00:00५ृ राष्टिये स्वेम् सेवक अनुसासन, प्रसिक्षन और निस्वार्थ सेवाकारी के लिए पूरे विश्व भर में जाना जाता है।
00:08ुृ नित्रिप्रतिदिन साखा के उप्रांत श्वेम् सेवकों को प्रसिक्षित करने के लिए
00:13प्रत्म, दिर्थिये और तिर्थिये वर्स supplementруго parties any can treat rice
00:29स्वयम्ब सेवकों ने पत्थ संचालन के माध्यम से सहर को अपने अनुसासन और प्रसिक्षन से अउगत कराया इस सिविर में पूरे राजी भर से स्वयम्ब सेवक हजारी भाग हिस्सा लेने के लिए पहुंचे हैं अनदा विद्याले में प्रात्वना के साथ ही पंत्थ सं�
00:59साम इठ हुए है और हम से हम अनुशासन ने प्रसिक्षन है और आज कोई शक्ति को नहीं है बलकि हमारा अनुशासन का परसिक्षन
01:19अभी हम अब हम फुरह राजी का है और हर देश
01:29foreign
01:43foreign
Comments