के करीब लोगों का आधार नमबर डिलीट कर दिया गया है
01:22लेकिन सबसे वड़ा सवाल ये है कि आखिर वे लोग कौन हैं जिनका नाम डिलीट किया गया है
01:26साथ ही एक सवाल यह भी है कि इसके लिए क्या किसी खास वग को टारगेट किया गया है
01:31इसके बारे में भी electronics और IT ministry ने जवाब दिया है
01:35जिसके मताबिक database की सटीकता बनाई रखने के लिए उन आधार नंबरों को चुना गया है
01:40जो अब इस दुनिया में नहीं है यानि जिनकी मृत्यों हो चुकी है
01:44इसके लिए हाल ही में UIDAI ने भारत महापंजियक से आधार नंबरों से जुड़े मृत्यों रिकॉर्ड को साज़ा करने का निवेदन किया था
01:53जिसके बाद महापंजियक ने 24 राजियों जिन में केंद्र शासित प्रदेश भी शामिल हैं
01:59सिविल रिजिस्ट्रेशन सिस्टम के जरिये तेड़ करोड से ज्यादा मृत्यों रिकॉर्ड प्रदान दिये थे
02:05इसी रिकॉर्ड के आधार पर एक करोड सत्रा लाक उन लोगों के आधार नंबर को डिलीट कर दिया गया जिनका निधन हो गया है
02:12वहीं 9 जून 2025 को माई आधार पोटल पर एक नई सेवा भी शुरू की गई जिसका नाम परिवार के सदस्य की मृत्यों की सूचना है
02:22इस पोटल के जरिये कोई भी अपने परिवार के मृत्य व्यक्ति के बारे में रिपोर्ट कर सकता है
02:27पोटल पर जाकर उसे खुद प्रमानेत करना होगा
02:30इसके लिए मृत्य व्यक्ति का आधार नंबर, मृत्यू पंजिकरन संख्या और वो सारी जानकारियां भरनी होगी
02:36पोटल में जिसकी मांग की गई है
02:38अब पूरे सत्यापन के बाद पोटल की तरफ से आधार नंबर को निश्क्रिय करने की कारवाई होती है
02:43फिलाल ये सेवा देश के 24 राजियों में जिसमें कुछ केंद्र शासित प्रदेश भी श्वामिल है
02:48बाकी के प्रदेशों में भी इस पोटल से जोडने का काम तेज गती से चल रहा है
02:53ऐसे में बिना भाग दोड़किये देश का हर नागरीक अपनी जिम्मेदारी निभा सकता है
02:57और अपने घर के मृत्वेक्ति के बारे में सूचना देकर उसका आधार नंबर निश्क्रिय करवा सकता है
03:03अलाकि भारत के लोगों को लगेगा कि ये काम उनके लिए बेकार है
03:06ऐसे कामों का आखिर जरूरत क्या है कि वे खुद इन पचड़े में पड़े
03:10लेकिन देखा जाए तो ये एक जिम्मदारी भरा काम है जिसे सब को करना चाहिए
03:16इसकबर में अभी के लिए इतना ही बाकी अपडेट्स के लिए जुड़े रहें
03:20One India Hindi के साथ धन्यवाद
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